एक तरफ सरकार के दावे हैं कि हमारे पास गैस, तेल के दो महीने तक के रिजर्व हैं, या ये कि स्ट्रैट ऑफ हार्मुज से हमारे तेल गैस के कंटेनर आसानी निकल रहे हैं या ये कि किल्लत की बात करके देश में पैनिक पैदा किया जा रहा है लेकिन जमीनी सच्चाई इन सब दावों और खरीदी हुई मीडिया के जुड़े दिन रात सरकार का भोंपू बनकर हकीकत छुपाने से बदलेगी नहीं, ईरान पर हमले के एक हफ्ते बाद से ही इस क्राइसिस का असर दिखना शुरू हो गया था, हालत ये है कि अब ब्लैक में भी लोगों को सिलेंडर नहीं मिल रहा... एक तरफ सरकार के दावे हैं कि हमारे पास गैस, तेल के दो महीने तक के रिजर्व हैं, या ये कि स्ट्रैट ऑफ हार्मुज से हमारे तेल गैस के कंटेनर आसानी निकल रहे हैं या ये कि किल्लत की बात करके देश में पैनिक पैदा किया जा रहा है लेकिन जमीनी सच्चाई इन सब दावों और खरीदी हुई मीडिया के जुड़े दिन रात सरकार का भोंपू बनकर हकीकत छुपाने से बदलेगी नहीं, ईरान पर हमले के एक हफ्ते बाद से ही इस क्राइसिस का असर दिखना शुरू हो गया था, हालत ये है कि अब ब्लैक में भी लोगों को सिलेंडर नहीं मिल रहा...
एक तरफ सरकार के दावे हैं कि हमारे पास गैस, तेल के दो महीने तक के रिजर्व हैं, या ये कि स्ट्रैट ऑफ हार्मुज से हमारे तेल गैस के कंटेनर आसानी निकल रहे हैं या ये कि किल्लत की बात करके देश में पैनिक पैदा किया जा रहा है लेकिन जमीनी सच्चाई इन सब दावों और खरीदी हुई मीडिया के जुड़े दिन रात सरकार का भोंपू बनकर हकीकत छुपाने से बदलेगी नहीं, ईरान पर हमले के एक हफ्ते बाद से ही इस क्राइसिस का असर दिखना शुरू हो गया था, हालत ये है कि अब ब्लैक में भी लोगों को सिलेंडर नहीं मिल रहा... एक तरफ सरकार के दावे हैं कि हमारे पास गैस, तेल के दो महीने तक के रिजर्व हैं, या ये कि स्ट्रैट ऑफ हार्मुज से हमारे तेल गैस के कंटेनर आसानी निकल रहे हैं या ये कि किल्लत की बात करके देश में पैनिक पैदा किया जा रहा है लेकिन जमीनी सच्चाई इन सब दावों और खरीदी हुई मीडिया के जुड़े दिन रात सरकार का भोंपू बनकर हकीकत छुपाने से बदलेगी नहीं, ईरान पर हमले के एक हफ्ते बाद से ही इस क्राइसिस का असर दिखना शुरू हो गया था, हालत ये है कि अब ब्लैक में भी लोगों को सिलेंडर नहीं मिल रहा...
- एक तरफ सरकार के दावे हैं कि हमारे पास गैस, तेल के दो महीने तक के रिजर्व हैं, या ये कि स्ट्रैट ऑफ हार्मुज से हमारे तेल गैस के कंटेनर आसानी निकल रहे हैं या ये कि किल्लत की बात करके देश में पैनिक पैदा किया जा रहा है लेकिन जमीनी सच्चाई इन सब दावों और खरीदी हुई मीडिया के जुड़े दिन रात सरकार का भोंपू बनकर हकीकत छुपाने से बदलेगी नहीं, ईरान पर हमले के एक हफ्ते बाद से ही इस क्राइसिस का असर दिखना शुरू हो गया था, हालत ये है कि अब ब्लैक में भी लोगों को सिलेंडर नहीं मिल रहा...1
- Post by Mahendar.merotha1
- जंग का आज 37 वां दिन: वो पल जब अमेरिकी ब्लैक हॉक हेलीकॉप्टर पर ईरानी हीट-सीकिंग मिसाइल का हमला हुआ... --- अमेरिका के एक F-15 पायलट को बचाने के ऑपरेशन में अमरीका का भारी नुकसान हुआ है। सिर्फ़ विमान और उपकरणों का ही नुकसान करीब 386 मिलियन डॉलर तक बताया जा रहा है। आपरेशन के बाद यह उपकरण खुद अमरीकी सेना ने विस्फोटकों के हवाले इसलिए कर दिये क्योंकि अगर वे साबुत रहते तो ईरान चीन और रूस की प्रयोगशालाओं में उनकी प्रतिभा को आंक लिया जाता। F-15E Strike Eagle: लगभग 100 मिलियन डॉलर A-10 Thunderbolt II: लगभग 18.8 मिलियन डॉलर 2 C-130 Hercules: कुल मिलाकर 150 से 200+ मिलियन डॉलर MH-6 Little Bird: लगभग 7.5 मिलियन डॉलर 1–2 MQ-9 Reaper ड्रोन: लगभग 30 से 60 मिलियन डॉलर लेकिन ईरान में फंसे एक अमेरिकी पायलट की जान बचाने की कीमत ट्रंप के राजनीतिक भविष्य को लहूलुहान कर सकती थी। स्रोत: Clash Report -शीतल पी सिंह1
- कोटा। शक्तिनगर कैंप कार्यालय में जनसुनवाई कर रहे हैं बिरला समस्याओं के समाधान को लेकर अधिकारियों को दिए निर्देश इस दौरान परिंडे बांधने के अभियान का किया शुभारंभ आज विभिन्न कार्यक्रमों में भाग लेंगे बिरला दोपहर 1 बजे नयापुरा में जल संसाधन भवन का करेंगे लोकार्पण 4 बजे बजरंग नगर में ‘अपना घर’ वृद्धाश्रम का लोकार्पण शाम 5 बजे श्रीनाथपुरम स्टेडियम के पास विकास पथ का करेंगे शिलान्यास1
- कोटा। शिक्षा के क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण पहल करते हुए राउण्ड टेबल इण्डिया एवं अनएकेडमी के बीच एमओयू कर आर्थिक रूप से पिछड़े लेकिन होनहार विद्यार्थियों को प्रोत्साहित करने की योजना शुरू की गई है। टेबल चेयरमैन रोहिताभ सोनी ने बताया कि इस प्रकल्प के प्रथम चरण में राजस्थान चित्तौड़गढ़, उदयपुर, जयपुर, कोटा, जोधपुर और भीलवाड़ा सहित 8 शहरों —22 राजकीय विद्यालयों से प्रतिभाशाली छात्रों का चयन टेस्ट के माध्यम से किया जाएगा। इस चयन प्रक्रिया में हिंदी एवं अंग्रेजी दोनों माध्यम के विद्यार्थी शामिल होंगे, यह सभी फटीएस (FTA) स्कूलों के छात्र होंगे। उन्होंने बताया कि कोटा राउंड टेबल द्वारा अब तक 110 से अधिक कक्षाकक्षों का निर्माण किया जा चुका है और इसी तरह राज्यभर में शिक्षा के बुनियादी ढांचे को मजबूत करने के प्रयास लगातार जारी हैं। इस पहल के तहत चयनित छात्रों को JEE एवं NEET जैसी प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए पूरी तरह निःशुल्क कोचिंग उपलब्ध कराई जाएगी। Unacademy Kota के अनुभवी फैकल्टी द्वारा नियमित कक्षाएं, डाउट सॉल्विंग सेशन, टेस्ट सीरीज एवं प्रदर्शन विश्लेषण की सुविधाएं प्रदान की जाएंगी। कार्यक्रम में टेबल चेयरमैन रोहिताभ सोनी, टेबल सेक्रेटरी निखिल अग्रवाल, एरिया चेयरमैन धर्मवीर पंड्या, नेशनल ट्रेजरर विपुल बुथड़ा, एरिया सेक्रेटरी किंशुक जैन, एरिया कॉर्पोरेट अलायंस जसकरण आनंद, अनएकेडमी सेंटर हेड कोटा संजय सिंह, सुयश प्रताप सिंह तथा अनएकेडमी फाउंडेशन कोटा हेड सौरभ सहित अन्य गणमान्य सदस्य उपस्थित रहे।4
- कानपुर–असारवा साप्ताहिक ग्रीष्मकालीन स्पेशल ट्रेन का संचालन कल से होगा,केशवरायपाटन रेल्वे स्टेशन पर होगा ठहराव1
- रावतभाटा शहर में समाजसेवियों और पुलिस की तत्परता से एक गुमशुदा बच्चे को सुरक्षित उसके परिवार से मिलाने का सराहनीय कार्य सामने आया है। देर रात केकड़ी डिपो से रावतभाटा आने वाली बस में कान्हा बैरवा नाम का एक बच्चा मिला। जो मानसिक रूप से थोड़ा कमजोर प्रतीत हो रहा था। बस कंडक्टर प्रमोद राठौर ने बताया कि केकड़ी निवासी गणेश गोस्वामी द्वारा इस बच्चे को बस में बैठाया गया था। बच्चा लगातार यह कह रहा था कि उसका परिवार रावतभाटा में रहता है। सूचना मिलते ही पत्रकार विजय सिंह सोलंकी और समाजसेवी बालकिशन गुलाटी मौके पर पहुंचे। उन्होंने बच्चे से जानकारी लेकर गणेश गोस्वामी से संपर्क किया। बातचीत में सामने आया कि बच्चा करीब 20 दिन पहले जयपुर में मिला था। जहां से उसे केकड़ी लाया गया और परिजनों का पता लगाने का प्रयास किया गया। परिजनों की आंशिक जानकारी मिलने पर बच्चे को केकड़ी से रावतभाटा भेजा गया, लेकिन स्पष्ट जानकारी के अभाव में बस कंडक्टर ने समाजसेवियों से सहायता मांगी। मामले की गंभीरता को देखते हुए बालकिशन गुलाटी ने तुरंत रावतभाटा थाना अधिकारी संजीव स्वामी को सूचना दी। पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए बच्चे को थाने लाकर पूछताछ की। थाने में पुलिसकर्मी शांतिलाल, रामावतार मीणा, बीपी मीणा और जितेंद्र सहित अन्य स्टाफ के सहयोग से बच्चे के परिजनों का पता लगाया गया। जांच में बच्चे के मामा दुर्गा लाल बैरवा, निवासी चंद्रपुरिया बस्ती चारभुजा रावतभाटा का पता चला। पुलिस और समाजसेवियों के संयुक्त प्रयास से बच्चे को सुरक्षित उसके परिवार के सुपुर्द कर दिया गया। इस मानवीय पहल की क्षेत्रभर में सराहना हो रही है। जहां सभी ने मिलकर एक बच्चे को उसके अपनों तक पहुंचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।1
- कोटा। शिक्षा के क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण पहल करते हुए राउण्ड टेबल इण्डिया एवं अनएकेडमी के बीच एमओयू कर आर्थिक रूप से पिछड़े लेकिन होनहार विद्यार्थियों को प्रोत्साहित करने की योजना शुरू की गई है। टेबल चेयरमैन रोहिताभ सोनी ने बताया कि इस प्रकल्प के प्रथम चरण में राजस्थान चित्तौड़गढ़, उदयपुर, जयपुर, कोटा, जोधपुर और भीलवाड़ा सहित 8 शहरों —22 राजकीय विद्यालयों से प्रतिभाशाली छात्रों का चयन टेस्ट के माध्यम से किया जाएगा। इस चयन प्रक्रिया में हिंदी एवं अंग्रेजी दोनों माध्यम के विद्यार्थी शामिल होंगे, यह सभी फटीएस (FTA) स्कूलों के छात्र होंगे। उन्होंने बताया कि कोटा राउंड टेबल द्वारा अब तक 110 से अधिक कक्षाकक्षों का निर्माण किया जा चुका है और इसी तरह राज्यभर में शिक्षा के बुनियादी ढांचे को मजबूत करने के प्रयास लगातार जारी हैं। इस पहल के तहत चयनित छात्रों को JEE एवं NEET जैसी प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए पूरी तरह निःशुल्क कोचिंग उपलब्ध कराई जाएगी। Unacademy Kota के अनुभवी फैकल्टी द्वारा नियमित कक्षाएं, डाउट सॉल्विंग सेशन, टेस्ट सीरीज एवं प्रदर्शन विश्लेषण की सुविधाएं प्रदान की जाएंगी। कार्यक्रम में टेबल चेयरमैन रोहिताभ सोनी, टेबल सेक्रेटरी निखिल अग्रवाल, एरिया चेयरमैन धर्मवीर पंड्या, नेशनल ट्रेजरर विपुल बुथड़ा, एरिया सेक्रेटरी किंशुक जैन, एरिया कॉर्पोरेट अलायंस जसकरण आनंद, अनएकेडमी सेंटर हेड कोटा संजय सिंह, सुयश प्रताप सिंह तथा अनएकेडमी फाउंडेशन कोटा हेड सौरभ सहित अन्य गणमान्य सदस्य उपस्थित रहे।1