Shuru
Apke Nagar Ki App…
दिनेश मीणा
More news from राजस्थान and nearby areas
- बसें बंद, यात्रियों की मजबूरी: बांसवाड़ा–कुशलगढ़ मार्ग पर निजी वाहनों की मनमानी बांसवाड़ा डिपो द्वारा यात्रीभार कम होने का हवाला देकर बांसवाड़ा से कुशलगढ़ वाया सज्जनगढ़ चलने वाली अधिकांश रोडवेज बसों को बंद कर दी है। हैरानी की बात यह है कि वर्तमान में जो मात्र तीन बसें संचालित हैं, उनमें यात्रियों को पैर रखने तक की जगह नहीं मिल रही है। भीड़ के चलते यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है, लेकिन इसके बावजूद डिपो प्रबंधन आंखें मूंदे बैठा है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि डिपो मैनेजर की मिलीभगत से निजी वाहनों को बढ़ावा दिया जा रहा है, जिससे रोडवेज सेवा को जानबूझकर कमजोर किया जा रहा है। बसों की कमी के कारण यात्रियों को मजबूरन निजी बसों व वाहनों में अधिक किराया देकर यात्रा करनी पड़ रही है। इससे न केवल आमजन पर आर्थिक बोझ बढ़ा है, बल्कि सड़क सुरक्षा को लेकर भी खतरा पैदा हो गया है। यात्रियों ने रोडवेज प्रशासन से तत्काल बसों की संख्या बढ़ाने की मांग की1
- Post by Arjun rathore29941
- गरोठ की ग्रामीण बेटियों ने साबित कर दिया कि हुनर और हौसले के आगे संसाधनों की कमी मायने नहीं रखती। शासकीय हाई स्कूल परासलीघाटा की प्रिया मीणा और पायल मीणा का राज्य स्तरीय शतरंज प्रतियोगिता के लिए चयन पूरे क्षेत्र के लिए गर्व का विषय है।1
- Post by Bapulal Ahari1
- श्री राम भक्त हनुमानजी महाराज जी आपकी जय हो जय श्री राम श्री राम जय राम जय जय राम श्री सीतारामाय नमः गांव पुठोंली चंदेरिया चित्तौरगढ़ राजस्थान में निवास करने वाले सुख संपत्ति आनंद वैभव खुशहाली बरसाने वाले आपकी जय हो आप ही आप हो दया करो क्षमा करो कृपा करो रक्षा करो सद बुद्धि देवो हरि ॐ ॐ नमो भगवते वासुयदेवाय1
- Post by Lucky sukhwal1
- nice dance1
- रेफर मरीजों को नहीं होगी परेशानी, एमजी अस्पताल में बनेगा हेल्पलाइन सेंटर जिला स्वास्थ्य समिति की बैठक में कलेक्टर के निर्देश बांसवाड़ा। जिले के चिकित्सा संस्थानों से रेफर होने वाले मरीजों को किसी प्रकार की परेशानी न हो, इसके लिए एमजी अस्पताल में हेल्पलाइन सेंटर की स्थापना की जाएगी। जिला स्वास्थ्य समिति की बैठक में जिला कलेक्टर डॉ. इंद्रजीत यादव ने यह निर्देश दिए। उन्होंने मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. खुशपाल सिंह राठौड़ को निर्देशित किया कि जिला अस्पताल प्रशासन के साथ बैठक कर एक हेल्पलाइन नंबर जारी किया जाए तथा इसे जिले के सभी चिकित्सा संस्थानों में सर्कुलेट किया जाए, ताकि रेफर केसों से संबंधित मरीजों की जानकारी पहले से ही जिला अस्पताल में उपलब्ध हो सके। इस दौरान जिला अस्पताल से पीएमएओ के प्रतिनिधि के रूप में उपस्थित डॉ. वी.के. जैन ने भी इस प्रक्रिया को लेकर तैयारियां शुरू करने की बात कही। यूनिफॉर्म से बढ़ता है मरीजों का भरोसा जिला कलेक्टर डॉ. यादव ने अस्पतालों में ड्रेस कोड को लेकर भी निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि यूनिफॉर्म में रहने से मरीजों में आत्मविश्वास बढ़ता है और वे स्टाफ से बेझिझक संवाद करते हैं। वार्ड में तैनात सभी कार्मिक हर हाल में ड्रेस कोड का पालन करें। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. खुशपाल सिंह राठौड़ ने जननी सुरक्षा योजना एवं लाड़ो प्रोत्साहन योजना में शत-प्रतिशत भुगतान सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। वहीं, एडिशनल सीएमएचओ डॉ. भरतराम मीणा ने मातृ एवं परिवार कल्याण से जुड़ी प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत की। गर्मी की तैयारियां अभी से शुरू करने के निर्देश जिला कलेक्टर ने सभी बीसीएमओ और अस्पताल प्रभारियों को निर्देश दिए कि गर्मी के मौसम को देखते हुए अभी से तैयारियां शुरू कर दी जाएं। अस्पतालों में कूलर, पंखे, एसी और पर्याप्त पेयजल व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। इस संबंध में किसी भी प्रकार की कोताही नहीं बरतने के निर्देश दिए गए। मां वाउचर योजना से जुड़े सोनोग्राफी केंद्रों पर लिखे जाएंगे हेल्पलाइन नंबर डॉ. यादव ने निर्देश दिए कि मां वाउचर योजना से जुड़े सभी प्रथम स्तर के सोनोग्राफी केंद्रों पर बीसीएमओ एवं प्रभारी चिकित्सकों के हेल्पलाइन नंबर प्रदर्शित किए जाएं, ताकि लाभार्थियों को किसी भी प्रकार की समस्या होने पर तुरंत संपर्क किया जा सके। साथ ही 18 से 30 वर्ष आयु वर्ग की महिलाओं में एएनसी पंजीकरण के लिए संपर्क का दायरा बढ़ाने पर जोर दिया। बीसीएमओ हर माह लेंगे तीन अनिवार्य बैठकें जिला कलेक्टर ने निर्देश दिए कि प्रत्येक बीसीएमओ हर माह तीन बैठकें अनिवार्य रूप से आयोजित करेंगेकृ पहली केवल सीएचओ की, दूसरी एएनएम एवं एलएचवी की, और तीसरी दोनों कार्मिकों की संयुक्त बैठक होगी। इन बैठकों में जिला स्तरीय अधिकारी भी भाग लेंगे, ताकि स्वास्थ्य योजनाओं में मौजूद गैप को पूरा किया जा सके। साथ ही आशा कार्यकर्ताओं के पैरामीटर्स पर प्रभावी ढंग से काम करने के निर्देश दिए गए, जिससे उनके इंसेंटिव में वृद्धि के साथ आमजन को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं मिल सकें। इनकी रही उपस्थिति बैठक में बीसीएमओ डॉ. मुकेश मईड़ा, डॉ. दीपिका रोत, डॉ. गिरीश भाबोर, डॉ. भगतसिंह तंबोलिया, डॉ. अर्जुन डिंडोर, डीपीएम ललित सिंह झाला, डॉ. वनिता त्रिवेदी, जपाइगो से लोकेश शर्मा, डब्ल्यूएचओ से डॉ. अक्षय व्यास सहित अन्य चिकित्सा अधिकारियों ने अपने-अपने विचार रखे।2
- Post by Bapulal Ahari1