सम्पूर्ण समाधान दिवस में 294 शिकायतें मिलीं, 25 का मौके पर निस्तारण, डीएम ने समयबद्ध निपटारे के दिए कड़े निर्देश सम्पूर्ण समाधान दिवस में 294 शिकायतें मिलीं, 25 का मौके पर निस्तारण, डीएम ने समयबद्ध निपटारे के दिए कड़े निर्देश सुलतानपुर-शासन के निर्देश पर अगस्त के प्रथम शनिवार को तहसील सदर सभागार में जिलाधिकारी इंद्रजीत सिंह की अध्यक्षता में सम्पूर्ण समाधान दिवस का आयोजन किया गया। इस दौरान मुख्य विकास अधिकारी विनय कुमार सिंह भी मौजूद रहे। दोनों अधिकारियों ने जनसामान्य की समस्याएं गंभीरता से सुनीं और संबंधित अधिकारियों को गुणवत्तापूर्ण एवं समयबद्ध निस्तारण के निर्देश दिए। डीएम ने सभी विभागाध्यक्षों को अनिवार्य रूप से उपस्थित रहकर शिकायतें सुनने और उनका प्रभावी समाधान सुनिश्चित करने को कहा। उन्होंने कहा कि प्रशासन का उद्देश्य आमजन की सेवा है और हर शिकायत का निष्पक्ष व संवेदनशील निस्तारण होना चाहिए। बैठक में आईजीआरएस, मुख्यमंत्री डैशबोर्ड, कानून-व्यवस्था और निर्माण कार्यों की नियमित समीक्षा की गई। डीएम ने विद्युत विभाग को शिकायत निस्तारण की कार्यप्रणाली और व्यवस्थित बनाने के निर्देश दिए ताकि लोगों को अनावश्यक परेशानी न हो। राजस्व, पुलिस और विकास विभाग के अधिकारियों को लेखपाल व राजस्व निरीक्षकों से तथ्यपरक आख्या लेकर धरातल पर समाधान करने को कहा गया। शिकायतकर्ताओं के लिए बैठने और पेयजल की व्यवस्था भी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। डीएम ने कहा कि जनपद में स्वच्छता को प्राथमिकता से मजबूत किया जा रहा है और कृषि संबंधी समस्याओं के समाधान पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ पात्रों तक पहुंचे, इसकी नियमित मॉनिटरिंग होगी। लापरवाही पाए जाने पर संबंधित अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। सम्पूर्ण समाधान दिवस में कुल 294 शिकायती प्रार्थना पत्र प्राप्त हुए, जिनमें से 25 का मौके पर निस्तारण किया गया। सबसे अधिक शिकायतें राजस्व विभाग से रहीं, जिनमें राशन और आपूर्ति से जुड़ी समस्याओं का त्वरित निपटारा हुआ। विद्युत व अन्य विभागों की जिन शिकायतों का निपटारा संभव था, उन्हें भी मौके पर हल किया गया। शेष मामलों में फील्ड विजिट के बाद एक सप्ताह के भीतर निष्पक्ष निस्तारण के निर्देश दिए गए। इस अवसर पर विद्युत, फार्मर रजिस्ट्री, चिकित्सा और पूर्ति विभाग द्वारा मेगा कैंप लगाकर अलग-अलग सहायता काउंटर स्थापित किए गए। जिन मामलों का तत्काल निस्तारण नहीं हो सका, उनमें शिकायतकर्ताओं को समाधान की तिथि और समय की जानकारी दी गई। डीएम ने निर्माण कार्यों की प्रगति की भी समीक्षा की और सभी विभागाध्यक्षों को नियमित स्थलीय निरीक्षण कर साप्ताहिक रिपोर्ट कार्यालय भेजने के निर्देश दिए। कार्यदायी संस्थाओं की लापरवाही पर तत्काल रिपोर्ट और कार्रवाई के आदेश दिए। इसी क्रम में जनपद की अन्य तहसीलों में भी सम्पूर्ण समाधान दिवस आयोजित कर शिकायतें सुनी गईं और निस्तारण की कार्यवाही शुरू की गई।
सम्पूर्ण समाधान दिवस में 294 शिकायतें मिलीं, 25 का मौके पर निस्तारण, डीएम ने समयबद्ध निपटारे के दिए कड़े निर्देश सम्पूर्ण समाधान दिवस में 294 शिकायतें मिलीं, 25 का मौके पर निस्तारण, डीएम ने समयबद्ध निपटारे के दिए कड़े निर्देश सुलतानपुर-शासन के निर्देश पर अगस्त के प्रथम शनिवार को तहसील सदर सभागार में जिलाधिकारी इंद्रजीत सिंह की अध्यक्षता में सम्पूर्ण समाधान दिवस का आयोजन किया गया। इस दौरान मुख्य विकास अधिकारी विनय कुमार सिंह भी मौजूद रहे। दोनों अधिकारियों ने जनसामान्य की समस्याएं गंभीरता से सुनीं और संबंधित अधिकारियों को गुणवत्तापूर्ण एवं समयबद्ध निस्तारण के निर्देश दिए। डीएम ने सभी विभागाध्यक्षों को अनिवार्य रूप से उपस्थित रहकर शिकायतें सुनने और उनका प्रभावी समाधान सुनिश्चित करने को कहा। उन्होंने कहा कि प्रशासन का उद्देश्य आमजन की सेवा है और हर शिकायत का निष्पक्ष व संवेदनशील निस्तारण होना चाहिए। बैठक में आईजीआरएस, मुख्यमंत्री डैशबोर्ड, कानून-व्यवस्था और निर्माण कार्यों की नियमित समीक्षा की गई। डीएम ने विद्युत विभाग को शिकायत निस्तारण की कार्यप्रणाली और व्यवस्थित बनाने के निर्देश दिए ताकि लोगों को अनावश्यक परेशानी न हो। राजस्व, पुलिस और विकास विभाग के अधिकारियों को लेखपाल व राजस्व निरीक्षकों से तथ्यपरक आख्या लेकर धरातल पर समाधान करने को कहा गया। शिकायतकर्ताओं के लिए बैठने और पेयजल की व्यवस्था भी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। डीएम ने कहा कि जनपद में स्वच्छता को प्राथमिकता से मजबूत किया जा रहा है और कृषि संबंधी समस्याओं के समाधान पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ पात्रों तक पहुंचे, इसकी नियमित मॉनिटरिंग होगी। लापरवाही पाए जाने पर संबंधित अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। सम्पूर्ण समाधान दिवस में कुल 294 शिकायती प्रार्थना पत्र प्राप्त हुए, जिनमें से 25 का मौके पर निस्तारण किया गया। सबसे अधिक शिकायतें राजस्व विभाग से रहीं, जिनमें राशन और आपूर्ति से जुड़ी समस्याओं का त्वरित निपटारा हुआ। विद्युत व अन्य विभागों की जिन शिकायतों का निपटारा संभव था, उन्हें भी मौके पर हल किया गया। शेष मामलों में फील्ड विजिट के बाद एक सप्ताह के भीतर निष्पक्ष निस्तारण के निर्देश दिए गए। इस अवसर पर विद्युत, फार्मर रजिस्ट्री, चिकित्सा और पूर्ति विभाग द्वारा मेगा कैंप लगाकर अलग-अलग सहायता काउंटर स्थापित किए गए। जिन मामलों का तत्काल निस्तारण नहीं हो सका, उनमें शिकायतकर्ताओं को समाधान की तिथि और समय की जानकारी दी गई। डीएम ने निर्माण कार्यों की प्रगति की भी समीक्षा की और सभी विभागाध्यक्षों को नियमित स्थलीय निरीक्षण कर साप्ताहिक रिपोर्ट कार्यालय भेजने के निर्देश दिए। कार्यदायी संस्थाओं की लापरवाही पर तत्काल रिपोर्ट और कार्रवाई के आदेश दिए। इसी क्रम में जनपद की अन्य तहसीलों में भी सम्पूर्ण समाधान दिवस आयोजित कर शिकायतें सुनी गईं और निस्तारण की कार्यवाही शुरू की गई।
- मातृत्व दिवस शिविर में 48 गर्भवतियों की जांच, अव्यवस्थाओं के बीच गर्मी से जूझीं महिलाएं मिल्कीपुर अयोध्या हैरिंग्टनगंज (अयोध्या)। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र हैरिंग्टनगंज में शनिवार को आयोजित मातृत्व दिवस शिविर में 48 गर्भवती महिलाओं की नियमित प्रसवपूर्व (एएनसी) जांच की गई, जबकि 37 महिलाओं का अल्ट्रासाउंड कराया गया। शिविर में गर्भवतियों को पोषण के प्रति जागरूक करने के उद्देश्य से फल वितरित किए गए तथा संतुलित एवं पौष्टिक आहार अपनाने की सलाह दी गई। हालांकि स्वास्थ्य सेवाओं के साथ-साथ शिविर में बुनियादी सुविधाओं की कमी भी उजागर हुई। भीषण गर्मी के बीच महिलाओं के बैठने की पर्याप्त व्यवस्था नहीं थी और पंखों की समुचित सुविधा के अभाव में कई गर्भवतियों को लंबे समय तक गर्मी में इंतजार करना पड़ा। स्त्री एवं प्रसूति रोग विशेषज्ञ डॉ. नेहा श्रीवास्तव ने गर्भवती महिलाओं का स्वास्थ्य परीक्षण किया। जांच के दौरान एनीमिया से प्रभावित महिलाओं की पहचान कर उन्हें आयरन, फोलिक एसिड और कैल्शियम युक्त भोजन लेने, नियमित दवा का सेवन करने तथा समय-समय पर स्वास्थ्य जांच कराने की सलाह दी। उन्होंने कहा कि सुरक्षित मातृत्व के लिए चिकित्सकीय परामर्श का पालन और नियमित एएनसी जांच अत्यंत आवश्यक है। शिविर में काउंसलर सुशीला, कंचन, सरिता, प्रतिमा, अनीता, आरती और कांति ने मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य, पोषण तथा गर्भावस्था के दौरान बरती जाने वाली आवश्यक सावधानियों की जानकारी दी। संगीता, सरिता, रेनू, मीना, रूबी, कुसुम, रीता, कविता और ममता सहित बड़ी संख्या में गर्भवती महिलाएं मौजूद रहीं। स्वास्थ्य विभाग के अनुसार मातृत्व दिवस प्रत्येक माह की 1, 9, 16 और 24 तारीख को आयोजित किया जाता है, ताकि गर्भवती महिलाओं को नियमित जांच और आवश्यक स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराई जा सकें। शिविर में मौजूद महिलाओं ने भविष्य में बैठने, पेयजल और पंखों जैसी मूलभूत सुविधाएं बेहतर करने की मांग उठाई। इस संबंध में सीएचसी अधीक्षक डॉ. डी.एन. द्विवेदी ने बताया कि तत्काल अतिरिक्त पंखों की व्यवस्था कराई जाएगी तथा आगामी शिविरों में बैठने और अन्य आवश्यक सुविधाओं की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित की जाएगी। इससे गर्भवती महिलाओं को बेहतर और सुविधाजनक स्वास्थ्य सेवाएं मिल सकेंगी।1
- Post by Suresh kumar YaDav gi1
- नाम पूछा... फिर मार दी गोली! कुलगाम आतंकी हमले में दूसरे मजदूर की भी मौत, देशभर में आक्रोश जम्मू-कश्मीर के कुलगाम में आतंकियों के हमले में घायल दूसरे प्रवासी मजदूर ने भी इलाज के दौरान दम तोड़ दिया। अब इस हमले में छत्तीसगढ़ के दोनों मजदूरों की मौत हो चुकी है। पुलिस के अनुसार, दोनों पर ईंट भट्ठे पर काम करने के दौरान हमला किया गया। शुरुआती जानकारी के मुताबिक, हमले से पहले आतंकियों ने कथित तौर पर उनके नाम पूछे थे। घटना की जिम्मेदारी द रेजिस्टेंस फ्रंट (TRF) ने ली है। सुरक्षा एजेंसियां पूरे मामले की जांच और आतंकियों की तलाश में जुटी हैं। #JammuKashmir #Kulgam #TerrorAttack #TRF #LashkarETaiba #Chhattisgarh #MigrantWorkers #BreakingNews #IndiaNews #Kashmir #Terrorism #TrendingNews #ERadioIndia1
- सम्पूर्ण समाधान दिवस में 294 शिकायतें मिलीं, 25 का मौके पर निस्तारण, डीएम ने समयबद्ध निपटारे के दिए कड़े निर्देश सम्पूर्ण समाधान दिवस में 294 शिकायतें मिलीं, 25 का मौके पर निस्तारण, डीएम ने समयबद्ध निपटारे के दिए कड़े निर्देश सुलतानपुर-शासन के निर्देश पर अगस्त के प्रथम शनिवार को तहसील सदर सभागार में जिलाधिकारी इंद्रजीत सिंह की अध्यक्षता में सम्पूर्ण समाधान दिवस का आयोजन किया गया। इस दौरान मुख्य विकास अधिकारी विनय कुमार सिंह भी मौजूद रहे। दोनों अधिकारियों ने जनसामान्य की समस्याएं गंभीरता से सुनीं और संबंधित अधिकारियों को गुणवत्तापूर्ण एवं समयबद्ध निस्तारण के निर्देश दिए। डीएम ने सभी विभागाध्यक्षों को अनिवार्य रूप से उपस्थित रहकर शिकायतें सुनने और उनका प्रभावी समाधान सुनिश्चित करने को कहा। उन्होंने कहा कि प्रशासन का उद्देश्य आमजन की सेवा है और हर शिकायत का निष्पक्ष व संवेदनशील निस्तारण होना चाहिए। बैठक में आईजीआरएस, मुख्यमंत्री डैशबोर्ड, कानून-व्यवस्था और निर्माण कार्यों की नियमित समीक्षा की गई। डीएम ने विद्युत विभाग को शिकायत निस्तारण की कार्यप्रणाली और व्यवस्थित बनाने के निर्देश दिए ताकि लोगों को अनावश्यक परेशानी न हो। राजस्व, पुलिस और विकास विभाग के अधिकारियों को लेखपाल व राजस्व निरीक्षकों से तथ्यपरक आख्या लेकर धरातल पर समाधान करने को कहा गया। शिकायतकर्ताओं के लिए बैठने और पेयजल की व्यवस्था भी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। डीएम ने कहा कि जनपद में स्वच्छता को प्राथमिकता से मजबूत किया जा रहा है और कृषि संबंधी समस्याओं के समाधान पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ पात्रों तक पहुंचे, इसकी नियमित मॉनिटरिंग होगी। लापरवाही पाए जाने पर संबंधित अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। सम्पूर्ण समाधान दिवस में कुल 294 शिकायती प्रार्थना पत्र प्राप्त हुए, जिनमें से 25 का मौके पर निस्तारण किया गया। सबसे अधिक शिकायतें राजस्व विभाग से रहीं, जिनमें राशन और आपूर्ति से जुड़ी समस्याओं का त्वरित निपटारा हुआ। विद्युत व अन्य विभागों की जिन शिकायतों का निपटारा संभव था, उन्हें भी मौके पर हल किया गया। शेष मामलों में फील्ड विजिट के बाद एक सप्ताह के भीतर निष्पक्ष निस्तारण के निर्देश दिए गए। इस अवसर पर विद्युत, फार्मर रजिस्ट्री, चिकित्सा और पूर्ति विभाग द्वारा मेगा कैंप लगाकर अलग-अलग सहायता काउंटर स्थापित किए गए। जिन मामलों का तत्काल निस्तारण नहीं हो सका, उनमें शिकायतकर्ताओं को समाधान की तिथि और समय की जानकारी दी गई। डीएम ने निर्माण कार्यों की प्रगति की भी समीक्षा की और सभी विभागाध्यक्षों को नियमित स्थलीय निरीक्षण कर साप्ताहिक रिपोर्ट कार्यालय भेजने के निर्देश दिए। कार्यदायी संस्थाओं की लापरवाही पर तत्काल रिपोर्ट और कार्रवाई के आदेश दिए। इसी क्रम में जनपद की अन्य तहसीलों में भी सम्पूर्ण समाधान दिवस आयोजित कर शिकायतें सुनी गईं और निस्तारण की कार्यवाही शुरू की गई।1
- जमीन विवाद बना जानलेवा, 65 वर्षीय बुजुर्ग की मौत के बाद 5 पर हत्या का मुकदमा सुल्तानपुर-बल्दीराय थाना क्षेत्र के कल्याणपुर मजरे नटौली गांव में जमीन विवाद के चलते 65 वर्षीय बुजुर्ग की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत का मामला सामने आया है। घटना के बाद गांव में सनसनी फैल गई। मृतक की पहचान रामसुंदर कोरी के रूप में हुई है। परिजनों के अनुसार उनका शव घर के पास संदिग्ध हालत में पाया गया। मृतक के पुत्र शिवनाथ की तहरीर पर बल्दीराय पुलिस ने गांव के पांच नामजद लोगों के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज कर लिया है। सूचना मिलते ही बल्दीराय थाना पुलिस मौके पर पहुंची। इसके बाद सीओ बल्दीराय आशुतोष कुमार और एसपी चारु निगम भी घटनास्थल पर पहुंचकर हालात का जायजा लिया। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल भेज दिया है। अधिकारियों का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट और विवेचना के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। अभी तक मौत के सही कारणों की पुष्टि नहीं हो पाई है। पुलिस का मानना है कि पुराना जमीन विवाद ही इस घटना की वजह हो सकता है। फिलहाल गांव में कानून-व्यवस्था सामान्य बताई जा रही है।1