सुमेरपुर उपखंड क्षेत्र में भीषण गर्मी और उमस से बेहाल लोगों को शनिवार, 27 जून की शाम उस समय बड़ी राहत मिली जब तखतगढ़ कस्बे और आसपास के गांवों में तेज गर्जना के साथ झमाझम बारिश हुई। करीब 20 से 25 मिनट तक हुई इस तेज बारिश से सड़कें पानी से भर गईं और मौसम पूरी तरह सुहावना हो गया। बारिश के बाद तापमान में भी गिरावट दर्ज की गई, जिससे लोगों ने राहत की सांस ली। बारिश शुरू होने से पहले विद्युत विभाग ने एहतियात के तौर पर बिजली आपूर्ति बंद कर दी थी, हालांकि स्थानीय लोगों का कहना है कि हल्की हवा या बारिश की आशंका होते ही बिजली काटे जाने से उन्हें कुछ समय तक असुविधा का सामना करना पड़ता है। इस बारिश से किसानों के चेहरे भी खिल उठे हैं, क्योंकि खेतों में नमी आने से खरीफ फसलों की बुवाई और अन्य कृषि कार्यों को गति मिलने की उम्मीद जगी है। मौसम विभाग ने आगामी दिनों में भी प्रदेश के कई क्षेत्रों में आंधी, गरज-चमक और बारिश की संभावना जताई है और लोगों से सतर्क रहने की अपील की है।
सुमेरपुर उपखंड क्षेत्र में भीषण गर्मी और उमस से बेहाल लोगों को शनिवार, 27 जून की शाम उस समय बड़ी राहत मिली जब तखतगढ़ कस्बे और आसपास के गांवों में तेज गर्जना के साथ झमाझम बारिश हुई। करीब 20 से 25 मिनट तक हुई इस तेज बारिश से सड़कें पानी से भर गईं और मौसम पूरी तरह सुहावना हो गया। बारिश के बाद तापमान में भी गिरावट दर्ज की गई, जिससे लोगों ने राहत की सांस ली। बारिश शुरू होने से पहले विद्युत विभाग ने एहतियात के तौर पर बिजली आपूर्ति बंद
कर दी थी, हालांकि स्थानीय लोगों का कहना है कि हल्की हवा या बारिश की आशंका होते ही बिजली काटे जाने से उन्हें कुछ समय तक असुविधा का सामना करना पड़ता है। इस बारिश से किसानों के चेहरे भी खिल उठे हैं, क्योंकि खेतों में नमी आने से खरीफ फसलों की बुवाई और अन्य कृषि कार्यों को गति मिलने की उम्मीद जगी है। मौसम विभाग ने आगामी दिनों में भी प्रदेश के कई क्षेत्रों में आंधी, गरज-चमक और बारिश की संभावना जताई है और लोगों से सतर्क रहने की अपील की है।
- राष्ट्रीय पल्स पोलियो अभियान के तहत रविवार को सुमेरपुर ब्लॉक में 0 से 5 वर्ष तक के 41,018 बच्चों को पोलियोरोधी दवा पिलाई जाएगी। अभियान के पहले दिन 127 पोलियो बूथों पर बच्चों को पोलियो की दो बूंद पिलाई जाएगी, जिसके बाद 250 हाउस-टू-हाउस टीमें घर-घर जाकर छूटे बच्चों को कवर करेंगी। ब्लॉक मुख्य चिकित्सा अधिकारी गोविंद सिंह चुंडावत ने बताया कि अभियान की सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। प्रभावी मॉनिटरिंग के लिए 21 सुपरवाइजर, 10 ट्रांजिट टीमें और 2 मोबाइल टीमें तैनात की गई हैं। ब्लॉक कार्यक्रम अधिकारी प्रमोद गिरी के अनुसार, अभियान में 311 वैक्सीनेटर और 276 सहयोगी अपनी सेवाएं देंगे। वैक्सीन की सुरक्षित आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए 13 आईएलआर, 15 डीप फ्रीजर, 358 वैक्सीन कैरियर और 52 कोल्ड बॉक्स की व्यवस्था की गई है। सेक्टरवार लक्ष्य के अनुसार, सुमेरपुर शहरी एवं ग्रामीण में 11,582 बच्चों को खुराक पिलाई जाएगी। वहीं, तखतगढ़ में 5,922, सांडेराव में 5,688, बांकली में 4,716, कोसेलाव में 3,318, बामनेरा में 2,432, चाणोद में 2,388, पावा में 1,826, ढोला में 1,668 और नोवी में 1,478 बच्चों को दवा पिलाने का लक्ष्य रखा गया है। डॉ. गोविंद सिंह चुंडावत के नेतृत्व में प्रमोद गिरी को अभियान का समन्वयक और बिंजाराम मीणा को सह-समन्वयक नियुक्त किया गया है। गोपाल शर्मा और दिनेश मीणा वैक्सीन वितरण व आपूर्ति व्यवस्था संभालेंगे, जबकि कैलाश कुमार, मोहित कुमार और इमरान खान रिपोर्टिंग कार्य देखेंगे। खुशबू सिंह, प्रवीना कुमारी, केनाराम और रौनक कुमार कंट्रोल रूम में अपनी सेवाएं देंगे। संदीप सिंह वित्तीय प्रबंधन और सलीम शेख लॉजिस्टिक तथा सप्लाई प्रबंधन का दायित्व निभाएंगे। विशाल सिंह डाबी कार्यालय स्तर पर कोल्ड चेन प्रबंधन की जिम्मेदारी संभालेंगे। स्वास्थ्य विभाग ने अभिभावकों से अपील की है कि वे पांच वर्ष से कम आयु के हर बच्चे को रविवार को नजदीकी पोलियो बूथ पर जरूर लेकर आएं। यदि बच्चा बूथ तक नहीं पहुंच सके, तो घर-घर आने वाली टीम को दवा जरूर पिलवाएं। विभाग ने जनप्रतिनिधियों, पंचायत प्रतिनिधियों, आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं, आशा सहयोगिनियों, स्वयंसेवी संस्थाओं और आमजन से भी अभियान में सहयोग करने की अपील की है, ताकि कोई भी बच्चा खुराक से वंचित न रहे।1
- सुमेरपुर उपखंड क्षेत्र में भीषण गर्मी और उमस से बेहाल लोगों को शनिवार, 27 जून की शाम उस समय बड़ी राहत मिली जब तखतगढ़ कस्बे और आसपास के गांवों में तेज गर्जना के साथ झमाझम बारिश हुई। करीब 20 से 25 मिनट तक हुई इस तेज बारिश से सड़कें पानी से भर गईं और मौसम पूरी तरह सुहावना हो गया। बारिश के बाद तापमान में भी गिरावट दर्ज की गई, जिससे लोगों ने राहत की सांस ली। बारिश शुरू होने से पहले विद्युत विभाग ने एहतियात के तौर पर बिजली आपूर्ति बंद कर दी थी, हालांकि स्थानीय लोगों का कहना है कि हल्की हवा या बारिश की आशंका होते ही बिजली काटे जाने से उन्हें कुछ समय तक असुविधा का सामना करना पड़ता है। इस बारिश से किसानों के चेहरे भी खिल उठे हैं, क्योंकि खेतों में नमी आने से खरीफ फसलों की बुवाई और अन्य कृषि कार्यों को गति मिलने की उम्मीद जगी है। मौसम विभाग ने आगामी दिनों में भी प्रदेश के कई क्षेत्रों में आंधी, गरज-चमक और बारिश की संभावना जताई है और लोगों से सतर्क रहने की अपील की है।2
- पाली जिले के बाली पुलिस थाना क्षेत्र के मुडारा गांव में, होल माताजी भवन से जुड़े एक मामले को लेकर, आपसी रिश्तेदारों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर कानूनी कार्यवाही करने की कृपा करने की मांग की गई है।1
- भारतीय जनता पार्टी राजस्थान के प्रदेशाध्यक्ष मदन राठौड़ ने राज्य के सभी जनप्रतिनिधियों और पार्टी कार्यकर्ताओं से 28 जून 2026 को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के लोकप्रिय रेडियो कार्यक्रम "मन की बात" को अपने-अपने बूथों पर सामूहिक रूप से सुनने का आह्वान किया है। राठौड़ ने कार्यकर्ताओं से कार्यक्रम में अधिक से अधिक संख्या में भाग लेने का आग्रह किया है। इसके साथ ही, उन्होंने सरल ऐप पर आयोजित डिजिटल लर्निंग प्रोग्राम का प्रशिक्षण प्राप्त करने, प्रशिक्षण पूर्ण होने पर अपना प्रमाण पत्र डाउनलोड करने तथा "मन की बात" कार्यक्रम की तस्वीरें भी सरल ऐप पर अपलोड करने का अनुरोध किया। प्रदेशाध्यक्ष ने सभी जनप्रतिनिधियों और कार्यकर्ताओं से बूथ स्तर पर कार्यक्रम का सफल आयोजन सुनिश्चित करने तथा संगठन द्वारा दिए गए निर्देशों का पालन करते हुए अपनी सहभागिता दर्ज कराने के लिए कहा है।1
- राजस्थान के सिरोही जिले के मंडवारिया गांव से एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जहाँ कथित तौर पर मृत्युभोज में घी के मालपुए नहीं बनाने पर समाज के पंचों ने 43 परिवारों का सामाजिक बहिष्कार कर दिया है। पीड़ित परिवारों का आरोप है कि इस फरमान के बाद उनका हुक्का-पानी बंद कर दिया गया है, उन्हें कहीं मजदूरी नहीं मिल रही और दुकानों से राशन तक नहीं दिया जा रहा। यह गंभीर मामला अब जिला प्रशासन तक पहुँच गया है। यह घटना मंडवारिया गांव में तब घटी जब एक परिवार में मृत्युभोज का आयोजन किया गया था। परिवार की आर्थिक स्थिति कमजोर होने के कारण उन्होंने परंपरा के अनुसार घी के मालपुए की जगह साधारण भोजन परोसा। आरोप है कि इसी बात से नाराज होकर समाज के एक दर्जन से अधिक पंचों ने एक बैठक की और मृत्युभोज कराने वाले परिवार सहित कुल 43 परिवारों को समाज से बहिष्कृत करने का फैसला सुना दिया। पीड़ित परिवारों का कहना है कि इस फैसले के बाद गांव में लोग उनसे बातचीत नहीं कर रहे हैं, कई जगह उन्हें मजदूरी नहीं दी जा रही और उन्हें सामाजिक कार्यक्रमों से भी दूर रखा जा रहा है, जिससे उनके सामने रोजी-रोटी का बड़ा संकट खड़ा हो गया है। एक पीड़ित परिवार ने अपनी आपबीती साझा करते हुए कहा कि, "हमने आर्थिक तंगी के कारण घी के मालपुए नहीं बनाए थे। इसके बाद समाज के पंचों ने हमें समाज से बाहर कर दिया। गांव में कोई बात नहीं करता और काम भी नहीं मिल रहा है।" एक अन्य पीड़ित ने भावुक होकर न्याय की गुहार लगाते हुए पूछा, "घी के मालपुए नहीं बनाए तो क्या हम इंसान नहीं रहे? हमारी बहू-बेटियों से भी लोग बात नहीं कर रहे हैं। प्रशासन हमें न्याय दिलाए।" इस मामले में पीड़ित परिवारों ने समाज के कई पंचों के खिलाफ स्थानीय थाने में शिकायत दर्ज कराई है, लेकिन उनका आरोप है कि शिकायत के बावजूद अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है। कार्रवाई न होने से नाराज सभी 43 परिवारों के सदस्य जिला मुख्यालय पहुँचे और जिला कलेक्टर को एक ज्ञापन सौंपकर न्याय की मांग की है। कानूनी जानकारों के अनुसार, सामाजिक और आर्थिक बहिष्कार कानूनन एक अपराध की श्रेणी में आता है और ऐसे मामलों में दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई व सजा का प्रावधान है। अब सभी की निगाहें इस बात पर टिकी हैं कि प्रशासन और पुलिस इस पूरे मामले में क्या कार्रवाई करती है।2
- सुमेरपुर में 27 जून को चारभुजा से बाड़मेर जा रही राजस्थान रोडवेज की एक बस में सादड़ी के पास फ्लाइंग टीम ने अचानक निरीक्षण किया। इस जांच के दौरान, देसूरी से सांडेराव की यात्रा कर रहे दो यात्री बिना वैध टिकट के सफर करते पाए गए। नियमों का उल्लंघन करने पर बस परिचालक वासनाराम चौधरी ने दोनों यात्रियों से नियमानुसार किराए का 10 गुना जुर्माना वसूल किया। इस कार्रवाई के बाद यात्रियों को टिकट जारी कर उनकी आगे की यात्रा सुनिश्चित की गई। यह कार्रवाई राजस्थान रोडवेज द्वारा समय-समय पर बिना टिकट यात्रा रोकने और राजस्व हानि को कम करने के उद्देश्य से फ्लाइंग टीमों के माध्यम से चलाए जाने वाले विशेष जांच अभियानों का हिस्सा है। रोडवेज के नियमों के अनुसार, प्रत्येक यात्री के लिए यात्रा शुरू करते ही टिकट लेना अनिवार्य है। बिना टिकट यात्रा करते पकड़े जाने पर संबंधित यात्री से निर्धारित प्रावधानों के तहत जुर्माना वसूला जाता है। रोडवेज प्रशासन ने यात्रियों से अपील की है कि वे बस में चढ़ते ही अपना टिकट अवश्य लें और अपनी पूरी यात्रा के दौरान उसे सुरक्षित अपने पास रखें।3
- वाराणसी से एक नया वायरल वीडियो सामने आया है, जिसमें लोग भागते हुए दिखाई दे रहे हैं।1