“नारी शक्ति या राजनीतिक दिखावा?” लोकसभा में जिस बिल को सरकार ने बड़े जोर-शोर से “नारी शक्ति वंदन अधिनियम” का नाम दिया, वही बिल जब असली परीक्षा में उतरा तो समर्थन के नाम पर सन्नाटा दिखा। सवाल उठना लाज़िमी है—क्या यह वास्तव में महिलाओं को सशक्त करने की पहल थी या सिर्फ राजनीतिक मंच सजाने का एक और प्रयास? बरेली की सपा नेत्री एवं समाजसेविका समयुन खान ने इस मुद्दे पर तीखी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि महिलाओं के अधिकार को “आरक्षण” के नाम पर सीमित करना ही सबसे बड़ा अन्याय है। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा—“हमें अलग से सीटें नहीं, बराबरी का हक चाहिए। जो सीटें आज हैं, उन्हीं पर हमारा अधिकार सुनिश्चित कीजिए।” यह बयान केवल एक नेता की प्रतिक्रिया नहीं, बल्कि उस सोच का प्रतिनिधित्व करता है जो आज देश की लाखों महिलाओं के मन में पल रही है। आखिर क्यों महिलाओं को बराबरी देने के बजाय अलग खांचा बनाकर सीमित करने की कोशिश की जाती है? अगर नीयत साफ है तो महिला सशक्तिकरण सिर्फ कागजों और नामों तक क्यों सिमटा रहता है? क्यों संसद में बैठे वही लोग, जो मंचों पर नारी शक्ति का गुणगान करते हैं, असल फैसले के वक्त पीछे हट जाते हैं? अब वक्त आ गया है कि “नारी शक्ति” सिर्फ नारा न रहे, बल्कि हकीकत बने। महिलाओं को दया या दान नहीं, उनका अधिकार चाहिए—और वो भी बिना किसी शर्त के। #NariShakti #MahilaAarakshan #WomenReservation #LokSabha #PoliticalTruth #MahilaAdhikar #EqualRights #WomenPower #IndiaPolitics #ViralNews #BreakingNews #SamajikNyay #BareillyNews #SP #SocialJustice #VoiceOfWomen #TrendingNow #ReelViral #NewsReel #HaqKiLadai
“नारी शक्ति या राजनीतिक दिखावा?” लोकसभा में जिस बिल को सरकार ने बड़े जोर-शोर से “नारी शक्ति वंदन अधिनियम” का नाम दिया, वही बिल जब असली परीक्षा में उतरा तो समर्थन के नाम पर सन्नाटा दिखा। सवाल उठना लाज़िमी है—क्या यह वास्तव में महिलाओं को सशक्त करने की पहल थी या सिर्फ राजनीतिक मंच सजाने का एक और प्रयास? बरेली की सपा नेत्री एवं समाजसेविका समयुन खान ने इस मुद्दे पर तीखी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि महिलाओं के अधिकार को “आरक्षण” के नाम पर सीमित करना ही सबसे बड़ा अन्याय है। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा—“हमें अलग से सीटें नहीं, बराबरी का हक चाहिए। जो सीटें आज हैं, उन्हीं पर हमारा अधिकार सुनिश्चित कीजिए।” यह बयान केवल एक नेता की प्रतिक्रिया नहीं, बल्कि उस सोच का प्रतिनिधित्व करता है जो आज देश की लाखों महिलाओं के मन में पल रही है। आखिर क्यों महिलाओं को बराबरी देने के बजाय अलग खांचा बनाकर सीमित करने की कोशिश की जाती है? अगर नीयत साफ है तो महिला सशक्तिकरण सिर्फ कागजों और नामों तक क्यों सिमटा रहता है? क्यों संसद में बैठे वही लोग, जो मंचों पर नारी शक्ति का गुणगान करते हैं, असल फैसले के वक्त पीछे हट जाते हैं? अब वक्त आ गया है कि “नारी शक्ति” सिर्फ नारा न रहे, बल्कि हकीकत बने। महिलाओं को दया या दान नहीं, उनका अधिकार चाहिए—और वो भी बिना किसी शर्त के। #NariShakti #MahilaAarakshan #WomenReservation #LokSabha #PoliticalTruth #MahilaAdhikar #EqualRights #WomenPower #IndiaPolitics #ViralNews #BreakingNews #SamajikNyay #BareillyNews #SP #SocialJustice #VoiceOfWomen #TrendingNow #ReelViral #NewsReel #HaqKiLadai
- “नारी शक्ति या राजनीतिक दिखावा?” लोकसभा में जिस बिल को सरकार ने बड़े जोर-शोर से “नारी शक्ति वंदन अधिनियम” का नाम दिया, वही बिल जब असली परीक्षा में उतरा तो समर्थन के नाम पर सन्नाटा दिखा। सवाल उठना लाज़िमी है—क्या यह वास्तव में महिलाओं को सशक्त करने की पहल थी या सिर्फ राजनीतिक मंच सजाने का एक और प्रयास? बरेली की सपा नेत्री एवं समाजसेविका समयुन खान ने इस मुद्दे पर तीखी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि महिलाओं के अधिकार को “आरक्षण” के नाम पर सीमित करना ही सबसे बड़ा अन्याय है। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा—“हमें अलग से सीटें नहीं, बराबरी का हक चाहिए। जो सीटें आज हैं, उन्हीं पर हमारा अधिकार सुनिश्चित कीजिए।” यह बयान केवल एक नेता की प्रतिक्रिया नहीं, बल्कि उस सोच का प्रतिनिधित्व करता है जो आज देश की लाखों महिलाओं के मन में पल रही है। आखिर क्यों महिलाओं को बराबरी देने के बजाय अलग खांचा बनाकर सीमित करने की कोशिश की जाती है? अगर नीयत साफ है तो महिला सशक्तिकरण सिर्फ कागजों और नामों तक क्यों सिमटा रहता है? क्यों संसद में बैठे वही लोग, जो मंचों पर नारी शक्ति का गुणगान करते हैं, असल फैसले के वक्त पीछे हट जाते हैं? अब वक्त आ गया है कि “नारी शक्ति” सिर्फ नारा न रहे, बल्कि हकीकत बने। महिलाओं को दया या दान नहीं, उनका अधिकार चाहिए—और वो भी बिना किसी शर्त के। #NariShakti #MahilaAarakshan #WomenReservation #LokSabha #PoliticalTruth #MahilaAdhikar #EqualRights #WomenPower #IndiaPolitics #ViralNews #BreakingNews #SamajikNyay #BareillyNews #SP #SocialJustice #VoiceOfWomen #TrendingNow #ReelViral #NewsReel #HaqKiLadai1
- badayun Uttar Pradesh crime/ bhaiyon se ek Dil dahla Dene wali khabar/ Masoom ka apharan/ 48 ghanton Mein Mila Masoom/ Sadi samaroh se kidnap/ Ankita Sharma ki badi kamyabi/ panch aaropi girftar/1
- बरेली। ग्राम रजुपुर में भगवान श्री परशुराम जी की शोभायात्रा के दौरान उस समय स्थिति तनावपूर्ण हो गई, जब कुछ लोगों ने आपत्ति जताई। सूचना पर पहुंची पुलिस ने एहतियातन यात्रा को कुछ समय के लिए रोक दिया और आगे बढ़ने से मना कर दिया। घटना की जानकारी मिलते ही हिंदू संगठनों के पदाधिकारी और कार्यकर्ता मौके पर पहुंच गए। बाद में आपसी समन्वय और पुलिस प्रशासन की मौजूदगी में शोभायात्रा को आगे बढ़ाया गया और गांव में धूमधाम से निकाला गया। शोभायात्रा में बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने भाग लिया। कार्यक्रम में संदीप शुक्ला, राकेश कुमार शर्मा, मनोज कुमार शर्मा, अमित शुक्ला, प्रमोद कुमार वर्मा, सुखपाल सिंह राठौर, महेश पाल सिंह चौहान, ठाकुर विराज सिंह चौहान, ठाकुर अवनीश सिंह, सुरेंद्र सिंह चौहान, पूर्व प्रधान चंद्रमुखी चौहान, ठाकुर मनोज सिंह, नितिन श्रीवास्तव, ठाकुर अमित सिंह, राजाराम प्रजापति, खेमपाल मौर्य, सत्येंद्र माहेश्वरी, छोटेलाल माहेश्वरी, मुरारी गुप्ता, रामचंद्र कश्यप, रामकुमार कश्यप, नन्हे साहू सहित अनेक लोग मौजूद रहे। इसके अलावा विश्व हिंदू परिषद, बजरंग दल और अन्य संगठनों के पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता भी शामिल हुए। पुलिस प्रशासन के सहयोग से अंततः शोभायात्रा शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराई गई।1
- बदायूं की पुलिस ने आगरा से सकुशल बरामद किया अगवा किया गया एक साल का मासूम, पांच गिरफ्तार बदायूं। जिले के इस्लामनगर थाना क्षेत्र से दो दिन पहले एक मैरिज हाल से चोरी किया गया बच्चा पुलिस ने आगरा जनपद से सकुशल बरामद कर लिया है इस मामले में एक नर्स समेत पांच लोगों को गिरफ्तार किया गया है। बच्चें को किसी निसंतान दंपति को 70 हजार में बेंचने की योजना थी जिसके लिए 20 हजार रुपया आरोपियों को मिल चुका था। बदायूं पुलिस ने इस्लामनगर के मैरिज हाल से शादी समारोह के दौरान कमरे में सो रहा एक बच्चें को अज्ञात युवती चोरी कर अपने साथ ले गई थी। बच्चा चोरी की जानकारी जब मां और उसके परिजनों को मिली तब कोहराम मच गया। पुलिस ने मामला दर्ज कर बच्चा और बच्चा चोर महिला की तलाश शुरू कर दी। पुलिस ने सीसीटीवी कैमरों की मदद से आरोपियों तक पहुंच कर आगरा से बच्चा सकुशल बरामद कर लिया और आरोपियों को बंदी बना कर जेल भेज दिया गया। यह जानकारी एसएसपी अंकिता शर्मा ने दी।1
- #बरेली के पीलीभीत रोड़ पर अचानक गिरा पेड़ में दवा रिक्शा और बताया जा रहा है की रिक्शा चालक के मामूली चोट आई#1
- बरेली के थाना आंवला का मामला महिला ने की लव मैरिज शादी महिला को मिला धोखा महिला ने लगाई इंसाफ की गुहार1
- मोहित सरन ने दी बचाव की अहम सलाह बरेली से अवधेश शर्मा की रिपोर्ट बरेली। शहर में मधुमेह (डायबिटीज) के बढ़ते मामलों को देखते हुए स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है। इसी क्रम में वरिष्ठ चिकित्सक डॉ. मोहित सरन ने एक प्रेस विज्ञप्ति जारी कर मधुमेह के प्रति जागरूकता फैलाने का आह्वान किया। उन्होंने बताया कि मधुमेह एक तेजी से फैलने वाली बीमारी है, जो शरीर में ब्लड शुगर के स्तर को प्रभावित करती है और समय रहते नियंत्रण न करने पर हृदय, किडनी, आंखों व नसों को गंभीर नुकसान पहुंचा सकती है। #बरेली #ब्रेकिंगन्यूज़मोहितसरन #वायरलन्यूज़1
- उझानी में भगवान परशुराम का जन्मोत्सव पर सम्पन्न हुए धार्मिक अनुष्ठान, ब्राहम्ण समाज ने हवन में दी पूर्णाहूति उझानी,(बदायूं)। नगर में ब्राहमण समाज ने भगवान परशुराम का जन्मोत्सव धूमधाम और श्रद्धाभाव के साथ मनाया। समाज के नर नारियों ने भगवान परशुराम की आस्था के साथ पूजा अर्चना की और आयोजित हवन में पूर्णाहूतियां देकर सबके कल्याण की प्रार्थनाएं यज्ञ देवता से की। धार्मिक अनुष्ठान के समापन पर भगवान परशुराम की आरती उतारी गई और प्रसाद का वितरण हुआ। भगवान परशुराम के जन्मोत्सव मनाने के लिए ब्राहम्मण समाज के लोग बिहारी जी मंदिर परिसर में एकत्र हुए। इस अवसर पर आयोजित धार्मिक अनुष्ठानों के साथ-साथ समाज के लोगों ने भगवान परशुराम की पूजा अर्चना की। इस अवसर पर आयोजित यज्ञ में मौजूद नर नारियों ने वैदिक मंत्रौंच्चारण के बीच आहूतियां देकर सर्व समाज के कल्याण की प्रार्थनाएं भगवान परशुराम और यज्ञ देवता से की। धार्मिक अनुष्ठानों के समापन पर भगवान परशुराम की आरती उतारी गई और प्रसाद का वितरण हुआ। इस अवसर पर श्री ब्राहम्मण सभा के पूर्व अध्यक्ष और सहकारी क्रय विक्रय के चेयरमैन पंडित किशन शर्मा ने सामाजिक एकजुटता पर जोर देते हुए कहा कि भगवान परशुराम ने समाज के प्रत्येक वर्ग को अपना आशीर्वाद दिया। श्री शर्मा ने बताया कि भगवान परशुराम की शोभायात्रा आगामी 23 फरवरी को भव्यता के साथ निकाली जाएगी और इसके उपरांत ब्राहम्मण सम्मेलन का भी आयोजन होगा। इस अवसर पर ब्राहम्ण सभा के अध्यक्ष कृपाराम शर्मा, मोहित राज शर्मा, प्रवीण शर्मा, ज्ञानेश्वर शर्मा, गोपी बल्लभ शर्मा, संजीव शर्मा, रोहित शर्मा, राहुल दुबे, राहुल शंखधार, आकाश शर्मा समेत बड़ी संख्या में समाज के लोग मौजूद रहे।1