उपखंड अधिकारी राजीव बड़गूजर के निर्देशानुसार, उपखंड मुख्यालय पीसांगन सहित उपखंड अंतर्गत 23 ग्राम पंचायत मुख्यालयों एवं देहात के रामपुरा डाबला में 12वें अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर विशेष योग शिविर का आयोजन किया गया। यह शिविर सवेरे 7 बजे से लेकर 8 बजे तक आयोजित हुआ। रामपुरा डाबला में आयोजित इस कार्यक्रम में ग्राम पंचायत प्रशासक सीमा चौधरी और पीईओ दीपिका वैष्णव की मौजूदगी में शारीरिक शिक्षक रविंद्र सिंह चौधरी ने ग्रामीणों, स्कूली बच्चों, कार्मिकों तथा पंचायत प्रतिनिधियों को विभिन्न योगासन करवाए। उन्होंने प्रतिभागियों को ताड़ासन, वृक्षासन, भुजंगासन, शवासन जैसे योगासन के साथ-साथ प्राणायाम एवं ध्यान की विधियां भी सिखाईं। रविंद्र सिंह चौधरी ने योग को दैनिक जीवन में अपनाने और तनावमुक्त, स्वस्थ जीवनशैली के लिए नियमित योगाभ्यास करने पर जोर दिया। इस अवसर पर ग्राम पंचायत प्रशासक सीमा चौधरी ने कहा कि योग भारतीय संस्कृति की एक अनमोल धरोहर है, और भारत की 5,000 साल पुरानी यह योग परंपरा अब एक वैश्विक आंदोलन का रूप ले चुकी है। उन्होंने जोर देकर कहा कि योग, जो शरीर, मन और आत्मा के संतुलन का संदेश देता है, आज दुनिया भर में स्वस्थ जीवनशैली का प्रतीक बन गया है। 21 जून को मनाए जाने वाले अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस को भारतीय सांस्कृतिक विरासत के सम्मान के साथ-साथ बेहतर स्वास्थ्य और मानसिक शांति के लिए योग के महत्व की याद के रूप में भी देखा जाता है। उन्होंने सभी ग्रामीणों से अपनी दिनचर्या में योग को शामिल करने की अपील की। वहीं, पीईओ दीपिका वैष्णव ने बताया कि इस वर्ष (2026) के अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस की थीम 'स्वस्थ आयु के लिए योग' (Yoga for Healthy Ageing) है, जो बढ़ती उम्र में शारीरिक, मानसिक और भावनात्मक स्वास्थ्य को संतुलित रखकर सक्रिय जीवन जीने में योग की भूमिका पर केंद्रित है। इस कार्यक्रम में पीईओ दीपिका वैष्णव, प्राध्यापक रामपाल रेगर, पुष्करलाल कुमावत, शोभा शर्मा, मनीष जाटोलिया, एएनएम सीमा अहलावत, दीपिका चौधरी, अमरुद्दीन लौहार, अबरार अहमद, जरीना बानो सहित अनेक शिक्षकगण, विद्यार्थी और ग्रामीण बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।
उपखंड अधिकारी राजीव बड़गूजर के निर्देशानुसार, उपखंड मुख्यालय पीसांगन सहित उपखंड अंतर्गत 23 ग्राम पंचायत मुख्यालयों एवं देहात के रामपुरा डाबला में 12वें अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर विशेष योग शिविर का आयोजन किया गया। यह शिविर सवेरे 7 बजे से लेकर 8 बजे तक आयोजित हुआ। रामपुरा डाबला में आयोजित इस कार्यक्रम में ग्राम पंचायत प्रशासक सीमा चौधरी और पीईओ दीपिका वैष्णव की मौजूदगी में शारीरिक शिक्षक रविंद्र सिंह चौधरी ने ग्रामीणों, स्कूली बच्चों, कार्मिकों तथा पंचायत प्रतिनिधियों को विभिन्न
योगासन करवाए। उन्होंने प्रतिभागियों को ताड़ासन, वृक्षासन, भुजंगासन, शवासन जैसे योगासन के साथ-साथ प्राणायाम एवं ध्यान की विधियां भी सिखाईं। रविंद्र सिंह चौधरी ने योग को दैनिक जीवन में अपनाने और तनावमुक्त, स्वस्थ जीवनशैली के लिए नियमित योगाभ्यास करने पर जोर दिया। इस अवसर पर ग्राम पंचायत प्रशासक सीमा चौधरी ने कहा कि योग भारतीय संस्कृति की एक अनमोल धरोहर है, और भारत की 5,000 साल पुरानी यह योग परंपरा अब एक वैश्विक आंदोलन का रूप ले चुकी है। उन्होंने जोर देकर
कहा कि योग, जो शरीर, मन और आत्मा के संतुलन का संदेश देता है, आज दुनिया भर में स्वस्थ जीवनशैली का प्रतीक बन गया है। 21 जून को मनाए जाने वाले अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस को भारतीय सांस्कृतिक विरासत के सम्मान के साथ-साथ बेहतर स्वास्थ्य और मानसिक शांति के लिए योग के महत्व की याद के रूप में भी देखा जाता है। उन्होंने सभी ग्रामीणों से अपनी दिनचर्या में योग को शामिल करने की अपील की। वहीं, पीईओ दीपिका वैष्णव ने बताया
कि इस वर्ष (2026) के अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस की थीम 'स्वस्थ आयु के लिए योग' (Yoga for Healthy Ageing) है, जो बढ़ती उम्र में शारीरिक, मानसिक और भावनात्मक स्वास्थ्य को संतुलित रखकर सक्रिय जीवन जीने में योग की भूमिका पर केंद्रित है। इस कार्यक्रम में पीईओ दीपिका वैष्णव, प्राध्यापक रामपाल रेगर, पुष्करलाल कुमावत, शोभा शर्मा, मनीष जाटोलिया, एएनएम सीमा अहलावत, दीपिका चौधरी, अमरुद्दीन लौहार, अबरार अहमद, जरीना बानो सहित अनेक शिक्षकगण, विद्यार्थी और ग्रामीण बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।
- उपखंड अधिकारी राजीव बड़गूजर के निर्देशानुसार, उपखंड मुख्यालय पीसांगन सहित उपखंड अंतर्गत 23 ग्राम पंचायत मुख्यालयों एवं देहात के रामपुरा डाबला में 12वें अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर विशेष योग शिविर का आयोजन किया गया। यह शिविर सवेरे 7 बजे से लेकर 8 बजे तक आयोजित हुआ। रामपुरा डाबला में आयोजित इस कार्यक्रम में ग्राम पंचायत प्रशासक सीमा चौधरी और पीईओ दीपिका वैष्णव की मौजूदगी में शारीरिक शिक्षक रविंद्र सिंह चौधरी ने ग्रामीणों, स्कूली बच्चों, कार्मिकों तथा पंचायत प्रतिनिधियों को विभिन्न योगासन करवाए। उन्होंने प्रतिभागियों को ताड़ासन, वृक्षासन, भुजंगासन, शवासन जैसे योगासन के साथ-साथ प्राणायाम एवं ध्यान की विधियां भी सिखाईं। रविंद्र सिंह चौधरी ने योग को दैनिक जीवन में अपनाने और तनावमुक्त, स्वस्थ जीवनशैली के लिए नियमित योगाभ्यास करने पर जोर दिया। इस अवसर पर ग्राम पंचायत प्रशासक सीमा चौधरी ने कहा कि योग भारतीय संस्कृति की एक अनमोल धरोहर है, और भारत की 5,000 साल पुरानी यह योग परंपरा अब एक वैश्विक आंदोलन का रूप ले चुकी है। उन्होंने जोर देकर कहा कि योग, जो शरीर, मन और आत्मा के संतुलन का संदेश देता है, आज दुनिया भर में स्वस्थ जीवनशैली का प्रतीक बन गया है। 21 जून को मनाए जाने वाले अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस को भारतीय सांस्कृतिक विरासत के सम्मान के साथ-साथ बेहतर स्वास्थ्य और मानसिक शांति के लिए योग के महत्व की याद के रूप में भी देखा जाता है। उन्होंने सभी ग्रामीणों से अपनी दिनचर्या में योग को शामिल करने की अपील की। वहीं, पीईओ दीपिका वैष्णव ने बताया कि इस वर्ष (2026) के अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस की थीम 'स्वस्थ आयु के लिए योग' (Yoga for Healthy Ageing) है, जो बढ़ती उम्र में शारीरिक, मानसिक और भावनात्मक स्वास्थ्य को संतुलित रखकर सक्रिय जीवन जीने में योग की भूमिका पर केंद्रित है। इस कार्यक्रम में पीईओ दीपिका वैष्णव, प्राध्यापक रामपाल रेगर, पुष्करलाल कुमावत, शोभा शर्मा, मनीष जाटोलिया, एएनएम सीमा अहलावत, दीपिका चौधरी, अमरुद्दीन लौहार, अबरार अहमद, जरीना बानो सहित अनेक शिक्षकगण, विद्यार्थी और ग्रामीण बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।4
- ब्यावर जिले की ग्राम पंचायत जैताखेड़ा के गांव हीरा का बाड़िया निवासी एक महिला ने पुलिस अधीक्षक को ज्ञापन सौंपकर मारपीट, अभद्रता और जानलेवा हमले के आरोप लगाए हैं। महिला ने इस मामले में मुकदमा दर्ज करने की मांग की है। पीड़िता का आरोप है कि उसकी शिकायत पर थाने में कोई सुनवाई नहीं हुई और न ही उसका मेडिकल कराया गया। इसी कारण महिला ने जिला पुलिस अधीक्षक से न्याय की गुहार लगाई है।1
- प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के तहत शनिवार को माननीय प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी ने पश्चिम बंगाल के अलीपुरद्वार जिले के तारकेश्वर में आयोजित “पीएम किसान उत्सव दिवस” से देशभर के किसानों के खातों में योजना की 23वीं किस्त जारी की। इसी अवसर पर नागौर के जिला परिषद सभागार में भी एक जिला स्तरीय कार्यक्रम आयोजित किया गया, जहाँ माननीय प्रधानमंत्री के कार्यक्रम का सीधा प्रसारण देखा गया। इस योजना के अंतर्गत नागौर जिले के कुल 1 लाख 85 हजार 428 पात्र किसानों को 23वीं किस्त का लाभ मिला। योजना का मुख्य उद्देश्य छोटे एवं सीमांत किसानों को प्रतिवर्ष 6 हजार रुपये की वित्तीय सहायता तीन समान किस्तों में सीधे उनके बैंक खातों में डीबीटी के माध्यम से हस्तांतरित कर आर्थिक सहायता उपलब्ध कराना और उनकी कृषि गतिविधियों को मजबूती प्रदान करना है। कार्यक्रम के दौरान किसानों को योजना से जुड़ी विभिन्न महत्वपूर्ण जानकारियां भी दी गईं, जैसे कि जिन लाभार्थियों के बैंक खातों में डीबीटी इनेबल नहीं है, वे इंडियन पोस्ट पेमेंट्स बैंक (आईपीपीबी) में खाता खुलवाकर योजना का लाभ प्राप्त कर सकते हैं। साथ ही, किसानों को अपनी ई-केवाईसी, आधार सीडिंग, लैंड सीडिंग और भुगतान की स्थिति की नियमित जांच करने के लिए प्रेरित किया गया। नागौर में आयोजित इस जिला स्तरीय कार्यक्रम में पूर्व विधायक मोहनराम चौधरी, भाजपा जिला अध्यक्ष रामधन पोटलिया, प्रदेश कार्य समिति सदस्य रामनिवास सांखला, जिला उपाध्यक्ष रमेश अपूर्वा सहित अन्य जनप्रतिनिधि, बड़ी संख्या में किसान और आमजन उपस्थित रहे।4
- रियांबड़ी के पास ग्राम कोड में पर्यावरण संरक्षण की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल की गई है, जहाँ ग्रामीणों और युवाओं ने मिलकर नव निर्मित जीएसएस (ग्रिड सब स्टेशन) परिसर में 200 फलदार और छायादार पौधों का सामूहिक वृक्षारोपण किया। जनसहयोग से आयोजित इस अभियान ने ग्रामीणों में पर्यावरण के प्रति जागरूकता और प्रकृति प्रेम का संदेश दिया। समाजसेवी हरिराम फाड़ोदा ने बताया कि जीएसएस निर्माण के बाद परिसर में निर्माण सामग्री, घास-फूस और कंटीली झाड़ियाँ फैली हुई थीं, जिससे इसकी सुंदरता प्रभावित हो रही थी। इसे देखते हुए ग्रामीणों ने सामूहिक प्रयास से परिसर को स्वच्छ और हरित बनाने का निर्णय लिया। इस कार्य में मनरेगा के तहत कार्यरत महिला शक्ति ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई, जिन्होंने श्रमदान कर परिसर से झाड़ियाँ और अनावश्यक सामग्री हटाई, जिससे पौधरोपण के लिए अनुकूल वातावरण तैयार हो सका। गाँव के युवाओं के साथ जीएसएस कर्मी लीलाधर मोदी और प्रदीप कमेडिया ने पौधरोपण अभियान की व्यवस्थाओं और संचालन की जिम्मेदारी संभाली। लगातार तीन दिनों तक चले श्रमदान और सामूहिक प्रयासों के बाद 200 पौधों का सफलतापूर्वक रोपण किया गया, जिनमें फलदार और छायादार प्रजातियों को प्राथमिकता दी गई, ताकि भविष्य में परिसर हरा-भरा होने के साथ-साथ ग्रामीणों को भी लाभ मिल सके। युवा प्रवीण वैष्णव ने जानकारी दी कि गाँव में पर्यावरण संरक्षण के कार्यों की यह परंपरा पहले से ही जारी है। इससे पूर्व, पूर्व सरपंच कैलाश चंद्र जोशी के नेतृत्व में मुक्ति धाम परिसर में लगभग 600 पौधे लगाए गए थे, जो आज विकसित होकर हरियाली का सुंदर उदाहरण बन चुके हैं। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि जीएसएस परिसर में 200 पौधों का रोपण कर ग्रामीणों ने एक बार फिर पर्यावरण संरक्षण के प्रति अपनी प्रतिबद्धता प्रदर्शित की है। इस अवसर पर रामनिवास जांगिड़, पारसमल, गणपत दास, पिरू शाह, मोहनराम, विक्रम सिंह, सुशील फाड़ोदा, प्रकाश जांगिड़, दीपू गारू, जयप्रकाश बडियासर, कालूराम, सोहनराम सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण और महिला शक्ति उपस्थित रही। ग्रामीणों ने लगाए गए पौधों के संरक्षण और उनकी नियमित देखभाल का भी संकल्प लिया।1
- नागौर जिले के थांवला कस्बे के निकट स्थित नरसिंह बासनी गाँव में भाजपा नेता और समाजसेवी भंवर सिंह पलाड़ा के एक दिवसीय दौरे पर पहुँचने पर ग्रामीणों ने उनका जोरदार स्वागत किया। राजस्थानी परंपरा के अनुसार, ग्रामीणों ने पलाड़ा को साफा पहनाकर और शौर्य के प्रतीक के तौर पर तलवार भेंट कर उनका अभिनंदन किया। अपने इस दौरे के दौरान, भंवर सिंह पलाड़ा ने ग्रामीणों से सीधा संवाद किया और क्षेत्र की स्थानीय समस्याओं की जानकारी ली। उन्होंने उपस्थित जनसमूह को यह आश्वस्त किया कि वे जनहित के मुद्दों और क्षेत्र के विकास के लिए हमेशा तैयार रहेंगे। इस अवसर पर बलवीर सिंह, हनुमान रावत, भंवर सिंह, भीवराज जांगिड़, मुन्नाराम डुकिया, सुनील सोलंकी, केशू नाथ, लुकमान शाह, देवकरण उपाध्याय और कल्याण सिंह के साथ-साथ बड़ी संख्या में स्थानीय जनप्रतिनिधि, प्रबुद्धजन और युवा कार्यकर्ता मौजूद रहे।2
- नांदला-नसीराबाद रपट पर सीसी रोड निर्माण कार्य शुरू हो गया है। इस परियोजना के साथ, विकास का पहिया बरसाती बाधाओं के बावजूद आगे बढ़ा है।1
- अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर, बीकानेर के करणी सिंह स्टेडियम में केंद्रीय रेल मंत्री श्री अश्विनी वैष्णव और केंद्रीय कानून एवं न्याय तथा संसदीय कार्य राज्यमंत्री श्री अर्जुन राम मेघवाल ने बड़ी संख्या में उपस्थित लोगों के साथ सामूहिक योगाभ्यास में भाग लिया। इस दौरान उन्होंने स्वस्थ जीवन और योग के महत्व का संदेश दिया। केंद्रीय रेल मंत्री श्री अश्विनी वैष्णव ने बीकानेर को शौर्य भूमि बताया और योग दिवस पर उपस्थित रहने के लिए श्री अर्जुन राम मेघवाल का आभार व्यक्त किया। उन्होंने जोर देकर कहा कि योग भारत की प्राचीन और अमूल्य धरोहर है, जिसे आज प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी के दिशा-निर्देशन में पूरा विश्व अपना रहा है। श्री वैष्णव ने यह भी बताया कि नियमित योग न केवल शारीरिक स्वास्थ्य को बेहतर बनाता है, बल्कि मानसिक शांति, सकारात्मक सोच और तनावमुक्त जीवन जीने की प्रेरणा भी देता है। उन्होंने सभी से अपने दैनिक जीवन में योग को शामिल कर निरोग रहने का आग्रह किया। श्री अश्विनी वैष्णव ने योग को भारत की सांस्कृतिक पहचान का एक अविभाज्य हिस्सा बताया और भारत की आध्यात्मिक परंपराओं को विश्व में ले जाने में स्वामी विवेकानंद की भूमिका को याद किया। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में योग एक वैश्विक आंदोलन के रूप में विकसित हुआ है, जिसमें अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस भारत के ज्ञान और समग्र कल्याण के विश्वव्यापी उत्सव के रूप में उभर रहा है। श्री वैष्णव ने पौष्टिक पारंपरिक खाद्य पदार्थों और स्वस्थ जीवन के बीच संबंध का उल्लेख करते हुए, श्री अन्न (बाजरा) का उपयोग करके बनाए गए योग आसनों के रचनात्मक प्रदर्शन की सराहना की। इसी क्रम में, केंद्रीय राज्यमंत्री श्री अर्जुन राम मेघवाल ने कहा कि योग भारतीय संस्कृति और जीवन दर्शन का अभिन्न हिस्सा है। उनके अनुसार, स्वस्थ शरीर और स्वस्थ मन से ही एक सशक्त समाज और विकसित राष्ट्र का निर्माण संभव है। उन्होंने बताया कि योग व्यक्ति को अनुशासन, संयम और संतुलन का पाठ पढ़ाता है, इसलिए प्रत्येक नागरिक को इसे अपनी दिनचर्या का हिस्सा बनाना चाहिए। इस अवसर पर करणी स्टेडियम में बड़ी संख्या में स्कूली विद्यार्थियों, युवाओं, महिलाओं, सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधियों और विभिन्न सरकारी विभागों के अधिकारियों ने कार्यक्रम में हिस्सा लिया। सभी प्रतिभागियों ने योग प्रशिक्षकों के निर्देशन में विभिन्न योगासन, प्राणायाम और ध्यान की क्रियाओं का अभ्यास किया।1
- अजमेर के पीसांगन में मांगलियावास पुलिस ने अवैध फेल्सपार खनन और उसके परिवहन के खिलाफ कार्रवाई करते हुए फेल्सपार से भरा एक डंपर जब्त किया है। थानाधिकारी हरीश चौधरी ने बताया कि यह कार्रवाई गश्त के दौरान की गई। पुलिस द्वारा खान विभाग को सूचना दिए जाने के बाद, विभाग ने एमएमआरडी अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया है।1