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उत्तर प्रदेश के आगरा में अपने पति को बाथरूम में दफनाने के आरोप में फंसी पत्नी रूबी को शनिवार शाम 5 बजे 14 दिन की न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है। जेल ले जाते समय रूबी करीब एक फीट लंबा घूंघट कर अपना चेहरा छिपाती रही, जिससे उसका मुंह पूरी तरह ढका रहा। पुलिस पूछताछ में रूबी ने बताया कि उसका पति सुरेंद्र शराब पीकर उसे लगातार मारता-पीटता था। उसने यह भी बताया कि वह पिछले 16 साल से इस प्रताड़ना से परेशान थी। इस उत्पीड़न से तंग आकर रूबी ने पति सुरेंद्र के खाने में नींद की गोलियां पीसकर मिला दी थीं। रूबी के अनुसार, रात करीब 3 बजे उठने पर उसने देखा कि सुरेंद्र की सांसें नहीं चल रही थीं, जिसके बाद उसने अपने पति को बाथरूम में दफना दिया।
रवि रावत पत्रकार फतेहपुर बाराबंकी
उत्तर प्रदेश के आगरा में अपने पति को बाथरूम में दफनाने के आरोप में फंसी पत्नी रूबी को शनिवार शाम 5 बजे 14 दिन की न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है। जेल ले जाते समय रूबी करीब एक फीट लंबा घूंघट कर अपना चेहरा छिपाती रही, जिससे उसका मुंह पूरी तरह ढका रहा। पुलिस पूछताछ में रूबी ने बताया कि उसका पति सुरेंद्र शराब पीकर उसे लगातार मारता-पीटता था। उसने यह भी बताया कि वह पिछले 16 साल से इस प्रताड़ना से परेशान थी। इस उत्पीड़न से तंग आकर रूबी ने पति सुरेंद्र के खाने में नींद की गोलियां पीसकर मिला दी थीं। रूबी के अनुसार, रात करीब 3 बजे उठने पर उसने देखा कि सुरेंद्र की सांसें नहीं चल रही थीं, जिसके बाद उसने अपने पति को बाथरूम में दफना दिया।
- Rame Shawr RajvnshiMahmudabad, Sitapur😂19 min ago
More news from उत्तर प्रदेश and nearby areas
- समाजवादी पार्टी के महाराष्ट्र प्रदेश अध्यक्ष और पूर्व राज्यसभा सांसद अबू आसिम आजमी ने बाराबंकी में एक निजी कार्यक्रम के बाद मीडिया से बातचीत करते हुए दावा किया कि देश का संविधान खतरे में है और उसे कमजोर करने की कोशिश की जा रही है। उन्होंने सभी राजनीतिक दलों से एकजुट होने की अपील की। आजमी के अनुसार, दिल्ली में बैठकर एक नया संविधान लिखने का प्रयास चल रहा है, और देश में मुस्लिम समुदाय के साथ अन्याय हो रहा है, जिससे उन्हें ऐसा महसूस हो रहा है कि मुस्लिम होना ही एक अपराध बन गया है। उन्होंने कहा कि संविधान को बचाने वाला आज की तारीख में केवल समाजवादी पार्टी का गठबंधन ही है। आजमी ने अन्य राजनीतिक दलों पर भी अपनी राय रखी, जिसमें उन्होंने बहुजन समाज पार्टी (बसपा) को भाजपा के साथ बताया और कांग्रेस को कमजोर करार दिया। हालांकि, उन्होंने यह भी बताया कि कांग्रेस के साथ गठबंधन को लेकर बातचीत जारी है, ताकि सभी दल मिलकर रहें और वोटों का बिखराव रोका जा सके। उन्होंने चुनावों में होने वाली "गुंडागर्दी" का उल्लेख करते हुए कानून के दायरे में रहकर मतदान करने पर जोर दिया। ओवैसी के साथ गठबंधन के सवाल पर अबू आसिम आजमी ने समाजवादी पार्टी को एक धर्मनिरपेक्ष पार्टी बताते हुए कहा कि उनका गठबंधन मजबूत है। उन्होंने स्पष्ट किया कि मुसलमानों का बिखराव नहीं होगा, क्योंकि लोग यह समझते हैं कि ध्रुवीकरण करने के लिए जानबूझकर ऐसे भाषण दिए जाते हैं। आजमी ने "नफरत फैलाने वाली पार्टी" (भाजपा) पर निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि वे राम के नाम पर सत्ता में आए और देश को बर्बाद कर दिया। उन्होंने यह भी दावा किया कि 2014 से सत्ता में आने के बाद से देश का कर्ज 50-55 करोड़ से बढ़कर तीन गुना हो गया है, और इसे रोकने का एकमात्र विकल्प समाजवादी पार्टी का गठबंधन ही है। उन्होंने पार्टी नेतृत्व पर भरोसा जताते हुए अखिलेश यादव को एक जमीनी नेता बताया और विश्वास व्यक्त किया कि समाजवादी पार्टी को कोई नहीं तोड़ पाएगा। आजमी ने गुटबाजी खत्म करने का आह्वान करते हुए एक उपमा दी कि जिस तरह बारिश, बाढ़ या "जलजला" आने पर सभी जीव-जंतु एक पेड़ पर चढ़ जाते हैं, उसी तरह अभी देश में भी "जलजला" है और हालात खराब हैं, इसलिए सभी को आपसी लड़ाई छोड़कर एकजुट रहना चाहिए।1
- नेता बृजभूषण शरण सिंह ने राम मंदिर से जुड़े मामले में चंदा चोरी पर एक बड़ा बयान दिया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि वे राम मंदिर के दर्शन करने इसीलिए नहीं गए, क्योंकि उनके अनुसार वहाँ "पहले दिन से ही खेल चल रहा था"।1
- समाजवादी पार्टी के विधायक अबू असमी, जो मुंबई से आए थे, का बाराबंकी जनपद में भव्य स्वागत किया गया। उनके आगमन पर लोगों ने गर्मजोशी से उनका अभिनंदन किया।1
- उत्तर प्रदेश के सीतापुर में समाजवादी पार्टी कार्यालय के बाद अब शहर कांग्रेस कमेटी का कार्यालय भी प्रशासन के निशाने पर आ गया है। रविवार को नगर पालिका परिषद ने घंटाघर स्थित कांग्रेस कार्यालय पर नोटिस चस्पा कर 15 दिनों के भीतर जवाब तलब किया है। यदि संतोषजनक जवाब नहीं मिलता है, तो कार्यालय का पंजीकरण रद्द कर उसे हटाने की कार्रवाई की जाएगी। जिलाधिकारी के आदेश पर जारी नोटिस के अनुसार, शहर कांग्रेस कमेटी का कार्यालय नजूल भूखंड संख्या-750 पर स्थित घंटाघर इमारत के ऊपरी हिस्से में चल रहा है। नोटिस में स्पष्ट किया गया है कि इस जमीन का मालिकाना हक उत्तर प्रदेश सरकार के पास है। नगर पालिका का दावा है कि मांग पंजिका में दर्ज कांग्रेस कार्यालय के पंजीकरण का कोई वैधानिक आधार नहीं है, और इसलिए इसे हटाना पूरी तरह विधिसम्मत है। नजूल नियमावली की धारा-74 के तहत जिलाधिकारी को नजूल भूमि से अतिक्रमण हटाने और उसे वापस अपने कब्जे में लेने का पूर्ण अधिकार है। यह नोटिस रविवार दोपहर करीब 2 बजे नगर पालिका की टीम ने कांग्रेस कार्यालय के दरवाजे पर चस्पा किया। पालिका ने चेतावनी दी है कि यदि निर्धारित 15 दिनों के भीतर कांग्रेस कमेटी की ओर से कोई संतोषजनक पक्ष या आपत्ति दर्ज नहीं कराई जाती है, तो आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी जाएगी। इस बीच, शहर कांग्रेस कमेटी के पदाधिकारी शिशिर बाजपेई ने बयान दिया है कि कांग्रेस कार्यालय किसी भी तरह के अतिक्रमण की श्रेणी में नहीं आता है। उन्होंने कहा कि प्रशासन की इस नोटिस का वे पूरी तरह कानूनी रूप से जवाब देंगे और सभी जरूरी दस्तावेज अधिकारियों के सामने पेश करेंगे।1
- लखनऊ के अहमामऊ क्षेत्र में रविवार सुबह ट्रैफिक पुलिस द्वारा वाहन चेकिंग के दौरान विवाद खड़ा हो गया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, कुछ निजी वाहनों को रोककर उनके दस्तावेजों की जांच की गई और उन पर कार्रवाई की बात कही गई। इस दौरान, मौके पर मौजूद एक पत्रकार ने जब कार्रवाई के संबंध में जानकारी लेने का प्रयास किया, तो कथित तौर पर उसे "सरकारी कार्य में बाधा न बनें" कहते हुए पुलिस चौकी चलने के लिए कहा गया, जिसके कारण एक तीखी बहस छिड़ गई। इस घटना के बाद, स्थानीय लोगों और कुछ वाहन चालकों ने गंभीर आरोप लगाए हैं कि अहमामऊ क्षेत्र से बड़ी संख्या में 'डग्गामार' यानी अवैध वाहन संचालित होते हैं। उनका दावा है कि इन वाहनों के संचालन में अनियमितताओं और कथित संरक्षण को लेकर लंबे समय से शिकायतें मिलती रही हैं। हालांकि, इन आरोपों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हुई है, फिर भी ऐसी मांग उठी है कि यदि इन आरोपों में सत्यता है, तो संबंधित अधिकारियों द्वारा निष्पक्ष एवं उच्चस्तरीय जांच कर दोषी पाए जाने वालों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई की जाए। वहीं, यदि ये आरोप निराधार पाए जाते हैं, तो जांच के माध्यम से वास्तविक स्थिति को सार्वजनिक किया जाना चाहिए। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के भ्रष्टाचार के विरुद्ध सख्त कार्रवाई के बयानों को देखते हुए, आमजन की यह अपेक्षा है कि इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराई जाए। इसका उद्देश्य कानून का राज स्थापित करना और जनता का विश्वास बनाए रखना है, विशेषकर अवैध वाहनों के संरक्षण के आरोपों की निष्पक्ष जांच की मांग के मद्देनजर।1
- बाराबंकी जनपद के थाना दरियाबाद वन रेंज रामनगर क्षेत्र में वन अपराध लगातार जारी है। इस क्षेत्र में प्रतिबंधित सागौन के पेड़ों को काटकर नष्ट कर दिया गया है, जिससे यह स्पष्ट होता है कि वन अपराधों पर लगाम नहीं लग पा रही है।1
- ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई के निधन के बाद, ईरान में 3 से 9 जुलाई तक चल रहे सात दिवसीय राजकीय अंतिम संस्कार का प्रभाव उत्तर प्रदेश के बाराबंकी में भी देखा जा रहा है। बाराबंकी के किन्तूर गांव में रहने वाले अयातुल्ला अली खामेनेई के परिवार के सदस्य और स्थानीय मुस्लिम धर्मगुरु इस अंतरराष्ट्रीय घटनाक्रम को लेकर महत्वपूर्ण बयान दे रहे हैं, जबकि पूरे जिले में शोक का माहौल है और लोग गहरा दुख व्यक्त कर रहे हैं। अयातुल्ला परिवार के सदस्य रेहान काज़मी ने खामेनेई के अंतिम संस्कार पर अपना दुख जताते हुए इसे पूरी दुनिया के लिए एक बड़ा झटका बताया। उन्होंने दुनिया के मौजूदा हालात और गाज़ा संकट पर बात करते हुए कहा कि खामेनेई साहब के जाने से दुनिया भर के लोग दुखी हैं, क्योंकि वे केवल ईरान के नेता नहीं बल्कि दुनिया भर के दबे-कुचले लोगों की आवाज थे। काज़मी ने 28 फरवरी की एक हमलावर घटना का जिक्र करते हुए कहा कि उस समय ईरान ने मजबूती से अपना बचाव किया और अपनी बात सबके सामने रखी। उन्होंने संयुक्त राष्ट्र और अन्य देशों की रिपोर्टों का हवाला देते हुए इस बात पर जोर दिया कि गाज़ा में बड़े पैमाने पर निर्दोष लोगों को मारा गया है और इज़राइल ने फिलिस्तीनियों पर बहुत जुल्म किए हैं। ईरान में चल रहे इस ऐतिहासिक अंतिम संस्कार में 100 से अधिक देशों के नेता और सरकारी अधिकारी शामिल हो रहे हैं। इस संदर्भ में जब भारत से किसी बड़े प्रतिनिधिमंडल के जाने की बात उठी, तो अयातुल्ला परिवार के वंशज मुफ्ती मोहम्मद कुली मुसावी और सैयद आदिल काज़मी ने कहा कि अभी तक यहां से कोई जिम्मेदार व्यक्ति नहीं गया है। उन्होंने यह भी कहा कि सरकार अपनी समझ और अंतरराष्ट्रीय नीतियों के अनुसार काम कर रही है या नहीं, यह सरकार में बैठे लोग ही बेहतर बता सकते हैं। फिलहाल, बाराबंकी में अयातुल्ला खामेनेई के परिवार के सदस्य उन्हें नम आंखों से याद कर रहे हैं।1
- जनपद बाराबंकी के बड्डूपुर थाना क्षेत्र के शाहपुर गाँव में शनिवार को एसटीएफ और खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन की एक संयुक्त टीम ने रंग मिलाकर नकली चायपत्ती बनाने के बड़े कारोबार का भंडाफोड़ किया है। इस कार्रवाई के बाद 'फास्ट टी' और 'गार्डेन फ्रेश' ब्रांड की चाय पीने वाले लोगों को सावधान रहने की चेतावनी दी गई है, क्योंकि बरामद नकली चायपत्ती को इन्हीं नामों से पैक कर बाजार में भेजने की तैयारी थी। मौके पर मौजूद शकील, पुत्र मोहम्मद यूनुस, निवासी शाहपुर, ने बताया कि वही इस कारोबार का संचालन कर रहा था। छापेमारी के दौरान टीम ने लगभग 800 किलोग्राम रंगी हुई चायपत्ती, 5 किलोग्राम रंग और 15 किलोग्राम पैकिंग सामग्री बरामद की है। खाद्य सुरक्षा विभाग ने बरामद चायपत्ती और प्रयोग किए जा रहे रंग के नमूने गुणवत्ता जांच के लिए एकत्र किए हैं। लगभग 1.60 लाख रुपये मूल्य की शेष चायपत्ती को जब्त कर लिया गया, साथ ही कारोबार में इस्तेमाल हो रही इलेक्ट्रॉनिक पैकिंग मशीन और सीलिंग मशीन को भी सील कर दिया गया है। आरोपी शकील के विरुद्ध बड्डूपुर कोतवाली में मुकदमा दर्ज कराया जा रहा है। इस संयुक्त अभियान में खाद्य सुरक्षा अधिकारी अरुण कुमार, सलिल कुमार सिंह, डॉ. अंकिता यादव तथा एसटीएफ के उपनिरीक्षक राजेश कुमार सिंह, हेड कांस्टेबल चेतन सिंह, श्रीकृष्ण, शैलेन्द्र उपाध्याय, रमाशंकर चौधरी और सुनील मिश्रा शामिल रहे। इसी अभियान के तहत खाद्य सुरक्षा अधिकारियों पल्लवी तिवारी और अर्शी फारूकी ने अयोध्या-लखनऊ मार्ग स्थित महेश रेस्टोरेंट का भी निरीक्षण किया। यहाँ से पिसी लाल मिर्च का नमूना गुणवत्ता जांच के लिए लिया गया और रेस्टोरेंट परिसर में पाई गई कमियों को दूर करने के लिए नोटिस जारी किया गया है। विभाग ने सख्त चेतावनी दी है कि यदि निर्धारित समय में सुधार नहीं किया गया, तो प्रतिष्ठान का लाइसेंस निरस्त कर उसे बंद कराया जा सकता है।1
- राजधानी लखनऊ के दुबग्गा थाना क्षेत्र में नूरानी मस्जिद के पास नाले के आसपास वर्षों से गंदा पानी जमा होने के कारण स्थानीय निवासियों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। इस जलभराव के चलते मस्जिद में नमाज़ अदा करने आने-जाने वाले लोगों को काफी दिक्कत होती है, वहीं मदरसा और स्कूल जाने वाले बच्चों को भी रोज़ाना इसी गंदे पानी से होकर गुजरना पड़ता है। स्थानीय लोगों का कहना है कि उन्होंने क्षेत्र के पार्षद और विधायक से कई बार इस समस्या की शिकायत की है, लेकिन अब तक कोई स्थायी समाधान नहीं हो पाया है। सड़क पर भरे इस गंदे पानी के कारण बैटरी रिक्शे भी कई बार पलट जाते हैं, जिससे यात्रियों और चालकों की सुरक्षा पर गंभीर खतरा बना रहता है। क्षेत्रवासियों ने नगर निगम और संबंधित प्रशासनिक अधिकारियों से तत्काल मांग की है कि इस जलभराव की समस्या का जल्द से जल्द स्थायी समाधान किया जाए। उनकी अपेक्षा है कि इससे लोगों को राहत मिलेगी और किसी बड़ी दुर्घटना से भी बचा जा सकेगा।1