Shuru
Apke Nagar Ki App…
मथुरा से जुड़े एक महत्वपूर्ण मामले में, नारायण दास और अभिषेक मिश्रा पर 'फर्जी गुरु' होने का गंभीर आरोप सामने आया है। यह खबर ब्रेकिंग न्यूज़ के तौर पर प्रसारित हो रही है, जिससे इस प्रकरण की संवेदनशीलता और चर्चा में रहने का संकेत मिलता है।
Awaaz -e-Bharat
मथुरा से जुड़े एक महत्वपूर्ण मामले में, नारायण दास और अभिषेक मिश्रा पर 'फर्जी गुरु' होने का गंभीर आरोप सामने आया है। यह खबर ब्रेकिंग न्यूज़ के तौर पर प्रसारित हो रही है, जिससे इस प्रकरण की संवेदनशीलता और चर्चा में रहने का संकेत मिलता है।
More news from बिहार and nearby areas
- बिहार के वैशाली में एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जहाँ 34 साल पुराने एक केस में अब जाकर फैसला आया है। इस फैसले के तहत, एक 85 वर्षीय बुजुर्ग को जेल भेज दिया गया है। यह घटना सोशल मीडिया पर काफी 'वायरल केस' बन गई है और #JusticeDelayed की बहस को एक बार फिर से उजागर करती है।1
- बिहार सरकार के एक आवास सहायक पर 2025 की आवास योजना में नाम जोड़ने के नाम पर गरीबों से अवैध वसूली करने का गंभीर आरोप लगा है। पोस्ट में अधिकारियों द्वारा गरीब जनता का 'खून चूसने' जैसे तीखे शब्दों का प्रयोग किया गया है, जो इस कथित वसूली के प्रति गहरी नाराजगी और आक्रोश व्यक्त करता है। हालांकि, पोस्ट करने वाले चैनल ने स्पष्ट किया है कि वह इन आरोपों की पुष्टि नहीं करता है, और इसे जांच का विषय बताया गया है। इस पूरे मामले में कैमूर के जिला पदाधिकारी से तत्काल कार्रवाई करने की अपील की गई है।1
- मोहनिया, कैमूर के सोनहन थाना क्षेत्र के कैथी गांव में गुरुवार सुबह एक हृदयविदारक घटना सामने आई, जहाँ करंट लगने से एक 12 वर्षीय छात्र की मौत हो गई। यह घटना सुबह करीब 7 बजे की बताई जा रही है। मृतक की पहचान कैथी गांव निवासी सुदेश्वर शाह के पुत्र शिवम कुमार के रूप में हुई है। जानकारी के अनुसार, शिवम सुबह शौच के लिए गांव के बाहर बधार में गया था, और इसी दौरान वह बिजली के करंट की चपेट में आ गया। बधार में करंट लगने से 12 वर्षीय छात्र की हुई इस दुखद मौत के बाद परिवार में कोहराम मच गया है।2
- चंदौली जमीन बचाओ संघर्ष समिति की ओर से किसान नेता रतन सिंह ने भूमि अधिग्रहण रद्द करने की मांग उठाई है।1
- चंदौली जिले के सकलडीहा स्थित अहिकौरा कमालपुर में एक अखंड कीर्तन का आयोजन किया गया। इस दौरान भगवान राम के जयकारे लगाए गए और 'जय श्री राम' का उद्घोष गूंज उठा। इस धार्मिक कार्यक्रम में युवा नेता राजकुमार सनातनी भी मौजूद रहे।1
- पूर्ण संत रामपाल जी महाराज को एक सच्चे सतगुरु के रूप में वर्णित किया गया है, जिनके वचनों में अद्भुत शक्ति है। इसी शक्ति के प्रभाव से उनके करोड़ों अनुयायियों, यहाँ तक कि छोटे बच्चों में भी उनके 'तत्वज्ञान' का एक अद्भुत असर देखा जा रहा है। ये अनुयायी नशे, जाति-पाति, धर्म-मज़हब, चोरी, बेईमानी और रिश्वत जैसी बुराइयों से दूर होकर एक स्वच्छ समाज के निर्माण में लगे हैं। इस प्रयास से भारत फिर से 'सोने की चिड़िया' कहलाएगा और पूरे विश्व में अमन, चैन तथा आपसी प्रेम की स्थापना होगी।1
- चंदौली के धीना स्थित नरवन क्षेत्र में चल रही चकबंदी प्रक्रिया को लेकर किसानों ने गंभीर सवाल उठाए हैं। किसानों का आरोप है कि चकबंदी विभाग रेलवे की भूमि में खंभे गाड़कर चक निर्धारण कर रहा है, जिससे भविष्य में बड़े विवादों की स्थिति उत्पन्न हो सकती है। इस मामले में किसान नेता रतन सिंह के नेतृत्व में एक प्रतिनिधिमंडल ने चंदौली के अपर जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपा है, जिसमें चकबंदी प्रक्रिया की तत्काल जांच कराने और उसे रोकने की मांग की गई है। किसानों का कहना है कि जनपद में पंडित दीनदयाल नगर से पटना और पंडित दीनदयाल नगर से गया रेलखंड के किनारे बसे गाँवों में चकबंदी विभाग द्वारा रेलवे की भूमि को गलत तरीके से चक में काटा जा रहा है। उनका आरोप है कि रेलवे की वास्तविक भूमि 240 से 250 कड़ी तक है, जबकि चकबंदी विभाग 140 कड़ी को 150 कड़ी दर्शाकर किसानों की जमीन का चक निर्धारण कर रहा है। किसानों ने बताया कि रेलवे विभाग ने अपनी भूमि का सीमांकन उत्तर और दक्षिण दिशा में पत्थर गाड़कर कब्जा दर्ज कराया है। विरोध करने पर, दानापुर रेल मंडल के वरिष्ठ अभियंता ने नक्शा दिखाते हुए स्पष्ट किया कि 150 कड़ी क्षेत्र में रेलवे ट्रैक एवं पटरी स्थित है, जबकि ट्रैक के उत्तर दिशा में 60 कड़ी और दक्षिण दिशा में 40 कड़ी रेलवे की अतिरिक्त भूमि है। किसानों का आरोप है कि चकबंदी विभाग ने रेलवे प्रशासन से अनुमति एवं अनापत्ति प्रमाण पत्र (एनओसी) लिए बिना ही रेलवे भूमि को चकबंदी प्रक्रिया में शामिल कर लिया है, जो पूरी तरह अनुचित और गैरकानूनी है। किसानों का मानना है कि इस कारण जनपद में लगभग 1500 से 2000 एकड़ भूमि पर रेलवे द्वारा अतिक्रमण की स्थिति उत्पन्न हो सकती है, जिसे किसान किसी भी कीमत पर स्वीकार नहीं करेंगे। ज्ञापन के माध्यम से किसानों ने मांग की है कि मौके पर चकबंदी विभाग, रेलवे विभाग तथा प्रशासनिक अधिकारियों की एक संयुक्त टीम भेजकर वास्तविक स्थिति की जांच कराई जाए और इस विवादित चकबंदी प्रक्रिया पर तत्काल रोक लगाई जाए। किसान नेता रतन सिंह ने यह भी चेतावनी दी है कि यदि किसानों की समस्याओं का समाधान नहीं किया गया, तो इस आंदोलन को और भी व्यापक रूप दिया जाएगा।2
- मथुरा के गोवर्धन क्षेत्र से अभिषेक मिश्रा उर्फ आदिकर्ता नारायण दास की गिरफ्तारी का मामला इस समय पूरे देश में चर्चा का विषय बना हुआ है। पुलिस के मुताबिक, आरोपी पर महिलाओं को अपने प्रभाव में लेकर कथित तौर पर उनका शोषण करने, उन्हें ब्लैकमेल करने और धोखाधड़ी करने जैसे गंभीर आरोप लगाए गए हैं।1