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डीआईजी सिमाला प्रसाद ने मध्य प्रदेश के ओंकारेश्वर पहुंचकर सुरक्षा व्यवस्थाओं का जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने सबसे पहले ज्योतिर्लिंग के दर्शन किए। दर्शन करने के बाद डीआईजी ने कंट्रोल रूम और सीसीटीवी नेटवर्क का निरीक्षण किया। इसके साथ ही उन्होंने सिंहस्थ-2028 की तैयारियों का भी जायजा लिया।
Shahrukh mansuri333
डीआईजी सिमाला प्रसाद ने मध्य प्रदेश के ओंकारेश्वर पहुंचकर सुरक्षा व्यवस्थाओं का जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने सबसे पहले ज्योतिर्लिंग के दर्शन किए। दर्शन करने के बाद डीआईजी ने कंट्रोल रूम और सीसीटीवी नेटवर्क का निरीक्षण किया। इसके साथ ही उन्होंने सिंहस्थ-2028 की तैयारियों का भी जायजा लिया।
- User6617Kannod, Dewas😤17 hrs ago
More news from मध्य प्रदेश and nearby areas
- डीआईजी सिमाला प्रसाद ने मध्य प्रदेश के ओंकारेश्वर पहुंचकर सुरक्षा व्यवस्थाओं का जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने सबसे पहले ज्योतिर्लिंग के दर्शन किए। दर्शन करने के बाद डीआईजी ने कंट्रोल रूम और सीसीटीवी नेटवर्क का निरीक्षण किया। इसके साथ ही उन्होंने सिंहस्थ-2028 की तैयारियों का भी जायजा लिया।1
- खंडवा विधानसभा में विकास की नई इबारत लिखने के लिए माननीय विधायक श्रीमती कंचन मुकेश तनवे जी का आभार जताया गया है। क्षेत्र में हरसूद भण्डारिया अमरावती बायपास जैसे विकास कार्यों को लेकर स्थानीय लोगों द्वारा विधायक के प्रयासों की सराहना करते हुए उन्हें विशेष धन्यवाद दिया जा रहा है।1
- मध्य प्रदेश के खरगोन जिले के बड़वाह में पुलिस ने बाईक से 5 किलो अवैध गांजे की तस्करी करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है।1
- मध्य प्रदेश के देवास जिले की हाटपिपलिया विधानसभा के शिप्रा में किसान कांग्रेस के नेतृत्व में एक जंगी विरोध प्रदर्शन किया गया। इस प्रदर्शन के दौरान आक्रोशित किसानों और कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव, कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान और प्रदेश के कृषि मंत्री एंदल सिंह कंसाना का पुतला फूंका। पुतला दहन के दौरान मौके पर मौजूद पुलिस और कांग्रेसियों के बीच जबरदस्त छीना-झपटी हुई, लेकिन इस तीखी झड़प के बावजूद किसान कांग्रेस के नेता शिप्रा में पुतला जलाने में कामयाब रहे। इस विरोध प्रदर्शन में बड़ी संख्या में किसान कांग्रेस व कांग्रेस के नेता, किसान और ग्रामीण जन उपस्थित थे। प्रदर्शन के दौरान किसान कांग्रेस के जिला अध्यक्ष विश्वजीत सिंह चौहान ने किसानों की विभिन्न समस्याओं को लेकर अपनी प्रमुख मांगें सामने रखीं। उन्होंने मांग की कि किसानों के लिए शुरू की गई ई-टोकन खाद व्यवस्था को तत्काल प्रभाव से बंद किया जाए। इसके साथ ही, देवास जिले में विभिन्न योजनाओं जैसे लैंड पुलिंग, आउटर रिंग रोड, इंदौर-बुधनी रेलवे लाइन और विकास प्राधिकरण के लिए अधिग्रहित की गई जमीनों का किसानों को उचित मुआवजा दिया जाए। किसानों की अन्य प्रमुख मांगों में शिप्रा से लेकर बड़ा टिगरिया रोड का जल्द से जल्द निर्माण कराने, करोड़ों रुपये बर्बाद होने के बाद भी शिप्रा नदी की सफाई न होने के कारण फैली गंदगी को साफ करने, मूंग की 100 प्रतिशत सरकारी खरीदी सुनिश्चित करने और ओलावृष्टि के कारण फसलों को हुए नुकसान का मुआवजा देने की मांग शामिल रही। इस जंगी प्रदर्शन में किसान कांग्रेस के प्रदेश उपाध्यक्ष ईश्वरसिंह देवड़ा, प्रदेश सचिव उस्मान गनी, वरिष्ठ उपाध्यक्ष प्रेम नारायण पटेल, जिला उपाध्यक्ष डॉ. रजनीश पटेल, हंसराज मंडलोई, जसवंतपुरी पटलावदा, ब्लॉक अध्यक्ष जीवन पटेल, कालूसिंह राजपूत, युनुस ठेकेदार, कोषाध्यक्ष सुनील यादव और किसान नेता जितेन्द्र दा प्रमुख रूप से शामिल हुए। इसके साथ ही धर्मेन्द्र जायसवाल, प्रथम भोजक, केदार नेताजी, इमरान नेता, अमित पटेल, सेवादल के राकेश खुवारे, अनुसूचित ब्लॉक अध्यक्ष गोपी सरपंच, सौरभ पटेल, मोहनसिंह पटेल, संजय पटेल, इस्माईल भाई सहित किसान कांग्रेस व कांग्रेस के कई युवा नेता और कार्यकर्ता भी वहां उपस्थित रहे।4
- खंडवा के पुनासा/मुंदी में किसानों के मुद्दे को लेकर कांग्रेस द्वारा प्रदर्शन किया गया। इस प्रदर्शन के दौरान जमकर नारेबाजी की गई और विरोध जताते हुए मुख्यमंत्री व कृषि मंत्री का पुतला फूंका गया।1
- हरसूद विधानसभा क्षेत्र के खालवा थाना पुलिस ने मुख-बधिर किशोरी के साथ कथित दुष्कर्म के मामले में करीब 10 महीने से फरार चल रहे आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया है। पुलिस ने यह बड़ी कार्रवाई महिला संबंधी गंभीर अपराधों के विरुद्ध चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत की है। गिरफ्तार किए गए आरोपी की पहचान मौजवाड़ी ग्राम निवासी 30 वर्षीय किशोरी लाल, पिता सुखलाल साठे के रूप में हुई है, जो लंबे समय से फरार चल रहा था। उसके विरुद्ध खालवा थाने में अपराध क्रमांक 348/25 दर्ज था। प्रकरण के अनुसार, 19 सितंबर 2025 को पीड़िता के परिजनों ने शिकायत दर्ज कराई थी कि आरोपी ने उनकी मुख-बधिर पुत्री की इच्छा के विरुद्ध गलत कृत्य किया, जिसके परिणामस्वरूप पीड़िता ने एक शिशु को जन्म दिया। इस मामले में पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) और दिव्यांगजन अधिकार संरक्षण अधिनियम की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू की थी। लगातार तलाश के बाद आखिरकार खालवा पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर आवश्यक वैधानिक कार्रवाई पूरी करते हुए उसे न्यायालय में पेश किया। पुलिस ने स्पष्ट किया है कि महिला एवं बाल अपराधों के मामलों में फरार आरोपियों के खिलाफ यह अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा।1