करंट की चपेट में आने से युवक गंभीर, होमगार्ड ने तत्परता दिखाकर पहुंचाया अस्पताल धौलपुर। शहर के ओडेला रोड पर मंगलवार दोपहर लाइट के खंभे पर नेट से संबंधित काम कर रहा एक युवक अचानक करंट की चपेट में आ गया। हादसे में वह गंभीर रूप से झुलसकर जमीन पर गिर पड़ा। घटना के बाद मौके पर लोगों की भीड़ जमा हो गई, लेकिन घायल को अस्पताल पहुंचाने के लिए तत्काल कोई आगे नहीं आया। ऐसे में वहां से गुजर रहे होमगार्ड जवान ने तत्परता दिखाते हुए पुलिस को सूचना दी और घायल को अस्पताल पहुंचाने की व्यवस्था की। जानकारी के अनुसार पुरानी सराय निवासी असलम खान पुत्र निसार खान मंगलवार दोपहर करीब साढ़े तीन बजे ओडेला रोड पर लाइट के खंभे पर नेट से संबंधित काम कर रहा था। इसी दौरान वह अचानक करंट की चपेट में आ गया और गंभीर रूप से झुलसकर नीचे गिर पड़ा। हादसे के बाद मौके पर लोगों की भीड़ एकत्र हो गई। इसी दौरान अपने निजी काम से बाइक पर वहां से गुजर रहे होमगार्ड राजेंद्र सिंह की नजर भीड़ पर पड़ी। उन्होंने बाइक रोककर घायल की स्थिति देखी और तत्काल पुलिस कंट्रोल रूम को सूचना दी। इसके बाद उन्होंने एक ऑटो रुकवाकर घायल को अस्पताल पहुंचाने की व्यवस्था शुरू की। कंट्रोल रूम से सूचना मिलने पर ओडेला रोड चौकी से कांस्टेबल अभिषेक भी मौके पर पहुंचे। होमगार्ड राजेंद्र सिंह और कांस्टेबल अभिषेक ने स्थानीय लोगों की मदद से घायल असलम खान को ऑटो में बैठाया और जिला अस्पताल पहुंचाया। यहां प्राथमिक उपचार के बाद उसकी हालत गंभीर होने पर चिकित्सकों ने उसे जयपुर रेफर कर दिया। घायल को उठाकर ऑटो में बैठाने के दौरान होमगार्ड राजेंद्र सिंह के हाथ में भी चोट आई। घटना के बाद असलम खान की हालत गंभीर बताई जा रही है। हादसे के बाद समय रहते होमगार्ड और पुलिसकर्मी की तत्परता से घायल को अस्पताल पहुंचाया जा सका।
करंट की चपेट में आने से युवक गंभीर, होमगार्ड ने तत्परता दिखाकर पहुंचाया अस्पताल धौलपुर। शहर के ओडेला रोड पर मंगलवार दोपहर लाइट के खंभे पर नेट से संबंधित काम कर रहा एक युवक अचानक करंट की चपेट में आ गया। हादसे में वह गंभीर रूप से झुलसकर जमीन पर गिर पड़ा। घटना के बाद मौके पर लोगों की भीड़ जमा हो गई, लेकिन घायल को अस्पताल पहुंचाने के लिए तत्काल कोई आगे नहीं आया। ऐसे में वहां से गुजर रहे होमगार्ड जवान ने तत्परता दिखाते हुए पुलिस को सूचना दी और घायल को अस्पताल पहुंचाने की व्यवस्था की। जानकारी के अनुसार पुरानी सराय निवासी असलम खान पुत्र निसार खान मंगलवार दोपहर करीब साढ़े तीन बजे ओडेला रोड पर लाइट के खंभे पर नेट से संबंधित काम कर रहा था। इसी दौरान वह अचानक करंट की चपेट में आ गया और गंभीर रूप से झुलसकर नीचे गिर पड़ा। हादसे के बाद मौके पर लोगों की भीड़
एकत्र हो गई। इसी दौरान अपने निजी काम से बाइक पर वहां से गुजर रहे होमगार्ड राजेंद्र सिंह की नजर भीड़ पर पड़ी। उन्होंने बाइक रोककर घायल की स्थिति देखी और तत्काल पुलिस कंट्रोल रूम को सूचना दी। इसके बाद उन्होंने एक ऑटो रुकवाकर घायल को अस्पताल पहुंचाने की व्यवस्था शुरू की। कंट्रोल रूम से सूचना मिलने पर ओडेला रोड चौकी से कांस्टेबल अभिषेक भी मौके पर पहुंचे। होमगार्ड राजेंद्र सिंह और कांस्टेबल अभिषेक ने स्थानीय लोगों की मदद से घायल असलम खान को ऑटो में बैठाया और जिला अस्पताल पहुंचाया। यहां प्राथमिक उपचार के बाद उसकी हालत गंभीर होने पर चिकित्सकों ने उसे जयपुर रेफर कर दिया। घायल को उठाकर ऑटो में बैठाने के दौरान होमगार्ड राजेंद्र सिंह के हाथ में भी चोट आई। घटना के बाद असलम खान की हालत गंभीर बताई जा रही है। हादसे के बाद समय रहते होमगार्ड और पुलिसकर्मी की तत्परता से घायल को अस्पताल पहुंचाया जा सका।
- करंट की चपेट में आने से युवक गंभीर, होमगार्ड ने तत्परता दिखाकर पहुंचाया अस्पताल धौलपुर। शहर के ओडेला रोड पर मंगलवार दोपहर लाइट के खंभे पर नेट से संबंधित काम कर रहा एक युवक अचानक करंट की चपेट में आ गया। हादसे में वह गंभीर रूप से झुलसकर जमीन पर गिर पड़ा। घटना के बाद मौके पर लोगों की भीड़ जमा हो गई, लेकिन घायल को अस्पताल पहुंचाने के लिए तत्काल कोई आगे नहीं आया। ऐसे में वहां से गुजर रहे होमगार्ड जवान ने तत्परता दिखाते हुए पुलिस को सूचना दी और घायल को अस्पताल पहुंचाने की व्यवस्था की। जानकारी के अनुसार पुरानी सराय निवासी असलम खान पुत्र निसार खान मंगलवार दोपहर करीब साढ़े तीन बजे ओडेला रोड पर लाइट के खंभे पर नेट से संबंधित काम कर रहा था। इसी दौरान वह अचानक करंट की चपेट में आ गया और गंभीर रूप से झुलसकर नीचे गिर पड़ा। हादसे के बाद मौके पर लोगों की भीड़ एकत्र हो गई। इसी दौरान अपने निजी काम से बाइक पर वहां से गुजर रहे होमगार्ड राजेंद्र सिंह की नजर भीड़ पर पड़ी। उन्होंने बाइक रोककर घायल की स्थिति देखी और तत्काल पुलिस कंट्रोल रूम को सूचना दी। इसके बाद उन्होंने एक ऑटो रुकवाकर घायल को अस्पताल पहुंचाने की व्यवस्था शुरू की। कंट्रोल रूम से सूचना मिलने पर ओडेला रोड चौकी से कांस्टेबल अभिषेक भी मौके पर पहुंचे। होमगार्ड राजेंद्र सिंह और कांस्टेबल अभिषेक ने स्थानीय लोगों की मदद से घायल असलम खान को ऑटो में बैठाया और जिला अस्पताल पहुंचाया। यहां प्राथमिक उपचार के बाद उसकी हालत गंभीर होने पर चिकित्सकों ने उसे जयपुर रेफर कर दिया। घायल को उठाकर ऑटो में बैठाने के दौरान होमगार्ड राजेंद्र सिंह के हाथ में भी चोट आई। घटना के बाद असलम खान की हालत गंभीर बताई जा रही है। हादसे के बाद समय रहते होमगार्ड और पुलिसकर्मी की तत्परता से घायल को अस्पताल पहुंचाया जा सका।2
- धौलपुर में निकाय चुनाव की बजी रणभेरी, वार्ड आरक्षण लॉटरी से तस्वीर साफ नई सीमाओं के अनुसार पारदर्शी तरीके से हुई आरक्षण प्रक्रिया, छोटी बच्चियों से निकलवाई गई पर्चियां; राजनीतिक दलों और दावेदारों की बढ़ी धड़कनें धौलपुर। आगामी नगर निकाय चुनावों को लेकर धौलपुर जिले में सियासी हलचल अब तेज होती दिखाई देने लगी है। नगर परिषद टाउन हॉल में जिले के नगर निकायों के वार्डों की आरक्षण प्रक्रिया पूरी होने के साथ ही चुनावी मैदान की तस्वीर काफी हद तक साफ हो गई है। नई वार्ड सीमाओं के अनुसार आयोजित आरक्षण लॉटरी में पारदर्शिता का विशेष ध्यान रखा गया। इस दौरान मासूम छोटी बच्चियों से पर्चियां निकलवाकर आरक्षण तय किया गया, जिसने पूरी प्रक्रिया को सहज, निष्पक्ष और पारदर्शी बनाने का संदेश दिया। जिला कलेक्टर निधि बी.टी. की मौजूदगी में आयोजित विशेष कार्यक्रम में जिले के नगर निकायों के वार्डों के लिए आरक्षण प्रक्रिया संपन्न कराई गई। नगर परिषद धौलपुर सहित बाड़ी, बसेड़ी, सरमथुरा, सैंपऊ, मनियां और राजाखेड़ा के वार्डों को प्रक्रिया में शामिल किया गया। प्रशासन की ओर से बताया गया कि वार्ड परिसीमन और आंतरिक सीमाओं में हुए बदलाव के बाद आवश्यक स्पष्टीकरण प्राप्त होने पर नए सिरे से आरक्षण निर्धारण किया गया। अनुसूचित जाति के वार्डों का आरक्षण उनकी जनसंख्या के प्रतिशत के घटते क्रम के आधार पर किया गया, जबकि अनुसूचित जनजाति के लिए वर्ष 2011 की जनगणना में दर्ज जनसंख्या प्रतिशत को आधार बनाया गया। वहीं, अन्य पिछड़ा वर्ग के वार्डों का आवंटन राजनीतिक प्रतिनिधित्व आयोग के दिशा-निर्देशों के अनुसार किया गया। प्रत्येक वर्ग—अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति, अन्य पिछड़ा वर्ग और सामान्य वर्ग—में महिलाओं के लिए एक-तिहाई सीटें आरक्षित की गईं। लॉटरी के दौरान मौजूद नागरिकों, जनप्रतिनिधियों और मीडियाकर्मियों ने प्रक्रिया को नजदीक से देखा। मासूम बच्चियों के हाथों पर्चियां निकलवाने के दृश्य ने पूरे आयोजन को खास बना दिया। प्रशासन ने स्पष्ट किया कि आरक्षण प्रक्रिया नियमों के अनुरूप और निष्पक्ष ढंग से कराई गई है। आरक्षण की स्थिति सामने आते ही चुनाव लड़ने की तैयारी कर रहे दावेदारों की धड़कनें बढ़ गई हैं। कई संभावित प्रत्याशी अपने वार्ड की स्थिति के अनुसार अब राजनीतिक रणनीति बदलने में जुट गए हैं। वहीं राजनीतिक दलों ने भी संभावित प्रत्याशियों के समीकरणों पर मंथन शुरू कर दिया है। माना जा रहा है कि आने वाले दिनों में धौलपुर जिले के निकाय क्षेत्रों में चुनावी बैठकों, जनसंपर्क और दावेदारी का दौर और तेज होगा। धौलपुर में निकाय चुनाव की बजी रणभेरी, वार्ड आरक्षण लॉटरी से तस्वीर साफ नई सीमाओं के अनुसार पारदर्शी तरीके से हुई आरक्षण प्रक्रिया, छोटी बच्चियों से निकलवाई गई पर्चियां; राजनीतिक दलों और दावेदारों की बढ़ी धड़कनें धौलपुर। आगामी नगर निकाय चुनावों को लेकर धौलपुर जिले में सियासी हलचल अब तेज होती दिखाई देने लगी है। नगर परिषद टाउन हॉल में जिले के नगर निकायों के वार्डों की आरक्षण प्रक्रिया पूरी होने के साथ ही चुनावी मैदान की तस्वीर काफी हद तक साफ हो गई है। नई वार्ड सीमाओं के अनुसार आयोजित आरक्षण लॉटरी में पारदर्शिता का विशेष ध्यान रखा गया। इस दौरान मासूम छोटी बच्चियों से पर्चियां निकलवाकर आरक्षण तय किया गया, जिसने पूरी प्रक्रिया को सहज, निष्पक्ष और पारदर्शी बनाने का संदेश दिया। जिला कलेक्टर निधि बी.टी. की मौजूदगी में आयोजित विशेष कार्यक्रम में जिले के नगर निकायों के वार्डों के लिए आरक्षण प्रक्रिया संपन्न कराई गई। नगर परिषद धौलपुर सहित बाड़ी, बसेड़ी, सरमथुरा, सैंपऊ, मनियां और राजाखेड़ा के वार्डों को प्रक्रिया में शामिल किया गया। प्रशासन की ओर से बताया गया कि वार्ड परिसीमन और आंतरिक सीमाओं में हुए बदलाव के बाद आवश्यक स्पष्टीकरण प्राप्त होने पर नए सिरे से आरक्षण निर्धारण किया गया। अनुसूचित जाति के वार्डों का आरक्षण उनकी जनसंख्या के प्रतिशत के घटते क्रम के आधार पर किया गया, जबकि अनुसूचित जनजाति के लिए वर्ष 2011 की जनगणना में दर्ज जनसंख्या प्रतिशत को आधार बनाया गया। वहीं, अन्य पिछड़ा वर्ग के वार्डों का आवंटन राजनीतिक प्रतिनिधित्व आयोग के दिशा-निर्देशों के अनुसार किया गया। प्रत्येक वर्ग—अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति, अन्य पिछड़ा वर्ग और सामान्य वर्ग—में महिलाओं के लिए एक-तिहाई सीटें आरक्षित की गईं। लॉटरी के दौरान मौजूद नागरिकों, जनप्रतिनिधियों और मीडियाकर्मियों ने प्रक्रिया को नजदीक से देखा। मासूम बच्चियों के हाथों पर्चियां निकलवाने के दृश्य ने पूरे आयोजन को खास बना दिया। प्रशासन ने स्पष्ट किया कि आरक्षण प्रक्रिया नियमों के अनुरूप और निष्पक्ष ढंग से कराई गई है। आरक्षण की स्थिति सामने आते ही चुनाव लड़ने की तैयारी कर रहे दावेदारों की धड़कनें बढ़ गई हैं। कई संभावित प्रत्याशी अपने वार्ड की स्थिति के अनुसार अब राजनीतिक रणनीति बदलने में जुट गए हैं। वहीं राजनीतिक दलों ने भी संभावित प्रत्याशियों के समीकरणों पर मंथन शुरू कर दिया है। माना जा रहा है कि आने वाले दिनों में धौलपुर जिले के निकाय क्षेत्रों में चुनावी बैठकों, जनसंपर्क और दावेदारी का दौर और तेज होगा।4
- विधायक पंकज उपाध्याय की स्वास्थ्य स्थिति गंभीर कैलारस। शक्कर कारखाना पुनः शुरू कराने और किसानों की मांगों को लेकर आमरण अनशन पर बैठे विधायक पंकज उपाध्याय की स्वास्थ्य स्थिति चौथे दिन गंभीर हो गई। उनका शुगर लेवल कम और ब्लड प्रेशर बढ़ा पाया गया। चार दिन बाद डॉक्टरों की टीम अनशन स्थल पर पहुंची और विधायक का स्वास्थ्य परीक्षण किया। चिकित्सकों ने उनकी स्थिति पर निगरानी रखने की जरूरत बताई। लगातार चार दिनों से केवल पानी ग्रहण कर अनशन करने के कारण स्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा है।1
- बाड़ी कोतवाली थाना पुलिस का सघन अभियान, एडिशनल एसपी के नेतृत्व में वाहनों की जांच, बाड़ी कोतवाली थाना पुलिस का सघन अभियान, एडिशनल एसपी के नेतृत्व में वाहनों की जांच, सैपऊ रोड गुमट चौकी और महाराज बाग सर्किल पर कार्रवाई, दुपहिया और चौपाइयां वाहनों की हुई जांच, 48 वाहनों के काटे गए चालान, एएसपी श्रवण कुमार,एसएचओ महेंद्र शर्मा और टीम की कार्यवाही।1
- राजाखेड़ा में ‘थैला छाप’ डॉक्टर से इलाज के दौरान अधेड़ की मौत, परिजनों ने थाने में दर्ज कराया मामला, जांच शुर बुखार-उल्टी की शिकायत पर निजी क्लीनिक ले गए थे, परिजन, - बिना डिग्री वाला डॉक्टर कर रहा था इलाज पुलिस ने शव पोस्टमार्टम के बाद परिजनों को सौंपा; राजाखेड़ा में एक कथित थैला छाप’ डॉक्टर से इलाज कराने के दौरान एक अधेड़ व्यक्ति की मौत का मामला सामने आया है। परिजनों ने लापरवाही का आरोप लगाते हुए राजाखेड़ा थाने में मामला दर्ज कराया है। पुलिस ने जांच शुरू कर दी है। जानकारी के अनुसार जगतू पुरा पिनाहट आगरा,उत्तर प्रदेश निवासी 48 वर्षीय रामगोपाल को तेज बुखार और उल्टी की शिकायत थी। परिजन उसे राजाखेड़ा कस्बे में एक धौलपुर आगरा बाईपास के पास रोड के पास चल रहे एक निजी क्लीनिक में ले गए। परिजनों का आरोप मृतक के बेटे रामहरी अपने ,पिता को लेकर गए थे। राजाखेड़ा प्राइवेट डॉक्टर के पास ,उसने बिना पर्ची, बिना डिग्री दिखाए चार-पांच दिन इलाज किया जब हमने छुट्टी मांगी तभी उसने छुट्टी नहीं थी जर्बदस्ती इलाज किया उसके बाद उनकी मौत हो गई इंजेक्शन लगा दिया। थोड़ी देर बाद पिता को सांस लेने में दिक्कत हुई और दम तोड़ दिया। सूचना पर थानाधिकारी वीर सिंह मौके पर पहुंचे। शव को कब्जे में लेकर CHC राजाखेड़ा भिजवाया गया। पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया। थानाधिकारी बीर सिंह ने बताया, "परिजनों की शिकायत पर IPC की धारा में मामला दर्ज किया गया है। आरोपी डॉक्टर फरार है। उसकी तलाश की जा रही है। मेडिकल डिग्री और क्लीनिक के दस्तावेजों की जांच कराई जा रही है।" बिना रजिस्ट्रेशन के प्रैक्टिस करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी। टीम भेजकर अवैध क्लीनिकों की सूची बनाई जा रही है।" स्थानीय लोगों की मांग,आरोपी डॉक्टर को तुरंत गिरफ्तार किया जाए,अवैध क्लीनिकों को सील कर उन पर मुकदमा दर्ज हो राजाखेड़ा में ‘थैला छाप’ डॉक्टर से इलाज के दौरान अधेड़ की मौत, परिजनों ने थाने में दर्ज कराया मामला, जांच शुर बुखार-उल्टी की शिकायत पर निजी क्लीनिक ले गए थे, परिजन, - बिना डिग्री वाला डॉक्टर कर रहा था इलाज पुलिस ने शव पोस्टमार्टम के बाद परिजनों को सौंपा; राजाखेड़ा में एक कथित थैला छाप’ डॉक्टर से इलाज कराने के दौरान एक अधेड़ व्यक्ति की मौत का मामला सामने आया है। परिजनों ने लापरवाही का आरोप लगाते हुए राजाखेड़ा थाने में मामला दर्ज कराया है। पुलिस ने जांच शुरू कर दी है। जानकारी के अनुसार जगतू पुरा पिनाहट आगरा,उत्तर प्रदेश निवासी 48 वर्षीय रामगोपाल को तेज बुखार और उल्टी की शिकायत थी। परिजन उसे राजाखेड़ा कस्बे में एक धौलपुर आगरा बाईपास के पास रोड के पास चल रहे एक निजी क्लीनिक में ले गए। परिजनों का आरोप मृतक के बेटे रामहरी अपने ,पिता को लेकर गए थे। राजाखेड़ा प्राइवेट डॉक्टर के पास ,उसने बिना पर्ची, बिना डिग्री दिखाए चार-पांच दिन इलाज किया जब हमने छुट्टी मांगी तभी उसने छुट्टी नहीं थी जर्बदस्ती इलाज किया उसके बाद उनकी मौत हो गई इंजेक्शन लगा दिया। थोड़ी देर बाद पिता को सांस लेने में दिक्कत हुई और दम तोड़ दिया। सूचना पर थानाधिकारी वीर सिंह मौके पर पहुंचे। शव को कब्जे में लेकर CHC राजाखेड़ा भिजवाया गया। पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया। थानाधिकारी बीर सिंह ने बताया, "परिजनों की शिकायत पर IPC की धारा में मामला दर्ज किया गया है। आरोपी डॉक्टर फरार है। उसकी तलाश की जा रही है। मेडिकल डिग्री और क्लीनिक के दस्तावेजों की जांच कराई जा रही है।" बिना रजिस्ट्रेशन के प्रैक्टिस करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी। टीम भेजकर अवैध क्लीनिकों की सूची बनाई जा रही है।" स्थानीय लोगों की मांग,आरोपी डॉक्टर को तुरंत गिरफ्तार किया जाए,अवैध क्लीनिकों को सील कर उन पर मुकदमा दर्ज हो1
- अपने ही निकले पराए: एक अधूरी कहानीअपने ही निकले पराए: एक अधूरी कहानी अपने ही निकले पराए: एक अधूरी कहानीअपने ही निकले पराए: एक अधूरी कहानीअपने ही निकले पराए: एक अधूरी कहानी1
- स्कूल में मूलभूत सुविधाओं का अभाव स्कूल में न पानी की व्यवस्था है, न लैट्रिन-बाथरूम की सुविधा। परिसर में जगह-जगह घास उगी हुई है, जिससे बच्चों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। सवाल यह है कि ऐसी स्थिति में बच्चों की पढ़ाई और सुरक्षा का ध्यान कैसे रखा जा रहा है? जिम्मेदार अधिकारियों से ग्रामीणों की मांग है कि स्कूल में पानी, लैट्रिन-बाथरूम की व्यवस्था कराई जाए और परिसर की साफ-सफाई तत्काल कराई जाए।1
- अवैध टेंपो संचालन पर परिवहन विभाग की बड़ी कार्रवाई, दो दर्जन वाहन जब्त बिना परमिट ग्रामीण क्षेत्रों में संचालन, क्षमता से अधिक सवारी और अन्य नियमों की अनदेखी पर हुई कार्रवाई धौलपुर। जिला परिवहन एवं सड़क सुरक्षा विभाग ने अवैध एवं नियम विरुद्ध संचालित टेंपो के खिलाफ सघन जांच अभियान चलाते हुए बड़ी कार्रवाई की है। विभाग की टीम ने नियमों की अनदेखी कर संचालित किए जा रहे करीब दो दर्जन टेंपो को जब्त कर सीज किया। अचानक हुई कार्रवाई से टेंपो संचालकों में हड़कंप मच गया। जिला परिवहन अधिकारी गौरव यादव ने बताया कि कई टेंपो चालक नगर परिषद क्षेत्र की निर्धारित सीमा से बाहर ग्रामीण क्षेत्रों में बिना वैध परमिट के वाहनों का संचालन कर रहे थे। इसके अलावा कई वाहनों में आवश्यक दस्तावेज नहीं मिले तथा क्षमता से अधिक सवारियां बैठाकर यातायात नियमों का उल्लंघन किया जा रहा था। यात्रियों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए ऐसे वाहनों के खिलाफ कार्रवाई की गई। परिवहन निरीक्षक श्रीकांत कुमावत ने बताया कि जांच के दौरान टेंपो के परमिट, प्रदूषण प्रमाण-पत्र, चालक लाइसेंस, बीमा सहित अन्य आवश्यक दस्तावेजों की जांच की गई। कई वाहनों में निर्धारित मानकों के विपरीत अल्टरेशन, प्रतिबंधित अथवा अनधिकृत ध्वनि यंत्र, क्षमता से अधिक सवारियां बैठाने तथा खतरनाक तरीके से वाहन संचालन जैसी अनियमितताएं भी सामने आईं। बिना परमिट ग्रामीण मार्गों पर संचालन पर नजर परिवहन विभाग की ओर से ऐसे टेंपो पर विशेष निगरानी रखी जा रही है, जो परमिट की निर्धारित शर्तों का उल्लंघन कर ग्रामीण मार्गों पर संचालित हो रहे हैं। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि बिना परमिट अथवा वैध दस्तावेजों के वाहन संचालित करने वालों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी। ओवरलोड सवारी पर भी सख्ती अधिकारियों ने कहा कि टेंपो में निर्धारित क्षमता से अधिक सवारियां बैठाना यात्रियों की सुरक्षा के लिए गंभीर खतरा है। तेज गति, लापरवाही और खतरनाक तरीके से वाहन चलाने से दुर्घटनाओं की आशंका बढ़ जाती है। ऐसे मामलों में परिवहन विभाग किसी प्रकार की लापरवाही नहीं बरतेगा। विभाग ने टेंपो संचालकों से वाहन के सभी दस्तावेज वैध रखने, परमिट की शर्तों का पालन करने, निर्धारित क्षमता के अनुसार ही सवारियां बैठाने और यातायात नियमों का पालन करने की अपील की है। अधिकारियों ने कहा कि यात्री सुरक्षा और सड़क दुर्घटनाओं की रोकथाम के लिए जांच एवं प्रवर्तन अभियान लगातार जारी रहेगा। आने वाले दिनों में भी नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहनों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।4