महंत की जिंदा समाधि से झुका प्रशासन बाराबंकी में महंत मुकुंद पुरी का संग्राम, SDM ने स्टाम्प पेपर पर 45 दिन में न्याय का किया लिखित वादा बाराबंकी जिले का सबसे चर्चित बना असंद्रा थाना उत्तर प्रदेश बाराबंकी से सामने आई यह घटना प्रशासन और संत समाज के टकराव की एक और नई मिसाल बन गई है। भोर 4 बजे समाधि, पूरे इलाके में सनसनी जनपद बाराबंकी के बनीकोडर ब्लॉक स्थित श्री राम जानकी मठ, भवनियापुर के महंत मुकुंद पुरी जी महाराज मंगलवार सुबह करीब 4 बजे जिंदा समाधि में बैठ गए। मठ की जमीन पर अवैध कब्जे और फर्जी वसीयत के जरिए नामांतरण के प्रयास से क्षुब्ध होकर उन्होंने यह कठोर कदम उठाया। घटना की खबर फैलते ही मठ परिसर में संतों और नागा साधुओं की भीड़ उमड़ पड़ी स्थानीय लोगों का जमावड़ा लग गया पूरे इलाके में तनाव और हड़कंप का माहौल बन गया प्रशासन की कोशिश नाकाम, महंत अड़े रहे सूचना मिलते ही SDM और CO मौके पर पहुंचे और महंत मुकुंद पुरी से समाधि से बाहर आने की अपील की। लेकिन महंत अपनी मांगों पर अडिग रहे और बिना ठोस कार्रवाई के बाहर आने से साफ इनकार कर दिया। उनकी मुख्य मांग मठ की पूरी भूमि की पैमाइश और कब्जा मुक्त कार्रवाई लिखित आश्वासन के बाद टूटा गतिरोध कई घंटों तक चले इस हाई-वोल्टेज ड्रामे के बाद आखिरकार दोपहर में प्रशासन को झुकना पड़ा। SDM द्वारा स्टाम्प पेपर पर लिखित आश्वासन दिया गया कि 45 दिनों के भीतर पूरे मामले का निस्तारण किया जाएगा मठ की जमीन की सुरक्षा के लिए बैरिकेटिंग कराई जाएगी इस लिखित भरोसे के बाद ही महंत मुकुंद पुरी समाधि से बाहर आने के लिए तैयार हुए। CO ने पिलाया पानी, समाप्त हुआ अनशन समाधि से बाहर आने के बाद CO ने स्वयं महंत को पानी पिलाया इसके साथ ही उनका अनशन समाप्त कराया गया मौके पर मौजूद संत समाज और स्थानीय लोगों ने राहत की सांस ली, लेकिन प्रशासन की कार्यशैली को लेकर नाराजगी बरकरार रहेगी बड़े सवाल अभी भी कायम यह पूरा मामला कई गंभीर सवाल छोड़ गया है क्या पहले दिए गए आश्वासन भी ऐसे ही अधूरे रहेंगे क्या भू-माफियाओं पर वाकई कार्रवाई होगी क्या 45 दिन में समाधान संभव है या फिर मामला फिर गरमाएगा बाराबंकी का यह घटनाक्रम सिर्फ एक जमीन विवाद नहीं, बल्कि प्रशासनिक जवाबदेही और धार्मिक संस्थाओं की सुरक्षा का बड़ा मुद्दा बन चुका है। अब सबकी नजर 45 दिनों की उस डेडलाइन पर है, जो कागज पर तो तय हो गई है लेकिन जमीन पर क्या होगा, यही असली परीक्षा होगी। ब्यूरो चीफ रामानंद सागर
महंत की जिंदा समाधि से झुका प्रशासन बाराबंकी में महंत मुकुंद पुरी का संग्राम, SDM ने स्टाम्प पेपर पर 45 दिन में न्याय का किया लिखित वादा बाराबंकी जिले का सबसे चर्चित बना असंद्रा थाना उत्तर प्रदेश बाराबंकी से सामने आई यह घटना प्रशासन और संत समाज के टकराव की एक और नई मिसाल बन गई है। भोर 4 बजे समाधि, पूरे इलाके में सनसनी जनपद बाराबंकी के बनीकोडर ब्लॉक स्थित श्री राम जानकी मठ, भवनियापुर के महंत मुकुंद पुरी जी महाराज मंगलवार सुबह करीब 4 बजे जिंदा समाधि में बैठ गए। मठ की जमीन पर अवैध कब्जे और फर्जी वसीयत के जरिए नामांतरण के प्रयास से क्षुब्ध होकर उन्होंने यह कठोर कदम उठाया। घटना की खबर फैलते ही मठ परिसर में संतों और नागा साधुओं की भीड़ उमड़ पड़ी स्थानीय लोगों का जमावड़ा लग गया पूरे इलाके में तनाव और हड़कंप का माहौल बन गया प्रशासन की कोशिश नाकाम, महंत अड़े रहे सूचना मिलते ही SDM और CO मौके पर पहुंचे और महंत मुकुंद पुरी से समाधि से बाहर आने की अपील की। लेकिन महंत अपनी मांगों पर अडिग रहे और बिना ठोस कार्रवाई के बाहर आने से साफ इनकार कर दिया। उनकी मुख्य मांग मठ की पूरी भूमि की पैमाइश और कब्जा मुक्त कार्रवाई लिखित आश्वासन के बाद टूटा गतिरोध कई घंटों तक चले इस हाई-वोल्टेज ड्रामे के बाद आखिरकार दोपहर में प्रशासन को झुकना पड़ा। SDM द्वारा स्टाम्प पेपर पर लिखित आश्वासन दिया गया कि 45 दिनों के भीतर पूरे मामले का निस्तारण किया जाएगा मठ की जमीन की सुरक्षा के लिए बैरिकेटिंग कराई जाएगी इस लिखित भरोसे के बाद ही महंत मुकुंद पुरी समाधि से बाहर आने के लिए तैयार हुए। CO ने पिलाया पानी, समाप्त हुआ अनशन समाधि से बाहर आने के बाद CO ने स्वयं महंत को पानी पिलाया इसके साथ ही उनका अनशन समाप्त कराया गया मौके पर मौजूद संत समाज और स्थानीय लोगों ने राहत की सांस ली, लेकिन प्रशासन की कार्यशैली को लेकर नाराजगी बरकरार रहेगी बड़े सवाल अभी भी कायम यह पूरा मामला कई गंभीर सवाल छोड़ गया है क्या पहले दिए गए आश्वासन भी ऐसे ही अधूरे रहेंगे क्या भू-माफियाओं पर वाकई कार्रवाई होगी क्या 45 दिन में समाधान संभव है या फिर मामला फिर गरमाएगा बाराबंकी का यह घटनाक्रम सिर्फ एक जमीन विवाद नहीं, बल्कि प्रशासनिक जवाबदेही और धार्मिक संस्थाओं की सुरक्षा का बड़ा मुद्दा बन चुका है। अब सबकी नजर 45 दिनों की उस डेडलाइन पर है, जो कागज पर तो तय हो गई है लेकिन जमीन पर क्या होगा, यही असली परीक्षा होगी। ब्यूरो चीफ रामानंद सागर
- मुजफ्फरनगर पुलिस मुठभेड़ में फरार अभियुक्त घायल, सरकारी पिस्टल बरामद मुजफ्फरनगर के रतनपुरी थाना क्षेत्र में पुलिस व एसओजी की संयुक्त टीम ने सोमवार देर रात बड़ी कार्रवाई करते हुए पुलिस अभिरक्षा से फरार हुए अभियुक्त मंजीत उर्फ काला को मुठभेड़ के दौरान गिरफ्तार कर लिया। जानकारी के अनुसार, आरोपी को पहले एक मामले में गिरफ्तार किया गया था। उपचार के बहाने उसने दरोगा शैलेन्द्र चौधरी को धक्का देकर उनकी सरकारी पिस्टल छीन ली और अंधेरे का फायदा उठाकर खेतों में भाग गया। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस व एसओजी टीम ने मौके पर पहुंचकर क्षेत्र की घेराबंदी की और आरोपी को आत्मसमर्पण की चेतावनी दी। लेकिन आरोपी ने पुलिस टीम पर फायरिंग शुरू कर दी। जवाबी कार्रवाई में पुलिस ने भी फायरिंग की, जिसमें आरोपी घायल हो गया। पुलिस ने उसे मंडावली बागर के पास से गिरफ्तार कर लिया। आरोपी के कब्जे से छीनी गई 9 एमएम पिस्टल, मैगजीन व एक खोखा कारतूस बरामद हुआ है। घायल अभियुक्त को उपचार के लिए अस्पताल भेजा गया है। पुलिस द्वारा मामले में अग्रिम विधिक कार्रवाई की जा रही है। ब्यूरो चीफ रामानंद सागर1
- थाना जैदपुर पुलिस टीम द्वारा 02 अभियुक्तों/चोर को किया गया गिरफ्तार, कब्जे से चोरी के सफेद व पीली धातु के आभूषण (पायल, बिछिया,नथ व कील) बरामद। पुलिस अधीक्षक बाराबंकी अर्पित विजयवर्गीय द्वारा जनपद में अपराध पर प्रभावी नियंत्रण लगाने हेतु अपराधियों के विरुद्ध चलाये जा रहे अभियान के क्रम में दिनांक 20.04.2026 को थाना जैदपुर पुलिस टीम द्वारा मु0अ0सं0 90/2026 धारा 305(ए)/331(4)/ 352/351(3)/317(2) बीएनएस से संबंधित अभियुक्तण 1. आनन्द प्रकाश उर्फ लवकुश पुत्र रामविलास, 2. चाँदबाबू उर्फ मदन पुत्र वसीम निवासीगण ग्राम दौलतपुर थाना जैदपुर जनपद बाराबंकी बरबसौली के पास से गिरफ्तार किया गया। अभियुक्तगण के कब्जे से चोरी के आभूषण सफेद धातु की 12 अदद बिछिया, 02 अदद पायल तथा पीली धातु की 01 नाक की नथ, 01 नाक की कील बरामद किया गया। पूछताछ एवं जांच से ज्ञात हुआ कि अभियुक्तों द्वारा दिनांक 06/07.04.2026 की रात्रि थाना जैदपुर क्षेत्रान्तर्गत ग्राम दौलतपुर में स्थित घर से नकदी सामान व आभूषणों को चोरी किया था। जिस सम्बन्ध में थाना जैदपुर पर अभियोग पंजीकृत है।1
- बहराइच के मटेरा थाना क्षेत्र में शंकरपुर चौराहा चौकी पर भारी जाम की स्थिति बन गई है। पेट्रोल पंप पर तेल भरवाने के लिए वाहनों की लंबी कतार लगी हुई है, जिससे खासकर नानपारा की ओर से आने-जाने वाले लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। 👉 जाम के कारण सड़क पर वाहनों की रफ्तार धीमी हो गई है 👉 कई जगहों पर लंबी दूरी तक गाड़ियों की लाइन देखी जा रही है 📍 स्थानीय प्रशासन से अपील है कि जल्द से जल्द यातायात व्यवस्था को सुचारू कराया जाए।1
- सड़क हादसे में महिला की मौत, तीन घायल बाराबंकी जनपद के थाना बड्डूपुर क्षेत्र के रीवा सीवा गांव के पास एक दर्दनाक सड़क हादसे में एक महिला की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि एक ही परिवार के तीन लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। हादसा उस समय हुआ जब महमूदाबाद निवासी कपिल गुप्ता अपने परिवार के साथ मोटरसाइकिल से लखनऊ जा रहे थे। जानकारी के अनुसार, कपिल गुप्ता पुत्र सुरेश गुप्ता अपनी माताजी, बहन और डेढ़ साल के भांजे के साथ बाइक से सफर कर रहे थे। इसी दौरान सामने से आ रहे तेज रफ्तार डंफर ने उनकी मोटरसाइकिल को जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि सभी लोग सड़क पर गिरकर गंभीर रूप से घायल हो गए। हादसे में कपिल गुप्ता की माताजी की मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई, जबकि कपिल, उनकी बहन रीना और छोटा बच्चा गंभीर रूप से घायल हो गए। सूचना मिलते ही स्थानीय लोग और पुलिस मौके पर पहुंची और सभी घायलों को तत्काल सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र घुंघटेर पहुंचाया गया, जहां उनका इलाज जारी है। पुलिस ने मृतका के शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और डंफर चालक की तलाश शुरू कर दी है। घटना के बाद परिजनों में कोहराम मचा हुआ है और इलाके में शोक की लहर है।1
- UP: गोंडा में सर्राफा व्यापारी समर कसौधन को बाइक सवार बदमाशों ने गोली मार दी और ज्वेलरी का भरा बैग लूट कर ले गए1
- संवाददाता रवि रावत बाराबंकी के फतेहपुर थाना क्षेत्र में सोमवार को एक सड़क हादसे में दो लोग घायल हो गए। तेज रफ्तार कार ने एक बाइक को टक्कर मार दी, जिसके बाद कार चालक मौके से फरार हो गया। पुलिस के अनुसार, मोहम्मदपुर खाला थाना क्षेत्र के सुंदर नगर हेतमापुर निवासी दिनेश (55) अपने भाई राम सुचित (50), जो फतेहपुर थाना क्षेत्र के मसूदपुर के रहने वाले हैं, के साथ एक विवाह समारोह से लौट रहे थे। दशरथपुर गांव के पास सामने से आ रही एक तेज रफ्तार कार ने उनकी बाइक को टक्कर मार दी। टक्कर के कारण दोनों भाई सड़क पर गिर गए और गंभीर रूप से घायल हो गए। हादसे के बाद मौके पर भीड़ जमा हो गई। स्थानीय लोगों ने तुरंत घायलों को सड़क किनारे पहुंचाया और उनके परिजनों को सूचना दी। परिजनों के पहुंचने के बाद एंबुलेंस से दोनों घायलों को फतेहपुर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया। वहां चिकित्सकों ने प्राथमिक उपचार किया। डॉ. हिमांशु ने बताया कि दिनेश के पैर में गंभीर चोटें आई हैं, जिसमें अत्यधिक रक्तस्राव और कई फ्रैक्चर शामिल हैं। उनकी गंभीर हालत को देखते हुए उन्हें प्राथमिक उपचार के बाद जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया। राम सुचित को मामूली चोटें आई थीं, जिन्हें प्राथमिक उपचार के बाद अस्पताल से छुट्टी दे दी गई। घटना की सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची और मामले की जांच शुरू कर दी है। हालांकि, खबर लिखे जाने तक परिजनों की ओर से कोई लिखित शिकायत दर्ज नहीं कराई गई थी। पुलिस फरार कार चालक की तलाश कर रही है।1
- Post by Anoop singh1
- इंसानों से ज्यादा बढ़ रही बंदरों की जनसंख्या ग्रामीण अंचल से लेकर शहर तक बढ़ती बंदरों की जनसंख्या ने लोगों का जीना दुश्वार कर दिया है वन विभाग की तरफ से इनको पकड़ने के लिए कोई व्यवस्था नहीं है ब्यूरो चीफ रामानंद सागर2