पटना के धनरुआ थाना क्षेत्र के ओईयारा गांव की 21 वर्षीय नवविवाहिता प्रीति कुमारी की शादी के महज तीन महीने बाद संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत से इलाके में सनसनी फैल गई है। मृतका के परिजनों ने इसे दहेज प्रताड़ना के बाद हत्या का मामला बताते हुए आरोप लगाया है। पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए प्रीति के पति धर्मराज पासवान को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया है। प्रीति कुमारी अपने पिता हरेंद्र पासवान की पांच बहनों में चौथे स्थान पर थीं, जिनकी शादी 9 मार्च 2026 को अरवल जिले के सकरी चौकी गांव निवासी धर्मराज पासवान से बड़े अरमानों के साथ कराई गई थी। परिजनों का कहना है कि उन्होंने अपनी आर्थिक क्षमता से बढ़कर शादी में खर्च किया था। हालांकि, मृतका के पिता हरेंद्र पासवान ने आरोप लगाया है कि शादी के कुछ ही दिनों बाद ससुराल पक्ष की ओर से अतिरिक्त दो लाख रुपये की मांग की जाने लगी। यह मांग पूरी न होने पर उनकी बेटी को मानसिक और शारीरिक रूप से प्रताड़ित किया जाता था, और उन्हें आशंका है कि दहेज की इसी मांग को लेकर उनकी बेटी की हत्या की गई है। मृतका के भाई बिट्टू कुमार के अनुसार, 5 जून की शाम ससुराल पक्ष ने फोन कर सूचना दी थी कि प्रीति ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली है। लेकिन, जब परिजन सकरी चौकी गांव पहुंचे, तो उन्हें प्रीति का शव फंदे से लटका हुआ नहीं मिला, बल्कि कमरे में बेड पर पड़ा हुआ था। परिजनों का आरोप है कि शव पर मिले कुछ निशान घटना को और भी संदिग्ध बनाते हैं। इस घटना के बाद, परिजनों की शिकायत पर पुलिस ने पति, सास, देवर, ननद समेत कुल 11 लोगों को नामजद आरोपित बनाया है। पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए पति धर्मराज पासवान को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है, जबकि अन्य आरोपितों की भूमिका की जांच की जा रही है। पुलिस अधिकारियों ने बताया है कि शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है और पोस्टमार्टम रिपोर्ट व वैज्ञानिक जांच के आधार पर ही मौत के वास्तविक कारणों का पता चल सकेगा। फिलहाल, पुलिस सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर मामले की जांच कर रही है। ओईयारा गांव में इस घटना के बाद शोक और आक्रोश का माहौल है, और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।
पटना के धनरुआ थाना क्षेत्र के ओईयारा गांव की 21 वर्षीय नवविवाहिता प्रीति कुमारी की शादी के महज तीन महीने बाद संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत से इलाके में सनसनी फैल गई है। मृतका के परिजनों ने इसे दहेज प्रताड़ना के बाद हत्या का मामला बताते हुए आरोप लगाया है। पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए प्रीति के पति धर्मराज पासवान को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया है। प्रीति कुमारी अपने पिता हरेंद्र पासवान की पांच बहनों में चौथे स्थान पर थीं, जिनकी शादी 9 मार्च 2026 को अरवल जिले के सकरी चौकी गांव निवासी धर्मराज पासवान से बड़े अरमानों के साथ कराई गई थी। परिजनों का कहना है कि उन्होंने अपनी आर्थिक क्षमता से बढ़कर शादी में खर्च किया था। हालांकि, मृतका के पिता हरेंद्र पासवान ने आरोप लगाया है कि शादी के कुछ ही दिनों बाद ससुराल पक्ष की ओर से अतिरिक्त दो लाख रुपये की मांग की जाने लगी। यह मांग पूरी न होने पर उनकी बेटी को मानसिक और शारीरिक रूप से प्रताड़ित किया जाता था, और उन्हें आशंका है कि दहेज की इसी मांग को लेकर उनकी बेटी की हत्या की गई है। मृतका के भाई बिट्टू कुमार के अनुसार, 5 जून की शाम ससुराल पक्ष ने फोन कर सूचना दी थी कि प्रीति ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली है। लेकिन, जब परिजन सकरी चौकी गांव पहुंचे, तो उन्हें प्रीति का शव फंदे से लटका हुआ नहीं मिला, बल्कि कमरे में बेड पर पड़ा हुआ था। परिजनों का आरोप है कि शव पर मिले कुछ निशान घटना को और भी संदिग्ध बनाते हैं। इस घटना के बाद, परिजनों की शिकायत पर पुलिस ने पति, सास, देवर, ननद समेत कुल 11 लोगों को नामजद आरोपित बनाया है। पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए पति धर्मराज पासवान को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है, जबकि अन्य आरोपितों की भूमिका की जांच की जा रही है। पुलिस अधिकारियों ने बताया है कि शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है और पोस्टमार्टम रिपोर्ट व वैज्ञानिक जांच के आधार पर ही मौत के वास्तविक कारणों का पता चल सकेगा। फिलहाल, पुलिस सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर मामले की जांच कर रही है। ओईयारा गांव में इस घटना के बाद शोक और आक्रोश का माहौल है, और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।
- पटना-गया पैसेंजर ट्रेन में उस समय हड़कंप मच गया जब एक सीट पर कपड़े में लिपटी लगभग 15 दिन की एक नवजात बच्ची लावारिस हालत में मिली। बच्ची लगातार रो रही थी, जिसकी आवाज सुनकर यात्रियों ने तुरंत उसकी देखभाल की और रेलवे तथा प्रशासन को घटना की जानकारी दी, जिससे मानवता की मिसाल पेश हुई। ट्रेन के पुनपुन स्टेशन पहुंचने पर बच्ची को पुलिस के हवाले कर दिया गया। इसके बाद पुनपुन थाना पुलिस और तारेगना जीआरपी की मदद से नवजात को बाल कल्याण समिति के संरक्षण में भेजा गया। डॉक्टरों की जांच में बच्ची पूरी तरह स्वस्थ पाई गई है और फिलहाल उसे एक सुरक्षित संरक्षण गृह में रखा गया है। यह हृदय विदारक घटना मानवता और समाज दोनों को सोचने पर मजबूर करती है कि आखिर कौन ऐसे माता-पिता होंगे जिन्होंने अपनी 15 दिन की इस मासूम बच्ची को ट्रेन में अकेला छोड़ दिया।1
- अपने आप को गरीबों का मसीहा कहने वाले नेता लालू प्रसाद पर तीखी टिप्पणी की गई है। पोस्ट में कहा गया है कि जहाँ एक ओर उनकी उम्र धरती से जाने की हो रही है, वहीं दूसरी ओर उन्हें अभी भी Z+ सुरक्षा चाहिए। इस पर सवाल उठाते हुए कहा गया है कि लालू प्रसाद का 'दिमाग खराब हो गया है', क्योंकि उनमें अभी भी लोभ और लालच भरा हुआ है।1
- यह एक छात्र की सफलता की कहानी है, जिसने शीर्ष रैंक हासिल कर अपनी पहचान बनाई है। यह कहानी एक 'टॉप रैंकर' के परिश्रम और विजय को दर्शाती है।1
- अरवल-पटना नहर रोड पर हुए एक दर्दनाक सड़क हादसे में बिहटा के अमहारा निवासी ऋषांक सिंह की असामयिक मृत्यु से पूरे इलाके में शोक की लहर दौड़ गई है। ऋषांक अपने परिवार का इकलौता पुत्र था और अपने पिता के निधन के बाद से ही परिवार और समाज की सभी जिम्मेदारियों को निभा रहा था। उसकी अचानक मौत ने परिवार के साथ-साथ पूरे गांव को गहरे सदमे में डाल दिया है, जिससे परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है और मां की चीख-पुकार से हर आंख नम हो गई। ग्रामीणों के अनुसार, ऋषांक के पिता त्र्यंबक राज भी किसान आंदोलन और सामाजिक कार्यों से जुड़े एक सक्रिय व्यक्ति थे। उनके कुछ वर्ष पहले हुए निधन के बाद से ऋषांक ने न केवल परिवार की बागडोर संभाली, बल्कि समाज सेवा के कार्यों में भी सक्रिय भूमिका निभाने लगा। वह गांव के हर सुख-दुख में शामिल होता था और जरूरतमंदों की मदद के लिए हमेशा तत्पर रहता था। यह भीषण हादसा रविवार देर रात अरवल सदर थाना क्षेत्र में गांधी मैदान के पास अरवल-पटना नहर मार्ग पर हुआ, जब एक तेज रफ्तार कार अनियंत्रित होकर सोन नहर में जा गिरी। कार में पांच युवक सवार थे, जो किसी काम से अरवल आए थे और वापस पटना लौट रहे थे। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि मोड़ पर चालक ने वाहन से नियंत्रण खो दिया, जिसके चलते कार सीधे नहर में समा गई और कुछ ही सेकंड में पानी में डूब गई। स्थानीय लोगों, गोताखोरों और पुलिस की मदद से देर रात तक बचाव अभियान चलाया गया, जिसके बाद क्रेन और हाइड्रा मशीन का उपयोग कर कार को बाहर निकाला गया। इस हादसे में अमहारा निवासी ऋषांक सिंह सहित चार युवकों की मौत हो गई, जबकि कार चालक रोहित कुमार को गंभीर हालत में निकालकर अस्पताल भेजा गया। प्रारंभिक जांच में तेज रफ्तार और वाहन से नियंत्रण खोना ही इस दुर्घटना का मुख्य कारण बताया जा रहा है। अमहारा के ग्रामीण ऋषांक की मौत को केवल एक परिवार की नहीं, बल्कि पूरे गांव की अपूरणीय क्षति मान रहे हैं, क्योंकि पिता के बाद जिस बेटे से परिवार और समाज को सबसे अधिक उम्मीदें थीं, वह भी इस दर्दनाक हादसे का शिकार हो गया।1
- बाढ़ अनुमंडल के मोकामा थाना क्षेत्र में उस समय सनसनी फैल गई जब औंटा हॉल्ट के समीप एनएच 31 के किनारे एक अज्ञात व्यक्ति का शव बरामद किया गया। स्थानीय लोगों की सूचना पर मोकामा थाना पुलिस तत्काल मौके पर पहुँची और शव को अपने कब्जे में लेकर जाँच शुरू कर दी। पुलिस के अनुसार, मृतक की पहचान अभी तक नहीं हो सकी है। शव मिलने की खबर फैलते ही आसपास के लोगों की भीड़ घटनास्थल पर जुट गई। पुलिस आसपास के ग्रामीणों और राहगीरों से पूछताछ कर मृतक की पहचान करने का प्रयास कर रही है। प्रारंभिक जाँच में मौत के कारणों का स्पष्ट पता नहीं चल पाया है, जिसके बाद पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजने की प्रक्रिया शुरू कर दी है ताकि मृत्यु के वास्तविक कारणों का पता लगाया जा सके। एसडीपीओ 1 बाढ़ रामकृष्णा ने बताया कि पुलिस इस अज्ञात शव की पहचान कराने में जुटी हुई है। फिलहाल, पुलिस सभी पहलुओं को ध्यान में रखते हुए मामले की जाँच में जुटी हुई है और मृतक की पहचान होने के बाद ही आगे की कार्रवाई की जाएगी।1
- बिहार के पूर्व मंत्री शिवचंद्र राम पत्रकारों के सामने ही फूट-फूट कर रोते हुए देखे गए। दरअसल, उन्हें यह उम्मीद थी कि तेजस्वी यादव उन्हें विधान परिषद (MLC) का उम्मीदवार बनाएंगे, लेकिन यह टिकट सुनील सिंह को दे दिया गया। इसी बात से आहत होकर शिवचंद्र राम का धैर्य जवाब दे गया और वे इस कदर भावुक हो गए कि सबके सामने ही उनके आंसू छलक उठे। अब देखना यह है कि इस घटना पर तेजस्वी यादव क्या कदम उठाते हैं।1
- पटना के धनरुआ थाना क्षेत्र के ओईयारा गांव की 21 वर्षीय नवविवाहिता प्रीति कुमारी की शादी के महज तीन महीने बाद संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत से इलाके में सनसनी फैल गई है। मृतका के परिजनों ने इसे दहेज प्रताड़ना के बाद हत्या का मामला बताते हुए आरोप लगाया है। पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए प्रीति के पति धर्मराज पासवान को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया है। प्रीति कुमारी अपने पिता हरेंद्र पासवान की पांच बहनों में चौथे स्थान पर थीं, जिनकी शादी 9 मार्च 2026 को अरवल जिले के सकरी चौकी गांव निवासी धर्मराज पासवान से बड़े अरमानों के साथ कराई गई थी। परिजनों का कहना है कि उन्होंने अपनी आर्थिक क्षमता से बढ़कर शादी में खर्च किया था। हालांकि, मृतका के पिता हरेंद्र पासवान ने आरोप लगाया है कि शादी के कुछ ही दिनों बाद ससुराल पक्ष की ओर से अतिरिक्त दो लाख रुपये की मांग की जाने लगी। यह मांग पूरी न होने पर उनकी बेटी को मानसिक और शारीरिक रूप से प्रताड़ित किया जाता था, और उन्हें आशंका है कि दहेज की इसी मांग को लेकर उनकी बेटी की हत्या की गई है। मृतका के भाई बिट्टू कुमार के अनुसार, 5 जून की शाम ससुराल पक्ष ने फोन कर सूचना दी थी कि प्रीति ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली है। लेकिन, जब परिजन सकरी चौकी गांव पहुंचे, तो उन्हें प्रीति का शव फंदे से लटका हुआ नहीं मिला, बल्कि कमरे में बेड पर पड़ा हुआ था। परिजनों का आरोप है कि शव पर मिले कुछ निशान घटना को और भी संदिग्ध बनाते हैं। इस घटना के बाद, परिजनों की शिकायत पर पुलिस ने पति, सास, देवर, ननद समेत कुल 11 लोगों को नामजद आरोपित बनाया है। पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए पति धर्मराज पासवान को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है, जबकि अन्य आरोपितों की भूमिका की जांच की जा रही है। पुलिस अधिकारियों ने बताया है कि शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है और पोस्टमार्टम रिपोर्ट व वैज्ञानिक जांच के आधार पर ही मौत के वास्तविक कारणों का पता चल सकेगा। फिलहाल, पुलिस सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर मामले की जांच कर रही है। ओईयारा गांव में इस घटना के बाद शोक और आक्रोश का माहौल है, और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।1
- अरवल से पटना लौट रही एक सफारी गाड़ी बिहार में एक नहर में गिर गई, जिससे भीषण हादसा हो गया। इस दुर्घटना में सफारी में सवार चार लोगों की मौत हो गई, जबकि एक व्यक्ति गंभीर रूप से जख्मी हो गया है।1