इटावा में इंडियन वेटरन्स ऑर्गेनाइजेशन (उत्तर प्रदेश, जिला इटावा) ने जिले में पूर्व सैनिकों के लिए ECHS (पूर्व सैनिक अंशदायी स्वास्थ्य योजना) पॉलीक्लिनिक की स्थापना हेतु भूमि आवंटन की प्रक्रिया को शीघ्र पूरा कराने की माँग की है। इस संबंध में संगठन द्वारा उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री को संबोधित एक ज्ञापन भेजा गया है। संगठन का कहना है कि भूमि आवंटन के प्रस्ताव पर पिछले लगभग तीन वर्षों से कार्रवाई लंबित पड़ी हुई है। ज्ञापन में स्पष्ट किया गया है कि इटावा जनपद के हजारों पूर्व सैनिक और उनके आश्रित बेहतर चिकित्सा सुविधाओं से वंचित हैं। वर्ष 2022 में ही भूमि आवंटन का प्रस्ताव शासन को भेजा जा चुका था, लेकिन आज तक इस पर अंतिम निर्णय नहीं लिया गया है। इसके चलते पूर्व सैनिकों को मजबूरी में इलाज के लिए अन्य जिलों का रुख करना पड़ रहा है। इंडियन वेटरन्स ऑर्गेनाइजेशन ने मुख्यमंत्री से अनुरोध किया है कि संबंधित विभागों एवं अधिकारियों को आवश्यक निर्देश जारी कर भूमि आवंटन की प्रक्रिया जल्द पूरी कराई जाए, ताकि इटावा में ECHS पॉलीक्लिनिक स्थापित हो सके और पूर्व सैनिकों व उनके परिवारों को समय पर गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएँ मिल सकें। संगठन ने विश्वास जताया है कि राज्य सरकार पूर्व सैनिकों के सम्मान एवं कल्याण को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए इस लंबे समय से लंबित मामले का शीघ्र समाधान करेगी।
इटावा में इंडियन वेटरन्स ऑर्गेनाइजेशन (उत्तर प्रदेश, जिला इटावा) ने जिले में पूर्व सैनिकों के लिए ECHS (पूर्व सैनिक अंशदायी स्वास्थ्य योजना) पॉलीक्लिनिक की स्थापना हेतु भूमि आवंटन की प्रक्रिया को शीघ्र पूरा कराने की माँग की है। इस संबंध में संगठन द्वारा उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री को संबोधित एक ज्ञापन भेजा गया है। संगठन का कहना है कि भूमि आवंटन के प्रस्ताव पर पिछले लगभग तीन वर्षों से कार्रवाई लंबित पड़ी हुई है। ज्ञापन में स्पष्ट किया गया है कि इटावा जनपद के हजारों पूर्व सैनिक और उनके आश्रित बेहतर चिकित्सा सुविधाओं से वंचित हैं। वर्ष 2022 में ही भूमि आवंटन का प्रस्ताव शासन को भेजा जा चुका था, लेकिन आज तक इस पर अंतिम निर्णय नहीं लिया गया है। इसके चलते पूर्व सैनिकों को मजबूरी में इलाज के लिए अन्य जिलों का रुख करना पड़ रहा है। इंडियन वेटरन्स ऑर्गेनाइजेशन ने मुख्यमंत्री से अनुरोध किया है कि संबंधित विभागों एवं अधिकारियों को आवश्यक निर्देश जारी कर भूमि आवंटन की प्रक्रिया जल्द पूरी कराई जाए, ताकि इटावा में ECHS पॉलीक्लिनिक स्थापित हो सके और पूर्व सैनिकों व उनके परिवारों को समय पर गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएँ मिल सकें। संगठन ने विश्वास जताया है कि राज्य सरकार पूर्व सैनिकों के सम्मान एवं कल्याण को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए इस लंबे समय से लंबित मामले का शीघ्र समाधान करेगी।
- इटावा में आरक्षण बचाओ संघर्ष समिति के पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने गरीब, वंचित, अनुसूचित जाति (SC), अनुसूचित जनजाति (ST) व अन्य पिछड़ा वर्ग (OBC) के संवैधानिक अधिकारों की रक्षा और सामाजिक न्याय सुनिश्चित करने के लिए जिलाधिकारी के माध्यम से राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन सौंपा है। समिति ने संविधान प्रदत्त समान अवसर और आरक्षण की मूल भावना को प्रभावी ढंग से लागू करने की मांग की है। ज्ञापन में स्पष्ट किया गया है कि योग्यता और मेरिट के आधार पर सामान्य (अनारक्षित) श्रेणी में चयनित होने वाले SC और ST अभ्यर्थियों को सामान्य श्रेणी में ही समायोजित किया जाए, जिससे आरक्षित वर्ग के अन्य पात्र अभ्यर्थियों को इसका वास्तविक लाभ मिल सके। समिति का कहना है कि वर्तमान भर्ती प्रक्रियाओं में व्यवस्था परिवर्तन के कारण आरक्षित वर्ग के हजारों योग्य उम्मीदवार चयन से वंचित हो रहे हैं, जिससे संविधान निर्माताओं की मंशा प्रभावित हो रही है। समिति ने सामाजिक न्याय को मजबूत बनाने के उद्देश्य से अपनी 10 सूत्रीय मांगों को शीघ्र लागू करने और एक मजबूत आरक्षण अधिनियम (ACT) बनाए जाने की मांग की है। इसके साथ ही चेतावनी दी गई है कि यदि उनकी मांगों पर जल्द सकारात्मक निर्णय नहीं लिया गया, तो देशभर में लोकतांत्रिक और संवैधानिक दायरे में रहकर व्यापक जनआंदोलन चलाया जाएगा। इस अवसर पर समिति के पदाधिकारी और कार्यकर्ता बड़ी संख्या में मौजूद रहे।2
- उत्तर प्रदेश के आगरा जनपद में वन्यजीव तस्करी के खिलाफ वन विभाग, स्थानीय पुलिस और Wildlife SOS के संयुक्त अभियान में बड़ी सफलता हासिल हुई है। थाना सैया क्षेत्र के तेहरा चौकी के पास आगरा-ग्वालियर रोड स्थित एक होटल में छापेमारी कर 10 तेंदुओं (पैंथर) की प्रतिबंधित खाल बरामद की गई है। इस कार्रवाई के दौरान अंतरराज्यीय तस्करी नेटवर्क से जुड़े चार आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है, जिसके बाद पूरे इलाके में सनसनी फैल गई। अधिकारियों के अनुसार, वन विभाग पिछले करीब तीन महीने से इस गिरोह की संदिग्ध गतिविधियों पर लगातार नजर बनाए हुए था। पुख्ता जानकारी मिलने के बाद टीम ने ग्राहक बनकर जाल बिछाया और जैसे ही तस्करों ने सौदे की प्रक्रिया शुरू की, मौके पर दबिश देकर उन्हें धर दबोचा। होटल के कमरे में रखे कई बैगों की तलाशी लेने पर तेंदुओं की यह खालें बरामद हुईं। प्रारंभिक जांच में पकड़े गए आरोपियों के तार हरियाणा, मध्य प्रदेश और मुरैना से जुड़े होने की पुष्टि हुई है। जांच एजेंसियां अब यह पता लगाने में जुटी हैं कि यह गिरोह वन्यजीवों की खाल कहां से लाता था और देश के किन-किन राज्यों में इनकी आपूर्ति की जा रही थी। फिलहाल पुलिस और वन विभाग की टीम आरोपियों से पूछताछ कर रही है, जिससे वन्यजीव तस्करी के एक बड़े नेटवर्क के खुलासे की उम्मीद जताई जा रही है।2
- इटावा में केंद्रीय विद्यालय के बच्चों को ले जा रही 6 प्राइवेट वैन पर परिवहन विभाग और पुलिस की संयुक्त टीम ने बड़ी कार्रवाई की है। निर्धारित क्षमता से अधिक बच्चों को बैठाकर परिवहन कर रही इन सभी वैन को पकड़कर सिविल लाइन थाना में निरुद्ध कर दिया गया है। लगातार मिल रही शिकायतों के बाद केंद्रीय विद्यालय के आसपास चलाए गए जांच अभियान के दौरान नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर परिवहन विभाग ने इन वाहनों पर कुल लगभग 1 लाख 50 हजार रुपये का जुर्माना लगाया है। इस अभियान में एआरटीओ प्रवर्तन हुमा परवीन, यात्रीकर अधिकारी विवेक सिंह तथा टीआई संजय कुमार सहित परिवहन एवं पुलिस विभाग की टीम मौजूद रही। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि स्कूली बच्चों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है और बिना आवश्यक दस्तावेज या क्षमता से अधिक बच्चों को बैठाकर वाहन चलाने वालों पर आगे भी सख्त कार्रवाई जारी रहेगी। इसके साथ ही अभिभावकों से अपील की गई है कि वे अपने बच्चों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए उन्हें केवल अधिकृत और मानक स्कूल वाहनों से ही भेजें।1
- इटावा के महेवा ब्लॉक स्थित ग्राम पंचायत ढाका ताल में बरसात के मौसम में जलभराव की समस्या ने एक बार फिर गंभीर रूप ले लिया है। प्राथमिक विद्यालय तक जाने वाले मुख्य रास्ते में पानी भर जाने से स्कूली बच्चों, ग्रामीणों और राहगीरों को आवागमन में भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। पानी से होकर गुजरने के कारण छोटे-छोटे बच्चों के साथ दुर्घटना होने का खतरा लगातार बना हुआ है। ग्रामीणों का कहना है कि यह समस्या हर साल बारिश के समय पैदा होती है, लेकिन अब तक इसका कोई स्थायी समाधान नहीं किया गया है। जलभराव के चलते बच्चों की शिक्षा भी प्रभावित हो रही है। ग्रामीणों ने प्रशासन से विद्यालय मार्ग पर जल निकासी की उचित व्यवस्था कराने और सड़क के निर्माण व मरम्मत कराने की मांग की है ताकि लोगों को आवाजाही में राहत मिल सके।1
- उत्तर प्रदेश के इटावा में हिंदू देवी-देवताओं पर कथित विवादित बयान को लेकर करणी सेना का गुस्सा भड़क गया है। संगठन के अध्यक्ष धृतेन्द्र प्रताप सिंह की अगुवाई में सैकड़ों पदाधिकारियों और करणी सैनिकों ने जिलाधिकारी कार्यालय पहुंचकर जोरदार प्रदर्शन किया और मौलाना जर्जिस अंसारी के खिलाफ मोर्चा खोल दिया। इस दौरान प्रदर्शनकारियों ने मुख्यमंत्री के नाम संबोधित एक ज्ञापन अतिरिक्त मजिस्ट्रेट को सौंपा, जिसमें मौलाना के खिलाफ कठोर कार्रवाई करने और उनकी तत्काल गिरफ्तारी की मांग की गई। प्रदर्शन के दौरान करणी सेना ने साफ शब्दों में कहा कि हिंदू आस्था का अपमान किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। संगठन की ओर से मौलाना को अल्टीमेटम दिया गया और कुछ पदाधिकारियों ने तीखी चेतावनी भी जारी की। इस विरोध-प्रदर्शन के बीच करणी सेना के महामंत्री पंडित प्रवेश शर्मा ने 'Aryan TV' से एक्सक्लूसिव बातचीत करते हुए संगठन का रुख स्पष्ट किया और स्थानीय प्रशासन से तत्काल कार्रवाई करने की मांग की।1
- सोनम वांगचुक ने 26 दिनों से चला आ रहा अपना अनशन समाप्त कर दिया है। उन्होंने गुरुग्राम स्थित मेदांता अस्पताल में अपनी भूख हड़ताल तोड़ी। प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के एक वीडियो संदेश के बाद सोनम वांगचुक ने यह कदम उठाया। प्रधानमंत्री ने अपने संदेश में कल होने वाली कैबिनेट बैठक में और सख्त कार्रवाई किए जाने का भरोसा दिया है, जिसके पश्चात सोनम वांगचुक ने गुरुग्राम के मेदांता अस्पताल में अपना 26 दिनों से जारी अनशन खत्म किया।1
- प्रधानमंत्री का प्रतिवर्ष दो करोड़ नौकरियां और रोजगार देने का वादा धोखा सिद्ध हुआ है। लगातार बढ़ती महंगाई ने आम आदमी का जीना दुश्वार कर दिया है, जबकि मध्यम और कुटीर उद्योग धंधों के बंद होने से गरीब और मजदूर भुखमरी का शिकार हो रहे हैं। किसानों की आय दोगुनी करने का भाजपा का वादा भी छलावा सिद्ध हुआ है। भाजपा सरकार में सबसे ज्यादा उत्पीड़न और अत्याचार लगातार पीडीए वर्ग यानी पिछड़े, दलित और अल्पसंख्यकों पर हो रहे हैं। प्रदेश में भाजपा संरक्षित अपराधियों और पुलिस की सांठगांठ से बेटियों के साथ दुष्कर्म और हत्या की घटनाएं हो रही हैं, जिन्हें रोकने में पुलिस नाकाम है। प्रदेश में हुए फर्जी एनकाउंटर और पुलिस हिरासत में हुई मौतों में 60 प्रतिशत लोग पीडीए समाज के हैं, जबकि जाति देखकर की गई 24 बुलडोजर कार्रवाइयों में से 22 केवल पिछड़े, दलित और मुस्लिम समाज पर की गई हैं। भाजपा राज में अकेले विश्वकर्मा समाज के 40 नौजवानों की हत्याएं और बेटियों के साथ दुष्कर्म की घटनाएं हुई हैं। सामंती वर्चस्ववादी सोच के अपराधियों को सरकार का संरक्षण मिलने के कारण उन पर कार्रवाई नहीं हो पा रही है। इसके अलावा, सपा सरकार में विश्वकर्मा समाज के हित में शुरू किए गए सभी कार्य, जैसे विश्वकर्मा पूजा की छुट्टी, नौजवानों को आईटीआई का प्रमाण पत्र और कुटीर उद्योग हेतु पट्टे का आदेश निरस्त कर दिया गया है। वहीं प्रधानमंत्री विश्वकर्मा कौशल योजना केवल लोहार, बढ़ई, सुनार, कुम्हार, नाई आदि वर्गों को मजदूर बनाती है तथा किसी पढ़े-लिखे नौजवान को अफसर, डॉक्टर, इंजीनियर या प्रोफेसर नहीं बनाती। सरकारी नौकरियों की भर्ती में भी पीडीए वर्ग के आरक्षण में जबरदस्त घोटाला किया गया है। पिछले 10 वर्षों में उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा विभिन्न विभागों में आयोजित 22 सरकारी भर्ती परीक्षाओं में पीडीए के लिए आरक्षित 11,514 पदों को सामान्य वर्ग से भर दिया गया। परीक्षाओं के पेपर लीक होना और बाद में परीक्षा निरस्त होना नौजवानों के भविष्य के साथ खिलवाड़ है, जबकि नीट परीक्षा की विफलता के कारण कई नौजवानों को आत्महत्या करने पर मजबूर होना पड़ा है। भाजपा सरकार को पूरी तरह नौजवान, किसान, गरीब और मजदूर विरोधी बताते हुए इसे 2027 में सत्ता से हटाने और समाजवादी पार्टी की सरकार बनाकर माननीय श्री अखिलेश यादव जी को प्रदेश का मुख्यमंत्री बनाने का आह्वान किया गया है।1
- उत्तर प्रदेश के जसवंतनगर थाना क्षेत्र में धौलपुर खेड़ा ओवरब्रिज पर शुक्रवार देर रात करीब 1:30 बजे चालक को झपकी आने के कारण एक निजी स्लीपर बस अनियंत्रित होकर पलट गई। मौदहा (हमीरपुर) से दिल्ली जा रही बस संख्या यूपी-75 सीटी-6005 में करीब 55 यात्री सवार थे। ओवरब्रिज पर पहुंचते ही बस पहले डिवाइडर से टकराई और फिर पलट गई, जिससे यात्रियों में चीख-पुकार मच गई। इस हादसे में करीब 20 यात्री घायल हो गए, हालांकि राहत की बात रही कि कोई जनहानि नहीं हुई। सूचना पर थाना प्रभारी निरीक्षक कमल भाटी पुलिस टीम और एंबुलेंस के साथ मौके पर पहुंचे और स्थानीय लोगों की मदद से यात्रियों को बाहर निकालकर जसवंतनगर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) पहुंचाया। सीएचसी में डॉ. वीरेंद्र सिंह के नेतृत्व में घायलों को प्राथमिक उपचार दिया गया। गंभीर रूप से घायल चार यात्रियों—रविंद्र (40), अमन, रामवती और लवकुश—को बेहतर इलाज के लिए सैफई पीजीआई रेफर कर दिया गया। अन्य घायलों में भारत सिंह (45), राममहेश (35), गौरव, अनिल, सरिता, रोहित, शिवकुमार, रामकिशोर, रोशनी, मुन्नीलाल, क्रेशर, रेनू, रीता, अमरपाल, दिव्यांशी और रामप्रकाश शामिल हैं। दुर्घटना के चलते हाईवे पर कुछ समय के लिए यातायात प्रभावित हुआ, जिसे पुलिस ने हाइड्रा मशीन से बस को सड़क से हटवाकर सुचारु कराया। पुलिस फिलहाल मामले की जांच कर रही है।1