उत्तर प्रदेश के हमीरपुर जिले के मौदहा स्थित सन लाइफ हॉस्पिटल में एक प्रसूता की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत से हड़कंप मच गया है। प्रसव के बाद 23 वर्षीय महिला की मौत हो गई, जिसके बाद परिजनों ने अस्पताल प्रबंधन पर गंभीर आरोप लगाए हैं। इन आरोपों में गलत ब्लड चढ़ाने और घोर चिकित्सकीय लापरवाही मुख्य हैं, साथ ही यह भी कहा गया है कि इलाज के नाम पर डेढ़ से दो लाख रुपये वसूले गए। इस घटना के बाद अस्पताल में परिजनों ने जमकर हंगामा किया, जिससे परिसर में अफरा-तफरी मच गई। बताया जा रहा है कि प्रसूता की मौत के बाद अस्पताल प्रबंधन और स्टाफ मौके से गायब हो गया। सूचना मिलने पर पुलिस घटनास्थल पर पहुंची और परिजनों को शांत कराया। पुलिस ने आश्वासन दिया है कि जांच पूरी होने के बाद दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। उधर, नवजात बच्ची के स्वस्थ होने की खबर है, लेकिन इसके बावजूद परिजनों ने कई सवाल उठाए हैं और इस पूरे मामले की उच्चस्तरीय जांच के साथ-साथ दोषियों पर सख्त कार्रवाई की मांग की है।
उत्तर प्रदेश के हमीरपुर जिले के मौदहा स्थित सन लाइफ हॉस्पिटल में एक प्रसूता की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत से हड़कंप मच गया है। प्रसव के बाद 23 वर्षीय महिला की मौत हो गई, जिसके बाद परिजनों ने अस्पताल प्रबंधन पर गंभीर आरोप लगाए हैं। इन आरोपों में गलत ब्लड चढ़ाने और घोर चिकित्सकीय लापरवाही मुख्य हैं, साथ ही यह भी कहा गया है कि इलाज के नाम पर डेढ़ से दो लाख रुपये वसूले गए। इस घटना के बाद अस्पताल में परिजनों ने जमकर हंगामा किया, जिससे परिसर में अफरा-तफरी मच गई। बताया जा रहा है कि प्रसूता की मौत के बाद अस्पताल प्रबंधन और स्टाफ मौके से गायब हो गया। सूचना मिलने पर पुलिस घटनास्थल पर पहुंची और परिजनों को शांत कराया। पुलिस ने आश्वासन दिया है कि जांच पूरी होने के बाद दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। उधर, नवजात बच्ची के स्वस्थ होने की खबर है, लेकिन इसके बावजूद परिजनों ने कई सवाल उठाए हैं और इस पूरे मामले की उच्चस्तरीय जांच के साथ-साथ दोषियों पर सख्त कार्रवाई की मांग की है।
- उत्तर प्रदेश के हमीरपुर जिले के मौदहा स्थित सन लाइफ हॉस्पिटल में एक प्रसूता की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत से हड़कंप मच गया है। प्रसव के बाद 23 वर्षीय महिला की मौत हो गई, जिसके बाद परिजनों ने अस्पताल प्रबंधन पर गंभीर आरोप लगाए हैं। इन आरोपों में गलत ब्लड चढ़ाने और घोर चिकित्सकीय लापरवाही मुख्य हैं, साथ ही यह भी कहा गया है कि इलाज के नाम पर डेढ़ से दो लाख रुपये वसूले गए। इस घटना के बाद अस्पताल में परिजनों ने जमकर हंगामा किया, जिससे परिसर में अफरा-तफरी मच गई। बताया जा रहा है कि प्रसूता की मौत के बाद अस्पताल प्रबंधन और स्टाफ मौके से गायब हो गया। सूचना मिलने पर पुलिस घटनास्थल पर पहुंची और परिजनों को शांत कराया। पुलिस ने आश्वासन दिया है कि जांच पूरी होने के बाद दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। उधर, नवजात बच्ची के स्वस्थ होने की खबर है, लेकिन इसके बावजूद परिजनों ने कई सवाल उठाए हैं और इस पूरे मामले की उच्चस्तरीय जांच के साथ-साथ दोषियों पर सख्त कार्रवाई की मांग की है।1
- उत्तर प्रदेश के बांदा जिले में मुहर्रम के त्योहार को शांतिपूर्ण और पारंपरिक तरीके से संपन्न कराने के लिए पुलिस प्रशासन पूरी तरह से मुस्तैद है। जिले के सभी थाना क्षेत्रों में कानून-व्यवस्था बनाए रखने हेतु व्यापक सुरक्षा व्यवस्था की गई है। बांदा के एडिशनल एसपी ने जानकारी दी कि जिले के हर थाना क्षेत्र में मुहर्रम के पारंपरिक अलम और जुलूस निकाले जा रहे हैं। सुरक्षा के मद्देनजर, सभी संवेदनशील और प्रमुख स्थानों पर पर्याप्त पुलिस बल तैनात किया गया है। प्रत्येक छोटे-बड़े जुलूस के साथ क्षेत्राधिकारी और पुलिस अधिकारियों की टीम लगातार गश्त कर रही है। प्रशासन ने लोगों से त्योहार को शांति और आपसी सौहार्द के साथ मनाने की अपील की है।4
- मंडल अधिवक्ता वेलफेयर एसोसिएशन के पदाधिकारियों का शपथ ग्रहण समारोह सफलतापूर्वक संपन्न हो गया। इसी अवसर पर बार संघ अध्यक्ष का भी स्वागत किया गया।1
- हमीरपुर के बिंवार थाना क्षेत्र में एक गांव निवासी युवक ने पुलिस क्षेत्राधिकारी से शिकायत की है कि उसकी पत्नी अपने तीन छोटे बच्चों – जिनकी उम्र तीन, पांच और आठ वर्ष है – को छोड़कर घर में रखे जेवरात और पचास हजार रुपये लेकर गांव के ही एक व्यक्ति के साथ भाग गई है। इस घटना के बाद पीड़ित युवक अपने छोटे-छोटे बच्चों को लेकर दर-दर भटक रहा है। युवक ने बताया कि उसने पहले बिंवार पुलिस को लिखित शिकायत देकर अपनी पत्नी और उसके प्रेमी के खिलाफ कार्रवाई की मांग की थी, लेकिन पुलिस ने इस मामले में कोई कार्रवाई नहीं की। इसके बाद युवक ने पुलिस क्षेत्राधिकारी राजकुमार पाण्डेय से संपर्क साधा, जिन्होंने पीड़ित को न्याय दिलाने का भरोसा दिया है।1
- जनपद बांदा के गिरवा थाना क्षेत्र स्थित जरर बालू खदान में कथित तौर पर अवैध खनन का मामला सामने आया है। पीड़ित किसान बृजेश गुप्ता ने आरोप लगाया है कि खदान संचालक राजीव द्विवेदी के संरक्षण में उनके निजी खेत में बिना किसी अनुमति, पूर्व सूचना या सहमति के भारी मशीनों से खुदाई कर दी गई है, जिससे उनकी भूमि को भारी नुकसान पहुंचा है। किसान बृजेश गुप्ता के अनुसार, जब उन्होंने इस अवैध खुदाई का विरोध किया, तो उन्हें लगातार धमकियां दी जाने लगीं और बालू खनन से जुड़े लोगों द्वारा शिकायत वापस लेने का दबाव बनाया जा रहा है। उन्होंने जिलाधिकारी बांदा से मामले की शिकायत करते हुए न्याय की गुहार लगाई है। बृजेश गुप्ता ने मांग की है कि उनके खेत की पैमाइश कराकर हुए नुकसान का आकलन किया जाए और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। उनका यह भी आरोप है कि जरर खदान में लंबे समय से नियमों को ताक पर रखकर अवैध खनन जारी है, लेकिन संबंधित विभाग के अधिकारी प्रभावी कदम नहीं उठा रहे हैं, जिससे बालू माफियाओं के हौसले बुलंद हैं। फिलहाल, इस मामले में प्रशासन की ओर से कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं हुआ है, और आरोपों की पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी। पीड़ित किसान बृजेश गुप्ता ने कहा, "मेरे खेत में बिना अनुमति के खुदाई कर दी गई। विरोध करने पर मुझे धमकियां दी जा रही हैं। मैंने जिलाधिकारी से शिकायत कर न्याय दिलाने की मांग की है।"4
- बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे के टोल अनुबंध में बड़े राजस्व नुकसान का खुलासा हुआ है, जहाँ यूपीडा (यूपी एक्सप्रेसवेज औद्योगिक विकास प्राधिकरण) और टोल ठेकेदार कंपनी ने मिलकर सरकार को ₹13.34 करोड़ की स्टांप चोरी का चूना लगाया है। यह मामला तब सामने आया जब दातार सिक्योरिटी सर्विस ग्रुप इन कंसोर्टियम विद मेसर्स श्री साई इंटरप्राइजेज ने यूपीडा के साथ 10 अक्टूबर 2024 को दो साल के लिए ₹333 करोड़ 65 लाख का टोल कलेक्शन एग्रीमेंट मात्र ₹100 के स्टांप पेपर पर गुपचुप तरीके से कर लिया, जबकि किसी भी बड़े अनुबंध पर उसकी विधि कीमत के आधार पर एक निर्धारित स्टांप शुल्क देना अनिवार्य होता है। इस तरह, ठेकेदार कंपनी ने सरकार की आँखों में धूल झोंकने की कोशिश की और ₹13 करोड़ 34 लाख की स्टांप चोरी की। यह गंभीर धोखाधड़ी स्टांप एवं निबंधन विभाग की जांच में उजागर हुई, जिसके बाद संबंधित पक्षों के खिलाफ स्टांप चोरी का मुकदमा दर्ज किया गया है। चित्रकूट धाम मंडल के डीआईजी निबंधक स्टांप, रईस अहमद खान ने बताया है कि भारतीय स्टांप अधिनियम के उल्लंघन के इस मामले में आरोपी कंपनी और यूपीडा सहित संबंधित पक्षों के खिलाफ नियमानुसार वसूली और कानूनी कार्रवाई की जा रही है। उन्होंने यह भी जानकारी दी कि अब अन्य बड़े अनुबंधों की भी जांच शुरू की गई है।4
- हमीरपुर जिले के मौदहा क्षेत्र में सिसोलर थानांतर्गत ग्राम चाँदीकला के निवासी प्रदीप पुत्र राममिलन ने मौदहा क्षेत्राधिकारी को एक शिकायती पत्र सौंपा है। उन्होंने गांव के ही विशाल उर्फ बच्चा पुत्र स्व. शिवराम, श्रीमती प्रेमा, मोहित, मुल्लू और कुछ अन्य लोगों पर उनके घर में घुसकर मारपीट करने का गंभीर आरोप लगाया है। प्रदीप के बयान के अनुसार, यह घटना 23 जून की रात करीब 11 बजे की है, जब कथित आरोपी उनके घर में घुस आए और गाली-गलौज करने लगे। आरोप है कि उनके हाथों में लोहे की रॉड और कुल्हाड़ी भी थी। जब प्रदीप, उनके पिता राममिलन और परिवार के अन्य सदस्यों ने इसका विरोध किया, तो उनके साथ मारपीट की गई और उन्हें जान से मारने की धमकी भी दी गई। प्रदीप का कहना है कि उन्होंने इस घटना की सूचना तुरंत सिसोलर थाना पुलिस को दी थी, लेकिन उनकी रिपोर्ट दर्ज नहीं की गई और न ही घायल परिजनों का चिकित्सीय परीक्षण कराया गया। पुलिस की कथित निष्क्रियता से आहत होकर, पीड़ित प्रदीप ने अब मौदहा क्षेत्राधिकारी से न्याय की गुहार लगाई है। उन्होंने मामले की निष्पक्ष जांच कराने, मुकदमा दर्ज करने और आरोपियों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई किए जाने की मांग की है। पुलिस इस पूरे मामले की जांच कर रही है।1
- हमीरपुर के कुरारा थाना क्षेत्र के ग्राम ककरऊ निवासी दीपू सिंह उर्फ कमल सिंह ने कथित रूप से पड़ोसियों से परेशान होकर जहरीले पदार्थ का सेवन कर लिया। उनकी हालत बिगड़ने पर उन्हें उपचार के लिए जालौन के सीएचसी कदौरा ले जाया गया, जहाँ इलाज के दौरान उनकी मृत्यु हो गई। युवक की इस अकाल मृत्यु से परिवार में गहरा सदमा फैल गया है। परिजनों ने आरोप लगाया है कि पड़ोसियों द्वारा लंबे समय से प्रताड़ित किए जाने के बावजूद उन्हें न्याय नहीं मिला, जिससे आहत होकर युवक ने यह आत्मघाती कदम उठाया। मौत से पहले दीपू सिंह उर्फ कमल सिंह ने एक वीडियो भी बनाया था, जिसमें उन्होंने अपनी आपबीती सुनाई है और यह वीडियो अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। पुलिस के अनुसार, उन्हें 24 जून 2026 को जहरीला पदार्थ सेवन किए जाने की सूचना मिली थी। मृतक के भाई की तहरीर के आधार पर कुरारा थाने में 13 नामजद आरोपियों के विरुद्ध मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। क्षेत्राधिकारी सदर यशपाल सिंह ने जानकारी दी कि मामले की विवेचना जारी है तथा वीडियो सहित अन्य साक्ष्यों का परीक्षण कर नियमानुसार अग्रिम विधिक कार्रवाई की जाएगी।1