मेरठ के थाना क्षेत्र भावनपुर में बढ़ते अपराधों के बीच एक सनसनीखेज वारदात सामने आई है, जहां 6 नकाबपोश बदमाशों ने एक फार्म हाउस पर धावा बोल दिया। बदमाशों ने वहां सो रहे एक बुजुर्ग की कनपटी पर तमंचा तान दिया और लूटपाट की वारदात को अंजाम दिया। लुटेरे फार्म हाउस से करीब 30 हजार रुपये की नकदी, कॉपर का तार और अन्य जरूरी सामान लूटकर मौके से फरार हो गए। खोंजापुर निवासी पीड़ित वीरेंद्र ने थाने में तहरीर देकर बताया कि वह किसी काम से देहरादून गया हुआ था और उसके बुजुर्ग पिता फार्म हाउस पर अकेले सो रहे थे, तभी बदमाशों ने इस पूरी वारदात को अंजाम दिया। पीड़ित का गंभीर आरोप है कि स्थानीय पुलिस पूरे मामले को दबाने के चक्कर में लगी हुई थी और उल्टा उन्हीं पर दबाव बना रही थी। फिलहाल, इस पूरे मामले में उच्च अधिकारियों का कहना है कि पुलिस द्वारा जांच-पड़ताल की जा रही है और जल्द ही इस घटना का खुलासा कर दिया जाएगा।
मेरठ के थाना क्षेत्र भावनपुर में बढ़ते अपराधों के बीच एक सनसनीखेज वारदात सामने आई है, जहां 6 नकाबपोश बदमाशों ने एक फार्म हाउस पर धावा बोल दिया। बदमाशों ने वहां सो रहे एक बुजुर्ग की कनपटी पर तमंचा तान दिया और लूटपाट की वारदात को अंजाम दिया। लुटेरे फार्म हाउस से करीब 30 हजार रुपये की नकदी, कॉपर का तार और अन्य जरूरी सामान लूटकर मौके से फरार हो गए। खोंजापुर निवासी पीड़ित वीरेंद्र ने थाने में तहरीर देकर बताया कि वह किसी काम से देहरादून गया हुआ था और उसके बुजुर्ग पिता फार्म हाउस पर अकेले सो रहे थे, तभी बदमाशों ने इस पूरी वारदात को अंजाम दिया। पीड़ित का गंभीर आरोप है कि स्थानीय पुलिस पूरे मामले को दबाने के चक्कर में लगी हुई थी और उल्टा उन्हीं पर दबाव बना रही थी। फिलहाल, इस पूरे मामले में उच्च अधिकारियों का कहना है कि पुलिस द्वारा जांच-पड़ताल की जा रही है और जल्द ही इस घटना का खुलासा कर दिया जाएगा।
- उत्तर प्रदेश के मेरठ में सीवर, गंदे नाले और बारिश का सारा पानी रास्तों में भरा हुआ है, जिससे स्थिति बेहद खराब हो गई है। रास्तों पर चारों तरफ भीषण गंदगी फैली हुई है और अब सीवर, गंदे नाले तथा बारिश का यह गंदा पानी लोगों के घरों के भीतर तक घुसने लगा है। इस नारकीय हालात की वजह से स्थानीय लोग लगातार बीमार पड़ रहे हैं। घरों के शौचालय भी साफ नहीं हो पा रहे हैं और उनमें सारी गंदगी भरी हुई है क्योंकि पानी बाहर नहीं निकल पा रहा है। शौचालय जाम होने और हर तरफ गंदगी पसरी होने के कारण क्षेत्र में बीमारियां तेजी से फैल रही हैं और लोग लगातार बीमार हो रहे हैं।4
- सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने उत्तर प्रदेश के मेरठ में शनिवार सुबह 8:00 बजे ललिता हत्याकांड के पीड़ित परिवार से मुलाकात की।1
- मेरठ के थाना क्षेत्र भावनपुर में बढ़ते अपराधों के बीच एक सनसनीखेज वारदात सामने आई है, जहां 6 नकाबपोश बदमाशों ने एक फार्म हाउस पर धावा बोल दिया। बदमाशों ने वहां सो रहे एक बुजुर्ग की कनपटी पर तमंचा तान दिया और लूटपाट की वारदात को अंजाम दिया। लुटेरे फार्म हाउस से करीब 30 हजार रुपये की नकदी, कॉपर का तार और अन्य जरूरी सामान लूटकर मौके से फरार हो गए। खोंजापुर निवासी पीड़ित वीरेंद्र ने थाने में तहरीर देकर बताया कि वह किसी काम से देहरादून गया हुआ था और उसके बुजुर्ग पिता फार्म हाउस पर अकेले सो रहे थे, तभी बदमाशों ने इस पूरी वारदात को अंजाम दिया। पीड़ित का गंभीर आरोप है कि स्थानीय पुलिस पूरे मामले को दबाने के चक्कर में लगी हुई थी और उल्टा उन्हीं पर दबाव बना रही थी। फिलहाल, इस पूरे मामले में उच्च अधिकारियों का कहना है कि पुलिस द्वारा जांच-पड़ताल की जा रही है और जल्द ही इस घटना का खुलासा कर दिया जाएगा।1
- उत्तर प्रदेश के मेरठ में एक बुजुर्ग की जमीन का फर्जी तरीके से नामांतरण किए जाने का मामला सामने आया है। इस मामले में पटवारी पर गंभीर आरोप लगाए गए हैं।1
- सोशल मीडिया पर वायरल हुए एक वीडियो ने दांपत्य जीवन में आपसी समझ और परवाह के मुद्दे को चर्चा के केंद्र में ला दिया है। वीडियो में एक युवक अपनी व्यथा साझा करते हुए कहता है कि वह दिनभर कड़ी मेहनत और धूप-धूल के बीच काम करने के बाद जब लंच के समय घर पहुंचा, तो वहां उसके लिए खाना तक तैयार नहीं था। उसने भावुक होते हुए अपनी बात रखी कि एक पति दिनभर की थकान के बाद बहुत अधिक की अपेक्षा नहीं करता, बल्कि सिर्फ दो वक्त की रोटी और अपनेपन के दो मीठे शब्दों की उम्मीद रखता है। यह मामला इस विचार को पुख्ता करता है कि कोई भी रिश्ता केवल जिम्मेदारियों से नहीं, बल्कि एक-दूसरे के प्रति परवाह से चलता है। जिस तरह परिवार की सुरक्षा और पालन करना पति का कर्तव्य है, उसी तरह पत्नी का साथ और सम्मान भी रिश्ते को मजबूती प्रदान करता है। यही सिद्धांत पत्नी के मामले में भी समान रूप से लागू होता है—यदि वह घर या बाहर मेहनत कर रही है, तो उसकी जरूरतों और सम्मान का ध्यान रखना भी अनिवार्य है। अंततः, घर की खुशहाली तभी संभव है जब पति-पत्नी दोनों एक-दूसरे की मेहनत और भावनाओं की कद्र करना सीखें।1
- मेरठ में ललिता कांड के दौरान आंदोलनकारियों पर लाठी-डंडे बरसाए जाने और पुलिस की गाड़ी में बैठकर कप्तान द्वारा आंदोलनकारियों को पीटने की घटना पर बहुजन मुक्ति पार्टी ने तीखी प्रतिक्रिया दी है। पार्टी के राष्ट्रीय प्रवक्ता ने इसे अफसोसजनक करार देते हुए कहा कि जो लोग संवैधानिक पदों पर बैठकर जनता की सुरक्षा, सामाजिक न्याय और उनके हक की बात नहीं कर सकते, उन्हें इस्तीफा देकर कुर्सी खाली कर देनी चाहिए। प्रवक्ता ने स्पष्ट किया कि जनता के टैक्स से वेतन पाने वाले किसी भी प्रशासनिक अधिकारी को ऐसी हरकतें करने का कोई अधिकार नहीं है। आंदोलन के समर्थन में पार्टी ने হুঁकार भरते हुए कहा कि वे मनुस्मृति के आधार पर देश चलाने की कोशिश करने वालों को चुनौती देते हैं और उन्हें देश छोड़ने की बात कही। इसके साथ ही, मौजूदा शासन और प्रशासन में बैठे लोगों पर भ्रष्टाचार और घोटालों के आरोप लगाते हुए जनता को सावधान रहने की अपील की गई है। पार्टी ने नारा दिया है कि 'वोट हमारा राज तुम्हारा नहीं चलेगा' और जनता से आह्वान किया है कि अब वक्त आ गया है कि ऐसी सरकारों को बदल दिया जाए जो रोजी-रोटी देने में अक्षम हैं। प्रवक्ता ने यह भी कहा कि मूल निवासियों के साथ दुर्व्यवहार करने वाले किसी भी अधिकारी को जनता के पैसे से तनख्वाह पाने का हक नहीं है।4
- उत्तर प्रदेश के मेरठ में सीवर, गंदे नाले और बारिश का सारा पानी रास्तों में भरा हुआ है, जिससे स्थानीय लोग बेहद परेशान हैं। इस दूषित और गंदे पानी के जमाव के कारण इलाके में बीमारियां फैल रही हैं और लोग लगातार बीमार पड़ रहे हैं। स्थिति इतनी बदतर हो चुकी है कि घरों के शौचालयों की सफाई भी नहीं हो पा रही है और पानी बाहर न निकलने के कारण सारी गंदगी शौचालयों में ही भरी पड़ी है। इस गंभीर गंदगी और जलभराव की वजह से पूरे क्षेत्र में बड़ी बीमारियां फैलने का संकट खड़ा हो गया है।4
- मेरठ जा रहे भीम आर्मी जय भीम संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष मनजीत सिंह नौटियाल को पुलिस द्वारा रोके जाने के दौरान भारी धक्का-मुक्की और अफरातफरी का माहौल बन गया। इस हंगामे के बीच मनजीत सिंह नौटियाल के सीने में चोट (इंजरी) आ गई है। मनजीत सिंह नौटियाल आज मेरठ में बहन ललिता गौतम के परिवार को लेकर एडीजी (ADG) महोदय मेरठ जोन के समक्ष पूरा प्रकरण प्रस्तुत करने जा रहे थे। पुलिस द्वारा इस तरह रोके जाने की कार्रवाई पर उन्होंने तीखा आक्रोश व्यक्त करते हुए इसे लोकतंत्र की हत्या करार दिया है। उन्होंने संकल्प जताया कि इस दमन के बावजूद, वे संविधान को हाथ में लेकर अपना संघर्ष लगातार जारी रखेंगे।1