सिहाली कलां में 200 मीटर सड़क बदहाल, गहरे गड्ढों से हादसे का खतरा मुंडावर। उपखण्ड क्षेत्र के गांव सिहाली कलां में गांव के छोर से कुंदनदास मंदिर मार्ग तक करीब 200 मीटर सड़क पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो चुकी है। सड़क पर जगह-जगह बड़े और गहरे गड्ढे बन गए हैं, जिससे इस मार्ग से गुजरने वाले वाहन चालकों और राहगीरों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। बारिश के दौरान स्थिति और भी गंभीर हो जाती है, क्योंकि गड्ढों में पानी भर जाने से उनकी गहराई का अंदाजा नहीं लग पाता और दुर्घटना का खतरा बढ़ जाता है। यह मार्ग क्षेत्र का प्रमुख रास्ता है, जहां से प्रतिदिन सैकड़ों वाहन गुजरते हैं। इसी मार्ग से विद्यार्थी विद्यालयों और महाविद्यालयों में पढ़ने के लिए आवागमन करते हैं। इसके अलावा यह सड़क भिवाड़ी, टपूकड़ा और तिजारा क्षेत्र को जोड़ने वाले महत्वपूर्ण मार्गों में शामिल है। ग्रामीणों का कहना है कि खराब सड़क के कारण उन्हें जान जोखिम में डालकर सफर करना पड़ रहा है। ग्रामीण समाजसेवी देवेंद्र सिंह चौहान, कैप्टन रणधीर सिंह, सूबेदार दिलीप सिंह, राजू पंच, जयसिंह, रोहतास सिंह, सुनील, विजेंदर सिंह, इसब खान, मोहर सिंह थानेदार, मिन्नी ठेकेदार, प्रदीप, लक्ष्मण, सियाराम, धर्मेंद्र और शक्ति सिंह के अनुसार इस समस्या को लेकर संबंधित अधिकारियों से एक-दो बार नहीं, बल्कि अनेक बार शिकायत एवं मुलाकात की जा चुकी है, लेकिन अभी तक स्थायी समाधान नहीं हुआ है। ग्रामीणों ने प्रशासन से सड़क की तत्काल मरम्मत कराने की मांग की है। उनका कहना है कि प्रशासन शायद किसी बड़े हादसे के बाद ही जागेगा।
सिहाली कलां में 200 मीटर सड़क बदहाल, गहरे गड्ढों से हादसे का खतरा मुंडावर। उपखण्ड क्षेत्र के गांव सिहाली कलां में गांव के छोर से कुंदनदास मंदिर मार्ग तक करीब 200 मीटर सड़क पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो चुकी है। सड़क पर जगह-जगह बड़े और गहरे गड्ढे बन गए हैं, जिससे इस मार्ग से गुजरने वाले वाहन चालकों और राहगीरों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। बारिश के दौरान स्थिति और भी गंभीर हो जाती है, क्योंकि गड्ढों में पानी भर जाने से उनकी गहराई का अंदाजा नहीं लग पाता और दुर्घटना का खतरा बढ़ जाता है। यह मार्ग क्षेत्र का प्रमुख रास्ता है, जहां से प्रतिदिन सैकड़ों वाहन गुजरते हैं। इसी मार्ग से विद्यार्थी विद्यालयों और महाविद्यालयों में पढ़ने के लिए आवागमन करते हैं। इसके अलावा यह सड़क भिवाड़ी, टपूकड़ा और तिजारा क्षेत्र को जोड़ने वाले महत्वपूर्ण मार्गों में शामिल है। ग्रामीणों का कहना है कि खराब सड़क के कारण उन्हें जान जोखिम में डालकर सफर करना पड़ रहा है। ग्रामीण समाजसेवी देवेंद्र सिंह चौहान, कैप्टन रणधीर सिंह, सूबेदार दिलीप सिंह, राजू पंच, जयसिंह, रोहतास सिंह, सुनील, विजेंदर सिंह, इसब खान, मोहर सिंह थानेदार, मिन्नी ठेकेदार, प्रदीप, लक्ष्मण, सियाराम, धर्मेंद्र और शक्ति सिंह के अनुसार इस समस्या को लेकर संबंधित अधिकारियों से एक-दो बार नहीं, बल्कि अनेक बार शिकायत एवं मुलाकात की जा चुकी है, लेकिन अभी तक स्थायी समाधान नहीं हुआ है। ग्रामीणों ने प्रशासन से सड़क की तत्काल मरम्मत कराने की मांग की है। उनका कहना है कि प्रशासन शायद किसी बड़े हादसे के बाद ही जागेगा।
- सिहाली कलां में 200 मीटर सड़क बदहाल, गहरे गड्ढों से हादसे का खतरा मुंडावर। उपखण्ड क्षेत्र के गांव सिहाली कलां में गांव के छोर से कुंदनदास मंदिर मार्ग तक करीब 200 मीटर सड़क पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो चुकी है। सड़क पर जगह-जगह बड़े और गहरे गड्ढे बन गए हैं, जिससे इस मार्ग से गुजरने वाले वाहन चालकों और राहगीरों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। बारिश के दौरान स्थिति और भी गंभीर हो जाती है, क्योंकि गड्ढों में पानी भर जाने से उनकी गहराई का अंदाजा नहीं लग पाता और दुर्घटना का खतरा बढ़ जाता है। यह मार्ग क्षेत्र का प्रमुख रास्ता है, जहां से प्रतिदिन सैकड़ों वाहन गुजरते हैं। इसी मार्ग से विद्यार्थी विद्यालयों और महाविद्यालयों में पढ़ने के लिए आवागमन करते हैं। इसके अलावा यह सड़क भिवाड़ी, टपूकड़ा और तिजारा क्षेत्र को जोड़ने वाले महत्वपूर्ण मार्गों में शामिल है। ग्रामीणों का कहना है कि खराब सड़क के कारण उन्हें जान जोखिम में डालकर सफर करना पड़ रहा है। ग्रामीण समाजसेवी देवेंद्र सिंह चौहान, कैप्टन रणधीर सिंह, सूबेदार दिलीप सिंह, राजू पंच, जयसिंह, रोहतास सिंह, सुनील, विजेंदर सिंह, इसब खान, मोहर सिंह थानेदार, मिन्नी ठेकेदार, प्रदीप, लक्ष्मण, सियाराम, धर्मेंद्र और शक्ति सिंह के अनुसार इस समस्या को लेकर संबंधित अधिकारियों से एक-दो बार नहीं, बल्कि अनेक बार शिकायत एवं मुलाकात की जा चुकी है, लेकिन अभी तक स्थायी समाधान नहीं हुआ है। ग्रामीणों ने प्रशासन से सड़क की तत्काल मरम्मत कराने की मांग की है। उनका कहना है कि प्रशासन शायद किसी बड़े हादसे के बाद ही जागेगा।1
- खैरथल वार्ड 33 में चुनावी सरगर्मियां तेज, निशा बालानी ने शुरू किया जनसंपर्क अभियान वार्ड 33 में चुनावी सरगर्मियां तेज, निशा बालानी ने शुरू किया जनसंपर्क अभियान खैरथल। स्थानीय निकाय चुनावों की तैयारियों के साथ ही वार्डों में चुनावी गतिविधियां तेज हो गई हैं। प्रत्याशियों ने मतदाताओं से संपर्क कर अपने पक्ष में समर्थन जुटाना शुरू कर दिया है। इसी क्रम में खैरथल की आनंदनगर कॉलोनी स्थित वार्ड नंबर 33 से प्रत्याशी निशा बालानी ने भी अपना जनसंपर्क अभियान शुरू कर दिया है। निशा बालानी वार्ड के विभिन्न क्षेत्रों में घर-घर पहुंचकर मतदाताओं से मुलाकात कर रही हैं और क्षेत्र की समस्याओं एवं विकास की जरूरतों को लेकर लोगों से संवाद कर रही हैं। जनसंपर्क के दौरान निशा बालानी ने मतदाताओं को अपने चुनावी एजेंडे और वार्ड के विकास को लेकर अपनी प्राथमिकताओं के बारे में जानकारी दी। उन्होंने क्षेत्र के लोगों से संवाद करते हुए वार्ड के बेहतर विकास, मूलभूत सुविधाओं और जनहित से जुड़े मुद्दों पर काम करने की बात कही। जनसंपर्क के दौरान स्थानीय लोगों से मिलते हुए निशा बालानी का एक वीडियो भी सामने आया है, जिसमें वे वार्ड में लोगों से संपर्क करती और समर्थन की अपील करती नजर आ रही हैं।1
- *टपूकड़ा में खाद्य सुरक्षा विभाग की कार्रवाई, करीब 220 किलो मिठाई कराई नष्ट* खैरथल-तिजारा, 26 अगस्त। आगामी त्योहारी सीजन को देखते हुए जिला कलेक्टर अतुल प्रकाश के निर्देशन में खाद्य सुरक्षा विभाग द्वारा जिले में मिलावटी एवं खराब खाद्य पदार्थों के विरुद्ध अभियान चलाया जा रहा है। इसी क्रम में बुधवार को मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. अरविंद गेट के निर्देश पर खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने टपूकड़ा कस्बे में कार्रवाई की। खाद्य सुरक्षा अधिकारी हेमंत कुमार यादव ने बताया कि स्थानीय शिकायत के आधार पर टीम टपूकड़ा कस्बे पहुंची। त्योहारी सीजन के दौरान बाहर से आकर ठेलों एवं अस्थायी दुकानों के माध्यम से मिठाइयों की बिक्री करने वाले विक्रेताओं की जांच की जा रही है। निरीक्षण के दौरान कई ऐसे विक्रेता भी सामने आए, जिनके पास खाद्य कारोबार के लिए आवश्यक फूड रजिस्ट्रेशन नहीं पाया गया। कार्रवाई के दौरान नरेश कुमार पुत्र श्री विजय सिंह, निवासी खोहरी खुर्द, टपूकड़ा की दुकान से कलाकंद, रसगुल्ला एवं बर्फी के खाद्य नमूने लिए गए। सभी नमूनों को अग्रिम जांच के लिए खाद्य सुरक्षा प्रयोगशाला भिजवाया गया। निरीक्षण के दौरान दुकान में रखी मिठाइयों में दुर्गंध एवं फफूंद पाए जाने पर खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने मौके पर ही करीब 220 किलो मिठाइयों को नष्ट करवाया। विभाग द्वारा खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता एवं स्वच्छता को लेकर विक्रेताओं को आवश्यक दिशा-निर्देश भी दिए गए। कार्रवाई के दौरान खाद्य सुरक्षा अधिकारी हेमंत कुमार यादव के साथ महिपाल सिंह एवं सुभाष यादव मौजूद रहे। खाद्य सुरक्षा विभाग ने बताया कि आगामी त्योहारी सीजन को देखते हुए इस प्रकार की कार्रवाई आगे भी लगातार जारी रहेगी।3
- रोनाल्डो की यह कहानी बचपन से लेकर आज तक का पूरा चिट्ठा। रोनाल्डो के बारे में सभी जानकारी उपलब्ध है इस वीडियो में देखने के लिए आप पूरे वीडियो चेंज से देखें और रोनाल्डो बचपन से आज तक क्या क्या हुआ था उसके साथ1
- मोहम्मद साहब के जन्मोत्सव पर रक्तदान कैंप, युवाओं ने बढ़ाया हाथ1
- “मंत्री जी हमारा रोड बनवा दो… मैम रोज मारती हैं” — कीचड़ में फंसे बच्चों की दर्दभरी गुहार पीपलखेड़ा रोड की नई सब्जी मंडी के सामने वाली गली में बदहाली का आलम, पानी-कीचड़ से परेशान लोग; मच्छरों का बढ़ा प्रकोप, बच्चों के बीमार होने का दावा सीकरी। शहर में विकास और सुविधाओं के दावों के बीच पीपलखेड़ा रोड स्थित नई सब्जी मंडी के सामने वाली गली की तस्वीरें और यहां के हालात जिम्मेदारों के लिए बड़ा सवाल खड़ा कर रहे हैं। गली में जगह-जगह गंदा पानी और कीचड़ जमा है। हालात ऐसे हैं कि लोगों के लिए घर से बाहर निकलना और बच्चों का स्कूल तक पहुंचना मुश्किल हो गया है। सबसे दर्दभरी तस्वीर यहां रहने वाले स्कूल जाने वाले बच्चों की है। कीचड़ और जलभराव के बीच से गुजरने को मजबूर बच्चों ने अपनी परेशानी बताते हुए मंत्री साहब से गुहार लगाई— “मंत्री जी हमारा रोड बनवा दो… यहां बहुत कीचड़ है, हम स्कूल नहीं जा पाते। मैम रोज मारती हैं।” बच्चों की यह बात सिर्फ एक सड़क की खराब हालत नहीं, बल्कि उस व्यवस्था की तस्वीर है जिसका असर सीधे उनकी पढ़ाई पर पड़ रहा है। बच्चों का कहना है कि रास्ते में पानी और कीचड़ होने के कारण उन्हें स्कूल आने-जाने में परेशानी होती है। माताओं ने बताया—बच्चों की तबीयत हो रही खराब कॉलोनी में रहने वाली माताओं और स्थानीय लोगों ने बताया कि गली में जमा गंदे पानी के कारण मच्छरों का प्रकोप बढ़ गया है। लोगों का कहना है कि कई बच्चे बीमार हो रहे हैं और घरों में चिंता का माहौल है। उनका कहना है कि अगर समय रहते सफाई और जलनिकासी की व्यवस्था नहीं की गई तो समस्या और गंभीर हो सकती है। घर से निकलना भी हुआ मुश्किल स्थानीय निवासियों के मुताबिक, गली में पानी और कीचड़ जमा होने के कारण पैदल निकलना तक मुश्किल है। बुजुर्गों, महिलाओं और छोटे बच्चों को सबसे ज्यादा परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। कई जगह रास्ता इतना खराब है कि लोगों को पानी और कीचड़ के बीच से होकर निकलना पड़ता है। लोगों का कहना है कि समस्या केवल बारिश के समय की नहीं है, बल्कि जलनिकासी की उचित व्यवस्था नहीं होने से पानी लंबे समय तक जमा रहता है। इससे गंदगी, बदबू और मच्छरों की समस्या लगातार बनी रहती है। “हमारे बच्चों का क्या कसूर?” कॉलोनी की महिलाओं का कहना है कि बच्चों को पढ़ने के लिए स्कूल भेजना चाहते हैं, लेकिन रास्ते की हालत देखकर चिंता होती है। लोगों का सवाल है कि आखिर बच्चों का क्या कसूर है कि उन्हें स्कूल जाने के लिए कीचड़ और गंदे पानी से होकर गुजरना पड़े? स्थानीय लोगों ने मंत्री, प्रशासन और नगर निकाय के जिम्मेदार अधिकारियों से मौके का निरीक्षण कर समस्या का स्थायी समाधान कराने की मांग की है। लोगों की मांग है कि पहले गली से पानी की निकासी कराई जाए, साफ-सफाई और मच्छरों से बचाव के इंतजाम किए जाएं तथा सड़क का निर्माण जल्द कराया जाए। अब सवाल यह है कि बच्चों की यह मासूम गुहार जिम्मेदारों तक कब पहुंचेगी? क्या मंत्री साहब इस गली के बच्चों की आवाज सुनेंगे और उन्हें ऐसा रास्ता मिल पाएगा, जिस पर वे बिना कीचड़ और पानी में फंसे स्कूल जा सकें?1
- सिहाली कलां में 200 मीटर सड़क बदहाल, गहरे गड्ढों से हादसे का खतरा मुंडावर। उपखण्ड क्षेत्र के गांव सिहाली कलां में गांव के छोर से कुंदनदास मंदिर मार्ग तक करीब 200 मीटर सड़क पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो चुकी है। सड़क पर जगह-जगह बड़े और गहरे गड्ढे बन गए हैं, जिससे इस मार्ग से गुजरने वाले वाहन चालकों और राहगीरों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। बारिश के दौरान स्थिति और भी गंभीर हो जाती है, क्योंकि गड्ढों में पानी भर जाने से उनकी गहराई का अंदाजा नहीं लग पाता और दुर्घटना का खतरा बढ़ जाता है। यह मार्ग क्षेत्र का प्रमुख रास्ता है, जहां से प्रतिदिन सैकड़ों वाहन गुजरते हैं। इसी मार्ग से विद्यार्थी विद्यालयों और महाविद्यालयों में पढ़ने के लिए आवागमन करते हैं। इसके अलावा यह सड़क भिवाड़ी, टपूकड़ा और तिजारा क्षेत्र को जोड़ने वाले महत्वपूर्ण मार्गों में शामिल है। ग्रामीणों का कहना है कि खराब सड़क के कारण उन्हें जान जोखिम में डालकर सफर करना पड़ रहा है। ग्रामीण समाजसेवी देवेंद्र सिंह चौहान, कैप्टन रणधीर सिंह, सूबेदार दिलीप सिंह, राजू पंच, जयसिंह, रोहतास सिंह, सुनील, विजेंदर सिंह, इसब खान, मोहर सिंह थानेदार, मिन्नी ठेकेदार, प्रदीप, लक्ष्मण, सियाराम, धर्मेंद्र और शक्ति सिंह के अनुसार इस समस्या को लेकर संबंधित अधिकारियों से एक-दो बार नहीं, बल्कि अनेक बार शिकायत एवं मुलाकात की जा चुकी है, लेकिन अभी तक स्थायी समाधान नहीं हुआ है। ग्रामीणों ने प्रशासन से सड़क की तत्काल मरम्मत कराने की मांग की है। उनका कहना है कि प्रशासन शायद किसी बड़े हादसे के बाद ही जागेगा।3
- विराटनगर में पिकअप और लोक परिवहन बस की भिड़ंत के बाद मौके पर हुए घटनाक्रम का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें पुलिसकर्मी थाना प्रभारी की मौजूदगी में एक युवक के साथ कथित तौर पर हाथापाई और धक्का-मुक्की करते नजर आ रहे हैं। वायरल वीडियो में मौके पर बड़ी संख्या में लोगों की मौजूदगी के बीच पुलिसकर्मियों और युवक के बीच विवाद होता दिखाई दे रहा है। हादसे के बाद घायलों को अस्पताल पहुंचाने और कानून-व्यवस्था संभालने की जिम्मेदारी निभाने पहुंची पुलिस के इस कथित व्यवहार ने कई सवाल खड़े कर दिए हैं। आखिर पुलिस का काम लोगों की सुरक्षा करना है या उनके साथ हाथापाई करना? यदि वायरल वीडियो में दिखाई दे रहा घटनाक्रम सही है तो थाना प्रभारी की मौजूदगी में पुलिसकर्मियों का इस तरह का आचरण बेहद गंभीर चिंता का विषय है। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर जमकर वायरल होने के बाद लोगों में पुलिस की कार्यप्रणाली को लेकर नाराजगी देखी जा रही है। अब सवाल यह है कि क्या उच्चाधिकारी वायरल वीडियो का संज्ञान लेकर पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराएंगे और दोषी पुलिसकर्मियों के खिलाफ कार्रवाई करेंगे? रक्षक ही भक्षक बन जाएं तो आम आदमी अपनी सुरक्षा की उम्मीद आखिर किससे करे विराटनगर रिपोर्टर बाबूलाल गुर्जर1