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बैतूल में राष्ट्रीय प्रतीक अशोक स्तंभ हटाया, कांग्रेस का जोरदार विरोध — नगर पालिका पर मनमानी का आरोप बैतूल के कोठी बाजार क्षेत्र में स्थापित राष्ट्रीय प्रतीक अशोक स्तंभ को नगर पालिका द्वारा बिना किसी लिखित आदेश और स्वीकृति के हटाए जाने से विवाद खड़ा हो गया है। इसे लेकर भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के कार्यकर्ताओं ने विरोध प्रदर्शन किया। कांग्रेस नेताओं ने कहा कि अशोक स्तंभ राष्ट्रीय अस्मिता और जनभावना का प्रतीक है, वहीं स्थानीय लोगों ने इसे क्षेत्र का ऐतिहासिक केंद्र बिंदु बताया। कांग्रेस ने इस कार्रवाई को असंवैधानिक बताते हुए जिम्मेदार अधिकारियों पर कार्रवाई की मांग की है।

1 hr ago
user_जिला ब्यूरो बैतूल
जिला ब्यूरो बैतूल
Classified ads newspaper publisher बैतूल नगर, बैतूल, मध्य प्रदेश•
1 hr ago

बैतूल में राष्ट्रीय प्रतीक अशोक स्तंभ हटाया, कांग्रेस का जोरदार विरोध — नगर पालिका पर मनमानी का आरोप बैतूल के कोठी बाजार क्षेत्र में स्थापित राष्ट्रीय प्रतीक अशोक स्तंभ को नगर पालिका द्वारा बिना किसी लिखित आदेश और स्वीकृति के हटाए जाने से विवाद खड़ा हो गया है। इसे लेकर भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के कार्यकर्ताओं ने विरोध प्रदर्शन किया। कांग्रेस नेताओं ने कहा कि अशोक स्तंभ राष्ट्रीय अस्मिता और जनभावना का प्रतीक है, वहीं स्थानीय लोगों ने इसे क्षेत्र का ऐतिहासिक केंद्र बिंदु बताया। कांग्रेस ने इस कार्रवाई को असंवैधानिक बताते हुए जिम्मेदार अधिकारियों पर कार्रवाई की मांग की है।

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  • बैतूल जिले के आमला विकासखंड अंतर्गत बोरदेही के समीप बामला–सोनार गोंदी मार्ग पर चल रहा सड़क निर्माण कार्य अब सीधे-सीधे प्रशासनिक लापरवाही और संभावित भ्रष्टाचार की ओर इशारा कर रहा है। ग्रामीणों की शिकायतों के बाद भी जिम्मेदार अधिकारी मौके पर नहीं पहुंचे, जिससे पूरे मामले में उनकी भूमिका संदेह के घेरे में आ गई है। स्थानीय लोगों के अनुसार ठेकेदार द्वारा बिना कंप्रेसर के ही सड़क पर गिट्टी बिछाई जा रही है। यह निर्माण मानकों का खुला उल्लंघन है। विशेषज्ञों का कहना है कि बिना कंप्रेसर सड़क की मजबूती संभव नहीं, ऐसे में यह सड़क पहली बारिश में ही जवाब दे सकती है। सबसे गंभीर सवाल उस तथाकथित पुल निर्माण को लेकर उठ रहा है, जो पूरी तरह समतल जमीन पर बना दिया गया। ग्रामीणों का आरोप है कि यह अतिरिक्त भुगतान निकालने का तरीका है। आखिर जब जल निकासी या नाले का कोई अस्तित्व ही नहीं, तो पुल किस जरूरत के तहत बनाया गया? ग्रामीणों का कहना है कि निर्माण स्थल पर न तो किसी विभागीय इंजीनियर की नियमित उपस्थिति दिखाई दे रही है और न ही गुणवत्ता की जांच। इससे स्पष्ट होता है कि या तो अधिकारियों ने आंख मूंद रखी है या फिर पूरा खेल उनकी मौन सहमति से चल रहा है। अब सवाल यह है कि करोड़ों रुपये के इस निर्माण कार्य की मॉनिटरिंग किस अधिकारी के जिम्मे है? क्या बिना तकनीकी स्वीकृति पुल बना दिया गया? क्या मटेरियल टेस्ट हुआ? और यदि नहीं हुआ, तो जिम्मेदार कौन? ग्रामीणों ने बैतूल जिला प्रशासन से मांग की है कि पूरे सड़क निर्माण की उच्चस्तरीय जांच कराई जाए, तकनीकी ऑडिट कराया जाए और दोषी ठेकेदार के साथ-साथ संबंधित अधिकारियों पर भी कड़ी कार्रवाई हो। लोगों ने चेतावनी दी है कि यदि शीघ्र कार्रवाई नहीं हुई तो वे आंदोलन और धरना प्रदर्शन करने को मजबूर होंगे। यह मामला केवल सरकारी धन के दुरुपयोग तक सीमित नहीं है, बल्कि आम जनता की जान–माल की सुरक्षा से जुड़ा हुआ है। अब देखना यह है कि प्रशासन इस “भ्रष्टाचार की सड़क” पर ब्रेक लगाता है या फिर हमेशा की तरह फाइलों में मामला दबा दिया जाएगा। जिले के आमला विकासखंड अंतर्गत बोरदेही के समीप बामला–सोनार गोंदी मार्ग पर चल रहा सड़क निर्माण कार्य अब सीधे-सीधे प्रशासनिक लापरवाही और संभावित भ्रष्टाचार की ओर इशारा कर रहा है। ग्रामीणों की शिकायतों के बाद भी जिम्मेदार अधिकारी मौके पर नहीं पहुंचे, जिससे पूरे मामले में उनकी भूमिका संदेह के घेरे में आ गई है। स्थानीय लोगों के अनुसार ठेकेदार द्वारा बिना कंप्रेसर के ही सड़क पर गिट्टी बिछाई जा रही है। यह निर्माण मानकों का खुला उल्लंघन है। विशेषज्ञों का कहना है कि बिना कंप्रेसर सड़क की मजबूती संभव नहीं, ऐसे में यह सड़क पहली बारिश में ही जवाब दे सकती है। सबसे गंभीर सवाल उस तथाकथित पुल निर्माण को लेकर उठ रहा है, जो पूरी तरह समतल जमीन पर बना दिया गया। ग्रामीणों का आरोप है कि यह अतिरिक्त भुगतान निकालने का तरीका है। आखिर जब जल निकासी या नाले का कोई अस्तित्व ही नहीं, तो पुल किस जरूरत के तहत बनाया गया? ग्रामीणों का कहना है कि निर्माण स्थल पर न तो किसी विभागीय इंजीनियर की नियमित उपस्थिति दिखाई दे रही है और न ही गुणवत्ता की जांच। इससे स्पष्ट होता है कि या तो अधिकारियों ने आंख मूंद रखी है या फिर पूरा खेल उनकी मौन सहमति से चल रहा है। अब सवाल यह है कि करोड़ों रुपये के इस निर्माण कार्य की मॉनिटरिंग किस अधिकारी के जिम्मे है? क्या बिना तकनीकी स्वीकृति पुल बना दिया गया? क्या मटेरियल टेस्ट हुआ? और यदि नहीं हुआ, तो जिम्मेदार कौन? ग्रामीणों ने बैतूल जिला प्रशासन से मांग की है कि पूरे सड़क निर्माण की उच्चस्तरीय जांच कराई जाए, तकनीकी ऑडिट कराया जाए और दोषी ठेकेदार के साथ-साथ संबंधित अधिकारियों पर भी कड़ी कार्रवाई हो। लोगों ने चेतावनी दी है कि यदि शीघ्र कार्रवाई नहीं हुई तो वे आंदोलन और धरना प्रदर्शन करने को मजबूर होंगे। यह मामला केवल सरकारी धन के दुरुपयोग तक सीमित नहीं है, बल्कि आम जनता की जान–माल की सुरक्षा से जुड़ा हुआ है। अब देखना यह है कि प्रशासन इस “भ्रष्टाचार की सड़क” पर ब्रेक लगाता है या फिर हमेशा की तरह फाइलों में मामला दबा दिया जाएगा।
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    बैतूल जिले के आमला विकासखंड अंतर्गत बोरदेही के समीप बामला–सोनार गोंदी मार्ग पर चल रहा सड़क निर्माण कार्य अब सीधे-सीधे प्रशासनिक लापरवाही और संभावित भ्रष्टाचार की ओर इशारा कर रहा है। ग्रामीणों की शिकायतों के बाद भी जिम्मेदार अधिकारी मौके पर नहीं पहुंचे, जिससे पूरे मामले में उनकी भूमिका संदेह के घेरे में आ गई है।
स्थानीय लोगों के अनुसार ठेकेदार द्वारा बिना कंप्रेसर के ही सड़क पर गिट्टी बिछाई जा रही है। यह निर्माण मानकों का खुला उल्लंघन है। विशेषज्ञों का कहना है कि बिना कंप्रेसर सड़क की मजबूती संभव नहीं, ऐसे में यह सड़क पहली बारिश में ही जवाब दे सकती है।
सबसे गंभीर सवाल उस तथाकथित पुल निर्माण को लेकर उठ रहा है, जो पूरी तरह समतल जमीन पर बना दिया गया। ग्रामीणों का आरोप है कि यह अतिरिक्त भुगतान निकालने का तरीका है। आखिर जब जल निकासी या नाले का कोई अस्तित्व ही नहीं, तो पुल किस जरूरत के तहत बनाया गया?
ग्रामीणों का कहना है कि निर्माण स्थल पर न तो किसी विभागीय इंजीनियर की नियमित उपस्थिति दिखाई दे रही है और न ही गुणवत्ता की जांच। इससे स्पष्ट होता है कि या तो अधिकारियों ने आंख मूंद रखी है या फिर पूरा खेल उनकी मौन सहमति से चल रहा है।
अब सवाल यह है कि करोड़ों रुपये के इस निर्माण कार्य की मॉनिटरिंग किस अधिकारी के जिम्मे है? क्या बिना तकनीकी स्वीकृति पुल बना दिया गया? क्या मटेरियल टेस्ट हुआ? और यदि नहीं हुआ, तो जिम्मेदार कौन?
ग्रामीणों ने बैतूल जिला प्रशासन से मांग की है कि पूरे सड़क निर्माण की उच्चस्तरीय जांच कराई जाए, तकनीकी ऑडिट कराया जाए और दोषी ठेकेदार के साथ-साथ संबंधित अधिकारियों पर भी कड़ी कार्रवाई हो। लोगों ने चेतावनी दी है कि यदि शीघ्र कार्रवाई नहीं हुई तो वे आंदोलन और धरना प्रदर्शन करने को मजबूर होंगे।
यह मामला केवल सरकारी धन के दुरुपयोग तक सीमित नहीं है, बल्कि आम जनता की जान–माल की सुरक्षा से जुड़ा हुआ है। अब देखना यह है कि प्रशासन इस “भ्रष्टाचार की सड़क” पर ब्रेक लगाता है या फिर हमेशा की तरह फाइलों में मामला दबा दिया जाएगा। जिले के आमला विकासखंड अंतर्गत बोरदेही के समीप बामला–सोनार गोंदी मार्ग पर चल रहा सड़क निर्माण कार्य अब सीधे-सीधे प्रशासनिक लापरवाही और संभावित भ्रष्टाचार की ओर इशारा कर रहा है। ग्रामीणों की शिकायतों के बाद भी जिम्मेदार अधिकारी मौके पर नहीं पहुंचे, जिससे पूरे मामले में उनकी भूमिका संदेह के घेरे में आ गई है।
स्थानीय लोगों के अनुसार ठेकेदार द्वारा बिना कंप्रेसर के ही सड़क पर गिट्टी बिछाई जा रही है। यह निर्माण मानकों का खुला उल्लंघन है। विशेषज्ञों का कहना है कि बिना कंप्रेसर सड़क की मजबूती संभव नहीं, ऐसे में यह सड़क पहली बारिश में ही जवाब दे सकती है।
सबसे गंभीर सवाल उस तथाकथित पुल निर्माण को लेकर उठ रहा है, जो पूरी तरह समतल जमीन पर बना दिया गया। ग्रामीणों का आरोप है कि यह अतिरिक्त भुगतान निकालने का तरीका है। आखिर जब जल निकासी या नाले का कोई अस्तित्व ही नहीं, तो पुल किस जरूरत के तहत बनाया गया?
ग्रामीणों का कहना है कि निर्माण स्थल पर न तो किसी विभागीय इंजीनियर की नियमित उपस्थिति दिखाई दे रही है और न ही गुणवत्ता की जांच। इससे स्पष्ट होता है कि या तो अधिकारियों ने आंख मूंद रखी है या फिर पूरा खेल उनकी मौन सहमति से चल रहा है।
अब सवाल यह है कि करोड़ों रुपये के इस निर्माण कार्य की मॉनिटरिंग किस अधिकारी के जिम्मे है? क्या बिना तकनीकी स्वीकृति पुल बना दिया गया? क्या मटेरियल टेस्ट हुआ? और यदि नहीं हुआ, तो जिम्मेदार कौन?
ग्रामीणों ने बैतूल जिला प्रशासन से मांग की है कि पूरे सड़क निर्माण की उच्चस्तरीय जांच कराई जाए, तकनीकी ऑडिट कराया जाए और दोषी ठेकेदार के साथ-साथ संबंधित अधिकारियों पर भी कड़ी कार्रवाई हो। लोगों ने चेतावनी दी है कि यदि शीघ्र कार्रवाई नहीं हुई तो वे आंदोलन और धरना प्रदर्शन करने को मजबूर होंगे।
यह मामला केवल सरकारी धन के दुरुपयोग तक सीमित नहीं है, बल्कि आम जनता की जान–माल की सुरक्षा से जुड़ा हुआ है। अब देखना यह है कि प्रशासन इस “भ्रष्टाचार की सड़क” पर ब्रेक लगाता है या फिर हमेशा की तरह फाइलों में मामला दबा दिया जाएगा।
    user_जिला ब्यूरो बैतूल
    जिला ब्यूरो बैतूल
    Classified ads newspaper publisher बैतूल नगर, बैतूल, मध्य प्रदेश•
    1 hr ago
  • डब्लू सीएल कर्मचारी की मौत ट्रक ने मारी टक्कर सोमवार रात की घटना
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    डब्लू सीएल कर्मचारी की मौत ट्रक ने मारी टक्कर सोमवार रात की घटना
    user_Namdev gujre Khabar bhart news
    Namdev gujre Khabar bhart news
    पत्रकार घोड़ा डोंगरी, बैतूल, मध्य प्रदेश•
    1 hr ago
  • आमला तहसील के वार्ड क्रमांक 2 तिलक वार्ड में वार्ड वासियो को मुलभुत की सुविधा नहीं मिल पा रही हैं. जिससे नाराज होकर वार्ड वासी ने आमला सीएमओ को ज्ञापन सौपा हैं। सुविधा देने की मांग की हैं ताकि वार्ड वासी सुविधा मिल सके।
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    आमला तहसील के वार्ड क्रमांक 2 तिलक वार्ड में वार्ड वासियो को मुलभुत की सुविधा नहीं मिल पा रही हैं. जिससे नाराज होकर वार्ड वासी ने आमला सीएमओ को ज्ञापन सौपा हैं। सुविधा देने की मांग की हैं ताकि वार्ड वासी सुविधा मिल सके।
    user_AMLA NEWS
    AMLA NEWS
    पत्रकार आमला, बैतूल, मध्य प्रदेश•
    13 hrs ago
  • आठनेर विकासखण्ड क्षेत्र के ग्राम सावंगी से दर्जन भर ग्रामीण थाना आठनेर पहुंचे जहां उन्होंने ग्राम की शासकीय भूमि पर अवैध निर्माण को रोकने और कड़ी कार्रवाई करने थाना प्रभारी को ज्ञापन सौंपा। दरअसल ग्रामीणों ने बताया कि महिला माकोडे की निजी भूमि होते हुए पंचायत को ग़लत जानकारी देते हुए शासकीय भूमि का पट्टा बनाकर वहां प्रधानमंत्री आवास योजना अंतर्गत मकान बना रही है ग्रामीणों ने आपत्ति जताते हुए कहा कि ग्राम की शासकीय भूमि अन्य निर्माण कार्यों के लिए है उन्होंने अधिकारियों और थाना प्रभारी को आवेदन सौंपकर निर्माण कार्य रूकवाने की मांग कि है।
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    आठनेर विकासखण्ड क्षेत्र के ग्राम सावंगी से दर्जन भर ग्रामीण थाना आठनेर पहुंचे जहां उन्होंने ग्राम की शासकीय भूमि पर अवैध निर्माण को रोकने और कड़ी कार्रवाई करने थाना प्रभारी को ज्ञापन सौंपा। दरअसल ग्रामीणों ने बताया कि महिला माकोडे की निजी भूमि होते हुए पंचायत को ग़लत जानकारी देते हुए शासकीय भूमि का पट्टा बनाकर वहां प्रधानमंत्री आवास योजना अंतर्गत मकान बना रही है ग्रामीणों ने आपत्ति जताते हुए कहा कि ग्राम की शासकीय भूमि अन्य निर्माण कार्यों के लिए है उन्होंने अधिकारियों और थाना प्रभारी को आवेदन सौंपकर निर्माण कार्य रूकवाने की मांग कि है।
    user_Vinod Kanathe
    Vinod Kanathe
    पत्रकारिता आठनेर, बैतूल, मध्य प्रदेश•
    12 hrs ago
  • गाँधी चौक से आजादी के प्रतिक स्तंभ कों हटाने कों लेकर विवाद। बैतूल। शहर के गाँधी चौक में सन 1947 में स्थापित आज़ादी के प्रतीक स्तंभ को हटाए जाने को लेकर पूर्व कांग्रेस जिलाध्यक्ष हेमंत वागद्रे ने कड़ा विरोध जताया है,तीन शेर और अशोक चक्र वाले स्तंभ हटाने की कार्रवाई शुरू होते ही राजनीतिक और सामाजिक हलकों में नाराज़गी देखी गई। आजादी के स्मारक स्तंभ की खुदाई होते देख हेमंत वागद्रे ने जोरदार विरोध करते हुए कहा कि यह स्तंभ बैतूल शहर की ऐतिहासिक धरोहर और देश की स्वतंत्रता की याद का प्रतीक है, जिससे जन भावनाएँ जुड़ी हैं। उन्होंने सवाल उठाया कि बिना जन अनुमति और पारदर्शिता के नगर पालिका इस प्रकार की कार्रवाई कैसे कर सकती है। मौके पर मौजूद लोगों ने नगर पालिका सीएमओं सतीश मटसेनिया के खिलाफ नाराज़गी जाहिर कर विरोध व्यक्त किया प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार पहले झंडे का पोल हटाया गया और फिर खुदाई कर तीन शेर वाले ऐतिहासिक स्तंभ को निकालने की प्रक्रिया शुरू की गई। कांग्रेस नेताओं ने प्रशासन से तुरंत कार्रवाई रोकने और स्तंभ को यथास्थान पुनर्स्थापित करने की मांग की है। वहीं नगर पालिका की ओर से इस विषय पर आधिकारिक स्पष्टीकरण का इंतजार किया जा रहा है।
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    गाँधी चौक से आजादी के प्रतिक स्तंभ कों हटाने कों लेकर  विवाद।
बैतूल। शहर के गाँधी चौक में सन 1947 में स्थापित आज़ादी के प्रतीक स्तंभ को हटाए जाने को लेकर पूर्व कांग्रेस जिलाध्यक्ष हेमंत वागद्रे ने कड़ा विरोध जताया है,तीन शेर और अशोक चक्र वाले स्तंभ हटाने की कार्रवाई शुरू होते ही राजनीतिक और सामाजिक हलकों में नाराज़गी देखी गई।
आजादी के स्मारक स्तंभ की खुदाई होते देख हेमंत वागद्रे ने जोरदार विरोध करते हुए कहा कि यह स्तंभ बैतूल शहर की ऐतिहासिक धरोहर और देश की स्वतंत्रता की याद का प्रतीक है, जिससे जन भावनाएँ जुड़ी हैं। 
उन्होंने सवाल उठाया कि बिना जन अनुमति और पारदर्शिता के नगर पालिका इस प्रकार की कार्रवाई कैसे कर सकती है।
मौके पर मौजूद लोगों ने नगर पालिका सीएमओं सतीश मटसेनिया के खिलाफ नाराज़गी जाहिर कर विरोध व्यक्त किया प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार पहले झंडे का पोल हटाया गया और फिर खुदाई कर तीन शेर वाले ऐतिहासिक स्तंभ को निकालने की प्रक्रिया शुरू की गई।
कांग्रेस नेताओं ने प्रशासन से तुरंत कार्रवाई रोकने और स्तंभ को यथास्थान पुनर्स्थापित करने की मांग की है। 
वहीं नगर पालिका की ओर से इस विषय पर आधिकारिक स्पष्टीकरण का इंतजार किया जा रहा है।
    user_M. Afsar khan
    M. Afsar khan
    Local News Reporter मुलताई, बैतूल, मध्य प्रदेश•
    13 hrs ago
  • सफलतापूर्वक परीक्षा संपन्न कराने हेतु परीक्षा केंद्राध्यक्षों को आयोजित बैठक में दिये दिशा निर्देश भैंसदेही/मनीष राठौर भैंसदेही विकासखंड में आगामी 20 फरवरी से कक्षा पांचवी एवं आठवीं की वार्षिक परीक्षा संचालन हेतु विकासखंड के 28 परीक्षा केन्द्रों पर नियुक्त केंद्राध्यक्ष एवं सहायक केंद्राध्यक्ष की बैठक का आयोजन शनिवार को सांदीपनि विद्यालय भैंसदेही के सभा कक्ष में विकासखंड शिक्षा अधिकारी संदीप राठौर, विकासखंड स्त्रोत केंद्र समन्वयक सुखदेव धोटे,परीक्षा प्रभारी बीएसी श्रीराम भुस्कुटे की प्रमुख उपस्थिति में आयोजित की गई l बैठक में सभी को कक्षा पांचवी /आठवीं की वार्षिक परीक्षा- 2026 के संचालन के संबंध में राज्य शिक्षा केंद्र तथा जिला शिक्षा केंद्र से प्राप्त दिशा निर्देशों से अवगत कराकर उन्हें दिशा निर्देशों का पालन सुनिश्चित करते हुए समय सारणी अनुसार सफलतापूर्वक परीक्षा संपन्न कराए जाने हेतु मार्गदर्शन दिया गया l वार्षिक परीक्षा के संबंध में जनपद शिक्षा केंद्र के परीक्षा प्रभारी बीएसी श्रीराम भुस्कुटे ने बताया कि परीक्षा केंद्र के 100 मीटर के दायरे में किसी भी बाहरी व्यक्ति का प्रवेश वर्जित रहेगा तथा परीक्षा केंद्र पर केन्द्राध्यक्ष को छोड़कर परीक्षा कार्य में लगे सभी अन्य कर्मचारियो के लिए मोबाइल पूर्णतया प्रतिबंधित रहेगा l परीक्षा केंद्र पर परीक्षार्थियों हेतु समुचित बैठक व्यवस्था, स्वच्छता , पेयजल एवं शौचालय की समुचित व्यवस्था बनाए जाने के निर्देश दिए l केंद्र पर प्रश्न पत्रों की गोपनीयता एवं सुरक्षा हेतु समुचित व्यवस्था बनाए रखने एवं परीक्षा केंद्र पर राज्य शिक्षा केंद्र के निर्देशानुसार दिव्यांग परीक्षार्थीयों हेतु आवश्यक सुविधा दिए जाने हेतु निर्देशित किया गया l यदि कोई छात्र किसी कारणवश बिना प्रवेश पत्र के परीक्षा केंद्र पर उपस्थित होता है तो उस छात्र का परीक्षा केंद्राध्यक्ष द्वारा सत्यापन कर उसे परीक्षा में बैठने दिया जाएगा ऐसे परीक्षार्थियों हेतु केंद्राध्यक्ष अपने स्तर से प्रवेश पत्र जारी करेंगे ,परीक्षा केंद्र में दर्ज किसी भी छात्र को परीक्षा में बैठने से वंचित नही किया जाएगा l वार्षिक परीक्षा की जिला शिक्षा अधिकारी, सहायक आयुक्त, डीपीसी , एपीसी,बीईओ, संकुल प्राचार्य, बीआरसीसी, बीएसी ,सीएसी स्तर से सघन मॉनिटर की जाएगी l
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    सफलतापूर्वक परीक्षा संपन्न कराने हेतु परीक्षा केंद्राध्यक्षों को आयोजित बैठक में दिये दिशा निर्देश
भैंसदेही/मनीष राठौर
भैंसदेही विकासखंड में आगामी 20 फरवरी से कक्षा पांचवी एवं आठवीं की वार्षिक परीक्षा संचालन हेतु विकासखंड के 28 परीक्षा केन्द्रों पर नियुक्त केंद्राध्यक्ष एवं सहायक केंद्राध्यक्ष की बैठक का आयोजन शनिवार को सांदीपनि विद्यालय भैंसदेही के सभा कक्ष में विकासखंड शिक्षा अधिकारी संदीप राठौर, विकासखंड स्त्रोत केंद्र समन्वयक सुखदेव धोटे,परीक्षा प्रभारी बीएसी श्रीराम भुस्कुटे की प्रमुख उपस्थिति में आयोजित की गई l  बैठक में सभी को कक्षा पांचवी /आठवीं की वार्षिक परीक्षा- 2026 के संचालन के संबंध में राज्य शिक्षा केंद्र तथा जिला शिक्षा केंद्र से प्राप्त दिशा निर्देशों से अवगत कराकर उन्हें दिशा निर्देशों का पालन सुनिश्चित करते हुए  समय सारणी अनुसार सफलतापूर्वक परीक्षा संपन्न कराए जाने हेतु मार्गदर्शन दिया गया l वार्षिक परीक्षा के संबंध में जनपद शिक्षा केंद्र के परीक्षा प्रभारी बीएसी श्रीराम भुस्कुटे ने बताया कि परीक्षा केंद्र के 100 मीटर के दायरे में किसी भी बाहरी व्यक्ति का प्रवेश वर्जित रहेगा तथा परीक्षा केंद्र पर केन्द्राध्यक्ष को छोड़कर परीक्षा कार्य में लगे सभी अन्य कर्मचारियो के लिए मोबाइल पूर्णतया प्रतिबंधित रहेगा l  परीक्षा केंद्र पर परीक्षार्थियों हेतु समुचित बैठक व्यवस्था, स्वच्छता , पेयजल एवं शौचालय की समुचित व्यवस्था बनाए जाने के निर्देश दिए l केंद्र पर प्रश्न पत्रों की गोपनीयता एवं सुरक्षा हेतु समुचित व्यवस्था बनाए रखने एवं परीक्षा केंद्र पर राज्य शिक्षा केंद्र के निर्देशानुसार दिव्यांग परीक्षार्थीयों हेतु आवश्यक सुविधा दिए जाने हेतु निर्देशित किया गया l यदि कोई छात्र किसी कारणवश बिना प्रवेश पत्र के परीक्षा केंद्र पर उपस्थित होता है तो उस छात्र का परीक्षा केंद्राध्यक्ष द्वारा सत्यापन कर उसे परीक्षा में बैठने दिया जाएगा ऐसे परीक्षार्थियों हेतु केंद्राध्यक्ष अपने स्तर से प्रवेश पत्र जारी करेंगे ,परीक्षा केंद्र में दर्ज किसी भी छात्र को परीक्षा में बैठने से वंचित नही किया जाएगा l वार्षिक परीक्षा की जिला शिक्षा अधिकारी, सहायक आयुक्त, डीपीसी , एपीसी,बीईओ, संकुल प्राचार्य, बीआरसीसी, बीएसी ,सीएसी स्तर से सघन मॉनिटर की जाएगी l
    user_MANISH RATHORE mp news
    MANISH RATHORE mp news
    पत्रकार Bhainsdehi, Betul•
    17 hrs ago
  • मैक्रों और मोदी गेटवे ऑफ इंडिया पर, वीर सावरकर का क़िस्सा सुनाया मोदीजी ने, हरदीप पुरी किसे बचा रहे पूछा पवन खेड़ा ने, नेटफ्लिक्स हो, यूट्यूब हो, फेसबुक हो या व्हाट्सएप भारत के कानून का पालन करना ही पड़ेगा और शिवपाल का आरोप फॉर्म 7 सरकार ही छपवाकर बंटवा रही... देखिए देश दुनिया की छ बड़ी खबरें राजपथ न्यूज़ पर....
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    मैक्रों और मोदी गेटवे ऑफ इंडिया पर, वीर सावरकर का क़िस्सा सुनाया मोदीजी ने, हरदीप पुरी किसे बचा रहे पूछा पवन खेड़ा ने, नेटफ्लिक्स हो, यूट्यूब हो, फेसबुक हो या व्हाट्सएप भारत के कानून का पालन करना ही पड़ेगा और शिवपाल का आरोप फॉर्म 7 सरकार ही छपवाकर बंटवा रही... देखिए देश दुनिया की छ बड़ी खबरें राजपथ न्यूज़ पर....
    user_Rajpath News
    Rajpath News
    पत्रकार Prabhatpattan, Betul•
    17 min ago
  • बैतूल के कोठी बाजार क्षेत्र में स्थापित राष्ट्रीय प्रतीक अशोक स्तंभ को नगर पालिका द्वारा बिना किसी लिखित आदेश और स्वीकृति के हटाए जाने से विवाद खड़ा हो गया है। इसे लेकर भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के कार्यकर्ताओं ने विरोध प्रदर्शन किया। कांग्रेस नेताओं ने कहा कि अशोक स्तंभ राष्ट्रीय अस्मिता और जनभावना का प्रतीक है, वहीं स्थानीय लोगों ने इसे क्षेत्र का ऐतिहासिक केंद्र बिंदु बताया। कांग्रेस ने इस कार्रवाई को असंवैधानिक बताते हुए जिम्मेदार अधिकारियों पर कार्रवाई की मांग की है।
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    बैतूल के कोठी बाजार क्षेत्र में स्थापित राष्ट्रीय प्रतीक अशोक स्तंभ को नगर पालिका द्वारा बिना किसी लिखित आदेश और स्वीकृति के हटाए जाने से विवाद खड़ा हो गया है। इसे लेकर भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के कार्यकर्ताओं ने विरोध प्रदर्शन किया। कांग्रेस नेताओं ने कहा कि अशोक स्तंभ राष्ट्रीय अस्मिता और जनभावना का प्रतीक है, वहीं स्थानीय लोगों ने इसे क्षेत्र का ऐतिहासिक केंद्र बिंदु बताया। कांग्रेस ने इस कार्रवाई को असंवैधानिक बताते हुए जिम्मेदार अधिकारियों पर कार्रवाई की मांग की है।
    user_जिला ब्यूरो बैतूल
    जिला ब्यूरो बैतूल
    Classified ads newspaper publisher बैतूल नगर, बैतूल, मध्य प्रदेश•
    1 hr ago
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