नायक धाम गंजेबारी: आस्था, परंपरा और इतिहास का प्रतीक देवघर जिले के करों प्रखंड क्षेत्र स्थित गंजेबारी गांव का प्रसिद्ध नायक धाम श्रद्धालुओं की गहरी आस्था और प्राचीन परंपराओं का केंद्र माना जाता है। यह धाम वर्षों से आसपास के गांवों और दूर-दराज से आने वाले श्रद्धालुओं के लिए आस्था का प्रमुख स्थल बना हुआ है। यहां हर वर्ष आयोजित होने वाला वार्षिक उत्सव क्षेत्र की सांस्कृतिक पहचान और धार्मिक परंपराओं को जीवित रखने का महत्वपूर्ण माध्यम है। स्थानीय मान्यताओं के अनुसार, नायक धाम का इतिहास काफी पुराना है। कहा जाता है कि इस स्थान पर वर्षों पहले ग्रामीणों की आस्था और विश्वास के कारण पूजा-अर्चना की शुरुआत हुई, जो समय के साथ एक बड़े धार्मिक केंद्र के रूप में विकसित हो गया। ग्रामीणों का मानना है कि यहां सच्चे मन से की गई प्रार्थना अवश्य पूरी होती है, इसलिए लोग दूर-दूर से अपनी मनोकामनाएं लेकर यहां पहुंचते हैं। हर वर्ष यहां भव्य वार्षिक उत्सव का आयोजन किया जाता है, जिसमें पूजा-अर्चना, भजन-कीर्तन और विभिन्न धार्मिक अनुष्ठान होते हैं। इस दौरान क्षेत्र के हजारों श्रद्धालु धाम में पहुंचकर पूजा करते हैं और आशीर्वाद प्राप्त करते हैं। मेले का भी आयोजन होता है, जहां स्थानीय संस्कृति, परंपरा और ग्रामीण जीवन की झलक देखने को मिलती है। नायक धाम न केवल धार्मिक आस्था का केंद्र है, बल्कि यह क्षेत्र की सांस्कृतिक विरासत और सामाजिक एकता का भी प्रतीक बन चुका है। यहां आयोजित होने वाले कार्यक्रम लोगों को आपसी भाईचारे और परंपराओं से जोड़ने का काम करते हैं।आज भी गंजेबारी का नायक धाम श्रद्धा, विश्वास और परंपरा की मिसाल बनकर लोगों के दिलों में अपनी विशेष पहचान बनाए हुए है। नायक धाम गंजेबारी: आस्था, परंपरा और इतिहास का प्रतीक देवघर जिले के करों प्रखंड क्षेत्र स्थित गंजेबारी गांव का प्रसिद्ध नायक धाम श्रद्धालुओं की गहरी आस्था और प्राचीन परंपराओं का केंद्र माना जाता है। यह धाम वर्षों से आसपास के गांवों और दूर-दराज से आने वाले श्रद्धालुओं के लिए आस्था का प्रमुख स्थल बना हुआ है। यहां हर वर्ष आयोजित होने वाला वार्षिक उत्सव क्षेत्र की सांस्कृतिक पहचान और धार्मिक परंपराओं को जीवित रखने का महत्वपूर्ण माध्यम है। स्थानीय मान्यताओं के अनुसार, नायक धाम का इतिहास काफी पुराना है। कहा जाता है कि इस स्थान पर वर्षों पहले ग्रामीणों की आस्था और विश्वास के कारण पूजा-अर्चना की शुरुआत हुई, जो समय के साथ एक बड़े धार्मिक केंद्र के रूप में विकसित हो गया। ग्रामीणों का मानना है कि यहां सच्चे मन से की गई प्रार्थना अवश्य पूरी होती है, इसलिए लोग दूर-दूर से अपनी मनोकामनाएं लेकर यहां पहुंचते हैं। हर वर्ष यहां भव्य वार्षिक उत्सव का आयोजन किया जाता है, जिसमें पूजा-अर्चना, भजन-कीर्तन और विभिन्न धार्मिक अनुष्ठान होते हैं। इस दौरान क्षेत्र के हजारों श्रद्धालु धाम में पहुंचकर पूजा करते हैं और आशीर्वाद प्राप्त करते हैं। मेले का भी आयोजन होता है, जहां स्थानीय संस्कृति, परंपरा और ग्रामीण जीवन की झलक देखने को मिलती है। नायक धाम न केवल धार्मिक आस्था का केंद्र है, बल्कि यह क्षेत्र की सांस्कृतिक विरासत और सामाजिक एकता का भी प्रतीक बन चुका है। यहां आयोजित होने वाले कार्यक्रम लोगों को आपसी भाईचारे और परंपराओं से जोड़ने का काम करते हैं।आज भी गंजेबारी का नायक धाम श्रद्धा, विश्वास और परंपरा की मिसाल बनकर लोगों के दिलों में अपनी विशेष पहचान बनाए हुए है। #नायक_धाम #गंजेबारी #देवघर #आस्था #परंपरा #Jharkhand #Deoghar Part 8
नायक धाम गंजेबारी: आस्था, परंपरा और इतिहास का प्रतीक देवघर जिले के करों प्रखंड क्षेत्र स्थित गंजेबारी गांव का प्रसिद्ध नायक धाम श्रद्धालुओं की गहरी आस्था और प्राचीन परंपराओं का केंद्र माना जाता है। यह धाम वर्षों से आसपास के गांवों और दूर-दराज से आने वाले श्रद्धालुओं के लिए आस्था का प्रमुख स्थल बना हुआ है। यहां हर वर्ष आयोजित होने वाला वार्षिक उत्सव क्षेत्र की सांस्कृतिक पहचान और धार्मिक परंपराओं को जीवित रखने का महत्वपूर्ण माध्यम है। स्थानीय मान्यताओं के अनुसार, नायक धाम का इतिहास काफी पुराना है। कहा जाता है कि इस स्थान पर वर्षों पहले ग्रामीणों की आस्था और विश्वास के कारण पूजा-अर्चना की शुरुआत हुई, जो समय के साथ एक बड़े धार्मिक केंद्र के रूप में विकसित हो गया। ग्रामीणों का मानना है कि यहां सच्चे मन से की गई प्रार्थना अवश्य पूरी होती है, इसलिए लोग दूर-दूर से अपनी मनोकामनाएं लेकर यहां पहुंचते हैं। हर वर्ष यहां भव्य वार्षिक उत्सव का आयोजन किया जाता है, जिसमें पूजा-अर्चना, भजन-कीर्तन और विभिन्न धार्मिक अनुष्ठान होते हैं। इस दौरान क्षेत्र के हजारों श्रद्धालु धाम में पहुंचकर पूजा करते हैं और
आशीर्वाद प्राप्त करते हैं। मेले का भी आयोजन होता है, जहां स्थानीय संस्कृति, परंपरा और ग्रामीण जीवन की झलक देखने को मिलती है। नायक धाम न केवल धार्मिक आस्था का केंद्र है, बल्कि यह क्षेत्र की सांस्कृतिक विरासत और सामाजिक एकता का भी प्रतीक बन चुका है। यहां आयोजित होने वाले कार्यक्रम लोगों को आपसी भाईचारे और परंपराओं से जोड़ने का काम करते हैं।आज भी गंजेबारी का नायक धाम श्रद्धा, विश्वास और परंपरा की मिसाल बनकर लोगों के दिलों में अपनी विशेष पहचान बनाए हुए है। नायक धाम गंजेबारी: आस्था, परंपरा और इतिहास का प्रतीक देवघर जिले के करों प्रखंड क्षेत्र स्थित गंजेबारी गांव का प्रसिद्ध नायक धाम श्रद्धालुओं की गहरी आस्था और प्राचीन परंपराओं का केंद्र माना जाता है। यह धाम वर्षों से आसपास के गांवों और दूर-दराज से आने वाले श्रद्धालुओं के लिए आस्था का प्रमुख स्थल बना हुआ है। यहां हर वर्ष आयोजित होने वाला वार्षिक उत्सव क्षेत्र की सांस्कृतिक पहचान और धार्मिक परंपराओं को जीवित रखने का महत्वपूर्ण माध्यम है। स्थानीय मान्यताओं के अनुसार, नायक धाम का इतिहास काफी पुराना है। कहा जाता है कि इस स्थान पर वर्षों
पहले ग्रामीणों की आस्था और विश्वास के कारण पूजा-अर्चना की शुरुआत हुई, जो समय के साथ एक बड़े धार्मिक केंद्र के रूप में विकसित हो गया। ग्रामीणों का मानना है कि यहां सच्चे मन से की गई प्रार्थना अवश्य पूरी होती है, इसलिए लोग दूर-दूर से अपनी मनोकामनाएं लेकर यहां पहुंचते हैं। हर वर्ष यहां भव्य वार्षिक उत्सव का आयोजन किया जाता है, जिसमें पूजा-अर्चना, भजन-कीर्तन और विभिन्न धार्मिक अनुष्ठान होते हैं। इस दौरान क्षेत्र के हजारों श्रद्धालु धाम में पहुंचकर पूजा करते हैं और आशीर्वाद प्राप्त करते हैं। मेले का भी आयोजन होता है, जहां स्थानीय संस्कृति, परंपरा और ग्रामीण जीवन की झलक देखने को मिलती है। नायक धाम न केवल धार्मिक आस्था का केंद्र है, बल्कि यह क्षेत्र की सांस्कृतिक विरासत और सामाजिक एकता का भी प्रतीक बन चुका है। यहां आयोजित होने वाले कार्यक्रम लोगों को आपसी भाईचारे और परंपराओं से जोड़ने का काम करते हैं।आज भी गंजेबारी का नायक धाम श्रद्धा, विश्वास और परंपरा की मिसाल बनकर लोगों के दिलों में अपनी विशेष पहचान बनाए हुए है। #नायक_धाम #गंजेबारी #देवघर #आस्था #परंपरा #Jharkhand #Deoghar Part 8
- नायक धाम गंजेबारी: आस्था, परंपरा और इतिहास का प्रतीक देवघर जिले के करों प्रखंड क्षेत्र स्थित गंजेबारी गांव का प्रसिद्ध नायक धाम श्रद्धालुओं की गहरी आस्था और प्राचीन परंपराओं का केंद्र माना जाता है। यह धाम वर्षों से आसपास के गांवों और दूर-दराज से आने वाले श्रद्धालुओं के लिए आस्था का प्रमुख स्थल बना हुआ है। यहां हर वर्ष आयोजित होने वाला वार्षिक उत्सव क्षेत्र की सांस्कृतिक पहचान और धार्मिक परंपराओं को जीवित रखने का महत्वपूर्ण माध्यम है। स्थानीय मान्यताओं के अनुसार, नायक धाम का इतिहास काफी पुराना है। कहा जाता है कि इस स्थान पर वर्षों पहले ग्रामीणों की आस्था और विश्वास के कारण पूजा-अर्चना की शुरुआत हुई, जो समय के साथ एक बड़े धार्मिक केंद्र के रूप में विकसित हो गया। ग्रामीणों का मानना है कि यहां सच्चे मन से की गई प्रार्थना अवश्य पूरी होती है, इसलिए लोग दूर-दूर से अपनी मनोकामनाएं लेकर यहां पहुंचते हैं। हर वर्ष यहां भव्य वार्षिक उत्सव का आयोजन किया जाता है, जिसमें पूजा-अर्चना, भजन-कीर्तन और विभिन्न धार्मिक अनुष्ठान होते हैं। इस दौरान क्षेत्र के हजारों श्रद्धालु धाम में पहुंचकर पूजा करते हैं और आशीर्वाद प्राप्त करते हैं। मेले का भी आयोजन होता है, जहां स्थानीय संस्कृति, परंपरा और ग्रामीण जीवन की झलक देखने को मिलती है। नायक धाम न केवल धार्मिक आस्था का केंद्र है, बल्कि यह क्षेत्र की सांस्कृतिक विरासत और सामाजिक एकता का भी प्रतीक बन चुका है। यहां आयोजित होने वाले कार्यक्रम लोगों को आपसी भाईचारे और परंपराओं से जोड़ने का काम करते हैं।आज भी गंजेबारी का नायक धाम श्रद्धा, विश्वास और परंपरा की मिसाल बनकर लोगों के दिलों में अपनी विशेष पहचान बनाए हुए है। #नायक_धाम #गंजेबारी #देवघर #आस्था #परंपरा #Jharkhand #Deoghar Part 83
- Post by PRESS R K PRESS R K1
- निरसा में कांटा के पास से एलिवेटेड फ्लाईओवर का काम शुरू हो गया निरसा में कांटा के पास से एलिवेटेड फ्लाईओवर का काम शुरू हो गया है, हाइड्रोलिक पाइलिंग रिग मशीन इंस्टॉल होना शुरू हो गया है जो आप इस वीडियो में देख सकते हैं #flyover #nirsha #dhanbad #jharkhand #fbpost #news #newsupdate1
- जानकारी के अनुसार अज्ञात चोरों ने कोलियरी परिसर से बड़ी मात्रा में पावर केबल काटकर फरार हो गए, जिससे खदान प्रबंधन में हड़कंप मच गया। बताया जा रहा है कि कोलियरी प्रबंधन को इस घटना की सूचना सुरक्षा प्रहरी द्वारा सोमवार सुबह करीब साढ़े चार बजे प्रबंधक को दी गई।1
- जिले के गोविंदपुर थाना क्षेत्र में ट्रैफिक जवान और एक युवक के बीच सड़क पर हुई तीखी नोकझोंक और हाथापाई का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वायरल वीडियो में ट्रैफिक जवान और युवक के बीच कहासुनी के बाद धक्का-मुक्की होती दिखाई दे रही है, जिसे मौके पर मौजूद किसी व्यक्ति ने मोबाइल में कैद कर लिया। सोमवार की सुबह 8 बजे मिली प्राप्त जानकारी के अनुसार ट्रैफिक जांच के दौरान किसी बात को लेकर विवाद शुरू हुआ और देखते ही देखते मामला गर्मा गया। वीडियो में ट्रैफिक जवान यह कहते नजर आ रहा है कि युवक ने उसके साथ गाली-गलौज की। वहीं युवक का आरोप है कि ट्रैफिक जवान ने उसकी बाइक की चाबी निकाल ली और उसके साथ गाली-गलौज करते हुए मारपीट की। वीडियो के सोशल मीडिया पर वायरल होते ही लोगों में तरह-तरह की चर्चाएं शुरू हो गई हैं। कई लोग ट्रैफिक जवान के व्यवहार पर सवाल उठा रहे हैं और वरीय पुलिस अधिकारियों से मामले की जांच कर दोषियों पर कार्रवाई की मांग कर रहे हैं। फिलहाल इस पूरे मामले में पुलिस की ओर से कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है, लेकिन वीडियो के वायरल होने के बाद यह मामला चर्चा का विषय बन गया है।1
- लोकेशन - कोलकाता रिपोर्टर - ब्यूरो रिपोर्ट स्लग - कोलकाता में LPG को लेकर विरोध प्रदर्शन, TMC की रैली में उमड़ी भीड़ एंकर - पश्चिम बंगाल की राजधानी कोलकाता में एलपीजी गैस की बढ़ती कीमतों और सप्लाई संकट के खिलाफ बड़ा विरोध प्रदर्शन देखने को मिला। All India Trinamool Congress ने मुख्यमंत्री Mamata Banerjee और सांसद Abhishek Banerjee के नेतृत्व में एक विशाल रैली निकाली। यह रैली कॉलेज स्क्वायर से शुरू होकर डोरीना क्रॉसिंग होते हुए एस्प्लानेड तक पहुंची, जिसमें हजारों लोग शामिल हुए। रैली के दौरान प्रदर्शनकारियों ने केंद्र सरकार की नीतियों के खिलाफ जोरदार नारे लगाए और एलपीजी की बढ़ती कीमतों को लेकर नाराजगी जताई। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि घरेलू एलपीजी सिलेंडर की कीमत बढ़कर करीब 913 रुपये तक पहुंच गई है, जिससे आम लोगों के लिए रसोई चलाना मुश्किल हो गया है। रैली को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने केंद्र सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि देश की विदेश नीति और गैस सप्लाई मैनेजमेंट पूरी तरह विफल साबित हुआ है, जिसका खामियाजा आम जनता को भुगतना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार हमेशा लोगों के साथ खड़ी है। वहीं केंद्र सरकार का कहना है कि देश में एलपीजी की सप्लाई स्थिर है और लोगों से घबराकर अधिक खरीदारी न करने की अपील की गई है। इस मुद्दे ने अब बंगाल की राजनीति में भी गर्मी बढ़ा दी है ।1
- Post by Saajan Akela1
- नेताजी सुभाषचंद्र बोस स्मारक समिति के सदस्यों ने शोक सभा आयोजित कर करौं निवासी दिवंगत लेखापाल शशि प्रकाश सिंह को श्रद्धांजलि अर्पित की और उनके व्यक्तित्व व कार्यों को याद किया। 🌹💐🌺 #ShokSabha #LateShashiPrakashSingh #NetajiSmarakSamiti #Karon #tahalkaआवाज़1