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बिहार के राजगीर स्थित जुनूकिया बाबा मंदिर में एक दुखद मॉब लिंचिंग की घटना सामने आई है, जिसमें दो दलित पासवान युवकों की पीट-पीटकर हत्या कर दी गई। इस मामले के विरोध में और न्याय की मांग को लेकर, आगामी 23 जून को बिहारशरीफ में एक न्यायिक मार्च का ऐलान किया गया है।
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बिहार के राजगीर स्थित जुनूकिया बाबा मंदिर में एक दुखद मॉब लिंचिंग की घटना सामने आई है, जिसमें दो दलित पासवान युवकों की पीट-पीटकर हत्या कर दी गई। इस मामले के विरोध में और न्याय की मांग को लेकर, आगामी 23 जून को बिहारशरीफ में एक न्यायिक मार्च का ऐलान किया गया है।
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- बिहार में दो दलित पासवान युवकों की पीटकर ह*त्या के एक गंभीर मामले पर भीम आर्मी के प्रदेश अध्यक्ष अमर ज्योति ने तीखा बयान दिया है। यह बयान इस घटना के संबंध में जारी किया गया है, जहाँ दोनों युवकों को पीट-पीटकर मार डाला गया था।1
- नवादा के मोगलाखार निवासी दो युवक एक सड़क दुर्घटना में गंभीर रूप से घायल हो गए। उन्हें इलाज के लिए नवादा सदर अस्पताल ले जाया गया था, लेकिन परिजनों ने अस्पताल प्रशासन पर घोर लापरवाही का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि घंटों तक डॉक्टर उपलब्ध नहीं हुए और समय पर उपचार न मिलने के कारण एक नौजवान की जान नहीं बचाई जा सकी, जिससे घर का चिराग हमेशा के लिए बुझ गया। इस दुखद घटना के बाद परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है, जहाँ एक अनमोल जिंदगी का अंत हो गया और पीछे बिलखता परिवार तथा सूना आंगन रह गया है। परिजनों ने अस्पताल प्रशासन पर गंभीर सवाल उठाते हुए मामले की निष्पक्ष जांच और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है। इस बीच, सवाल यह भी उठाया जा रहा है कि बिहार में सत्ताधारी दल JDU के स्वास्थ्य मंत्री और नवादा विधानसभा (237) के विधायक होने के बावजूद सदर अस्पताल का यह हाल क्यों है, जो बेहद अफसोसजनक है। यह घटना कई अनुत्तरित सवाल छोड़ गई है, जिनमें प्रमुख है कि क्या समय पर इलाज मिलने से उस युवक की जान बच सकती थी।1
- नवादा शहर में मुहर्रम पर्व के अवसर पर रविवार को मुस्लिम रोड स्थित कसाई मोहल्ला से ताजिया निर्माण के लिए मिट्टी लाने हेतु एक जुलूस निकाला गया। इस जुलूस में बड़ी संख्या में अकीदतमंद शामिल हुए और उन्होंने पारंपरिक तरीके से मुहर्रम की रस्मों का पालन किया। जुलूस कसाई मोहल्ला से शुरू होकर विभिन्न मार्गों से होते हुए निर्धारित स्थल तक पहुँचा, जहाँ से ताजिया बनाने के लिए मिट्टी लाई गई। इस दौरान युवाओं और बुजुर्गों ने बड़े उत्साह के साथ भाग लिया। जुलूस के दौरान शांति और सुरक्षा बनाए रखने के लिए स्थानीय प्रशासन और पुलिस बल तैनात रहे। प्रशासन ने लोगों से आपसी भाईचारे और सौहार्दपूर्ण वातावरण में मुहर्रम का पर्व मनाने की अपील की। शहर के विभिन्न इलाकों में मुहर्रम को लेकर धार्मिक गतिविधियाँ जारी हैं और ताजिया निर्माण का कार्य भी तेजी से चल रहा है।1
- युवा समाजसेवी भारत तिवारी की हत्या कर दी गई है। जानकारी के अनुसार, भारत तिवारी अपने गाँव की किसी भी कमी को लेकर हमेशा आवाज़ उठाते और गाँव के लिए सक्रिय रूप से काम करते थे। इस दुखद घटना को प्रशासन की तरफ से एक प्रकार का 'आतंकवाद' बताया गया है, क्योंकि आरोप लगाया गया है कि एक समाजसेवी को 'आतंकवादी' कहकर 'शूट' कर दिया गया। यह हमारे देश के लिए अत्यंत शर्मसार करने वाली बात मानी गई है, और इसे केवल भारत की हत्या नहीं, बल्कि हमारे देश की 'संसद' की खबर कहा गया है।1
- पकरीबरावां में धर्मेंद्र यादव ने अपने जन्मदिन के अवसर पर वृक्षारोपण करके एक अनूठी पहल की है। इस कार्य से उन्होंने एक मिसाल पेश की।1
- दिनांक 21 जून 2026 को नवादा के सुदामा नगर में माझी परिवार का विस्तार हुआ, जिसमें सभी माझी परिवार एक साथ एकजुट हुए। इस अवसर पर शिक्षा को मजबूत करने और आर्थिक विषयों पर गहन चर्चा की गई। इस जुटान में सभी प्रखंडों से माझी परिवार के सदस्य उपस्थित रहे। मंच का संचालन करण माझी मुखिया जी ने किया, और राजाराम माझी मुखिया जी, रामविलास माझी मुखिया जी तथा संतोष माझी सहित माझी परिवार के अन्य सभी सदस्य भी इस बैठक में मौजूद थे।4
- बिहार के राजगीर स्थित जुनूकिया बाबा मंदिर में एक दुखद मॉब लिंचिंग की घटना सामने आई है, जिसमें दो दलित पासवान युवकों की पीट-पीटकर हत्या कर दी गई। इस मामले के विरोध में और न्याय की मांग को लेकर, आगामी 23 जून को बिहारशरीफ में एक न्यायिक मार्च का ऐलान किया गया है।1
- अहमदाबाद के गीता मंदिर इलाके में स्थित एक गैस एजेंसी में गैस रिसाव के बाद भीषण आग लग गई, जिसके परिणामस्वरूप कई एलपीजी सिलेंडरों में विस्फोट हुआ। इस घटना में एजेंसी मालिक सहित कुल तीन लोग घायल हुए हैं। आग लगते ही पूरे इलाके में अफरा-तफरी का माहौल बन गया और आसपास के निवासियों ने अपनी सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए सुरक्षित स्थानों की ओर दौड़ लगाई। सूचना मिलते ही फायर ब्रिगेड की कई गाड़ियाँ मौके पर पहुँचीं और काफी मशक्कत के बाद आग पर सफलतापूर्वक काबू पाया गया। अधिकारियों ने त्वरित कार्रवाई करते हुए घटनास्थल से बड़ी संख्या में सिलेंडरों को सुरक्षित बाहर निकाला, जिससे एक संभावित बड़े और अधिक विनाशकारी हादसे को टाल दिया गया। प्रारंभिक जाँच में इस दुर्घटना का कारण गैस रिफिलिंग के दौरान हुए गैस रिसाव को माना जा रहा है। प्रशासन ने इस मामले की गहन जाँच शुरू कर दी है और गैस एजेंसी में सुरक्षा मानकों की विस्तृत समीक्षा की जा रही है। वहीं, स्थानीय लोगों ने भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति को रोकने के लिए संबंधित अधिकारियों से कड़े और प्रभावी कदम उठाने की मांग की है।1