शौट शर्किट के चलते रावतभाटा स्थित NTC मुख्य मार्ग पर एक दुकान में लगी आग। एक घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद दमकल कर्मियों ने पाया आग पर काबू। रावतभाटा नगरपालिका फायर प्रभारी राजेश जयपाल ने जानकारी देते हुए बताया कि रावतभाटा में रविवार दोपहर करीब 12 बजे के लमसम आग लगने की सूचना मिली। सूचना मिलते ही अग्निशमन विभाग की टीम तुरंत मौके पर पहुंची और राहत कार्य शुरू किया गया। आग बुझाने के लिए पानी, होजरी तथा अन्य आवश्यक उपकरणों का उपयोग किया गया। आग लगने का कारण शॉर्ट सर्किट बताया जा रहा है। आग की चपेट में आने से कुछ घरेलू सामान प्रभावित हुआ, लेकिन समय रहते आग पर काबू पा लेने से बड़ी जन-धन हानि टल गई। दमकल विभाग की तत्परता के चलते लगभग एक घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद दोपहर 1 बजे तक आग पर पूरी काबू पा लिया गया। इस दौरान आग पर काबू पाने वाले फायरकर्मियों में मोहम्मद सलीम, त्रिलोक सोनी, भूपेंद्र सिंह, कमलेश कुमार, संदीप नायक, नाहर सिंह, राजेश मीणा एवं हर्ष सफेला सहित स्थानीय लोगों ने भी राहत कार्य में सहयोग किया। रावतभाटा नगर पालिका प्रशासन ने आमजन से अपील की है। कि वे विद्युत उपकरणों का सावधानीपूर्वक उपयोग करें। ताकि इस प्रकार की घटनाओं से बचा जा सके।
शौट शर्किट के चलते रावतभाटा स्थित NTC मुख्य मार्ग पर एक दुकान में लगी आग। एक घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद दमकल कर्मियों ने पाया आग पर काबू। रावतभाटा नगरपालिका फायर प्रभारी राजेश जयपाल ने जानकारी देते हुए बताया कि रावतभाटा में रविवार दोपहर करीब 12 बजे के लमसम आग लगने की सूचना मिली। सूचना मिलते ही अग्निशमन विभाग की टीम तुरंत मौके पर पहुंची और राहत कार्य शुरू किया गया। आग बुझाने के लिए पानी, होजरी तथा अन्य आवश्यक उपकरणों का उपयोग किया गया। आग लगने का कारण शॉर्ट सर्किट बताया जा रहा है। आग की चपेट में आने से कुछ घरेलू सामान प्रभावित हुआ, लेकिन समय रहते आग पर काबू पा लेने से बड़ी जन-धन हानि टल गई। दमकल विभाग की तत्परता के चलते लगभग एक घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद दोपहर 1 बजे तक आग पर पूरी काबू पा लिया गया। इस दौरान आग पर काबू पाने वाले फायरकर्मियों में मोहम्मद सलीम, त्रिलोक सोनी, भूपेंद्र सिंह, कमलेश कुमार, संदीप नायक, नाहर सिंह, राजेश मीणा एवं हर्ष सफेला सहित स्थानीय लोगों ने भी राहत कार्य में सहयोग किया। रावतभाटा नगर पालिका प्रशासन ने आमजन से अपील की है। कि वे विद्युत उपकरणों का सावधानीपूर्वक उपयोग करें। ताकि इस प्रकार की घटनाओं से बचा जा सके।
- Hashim beg Begचित्तौड़गढ़, चित्तौड़गढ़, राजस्थान😱😱😱2 hrs ago
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- कोटा। निगम आयुक्त ओमप्रकाश मेहरा ने रविवार को बंधा धर्मपुरा स्थित गौशाला का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने अधिकारियों को गौवंश को गर्मी से बचाने के लिए सभी आवश्यक प्रबंध अविलम्ब करने के निर्देश दिए। आयुक्त मेहरा ने सभी बाड़ों का निरीक्षण के बाद अधिकारियों से कहा कि सभी बाड़ों पर ग्रीन शीट लगाई जाए तथा खेळों की मरम्मत करवाई जाए ताकि उनमें पानी की पर्याप्त उपलब्धता रहे। सभी बाड़ों में भी फर्शी, टीनशेड जैसे सभी आवश्यक कार्य भी करवाए जाएं। उन्होंने गौशाला स्थित टंकी की संभाल और वहां से पानी सीधे खेळों में पहुंचाने की व्यवस्था करने के लिए भी कहा। इसके अलावा गौशाला परिसर में बनी ग्रीन बेल्ट मे ंपौधों को नियमित रूप से पानी देने के लिए श्रमिक लगाने के भी निर्देश दिए। बीमार गायों के बाड़े के एक्सटेंशन करने के भी निर्देश दिए ताकि वहां अधिक गायों को रखा जा सके। आयुक्त मेहरा ने बताया कि गौशाला परिसर में ही पांच बीघा भूमि का एक टुकड़ा है, जहां पहले गोबर रखा जाता था। निगम ने हाल ही इस बाड़े को साफ करवाया है। गौशाला की सफाई के दौरान गौवंश को इस टुकड़े में शिफ्ट करने के लिए दरवाजा बनाने, वहां पानी के लिए चार खेलों के निर्माण तथा वहां कार्य करने वाले श्रमिकों के लिए सुविधाएं विकसित करने के भी निर्देश दिए गए हैं। निरीक्षण के दौरान उपायुक्त जवाहर लाल जैन, अधीक्षण अभियंता महेश चन्द गोयल, अधिशासी अभियंता संजय विजय, राजस्व अधिकारी महावीर सिंह सिसौदिया, सहायक अभियंता तौसिफ खान, पूर्व पार्षद जितेंद्र सिंह भी उपस्थित रहे। - श्वान पकड़ने के लिए टीमें बढ़ाएं : आयुक्त ओमप्रकाश मेहरा ने श्वान शाला का भी निरीक्षण किया। इस दौरान डॉग बाइट्स के मामले लगातार सामने आने को देखते हुए उन्होंने स्वास्थ्य अधिकारी ऋचा गौतम को निर्देश दिए कि शहर में श्वान पकड़ने वाली टीमें बढ़ाई जाएं। आक्रमक श्वानों को प्राथमिकता से पकड़ा जाए तथा बधियाकरण के बाद शांत होने तक होने उन्हें कुछ दिन श्वान शाला में ही रखा जाए।1
- संविधान पार्क उद्घाटन 13 अप्रैल को किया जा रहा है मुख्य अतिथि कोटा दक्षिण विधायक संदीप शर्मा लोकसभा अध्यक्ष ओम जी बिरला के द्वारा लोकार्पण किया जाएगा स्थान टीवीएस सर्किल कोटा1
- कोटा में कानून व्यवस्था की हालत दिनों दिन बंद से बदतर होती जा रही है, वीडियो आरके पुरम थाना क्षेत्र की आंवली रोझड़ी बस्ती का शुक्रवार रात का है, मामला लव मैरिज का बताया जा रहा है जिसमें लड़का और लड़की दोनों बालिग हैं और दोनों ने कोर्ट मैरिज की है, लड़की ने घर वालों को थाने में जाकर पाबंद भी करवा दिया था इसके बावजूद लड़की तनीषा के घर वालों ने लड़के विशाल के यहां जाकर लाठी डंडों और तलवार से हमला कर दिया...1
- कोटा में गुंजल और धारीवाल के समर्थक हुए आमने-सामने:, जिला प्रभारी बोले- गुटबाजी से कांग्रेस पार्टी कमजोर, बैठक में गुंजल का नाम नहीं लेने पर हुआ था हंगामा1
- करोड़ रुपए खर्च के बाद भी कोटा ट्रैफिक सिग्नल फ्री योजना फेल सी साबित हो रही है, प्रमुख चौराहों पर रोज लग रहा जाम कोटा शहर को ट्रैफिक सिग्नल फ्री बनाने के लिए करोड़ रुपये से अधिक खर्च किए गए, लेकिन इसके बावजूद शहर के प्रमुख चौराहों पर जाम की समस्या लगातार बनी हुई है। अवैध पार्किंग, अतिक्रमण और अव्यवस्थित ट्रैफिक व्यवस्था के कारण लोगों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। कोटा में ट्रैफिक व्यवस्था सुधारने के उद्देश्य से शुरू की गई “सिग्नल फ्री” योजना जमीनी स्तर पर प्रभावी होती नजर नहीं आ रही है। शहर के प्रमुख चौराहे जैसे कॉमर्स कॉलेज चौराहा, केशवपुरा चौराहा, महावीर नगर चौराहा आज भी जाम की समस्या से जूझ रहे हैं। इन चौराहों पर सबसे बड़ी समस्या अवैध पार्किंग और सड़क किनारे अतिक्रमण की है। दुकानों के बाहर खड़े वाहन, अस्पतालों के बाहर नो पार्किंग में वहां और बिना नियमों के पार्किंग से सड़कें संकरी हो जाती हैं, जिससे यातायात बाधित होता है। इसके अलावा कई जगह वाहन चालक भी नियमों का पालन नहीं करते और मनमाने तरीके से वाहन खड़े कर देते हैं। हालात यह हैं कि शाम के समय इन इलाकों में लंबा जाम लग जाता है, जिससे आमजन, ऑफिस से आने वाले लोगों को रोजाना परेशानी उठानी पड़ रही है। प्रशासन की भूमिका पर सवाल: इतनी बड़ी राशि खर्च होने के बावजूद ट्रैफिक मैनेजमेंट सही तरीके से लागू नहीं हो पाने पर प्रशासन की कार्यशैली पर सवाल उठ रहे हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि अतिक्रमण और अवैध पार्किंग पर सख्ती से कार्रवाई की जाए तो काफी हद तक समस्या का समाधान हो सकता है।1
- दरा ज़ाम में फिर लगा लम्बा जाम रेंक रेंक चलें वाहन रविवार को एक फिर से दरा अभ्यारण क्षेत्र में ज़ाम देखने को मिला दोनों तरफ वाहनों कि लाइनें लगी हुई मौके पर मोड़क थाना पुलिस और कनवास थाना पुलिस ने मोर्चा संभाल रखा है और दोनों तरफ वाहनों रेंक रेंक चल रहे वाहन सैकड़ों यात्रियों फंसे ज़ाम में,10
- करोड़ रुपए खर्च के बाद भी कोटा ट्रैफिक सिग्नल फ्री योजना फेल सी साबित हो रही है, प्रमुख चौराहों पर रोज लग रहा जाम कोटा शहर को ट्रैफिक सिग्नल फ्री बनाने के लिए करोड़ रुपये से अधिक खर्च किए गए, लेकिन इसके बावजूद शहर के प्रमुख चौराहों पर जाम की समस्या लगातार बनी हुई है। अवैध पार्किंग, अतिक्रमण और अव्यवस्थित ट्रैफिक व्यवस्था के कारण लोगों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। कोटा में ट्रैफिक व्यवस्था सुधारने के उद्देश्य से शुरू की गई “सिग्नल फ्री” योजना जमीनी स्तर पर प्रभावी होती नजर नहीं आ रही है। शहर के प्रमुख चौराहे जैसे कॉमर्स कॉलेज चौराहा, केशवपुरा चौराहा, महावीर नगर चौराहा आज भी जाम की समस्या से जूझ रहे हैं। इन चौराहों पर सबसे बड़ी समस्या अवैध पार्किंग और सड़क किनारे अतिक्रमण की है। दुकानों के बाहर खड़े वाहन, अस्पतालों के बाहर नो पार्किंग में वहां और बिना नियमों के पार्किंग से सड़कें संकरी हो जाती हैं, जिससे यातायात बाधित होता है। इसके अलावा कई जगह वाहन चालक भी नियमों का पालन नहीं करते और मनमाने तरीके से वाहन खड़े कर देते हैं। हालात यह हैं कि शाम के समय इन इलाकों में लंबा जाम लग जाता है, जिससे आमजन, ऑफिस से आने वाले लोगों को रोजाना परेशानी उठानी पड़ रही है। प्रशासन की भूमिका पर सवाल: इतनी बड़ी राशि खर्च होने के बावजूद ट्रैफिक मैनेजमेंट सही तरीके से लागू नहीं हो पाने पर प्रशासन की कार्यशैली पर सवाल उठ रहे हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि अतिक्रमण और अवैध पार्किंग पर सख्ती से कार्रवाई की जाए तो काफी हद तक समस्या का समाधान हो सकता है।1
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- मजदूर किसान भवन पर झंडारोहण कर मनाया किसान सभा का 90वां स्थापना दिवस कोटा। किसान सभा तहसील कमेटी पीपल्दा द्वारा कोटा जिले के इटावा स्थित मजदूर किसान भवन में अखिल भारतीय किसान सभा का 90वां स्थापना दिवस झंडारोहण कर मनाया गया। किसान नेताओं ने किसानों और मजदूरों के अधिकारों को लेकर सरकार के समक्ष कई मांगें रखीं। किसान सभा तहसील कमेटी पीपल्दा द्वारा मजदूर किसान भवन इटावा में अखिल भारतीय किसान सभा का 90वां स्थापना दिवस किसान सभा का झंडा फहराकर मनाया गया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में किसान सभा के सदस्य मौजूद रहे। तहसील सचिव कामरेड बाबूलाल बलवानी ने बताया कि 11 अप्रैल 1936 को ब्रिटिश शासनकाल में स्वामी सहजानंद सरस्वती के नेतृत्व में अखिल भारतीय किसान सभा का गठन किया गया था, जो तब से लेकर आज तक किसानों के हक और अधिकारों की रक्षा के लिए संघर्षरत है। कामरेड दुलीचंद आर्य ने किसान सभा का झंडा फहराया। कार्यक्रम में किसान नेताओं ने सरकार से विभिन्न मांगें रखीं, जिनमें भूमिहीनलकिसानों और मजदूरों को सीलिंग एक्ट के तहत कृषि भूमि आवंटित करना, किसानों-मजदूरों व लघु दुकानदारों का संपूर्ण कर्ज माफ करना, स्वामीनाथन आयोग की सिफारिशों के अनुसार सी2+50 प्रतिशत फार्मूले पर न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) की गारंटी कानून लागू करना, खाद्यान्न वस्तुओं की बढ़ी कीमतों को कम करना तथा किसानों को सस्ते खाद-बीज उपलब्ध कराना शामिल है। इसके साथ ही शिक्षा, स्वास्थ्य, यातायात और रोजगार की गारंटी देने की मांग भी उठाई गई। किसानों से एकजुट होने का आह्वान वक्ताओं ने कहा कि अखिल भारतीय किसान सभा पिछले 90 वर्षों से किसानों को पूंजीपतियों और बिचौलियों के शोषण से मुक्त कराने के लिए संघर्ष कर रही है। उन्होंने किसानों से संगठन को मजबूत बनाने और अपने अधिकारों की रक्षा के लिए एकजुट होने का आह्वान किया। किसान सभा नेताओं ने वर्तमान में ओलावृष्टि से नष्ट हुई फसलों के मुआवजे और बीमा क्लेम के भुगतान को लेकर आंदोलन की तैयारी की जानकारी भी दी। साथ ही 14 अप्रैल को संविधान निर्माता डॉ. भीमराव अंबेडकर की 135वीं जयंती पर इटावा स्थित अंबेडकर सर्किल पर अधिक से अधिक संख्या में पहुंचने की अपील की गई। कार्यक्रम में ये रहे मौजूद कार्यक्रम में तहसील अध्यक्ष सूरजमल मीणा, सीटू यूनियन महामंत्री मुरारीलाल बैरवा, कामरेड रामकुंवर महावार, भोजराज नागर, प्रेम पेंटर, हीरालाल मेहरा, रामचरण मीणा, चेतनप्रकाश मीणा सहित कई सदस्य उपस्थित रहे।4