"मैं पहले एक महिला हूं, फिर अधिकारी" — कलेक्टर अंजू पवन भदौरिया का भावुक संदेश, महिलाओं से कहा- अपने अधिकार जानिए, आगे बढ़िए "मैं पहले एक महिला हूं, फिर अधिकारी" — कलेक्टर अंजू पवन भदौरिया का भावुक संदेश, महिलाओं से कहा- अपने अधिकार जानिए, आगे बढ़िए जिला स्तरीय कार्यशाला में महिला जनप्रतिनिधियों को कानून, सुरक्षा, सरकारी योजनाओं और आत्मनिर्भरता का मिला प्रशिक्षण, स्वास्थ्य जांच शिविर भी लगा डिंडौरी, 06 अगस्त 2026। महिलाओं के सशक्तिकरण को विकसित भारत की सबसे मजबूत नींव बताते हुए कलेक्टर श्रीमती अंजू पवन भदौरिया ने कहा कि "मैं पहले एक महिला हूं, उसके बाद अधिकारी।" उन्होंने कहा कि समाज में आज भी कई महिलाएं अपनी समस्याओं को लेकर असमंजस में रहती हैं कि उन्हें न्याय और सहायता के लिए कहां जाना चाहिए। ऐसे में महिलाओं को उनके अधिकारों, सुरक्षा कानूनों और शासन की योजनाओं की जानकारी देना बेहद आवश्यक है। इन्हीं उद्देश्यों को लेकर गुरुवार को कलेक्ट्रेट ऑडिटोरियम में महिला जनप्रतिनिधियों की जिला स्तरीय कार्यशाला आयोजित की गई। कार्यशाला में नशा मुक्त भारत अभियान, प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना सहित महिला सशक्तिकरण और विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं की विस्तार से जानकारी दी गई। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कलेक्टर श्रीमती भदौरिया ने कहा कि "नारी कमजोर नहीं, बल्कि समाज और राष्ट्र निर्माण की सबसे बड़ी शक्ति है। आज महिलाएं हर क्षेत्र में अपनी प्रतिभा, परिश्रम और नेतृत्व क्षमता से नए इतिहास रच रही हैं। किसी एक महिला का सम्मान पूरे समाज की महिलाओं का सम्मान है।" उन्होंने महिला जनप्रतिनिधियों से अपील की कि वे यहां प्राप्त जानकारी को अपने गांव और वार्ड की प्रत्येक महिला तक पहुंचाएं, ताकि कोई भी महिला अपने अधिकारों और योजनाओं के लाभ से वंचित न रहे। नगर परिषद अध्यक्ष श्रीमती सुनीता सारस ने कहा कि शासन महिलाओं के आर्थिक, सामाजिक और राजनीतिक सशक्तिकरण के लिए लगातार नई योजनाएं चला रहा है, जिनका लाभ उठाकर महिलाएं आत्मनिर्भर बन रही हैं। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के न्यायाधीश श्री मुग्धा कुमार ने महिलाओं के कानूनी अधिकार, लैंगिक समानता, शिक्षा के अधिकार, पॉक्सो अधिनियम और दहेज निषेध कानून की जानकारी देते हुए कहा कि कानून महिलाओं की सुरक्षा के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है और किसी भी प्रकार के भेदभाव या उत्पीड़न के खिलाफ सख्त कार्रवाई का प्रावधान है। जिला विधिक सहायता अधिकारी दीपिका तारन ने बताया कि आर्थिक रूप से कमजोर व्यक्तियों को जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के माध्यम से निःशुल्क कानूनी सहायता और अधिवक्ता उपलब्ध कराए जाते हैं। पुलिस अधीक्षक श्री आशीष खरे ने महिलाओं से अपील की कि वे अपने अधिकारों के प्रति जागरूक रहें और किसी भी प्रकार के उत्पीड़न या अपराध की स्थिति में बिना झिझक पुलिस से संपर्क करें। उन्होंने कहा कि जागरूकता ही महिलाओं की सबसे बड़ी सुरक्षा है। कार्यशाला में महिला एवं बाल विकास, स्वास्थ्य, श्रम और पुलिस विभाग के अधिकारियों ने विभिन्न योजनाओं, सेवाओं और महिला सुरक्षा से जुड़े विषयों की जानकारी दी। वहीं स्वास्थ्य विभाग द्वारा लगाए गए निःशुल्क स्वास्थ्य जांच शिविर में महिलाओं के ब्लड प्रेशर और ब्लड शुगर की जांच की गई तथा स्वस्थ जीवनशैली अपनाने के संबंध में परामर्श भी दिया गया।
"मैं पहले एक महिला हूं, फिर अधिकारी" — कलेक्टर अंजू पवन भदौरिया का भावुक संदेश, महिलाओं से कहा- अपने अधिकार जानिए, आगे बढ़िए "मैं पहले एक महिला हूं, फिर अधिकारी" — कलेक्टर अंजू पवन भदौरिया का भावुक संदेश, महिलाओं से कहा- अपने अधिकार जानिए, आगे बढ़िए जिला स्तरीय कार्यशाला में महिला जनप्रतिनिधियों को कानून, सुरक्षा, सरकारी योजनाओं और आत्मनिर्भरता का मिला प्रशिक्षण, स्वास्थ्य जांच शिविर भी लगा डिंडौरी, 06 अगस्त 2026। महिलाओं के सशक्तिकरण को विकसित भारत की सबसे मजबूत नींव बताते हुए कलेक्टर श्रीमती अंजू पवन भदौरिया ने कहा कि "मैं पहले एक महिला हूं, उसके बाद अधिकारी।" उन्होंने कहा कि समाज में आज भी कई महिलाएं अपनी समस्याओं को लेकर असमंजस में रहती हैं कि उन्हें न्याय और सहायता के लिए कहां जाना चाहिए। ऐसे में महिलाओं को उनके अधिकारों, सुरक्षा कानूनों और शासन की योजनाओं की जानकारी देना बेहद आवश्यक है। इन्हीं उद्देश्यों को लेकर गुरुवार को कलेक्ट्रेट ऑडिटोरियम में महिला जनप्रतिनिधियों की जिला स्तरीय कार्यशाला आयोजित की गई। कार्यशाला में नशा मुक्त भारत अभियान, प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना सहित महिला सशक्तिकरण और विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं की विस्तार से जानकारी दी गई। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कलेक्टर श्रीमती भदौरिया ने कहा कि "नारी कमजोर नहीं, बल्कि समाज और राष्ट्र निर्माण की सबसे बड़ी शक्ति है। आज महिलाएं हर क्षेत्र में अपनी प्रतिभा, परिश्रम और नेतृत्व क्षमता से नए इतिहास रच रही हैं। किसी एक महिला का सम्मान पूरे समाज की महिलाओं का सम्मान है।" उन्होंने महिला जनप्रतिनिधियों से अपील की कि वे यहां प्राप्त जानकारी को
अपने गांव और वार्ड की प्रत्येक महिला तक पहुंचाएं, ताकि कोई भी महिला अपने अधिकारों और योजनाओं के लाभ से वंचित न रहे। नगर परिषद अध्यक्ष श्रीमती सुनीता सारस ने कहा कि शासन महिलाओं के आर्थिक, सामाजिक और राजनीतिक सशक्तिकरण के लिए लगातार नई योजनाएं चला रहा है, जिनका लाभ उठाकर महिलाएं आत्मनिर्भर बन रही हैं। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के न्यायाधीश श्री मुग्धा कुमार ने महिलाओं के कानूनी अधिकार, लैंगिक समानता, शिक्षा के अधिकार, पॉक्सो अधिनियम और दहेज निषेध कानून की जानकारी देते हुए कहा कि कानून महिलाओं की सुरक्षा के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है और किसी भी प्रकार के भेदभाव या उत्पीड़न के खिलाफ सख्त कार्रवाई का प्रावधान है। जिला विधिक सहायता अधिकारी दीपिका तारन ने बताया कि आर्थिक रूप से कमजोर व्यक्तियों को जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के माध्यम से निःशुल्क कानूनी सहायता और अधिवक्ता उपलब्ध कराए जाते हैं। पुलिस अधीक्षक श्री आशीष खरे ने महिलाओं से अपील की कि वे अपने अधिकारों के प्रति जागरूक रहें और किसी भी प्रकार के उत्पीड़न या अपराध की स्थिति में बिना झिझक पुलिस से संपर्क करें। उन्होंने कहा कि जागरूकता ही महिलाओं की सबसे बड़ी सुरक्षा है। कार्यशाला में महिला एवं बाल विकास, स्वास्थ्य, श्रम और पुलिस विभाग के अधिकारियों ने विभिन्न योजनाओं, सेवाओं और महिला सुरक्षा से जुड़े विषयों की जानकारी दी। वहीं स्वास्थ्य विभाग द्वारा लगाए गए निःशुल्क स्वास्थ्य जांच शिविर में महिलाओं के ब्लड प्रेशर और ब्लड शुगर की जांच की गई तथा स्वस्थ जीवनशैली अपनाने के संबंध में परामर्श भी दिया गया।
- "मैं पहले एक महिला हूं, फिर अधिकारी" — कलेक्टर अंजू पवन भदौरिया का भावुक संदेश, महिलाओं से कहा- अपने अधिकार जानिए, आगे बढ़िए "मैं पहले एक महिला हूं, फिर अधिकारी" — कलेक्टर अंजू पवन भदौरिया का भावुक संदेश, महिलाओं से कहा- अपने अधिकार जानिए, आगे बढ़िए जिला स्तरीय कार्यशाला में महिला जनप्रतिनिधियों को कानून, सुरक्षा, सरकारी योजनाओं और आत्मनिर्भरता का मिला प्रशिक्षण, स्वास्थ्य जांच शिविर भी लगा डिंडौरी, 06 अगस्त 2026। महिलाओं के सशक्तिकरण को विकसित भारत की सबसे मजबूत नींव बताते हुए कलेक्टर श्रीमती अंजू पवन भदौरिया ने कहा कि "मैं पहले एक महिला हूं, उसके बाद अधिकारी।" उन्होंने कहा कि समाज में आज भी कई महिलाएं अपनी समस्याओं को लेकर असमंजस में रहती हैं कि उन्हें न्याय और सहायता के लिए कहां जाना चाहिए। ऐसे में महिलाओं को उनके अधिकारों, सुरक्षा कानूनों और शासन की योजनाओं की जानकारी देना बेहद आवश्यक है। इन्हीं उद्देश्यों को लेकर गुरुवार को कलेक्ट्रेट ऑडिटोरियम में महिला जनप्रतिनिधियों की जिला स्तरीय कार्यशाला आयोजित की गई। कार्यशाला में नशा मुक्त भारत अभियान, प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना सहित महिला सशक्तिकरण और विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं की विस्तार से जानकारी दी गई। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कलेक्टर श्रीमती भदौरिया ने कहा कि "नारी कमजोर नहीं, बल्कि समाज और राष्ट्र निर्माण की सबसे बड़ी शक्ति है। आज महिलाएं हर क्षेत्र में अपनी प्रतिभा, परिश्रम और नेतृत्व क्षमता से नए इतिहास रच रही हैं। किसी एक महिला का सम्मान पूरे समाज की महिलाओं का सम्मान है।" उन्होंने महिला जनप्रतिनिधियों से अपील की कि वे यहां प्राप्त जानकारी को अपने गांव और वार्ड की प्रत्येक महिला तक पहुंचाएं, ताकि कोई भी महिला अपने अधिकारों और योजनाओं के लाभ से वंचित न रहे। नगर परिषद अध्यक्ष श्रीमती सुनीता सारस ने कहा कि शासन महिलाओं के आर्थिक, सामाजिक और राजनीतिक सशक्तिकरण के लिए लगातार नई योजनाएं चला रहा है, जिनका लाभ उठाकर महिलाएं आत्मनिर्भर बन रही हैं। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के न्यायाधीश श्री मुग्धा कुमार ने महिलाओं के कानूनी अधिकार, लैंगिक समानता, शिक्षा के अधिकार, पॉक्सो अधिनियम और दहेज निषेध कानून की जानकारी देते हुए कहा कि कानून महिलाओं की सुरक्षा के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है और किसी भी प्रकार के भेदभाव या उत्पीड़न के खिलाफ सख्त कार्रवाई का प्रावधान है। जिला विधिक सहायता अधिकारी दीपिका तारन ने बताया कि आर्थिक रूप से कमजोर व्यक्तियों को जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के माध्यम से निःशुल्क कानूनी सहायता और अधिवक्ता उपलब्ध कराए जाते हैं। पुलिस अधीक्षक श्री आशीष खरे ने महिलाओं से अपील की कि वे अपने अधिकारों के प्रति जागरूक रहें और किसी भी प्रकार के उत्पीड़न या अपराध की स्थिति में बिना झिझक पुलिस से संपर्क करें। उन्होंने कहा कि जागरूकता ही महिलाओं की सबसे बड़ी सुरक्षा है। कार्यशाला में महिला एवं बाल विकास, स्वास्थ्य, श्रम और पुलिस विभाग के अधिकारियों ने विभिन्न योजनाओं, सेवाओं और महिला सुरक्षा से जुड़े विषयों की जानकारी दी। वहीं स्वास्थ्य विभाग द्वारा लगाए गए निःशुल्क स्वास्थ्य जांच शिविर में महिलाओं के ब्लड प्रेशर और ब्लड शुगर की जांच की गई तथा स्वस्थ जीवनशैली अपनाने के संबंध में परामर्श भी दिया गया।2
- 24 वर्षों की परंपरा निभाते हुए साईं कांवड़िया जत्था बाबा धाम के लिए रवाना लोकेशन : उमरिया, बिरसिंहपुर पाली रिपोर्टर : श्याम गुप्ता उमरिया जिले के बिरसिंहपुर पाली स्थित साईं बाबा मंदिर से विगत 24 वर्षों से लगातार बाबा बैद्यनाथ धाम (देवघर) के लिए रवाना होने वाला साईं कांवड़िया जत्था इस वर्ष भी श्रद्धा और उत्साह के साथ रवाना हुआ। रवानगी से पूर्व साईं बाबा मंदिर परिसर में सभी कांवड़ियों का तिलक लगाकर, गमछा एवं लंच बॉक्स भेंट कर सम्मान किया गया। इस अवसर पर उपस्थित श्रद्धालुओं ने कांवड़ियों के मंगलमय एवं सुरक्षित यात्रा की कामना की। इसके पश्चात साईं कांवड़िया जत्था शिवशक्ति कुटिया धाम स्थित शिव मंदिर पहुंचा, जहां भगवान शिव का पूजन-अर्चन कर आशीर्वाद प्राप्त किया। इसके बाद नगर भ्रमण करते हुए मां बिरासनी माता मंदिर पहुंचकर दर्शन एवं पूजा-अर्चना की तथा यात्रा की सफलता के लिए आशीर्वाद लिया। सभी धार्मिक अनुष्ठानों के उपरांत साईं कांवड़िया जत्था बिरसिंहपुर पाली रेलवे स्टेशन से बाबा धाम के लिए रवाना हुआ। श्रद्धालुओं ने जय भोलेनाथ और हर-हर महादेव के जयघोष के साथ कांवड़ियों को भावभीनी विदाई दी। पूरे कार्यक्रम के दौरान भक्ति और श्रद्धा का वातावरण बना रहा।4
- *प्रेस विज्ञप्ति* वतन प्रताप सिंह चौहान को अखिल भारतीय हिंदू युवा मंच का राष्ट्रीय मीडिया प्रभारी एवं मध्यप्रदेश का प्रदेश प्रभारी बनाया गया। शहडोल।सामाजिक, राष्ट्रवादी एवं युवा नेतृत्व के क्षेत्र में सक्रिय युवा उद्यमी वतन प्रताप सिंह चौहान को अखिल भारतीय हिंदू युवा मंच द्वारा राष्ट्रीय मीडिया प्रभारी एवं मध्यप्रदेश प्रदेश प्रभारी नियुक्त किया गया है। यह नियुक्ति संगठन की कोर कमेटी के अनुमोदन एवं राष्ट्रीय प्रभारी प्रतीक शर्मा की अनुशंसा पर राष्ट्रीय महामंत्री एवं कार्यालय प्रभारी राहुल गौतम द्वारा जारी नियुक्ति पत्र के माध्यम से की गई है। वतन प्रताप सिंह चौहान लंबे समय से सामाजिक सरोकारों, युवा नेतृत्व और राष्ट्रहित से जुड़े कार्यों में सक्रिय भूमिका निभाते रहे हैं। वे अपने सकारात्मक विचारों, दूरदर्शी सोच और संगठनात्मक क्षमता के कारण युवाओं के बीच एक अलग पहचान रखते हैं। सामाजिक गतिविधियों के साथ-साथ वतन प्रताप सिंह चौहान एक सफल युवा उद्यमी (बिजनेसमैन) भी हैं। वे निरंतर नए व्यावसायिक अवसरों एवं नवाचारों पर कार्य कर रहे हैं। उनका उद्देश्य केवल अपना व्यवसाय बढ़ाना नहीं, बल्कि अधिक से अधिक युवाओं को अपने साथ जोड़कर रोजगार के नए अवसर उपलब्ध कराना तथा उन्हें आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में कार्य करना है। उनका मानना है कि सशक्त युवा ही सशक्त राष्ट्र की नींव हैं। वतन प्रताप सिंह चौहान को समाजसेवा और राष्ट्रसेवा की प्रेरणा अपने परिवार से मिली है। उनके पिता श्री महेंद्र सिंह चौहान पुलिस विभाग में अधिकारी के रूप में अपनी सेवाएं देते हुए कानून व्यवस्था बनाए रखने के साथ-साथ समाजहित के कार्यों में भी सक्रिय योगदान दे रहे हैं। वहीं उनकी माता डॉ नूतन सिंह चौहान सामाजिक सरोकारों से सक्रिय रूप से जुड़ी हुई हैं। वे विराट नारी शक्ति सेवा संस्थान राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं संस्थापक , अखिल भारतीय हिन्दू युवा मंच की राष्ट्रीय महामंत्री के रूप में महिलाओं एवं युवाओं के उत्थान, सामाजिक जागरूकता, सेवा कार्यों एवं महिला सशक्तिकरण के लिए निरंतर कार्य कर रही हैं। समय-समय पर उनके द्वारा आयोजित सामाजिक एवं जनकल्याणकारी गतिविधियां समाज में सकारात्मक संदेश देती हैं। परिवार की यही सेवा भावना वतन प्रताप सिंह चौहान के व्यक्तित्व, नेतृत्व क्षमता और समाज के प्रति समर्पण में स्पष्ट रूप से दिखाई देती है। नियुक्ति के बाद वतन प्रताप सिंह चौहान ने संगठन के शीर्ष नेतृत्व के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि उन्हें जो महत्वपूर्ण जिम्मेदारी सौंपी गई है, उसका वे पूरी निष्ठा, ईमानदारी और समर्पण के साथ निर्वहन करेंगे। उन्होंने कहा कि संगठन की विचारधारा को जन-जन तक पहुंचाने, युवाओं को राष्ट्र निर्माण के लिए प्रेरित करने तथा मध्यप्रदेश सहित पूरे देश में संगठन को मजबूत एवं विस्तार देने के लिए वे पूरी ऊर्जा के साथ कार्य करेंगे। उनकी इस नियुक्ति पर सामाजिक, व्यावसायिक एवं विभिन्न संगठनों से जुड़े लोगों ने प्रसन्नता व्यक्त करते हुए उन्हें शुभकामनाएं दीं और विश्वास जताया कि उनके नेतृत्व में संगठन को नई ऊंचाइयां प्राप्त होंगी। साथ ही युवाओं को संगठित कर सामाजिक चेतना, रोजगार सृजन और राष्ट्र निर्माण के कार्यों को नई दिशा मिलेगी।1
- जन विश्वास अभियान में लोगों की समस्याओं का होगा समाधान-कलेक्टर1
- अमरकंटक नगर परिषद ने नुक्कड़ नाटक और कठपुतली शो के माध्यम से दिया स्वच्छता का संदेश अमरकंटक नगर परिषद ने नुक्कड़ नाटक और कठपुतली शो के माध्यम से दिया स्वच्छता का संदेश कचरा पृथक्करण एवं वैज्ञानिक अपशिष्ट प्रबंधन के लिए नागरिकों को किया जागरूक श्रवण कुमार उपाध्याय अमरकंटक - मां नर्मदा की उद्गम स्थली / पवित्र नगरी अमरकंटक में स्वच्छता सर्वेक्षण-2026 के अंतर्गत गुरुवार को नगर परिषद द्वारा व्यापक जनजागरूकता अभियान चलाया गया । अभियान के तहत नगर के प्रमुख चौराहों , बाजार क्षेत्रों एवं विभिन्न वार्डों में नुक्कड़ नाटक और कठपुतली शो का आयोजन कर नागरिकों को स्वच्छता , कचरा पृथक्करण एवं ठोस अपशिष्ट प्रबंधन के प्रति जागरूक किया गया । कार्यक्रम में कलाकारों ने मनोरंजक एवं संदेशपरक प्रस्तुतियों के माध्यम से स्वच्छता का महत्व समझाते हुए घर-घर कचरे के पृथक्करण की आवश्यकता पर जोर दिया । नुक्कड़ नाटक और कठपुतली शो के जरिए बताया गया कि कचरे का सही वर्गीकरण न केवल पर्यावरण संरक्षण में सहायक है बल्कि नगर को स्वच्छ एवं सुंदर बनाए रखने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है । जनजागरूकता कार्यक्रम में नागरिकों को हरे , नीले एवं काले डस्टबिन के उपयोग की जानकारी दी गई । बताया गया कि हरे डस्टबिन में गीला एवं जैविक कचरा जैसे बचा हुआ भोजन , सब्जियों एवं फलों के छिलके , फूल-पत्तियां तथा बगीचे का कचरा डाला जाए । वहीं नीले डस्टबिन में प्लास्टिक , कागज , गत्ता , कांच एवं धातु जैसी सूखी सामग्री रखी जाए । इसके अलावा बैटरियां , खराब बल्ब , ट्यूबलाइट , एक्सपायरी दवाइयां , पेंट के डिब्बे एवं अन्य रासायनिक अपशिष्टों को काले डस्टबिन में अलग से रखने की अपील की गई । अमरकंटक नगर परिषद के अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने नागरिकों से आग्रह किया कि वे कचरे को निर्धारित श्रेणियों में अलग-अलग एकत्रित कर परिषद के कचरा संग्रहण वाहनों को ही सौंपें तथा सार्वजनिक स्थानों , सड़कों और नालियों में कचरा फेंकने से बचें । अधिकारियों ने कहा कि स्वच्छता केवल नगर परिषद की जिम्मेदारी नहीं , बल्कि प्रत्येक नागरिक का नैतिक कर्तव्य भी है । अभियान के दौरान लोगों को यह संदेश भी दिया गया कि जनभागीदारी से ही स्वच्छता का लक्ष्य हासिल किया जा सकता है । यदि सभी नागरिक स्वच्छता के नियमों का पालन करते हुए कचरे का उचित प्रबंधन करें , तो अमरकंटक को स्वच्छ , सुंदर और आदर्श नगर के रूप में स्थापित किया जा सकता है । नगर परिषद ने स्वच्छता सर्वेक्षण-2026 में अमरकंटक को उत्कृष्ट स्थान दिलाने के लिए नागरिकों से सहयोग की अपील करते हुए "स्वच्छ अमरकंटक , स्वस्थ अमरकंटक" के संकल्प को जन-आंदोलन बनाने का आह्वान किया है ।1
- 7 अगस्त से अमरपुर में जन विश्वास अभियान की शुरुआत, कलेक्टर ने तैयारियों का लिया जायजा 7 अगस्त से अमरपुर में जन विश्वास अभियान की शुरुआत, कलेक्टर ने तैयारियों का लिया जायजा सीएम हेल्पलाइन की लंबित शिकायतों के त्वरित निराकरण के निर्देश, अधिकारियों से मौके पर समाधान सुनिश्चित करने को कहा डिंडौरी, 06 अगस्त 2026। कलेक्टर श्रीमती अंजू पवन भदौरिया की अध्यक्षता में गुरुवार को कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में जन विश्वास अभियान की तैयारियों की समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में बताया गया कि अभियान का शुभारंभ 7 अगस्त 2026 को विकासखंड अमरपुर के नवीन हायर सेकेंडरी स्कूल भवन, सिधौली मोहगांव से किया जाएगा। अभियान के सफल संचालन एवं आवश्यक व्यवस्थाओं को लेकर संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। बैठक में डीएफओ श्री अशोक सोलंकी, सीईओ जिला पंचायत श्री दिव्यांशु चौधरी, संयुक्त कलेक्टर सुश्री भारती मेरावी, एसडीएम डिंडौरी श्री रामबाबू देवांगन सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे। समीक्षा के दौरान कलेक्टर ने सीएम हेल्पलाइन की प्रगति का विस्तृत परीक्षण करते हुए निर्देश दिए कि जिन विषयों पर सबसे अधिक शिकायतें प्राप्त हो रही हैं, उनका प्राथमिकता के आधार पर निराकरण किया जाए। उन्होंने विभाग प्रमुखों को निर्देशित किया कि लंबित प्रकरणों का आज शाम तक अधिकतम निराकरण करें तथा अभियान शुरू होने से पहले शत-प्रतिशत शिकायतों का समाधान सुनिश्चित करें। कलेक्टर श्रीमती भदौरिया ने अधिकारियों से कहा कि अभियान के दौरान वे स्वयं क्षेत्र में पहुंचकर आमजन की समस्याएं सुनें और उनका मौके पर ही समाधान कराने का प्रयास करें। उन्होंने कहा कि जन विश्वास अभियान का उद्देश्य शासन और जनता के बीच विश्वास को मजबूत करना है, इसलिए सभी अधिकारी संवेदनशीलता, जवाबदेही और जनहित की भावना के साथ कार्य करें। साथ ही शेष लंबित शिकायतों का भी शीघ्र निराकरण सुनिश्चित किया जाए।2
- कोतवाली अनूपपुर पुलिस की बड़ी कार्रवाई: आंगनबाड़ी केन्द्र में चोरी करने वाले 3 आरोपी गिरफ्तार, 2 बाइक और औजार जप्त *अनूपपुर* पुलिस अधीक्षक अनूपपुर श्री विक्रांत मुराब के निर्देशन एवं अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री जगनाथ मरकाम तथा एसडीओपी श्री नवीन तिवारी के मार्गदर्शन में कोतवाली अनूपपुर पुलिस ने आंगनबाड़ी केन्द्र में रात्रि में ताला तोड़कर चोरी करने वाले गिरोह के 3 आरोपियों को गिरफ्तार करने में सफलता हासिल की है। दिनांक 05.08.2026 को आंगनबाड़ी केन्द्र भरियाटोला सकरा की कार्यकर्ता मंती बैगा पिता मुन्ना बैगा, उम्र 31 वर्ष निवासी पटेल मोहल्ला सकरा ने थाना कोतवाली में रिपोर्ट दर्ज कराई कि दिनांक 25.07.2026 से 27.07.2026 की दरमियानी रात कोई अज्ञात चोर आंगनबाड़ी केन्द्र का ताला तोड़कर शासकीय एल.ई.डी. टीवी एल.जी. कंपनी, पानी के लिए लगा शासकीय आरओ, वजन करने की मशीन एवं बर्तन चोरी कर ले गया है। रिपोर्ट पर थाना कोतवाली अनूपपुर में अपराध क्रमांक 454/26 धारा 331(4), 305(e) बी.एन.एस. के तहत प्रकरण पंजीबद्ध कर विवेचना प्रारंभ की गई। विवेचना के दौरान विश्वसनीय मुखबिर की सूचना पर दिनांक 06.08.2026 को थाना प्रभारी कोतवाली निरीक्षक संजय अशोक एक्का के नेतृत्व में गठित टीम - प्रधान आरक्षक शिवशंकर प्रजापति, महेन्द्र राठौर, आरक्षक अब्दुल कलीम, सोनू यादव, महिला आरक्षक अंकिता सोनी, सायबर सेल से प्रधान आरक्षक राजेन्द्र अहिरवार, प्रधान आरक्षक पंकज मिश्रा द्वारा कार्यवाही करते हुए 3 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। गिरफ्तार आरोपी - गोलू उर्फ आकाश बैगा पिता बसन्त बैगा उम्र 23 वर्ष निवासी ग्राम पटनाकला थाना चचाई जिला अनूपपुर अजय बैगा पिता समयलाल बैगा उम्र 19 वर्ष निवासी ग्राम पटनाकला थाना चचाई दद्दा बैगा पिता गंगा बैगा उम्र 22 वर्ष निवासी ग्राम पटनाकला थाना चचाई आरोपियों के कब्जे से चोरी गए 02 नग स्टील की थाली, 02 चम्मच, 01 स्टील का डिब्बा, ताला तोड़ने में प्रयुक्त लोहे की रॉड एवं घटना में प्रयुक्त दो मोटर सायकल क्रमांक MP18 ZE 6489 और MP18 ZC 8848 जप्त की गई है। पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि उन्होंने अपने अन्य साथी सानू बैगा, विकास उर्फ विक्कू बैगा व मिथुन चौधरी के साथ मिलकर दो मोटर सायकलों से आंगनबाड़ी केन्द्र सकरा पहुंचकर लोहे की रॉड से ताला तोड़कर टी.वी., आरओ, वजन मशीन व बर्तन चोरी की थी। चोरी की टी.वी., आरओ व वजन मशीन फरार आरोपियों के पास होना बताया गया है। प्रकरण के अन्य फरार आरोपी सानू बैगा, विकास उर्फ विक्कू बैगा व मिथुन चौधरी की तलाश जारी है। पुलिस का कहना है कि जल्द ही शेष आरोपियों को गिरफ्तार कर शेष मशरूका बरामद किया जाएगा।2