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बवासीर के इलाज के लिए छुट्टी मांगी, अधिकारी ने सबूत मांगा तो उतार दी पैंट।
Banwari katariya
बवासीर के इलाज के लिए छुट्टी मांगी, अधिकारी ने सबूत मांगा तो उतार दी पैंट।
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- Post by Banwari katariya1
- सोशल मीडिया पर तहलका मचा रही है ऐ आई से बनी वीडियो1
- Post by महेश मालवीय1
- दिनाँक 25 फ़रवरी 26 को मिसरोद भोपाल में साध्वी रंजना दीदी की गाड़ी मार्केट संकरे रास्ते पर ओवरटेक कर रही थी सामने से दीपेश श्रीवास्तव की गाड़ी आ रही थी दोनो में बहस हो रही थी पीछे विनय पाटीदार की गाड़ी आ रही थी उसने बोला बहस नही करो जाम लग रहा है। यह बात साध्वी जी को नागवार गुजरी और विनय पाटीदार को तमाचा मारा फिर गाड़ी मेसे अन्य दो महिलाएं उतरी और विनय की पिटाई करी,कपड़े फाड़ दिए नाखून मारे जिसके निशान अभी भी होंगे, मार्केट में जो लोग थे उन्होंने साध्वीजी की गाड़ी में तोड़ फोड़ कर दी। दोनो पार्टी थाने गई वँहा पर बजरंग दल व विश्व हिंदू परिषद के लोग आए उन्होंने व साध्वीजी ने नारे बाजी करी और पाटीदार समाज असामाजिक तत्व है,इनको जूते मारो,इनका डीएनए टेस्ट कराओ यह हिन्दू है या नही ये जेहादी है आदि बाते हुई। पुलिस ने दबाव में सिर्फ साध्वीजी की रिपोर्ट लिखी और प्राणघातक हमला सहित 9 गम्भीर धाराएं लगा दी उसी दिन 3 पाटीदार को गिरफ्तार कर लिया गया साथ ही अनेक मिसरोद के अनेक युवाओं पर केस दर्ज किया गया,उनकी गिरफ्तारी के लिये पुलिस लगातार उनके घर जाकर परेशान कर रही है। उक्त सभी विषय को लेकर आज पाटीदार समाज मांगलिक प्रांगण मिसरोद पर सकल हिन्दू समाज,अन्य पिछड़ा वर्ग समाज व पाटीदार समाज की बैठक हुई। सीएसपी श्री कश्यपजी ने माँगलिक प्रांगण में आकर ज्ञापन लिया। हमारी दो माँगे है। - *हमारा आवेदन जो थाने के पास है वो कायमी हो।* - *FIR निरस्त हो तथा अब अन्य गिरफ्तारीया बंद हो,पुलिस इस प्रकरण के अब किसी के घर नही जाये।* बैठक शांतिपूर्ण हुई सिर्फ एक वक्ता ने बात रखी बाकी समय रामधुन चली,युवाओं में बेहद आक्रोश था फिर किसी प्रकार की नारे बाजी नही की गई सिर्फ *"जय जय श्रीराम*" के नारे लगे। *पाटीदार समाज,सकल हिन्दू समाज व पिछड़ा वर्ग समाज ने अपनी मर्यादा में रहे अब बारी है शासन प्रशासन की निष्पक्ष होकर जांच करे और न्याय करें।* *अगर न्यायपूर्ण कार्यवाही नही हुई तो उक्त तीनों समाज आगामी कदम के लिये स्वतंत्र होंगे।* *महेन्द्र नारायण पाटीदार* *संरक्षक* *म प्र पाटीदार समाज* 98267500532
- कलेक्टर स्वप्निल वानखड़े ने परिवार सहित पत्रकार साथियों शासकीय कर्मचारीयो के साथ मनाई होली1
- थाना बेरछा पुलिस की कार्यवाही चोरी गई मोटरसाइकिल बरामद, एक आरोपी को किया गिरफ्तार* दिनांक 07 फरवरी 2026 को फरियादी कमल परमार द्वारा थाना बेरछा में रिपोर्ट दर्ज कराई गई कि वह लक्ष्मी मैरिज गार्डन में आयोजित एक शादी समारोह में शामिल होने आया था। समारोह के दौरान अज्ञात व्यक्ति द्वारा उसकी मोटरसाइकिल क्रमांक MP 42 ZA 9685 चोरी कर ली गई। फरियादी की रिपोर्ट पर थाना बेरछा में अपराध क्रमांक 30/2026 धारा 303(2) बीएनएस के तहत प्रकरण पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया। घटना को देखते हुए *पुलिस अधीक्षक शाजापुर श्री यशपाल सिंह राजपूत* के निर्देशन में थाना प्रभारी बेरछा श्री भरत किरार द्वारा एक विशेष टीम का गठन किया गया। गठित टीम द्वारा लगातार पतारसी करते हुए दिनांक 05 मार्च 2026 को चोरी गई मोटरसाइकिल MP 42 ZA 9685 बरामद कर ली गई तथा प्रकरण में एक *आरोपी सचिन उर्फ राजवीर गुर्जर* को गिरफ्तार किया गया। गिरफ्तार आरोपी को विधि अनुसार कार्यवाही करते हुए माननीय न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया जाएगा। *उक्त कार्यवाही में थाना प्रभारी बेरछा श्री भरत किरार , प्रधान आरक्षक विनोद शर्मा, आरक्षक दीपक साहू, आरक्षक रूप सिंह यादव, आरक्षक चालक शैलेंद्र तोमर का सराहनीय योगदान रहा।*1
- जिला अस्पताल में मरीज की मौत पर परिजनों का हंगामा, पुलिस बुलानी पड़ी शाजापुर। बीते 11 दिसंबर 2025 को कमलेश जादमे नामक मरीज जिला अस्पताल में उपचार के दौरान मौत के घाट उतर गया। घटना के बाद मृतक के परिजनों ने कई बार मामले की जांच की मांग की थी, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। इस कारण गुरुवार को परिवार अस्पताल पहुंचा और जमकर हंगामा किया। परिजनों का आरोप है कि कमलेश जादमे को इलाज के दौरान हाई डोज दवा दी गई थी, लेकिन इसके बाद किसी भी डॉक्टर ने उसकी समय पर देखभाल नहीं की। उनका कहना है कि लापरवाही और उचित चिकित्सकीय ध्यान न मिलने के कारण ही उनकी मौत हुई। हंगामा करते हुए परिवार ने अस्पताल प्रबंधन पर गंभीर आरोप लगाए और दोषियों पर कार्रवाई की मांग की। मामला बढ़ता देख अस्पताल प्रशासन ने पुलिस बल बुलाना पड़ा। परिजनों ने अस्पताल में नारेबाजी की और अपने अधिकारों की सुरक्षा के लिए कार्रवाई की मांग की। अस्पताल प्रबंधन ने स्थिति को शांत करने की कोशिश की, लेकिन परिवार का गुस्सा देखकर अधिकारियों को पुलिस बुलाने का विकल्प अपनाना पड़ा। परिजन अब निष्पक्ष जांच और दोषियों पर कार्रवाई की उम्मीद कर रहे हैं। इस घटना ने जिला अस्पताल की चिकित्सा व्यवस्था और मरीज सुरक्षा पर सवाल खड़े कर दिए हैं।5
- Post by Banwari katariya1