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झारखंड के धनबाद जिले के बाघमारा-कम-कटरा उप-जिले में नालियों पर अतिक्रमण का खुलासा हुआ है। अवैध निर्माण के कारण पानी निकासी का रास्ता बंद हो गया था। इस समस्या को देखते हुए नगर निगम ने सख्ती दिखाई और बुलडोजर से अतिक्रमण हटाया गया। इस कार्रवाई से शहर में जलजमाव से राहत दिलाने की पहल तेज हो गई है।
जनता न्यूज़ 24
झारखंड के धनबाद जिले के बाघमारा-कम-कटरा उप-जिले में नालियों पर अतिक्रमण का खुलासा हुआ है। अवैध निर्माण के कारण पानी निकासी का रास्ता बंद हो गया था। इस समस्या को देखते हुए नगर निगम ने सख्ती दिखाई और बुलडोजर से अतिक्रमण हटाया गया। इस कार्रवाई से शहर में जलजमाव से राहत दिलाने की पहल तेज हो गई है।
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- धनबाद के कतरास के छाताबाद पुल के पास असामाजिक तत्वों ने झमाडा की सप्लाई पाइपलाइन को क्षतिग्रस्त कर दिया। इस घटना के कारण हजारों गैलन पानी सड़क पर बह गया और बर्बाद हो गया। इस क्षति के कारण स्थानीय लोगों को पानी की आपूर्ति में समस्या का सामना करना पड़ रहा है। प्रशासन ने घटना की जांच शुरू कर दी है और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की बात कही है।1
- धनबाद-कम-केंदुअडीह-कम-जगता क्षेत्र में लोगों को जल्दी थकान महसूस हो रही है? यह विटामिन B1 (थायमिन) की कमी का संकेत हो सकता है। विटामिन B1 भोजन को ऊर्जा में बदलने में मदद करता है और नसों को स्वस्थ रखता है। इसकी कमी से कमजोरी और तंत्रिका संबंधी समस्याएं हो सकती हैं।1
- झारखंड के धनबाद जिले के गोबिंदपुर प्रखंड की बड़ा पिछड़ी पंचायत में एक सनसनीखेज मामला सामने आया है। यहां मुखिया के जाली हस्ताक्षर और फर्जी मुहर का उपयोग कर सरकारी कार्यों में गड़बड़ी की जा रही है। इस मामले ने पूरे क्षेत्र में हड़कंप मचा दिया है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि पंचायत में चल रहे सरकारी कार्यों में मुखिया के जाली हस्ताक्षर और फर्जी मुहर का उपयोग किया जा रहा है। इससे सरकारी धन का दुरुपयोग हो रहा है। लोगों में इस बात को लेकर रोष है और वे इस मामले की उच्च स्तरीय जांच की मांग कर रहे हैं। इस मामले में अभी तक कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है, लेकिन स्थानीय प्रशासन ने जांच के आदेश दिए हैं। उम्मीद है कि जल्द ही इस मामले में कुछ कार्रवाई होगी।1
- झारखंड के बोकारो में गौ सम्मान की मांग को लेकर एक रैली निकाली गई। इस रैली में शामिल गौ भक्तों ने बताया कि वे लगभग पांच लाख हस्ताक्षर एकत्र कर चुके हैं और इन हस्ताक्षरों को युक्त उपायुक्त को सौंपेंगे। रैली का मुख्य उद्देश्य गौ सम्मान की मांग को बल देना है। इस रैली में बड़ी संख्या में लोग शामिल हुए और उन्होंने गौ सम्मान के लिए अपनी प्रतिबद्धता जताई।1
- झारखंड के गिरिडीह जिले के बगोदर प्रखंड के सरिया में झामुमो नेता त्रिभुवन मंडल के नेतृत्व में सरिया को जिला बनाने की मांग को लेकर चल रहा 48 घंटे का आमरण अनशन शुक्रवार को समाप्त हो गया। प्रखंड विकास पदाधिकारी ललित नारायण तिवारी ने अनशनकारियों को जूस पिलाकर अनशन तुड़वाया। संघर्ष समिति ने कहा कि वर्ष 2014 से सरिया को जिला बनाने की मांग शांतिपूर्ण एवं लोकतांत्रिक तरीके से उठाई जा रही है, लेकिन अब तक सरकार ने कोई ठोस निर्णय नहीं लिया है। समिति ने स्पष्ट किया कि आश्वासनों के बावजूद आंदोलन जारी रहेगा। अनशन के दौरान डुमरी विधायक जयराम महतो ने धरना स्थल पहुंचकर विधानसभा में सरिया को जिला बनाने का मुद्दा उठाने का भरोसा दिया। वहीं, बीडीओ ने आंदोलनकारियों का ज्ञापन सरकार तक पहुंचाने और नियमानुसार कार्रवाई का आश्वासन दिया। इस अवसर पर राजू मंडल, अशोक मंडल, काजिम अंसारी, कृष्ण मुरारी पांडेय, जगदीश टुडू, राजेश मंडल सहित संघर्ष समिति के सदस्य एवं बड़ी संख्या में स्थानीय लोग उपस्थित रहे।1
- झारखंड के जामताड़ा, देवघर और दुमका जिलों से कुल 23 श्रद्धालुओं का जत्था कोलकाता एयरपोर्ट से उमरा हज की पवित्र यात्रा के लिए मक्का-मदीना रवाना हुआ। इस अवसर पर एयरपोर्ट पर भावुक माहौल देखने को मिला। बड़ी संख्या में परिजन, रिश्तेदार और शुभचिंतक यात्रियों को विदा करने पहुंचे। सभी ने गले मिलकर यात्रियों की सलामती और उमरा की कुबूलियत की दुआ की। जेएमएम युवा नेता सफीक अंसारी ने कहा कि यह पूरे क्षेत्र के लिए खुशी और सौभाग्य का अवसर है। उन्होंने अल्लाह से सभी यात्रियों का उमरा कबूल होने और सकुशल वापसी की दुआ की। अब सभी श्रद्धालु मक्का और मदीना में इबादत अदा करेंगे।1
- झारखंड के धनबाद जिले के बाघमारा-कम-कटरा उप-जिले में नालियों पर अतिक्रमण का खुलासा हुआ है। अवैध निर्माण के कारण पानी निकासी का रास्ता बंद हो गया था। इस समस्या को देखते हुए नगर निगम ने सख्ती दिखाई और बुलडोजर से अतिक्रमण हटाया गया। इस कार्रवाई से शहर में जलजमाव से राहत दिलाने की पहल तेज हो गई है।1
- पटना के डाकबंगला चौराहे पर शनिवार को प्रदर्शन कर रहे छात्रों और पुलिस के बीच तीखी झड़प के बाद पुलिस ने लाठीचार्ज कर दिया। छात्र किसी मांग को लेकर डाकबंगला पर एकत्र हुए थे और नारेबाजी कर रहे थे। देखते ही देखते मामला बिगड़ गया और स्थिति नियंत्रण से बाहर होने लगी। मौके पर मौजूद पुलिस अधिकारियों द्वारा समझाने का प्रयास विफल रहने पर पुलिस को लाठीचार्ज करना पड़ा, जिससे मौके पर अफरा-तफरी मच गई और छात्र इधर-उधर भागने लगे। इस दौरान पुलिस ने कुछ छात्रों को हिरासत में भी ले लिया। घटना के बाद पटना के एसएसपी कार्तिकेय शर्मा ने बताया कि प्रदर्शन के दौरान कुछ छात्रों ने पुलिस पर पथराव शुरू कर दिया था, जिसके चलते कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस को मजबूरन बल का प्रयोग करना पड़ा। उन्होंने स्पष्ट किया कि इस मामले में कुछ लोगों की गिरफ्तारी की गई है और आगे की कार्रवाई की जा रही है। पुलिस उन असामाजिक तत्वों की पहचान में जुटी है जिन्होंने हिंसा फैलाई, साथ ही यह जांच भी की जा रही है कि प्रदर्शन के दौरान इस्तेमाल किए गए पत्थर कहां से लाए गए थे और इसके पीछे कौन लोग शामिल थे। पुलिस प्रशासन का कहना है कि शहर में शांति व्यवस्था बनाए रखना उसकी प्राथमिकता है और किसी को भी कानून हाथ में लेने की इजाजत नहीं दी जाएगी। घटना के बाद डाकबंगला और आसपास के इलाकों में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात कर दिया गया है ताकि कोई अप्रिय घटना न हो। फिलहाल क्षेत्र में स्थिति सामान्य बताई जा रही है और प्रशासन पूरे मामले पर अपनी नजर बनाए हुए है।6