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मध्य प्रदेश के सागर जिले के शाहगढ़ थाना क्षेत्र में 4 फरवरी को एक अंतर जिला चिकित्सालय में कार्यरत नर्स की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। इस वारदात को एक युवक ने कथित तौर पर एकतरफा प्यार में अंजाम दिया था, जिसमें उसने नर्स को तीन गोलियां मारी थीं। वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी मौके से फरार हो गया था। पुलिस ने इस मामले में लगातार जांच और तलाश अभियान चलाया, जिसके बाद घटना के लगभग चार महीने बाद आरोपी को गिरफ्तार करने में सफलता हासिल की।
नीलेश विश्वकर्मा
मध्य प्रदेश के सागर जिले के शाहगढ़ थाना क्षेत्र में 4 फरवरी को एक अंतर जिला चिकित्सालय में कार्यरत नर्स की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। इस वारदात को एक युवक ने कथित तौर पर एकतरफा प्यार में अंजाम दिया था, जिसमें उसने नर्स को तीन गोलियां मारी थीं। वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी मौके से फरार हो गया था। पुलिस ने इस मामले में लगातार जांच और तलाश अभियान चलाया, जिसके बाद घटना के लगभग चार महीने बाद आरोपी को गिरफ्तार करने में सफलता हासिल की।
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- मध्य प्रदेश के सागर जिले के शाहगढ़ थाना क्षेत्र में 4 फरवरी को एक अंतर जिला चिकित्सालय में कार्यरत नर्स की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। इस वारदात को एक युवक ने कथित तौर पर एकतरफा प्यार में अंजाम दिया था, जिसमें उसने नर्स को तीन गोलियां मारी थीं। वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी मौके से फरार हो गया था। पुलिस ने इस मामले में लगातार जांच और तलाश अभियान चलाया, जिसके बाद घटना के लगभग चार महीने बाद आरोपी को गिरफ्तार करने में सफलता हासिल की।1
- दमोह जिले के बटियागढ़ क्षेत्र के नीमखेड़ा गांव में एक युवक मोबाइल टावर पर चढ़ गया है, जिससे पूरे क्षेत्र में हड़कंप मच गया। मिली जानकारी के अनुसार, युवक मंगलवार-बुधवार की दरमियानी रात करीब 2 बजे से टावर के ऊपर बैठा हुआ है। घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस तुरंत मौके पर पहुंच गई। पुलिस और प्रशासनिक अमला युवक को सुरक्षित नीचे उतारने की कोशिश कर रहा है। वहीं, टावर के नीचे ग्रामीणों की भीड़ भी जमा हो गई है। फिलहाल युवक के टावर पर चढ़ने के कारणों का पता नहीं चल पाया है। पुलिस युवक से बातचीत करके उसे समझाने का प्रयास कर रही है, और प्रशासन लगातार स्थिति पर नजर बनाए हुए है।1
- टेलीविजन अभिनेत्री संचिता उगले, जिन्होंने 'छावा', 'कुमकुम भाग्य' और 'वागले की दुनिया' जैसे धारावाहिकों से पहचान बनाई थी, का निधन हो गया है। उनका शव मुंबई के नालासोपारा स्थित उनके घर में मिला। घटना के समय वह घर में अकेली थीं, जैसा कि बताया जा रहा है। पुलिस इस पूरे मामले की जांच कर रही है। अभिनेत्री के निधन के बाद, उनके सोशल मीडिया अकाउंट पर मौत से कुछ घंटे पहले पोस्ट किया गया एक वीडियो सबसे ज्यादा चर्चा में है, जिसमें वह मुस्कुराती हुई दिख रही हैं। इस घटना ने फिल्म और टीवी इंडस्ट्री में कलाकारों पर बढ़ते मानसिक दबाव को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं।1
- दमोह में भगवती मानव कल्याण संगठन और भारतीय शक्ति चेतना पार्टी के कार्यकर्ताओं ने महाराणा प्रताप जी की जयंती के अवसर पर उन्हें माल्यार्पण कर श्रद्धासुमन अर्पित किए। कार्यकर्ताओं ने महाराणा प्रताप जी को वीरता, स्वाभिमान और राष्ट्रभक्ति का अमर प्रतीक बताते हुए उनके त्याग, संघर्ष और राष्ट्र समर्पण को सभी के लिए प्रेरणास्रोत कहा। इस अवसर पर वीर शिरोमणि महाराणा प्रताप जी को शत्-शत् नमन किया गया।1
- सागर जिले के वन परिक्षेत्र सागर अंतर्गत वीट भिलैया में पौधारोपण प्रशिक्षण सह कार्यशाला का आयोजन किया गया। इस कार्यशाला में दक्षिण सागर के वनमण्डल अधिकारी श्री वरुण यादव (भारतीय वन सेवा) और उपवनमण्डल अधिकारी श्रीमती विनीता जाटव ने प्रशिक्षण दिया। प्रशिक्षण के दौरान श्री यादव ने वृक्षारोपण के समय बरती जाने वाली सावधानियों पर विस्तार से बताया। उन्होंने स्थानीय समिति सदस्यों और ग्रामीणों से भी वृक्षारोपण गतिविधियों में सक्रिय रूप से भाग लेने का आग्रह किया। श्री यादव ने यह भी स्पष्ट किया कि वन विभाग द्वारा कराए जाने वाले वृक्षारोपण से स्थानीय ग्रामीणों को सीधा रोजगार मिलता है। इसके अतिरिक्त, वन विभाग द्वारा आँवला, हर्रा, बहेड़ा, बेल आदि जैसी फलदार प्रजातियों के पौधे रोपित करने से भविष्य में ग्रामीणों की आय में वृद्धि होगी। इस कार्यक्रम में वन परिक्षेत्र अधिकारी सागर, ढाना और गढ़ाकोटा का वन स्टाफ भी मौजूद रहा। साथ ही, गुरैया के सरपंच श्री अजब सिंह राजपूत और बिहारीखेड़ा के सरपंच श्री दयाराम कुर्मी जैसे स्थानीय जनप्रतिनिधि भी उपस्थित थे।4
- सागर में भगवती मानव कल्याण संगठन की सागर शाखा के पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने गौरझामर थाना प्रभारी पर संगठन के सदस्यों को बिना किसी सूचना या नोटिस के नजरबंद करने का आरोप लगाया है। इस संबंध में संगठन ने पुलिस अधीक्षक सागर को एक ज्ञापन सौंपा है, जिसमें कानूनी कार्रवाई की मांग की गई है। ज्ञापन के अनुसार, संगठन के केसली ब्लॉक अध्यक्ष कैलाश सिंह लोधी को 14 जून 2026 की सुबह थाना प्रभारी ने फोन कर गौरझामर थाने बुलाया था। आरोप है कि वहाँ उनसे जबरन हस्ताक्षर कराए गए और उन्हें थाने में नजरबंद रखा गया, जिसका कारण पूछने पर कोई स्पष्ट जानकारी नहीं दी गई। संगठन का यह भी आरोप है कि जब कार्यकर्ता निरपत सिंह लोधी और राजकुमार लोधी (निवासी पटना खुर्द) इस मामले की जानकारी लेने थाने पहुँचे, तो उन्हें भी थाना प्रभारी के निर्देश पर थाने में रोक लिया गया। संगठन के जिलाध्यक्ष और अन्य पदाधिकारियों ने बुधवार को पुलिस अधीक्षक को ज्ञापन देकर थाना प्रभारी नासिर फारूकी और मुंशी अनिल कनौजिया के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की मांग की। उन्होंने यह भी पूछा कि संगठन के कार्यकर्ताओं को किस आधार पर और किन परिस्थितियों में नजरबंद किया गया। ज्ञापन में स्पष्ट किया गया है कि जिन कार्यकर्ताओं को रोका गया था, उनके खिलाफ कोई आपराधिक प्रकरण दर्ज नहीं है और न ही उन्होंने किसी कानून का उल्लंघन किया है। संगठन ने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।2
- छतरपुर जिले के सादनी गांव के एक प्रेमी जोड़े ने पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंचकर अपनी जान को खतरा बताते हुए सुरक्षा की गुहार लगाई है। जोड़े का कहना है कि वे दोनों बालिग हैं और अपनी मर्जी से साथ रहना चाहते हैं, लेकिन उन्हें अपने परिजनों और अन्य लोगों से जान का खतरा है।1
- मध्य प्रदेश के बैतूल जिले के मुलताई क्षेत्र से एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें पुलिसकर्मियों और एक आम नागरिक के बीच हाथापाई और मारपीट होती दिखाई दे रही है। बताया जा रहा है कि यह घटना घरेलू विवाद की सूचना पर मौके पर पहुंची 112 डायल पुलिस के साथ हुई। इसी दौरान पुलिसकर्मियों और संबंधित व्यक्ति के बीच किसी बात को लेकर कहासुनी हो गई। आरोप है कि अभद्रता के बाद पुलिस द्वारा व्यक्ति के साथ मारपीट की गई, जिससे गुस्साए व्यक्ति ने भी अपना आपा खो दिया और विवाद हाथापाई में बदल गया। इस घटना का वीडियो सामने आने के बाद पुलिस के व्यवहार और कानून-व्यवस्था को लेकर गंभीर सवाल उठ रहे हैं। खास बात यह है कि यह मामला ऐसे समय सामने आया है जब कुछ ही दिनों बाद राष्ट्रपति के बैतूल आगमन का कार्यक्रम प्रस्तावित है, जिससे पुलिस और जनता के बीच यह टकराव प्रशासनिक कार्यप्रणाली पर चर्चा का विषय बन गया है। हालांकि, वायरल वीडियो की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हुई है, और मामले को लेकर पुलिस प्रशासन की ओर से आधिकारिक प्रतिक्रिया का इंतजार है। वीडियो की सत्यता एवं घटनाक्रम की आधिकारिक पुष्टि संबंधित जांच और प्रशासनिक बयान के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।1