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भरतपुर के रूपवास उपखंड क्षेत्र की चैकोरा ग्राम पंचायत के भिडयानी गांव में प्रशासन ने पुलिस की मौजूदगी में एक गैर मुमकिन रास्ते पर हो रहे अतिक्रमण को जेसीबी की सहायता से हटवाया। तहसीलदार अमित शर्मा ने बताया कि भिडयानी के खसरा नंबर 46 पर स्थित गैर मुमकिन रास्ते पर अतिक्रमण की शिकायत मिली थी, जिस पर 91 की कार्यवाही प्रस्तावित थी। इसी के तहत पुलिस बल के साथ जेसीबी का उपयोग कर अतिक्रमण को हटाया गया। इस दौरान, अतिक्रमण हटाने से प्रभावित हुए कब्जाधारी ने आरोप लगाया कि यह कार्यवाही भू-माफिया के दबाव में की गई है और उन्हें बिना किसी पूर्व सूचना या नोटिस दिए अतिक्रमण हटाया गया, जो नियमानुसार गलत है। पटवारी मनीष कुमार ने मौके पर रिपोर्ट तैयार कर मौजूद लोगों के हस्ताक्षर करवाकर तहसीलदार अमित शर्मा को प्रस्तुत की। इस अवसर पर एएसआई जितेन्द्र सिंह, हरदम सिंह सहित रूपवास और रुदावल पुलिस थाने का जाप्ता भी मौजूद रहा।

20 hrs ago
user_पुलिस दर्पण राजस्थान
पुलिस दर्पण राजस्थान
Social Media Manager भरतपुर, भरतपुर, राजस्थान•
20 hrs ago

भरतपुर के रूपवास उपखंड क्षेत्र की चैकोरा ग्राम पंचायत के भिडयानी गांव में प्रशासन ने पुलिस की मौजूदगी में एक गैर मुमकिन रास्ते पर हो रहे अतिक्रमण को जेसीबी की सहायता से हटवाया। तहसीलदार अमित शर्मा ने बताया कि भिडयानी के खसरा नंबर 46 पर स्थित गैर मुमकिन रास्ते पर अतिक्रमण की शिकायत मिली थी, जिस पर 91 की कार्यवाही प्रस्तावित थी। इसी के तहत पुलिस बल के साथ जेसीबी का उपयोग कर अतिक्रमण को हटाया गया। इस दौरान, अतिक्रमण हटाने से प्रभावित हुए कब्जाधारी ने आरोप लगाया कि यह कार्यवाही भू-माफिया के दबाव में की गई है और उन्हें बिना किसी पूर्व सूचना या नोटिस दिए अतिक्रमण हटाया गया, जो नियमानुसार गलत है। पटवारी मनीष कुमार ने मौके पर रिपोर्ट तैयार कर मौजूद लोगों के हस्ताक्षर करवाकर तहसीलदार अमित शर्मा को प्रस्तुत की। इस अवसर पर एएसआई जितेन्द्र सिंह, हरदम सिंह सहित रूपवास और रुदावल पुलिस थाने का जाप्ता भी मौजूद रहा।

More news from राजस्थान and nearby areas
  • भरतपुर के रूपवास उपखंड क्षेत्र की चैकोरा ग्राम पंचायत के भिडयानी गांव में प्रशासन ने पुलिस की मौजूदगी में एक गैर मुमकिन रास्ते पर हो रहे अतिक्रमण को जेसीबी की सहायता से हटवाया। तहसीलदार अमित शर्मा ने बताया कि भिडयानी के खसरा नंबर 46 पर स्थित गैर मुमकिन रास्ते पर अतिक्रमण की शिकायत मिली थी, जिस पर 91 की कार्यवाही प्रस्तावित थी। इसी के तहत पुलिस बल के साथ जेसीबी का उपयोग कर अतिक्रमण को हटाया गया। इस दौरान, अतिक्रमण हटाने से प्रभावित हुए कब्जाधारी ने आरोप लगाया कि यह कार्यवाही भू-माफिया के दबाव में की गई है और उन्हें बिना किसी पूर्व सूचना या नोटिस दिए अतिक्रमण हटाया गया, जो नियमानुसार गलत है। पटवारी मनीष कुमार ने मौके पर रिपोर्ट तैयार कर मौजूद लोगों के हस्ताक्षर करवाकर तहसीलदार अमित शर्मा को प्रस्तुत की। इस अवसर पर एएसआई जितेन्द्र सिंह, हरदम सिंह सहित रूपवास और रुदावल पुलिस थाने का जाप्ता भी मौजूद रहा।
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    भरतपुर के रूपवास उपखंड क्षेत्र की चैकोरा ग्राम पंचायत के भिडयानी गांव में प्रशासन ने पुलिस की मौजूदगी में एक गैर मुमकिन रास्ते पर हो रहे अतिक्रमण को जेसीबी की सहायता से हटवाया। तहसीलदार अमित शर्मा ने बताया कि भिडयानी के खसरा नंबर 46 पर स्थित गैर मुमकिन रास्ते पर अतिक्रमण की शिकायत मिली थी, जिस पर 91 की कार्यवाही प्रस्तावित थी। इसी के तहत पुलिस बल के साथ जेसीबी का उपयोग कर अतिक्रमण को हटाया गया।

इस दौरान, अतिक्रमण हटाने से प्रभावित हुए कब्जाधारी ने आरोप लगाया कि यह कार्यवाही भू-माफिया के दबाव में की गई है और उन्हें बिना किसी पूर्व सूचना या नोटिस दिए अतिक्रमण हटाया गया, जो नियमानुसार गलत है। पटवारी मनीष कुमार ने मौके पर रिपोर्ट तैयार कर मौजूद लोगों के हस्ताक्षर करवाकर तहसीलदार अमित शर्मा को प्रस्तुत की। इस अवसर पर एएसआई जितेन्द्र सिंह, हरदम सिंह सहित रूपवास और रुदावल पुलिस थाने का जाप्ता भी मौजूद रहा।
    user_पुलिस दर्पण राजस्थान
    पुलिस दर्पण राजस्थान
    Social Media Manager भरतपुर, भरतपुर, राजस्थान•
    20 hrs ago
  • रूपवास नगरपालिका के वार्ड नंबर 19 स्थित गंगा मन्दिर कॉलोनी के निवासी लंबे समय से जलभराव और कीचड़ की गंभीर समस्या से जूझ रहे हैं, जिसके कारण अब वे सड़कों पर उतरने की तैयारी में हैं। कॉलोनी वासियों ने अपनी इस परेशानी को लेकर उपखण्ड अधिकारी (SDM) को एक ज्ञापन सौंपा है, जिसमें तत्काल सफाई कराने की मांग की गई है। ज्ञापन में बताया गया है कि घरों के सामने लगातार पानी जमा होने से कीचड़ इकट्ठा हो गई है, जिससे उठने वाली बदबू और मच्छरों व कीटाणुओं की बढ़ती संख्या से बीमारियों का खतरा मंडरा रहा है। इस गंदगी और कीचड़ के कारण आम रास्ता पूरी तरह बंद हो गया है, जिससे लोगों का आवागमन बुरी तरह प्रभावित हो रहा है। कॉलोनी वासियों ने आरोप लगाया है कि उन्होंने सफाई और पानी निकासी की समस्या के समाधान के लिए नगर पालिका को कई बार लिखित शिकायतें दी हैं। इतना ही नहीं, राजस्थान संपर्क पोर्टल पर शिकायत संख्या 052605226715750 और 052605226794726 भी दर्ज कराई गई हैं, लेकिन इन शिकायतों पर अब तक कोई कार्रवाई नहीं की गई है। इसी उपेक्षा से परेशान होकर, कॉलोनी वासियों ने SDM से संबंधित कर्मचारियों को तुरंत आदेश देकर इस समस्या का जल्द से जल्द समाधान कराने की अपील की है। उन्होंने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि उनकी समस्या का त्वरित समाधान नहीं होता है, तो वे उपखंड कार्यालय के बाहर धरना प्रदर्शन करने को मजबूर होंगे।
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    रूपवास नगरपालिका के वार्ड नंबर 19 स्थित गंगा मन्दिर कॉलोनी के निवासी लंबे समय से जलभराव और कीचड़ की गंभीर समस्या से जूझ रहे हैं, जिसके कारण अब वे सड़कों पर उतरने की तैयारी में हैं। कॉलोनी वासियों ने अपनी इस परेशानी को लेकर उपखण्ड अधिकारी (SDM) को एक ज्ञापन सौंपा है, जिसमें तत्काल सफाई कराने की मांग की गई है। ज्ञापन में बताया गया है कि घरों के सामने लगातार पानी जमा होने से कीचड़ इकट्ठा हो गई है, जिससे उठने वाली बदबू और मच्छरों व कीटाणुओं की बढ़ती संख्या से बीमारियों का खतरा मंडरा रहा है। इस गंदगी और कीचड़ के कारण आम रास्ता पूरी तरह बंद हो गया है, जिससे लोगों का आवागमन बुरी तरह प्रभावित हो रहा है।

कॉलोनी वासियों ने आरोप लगाया है कि उन्होंने सफाई और पानी निकासी की समस्या के समाधान के लिए नगर पालिका को कई बार लिखित शिकायतें दी हैं। इतना ही नहीं, राजस्थान संपर्क पोर्टल पर शिकायत संख्या 052605226715750 और 052605226794726 भी दर्ज कराई गई हैं, लेकिन इन शिकायतों पर अब तक कोई कार्रवाई नहीं की गई है।

इसी उपेक्षा से परेशान होकर, कॉलोनी वासियों ने SDM से संबंधित कर्मचारियों को तुरंत आदेश देकर इस समस्या का जल्द से जल्द समाधान कराने की अपील की है। उन्होंने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि उनकी समस्या का त्वरित समाधान नहीं होता है, तो वे उपखंड कार्यालय के बाहर धरना प्रदर्शन करने को मजबूर होंगे।
    user_मेरा प्रयास सच दिखाने का
    मेरा प्रयास सच दिखाने का
    रूपबास, भरतपुर, राजस्थान•
    9 hrs ago
  • उत्तर प्रदेश के मथुरा स्थित श्रीकृष्ण जन्मभूमि मंदिर में दान की पारदर्शिता पर गंभीर सवाल उठे हैं। फलाहारी महाराज ने इस संबंध में मुख्यमंत्री को एक पत्र लिखकर केंद्रीय जाँच ब्यूरो (CBI) से जाँच कराने की मांग की है। उन्होंने विशेष रूप से दान-पात्र खोलने की प्रक्रिया पर चिंता जताई है और पिछले 15 वर्षों के दान का पूरा हिसाब सार्वजनिक करने की मांग की है। अपने पत्र में, फलाहारी महाराज ने मंदिर के दान से प्राप्त धनराशि का उपयोग गरीबों के लिए एक अस्पताल बनाने का भी सुझाव दिया है। उनकी मुख्य मांग मंदिर में दान संबंधी सभी गतिविधियों में पूर्ण पारदर्शिता सुनिश्चित करना है।
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    उत्तर प्रदेश के मथुरा स्थित श्रीकृष्ण जन्मभूमि मंदिर में दान की पारदर्शिता पर गंभीर सवाल उठे हैं। फलाहारी महाराज ने इस संबंध में मुख्यमंत्री को एक पत्र लिखकर केंद्रीय जाँच ब्यूरो (CBI) से जाँच कराने की मांग की है। उन्होंने विशेष रूप से दान-पात्र खोलने की प्रक्रिया पर चिंता जताई है और पिछले 15 वर्षों के दान का पूरा हिसाब सार्वजनिक करने की मांग की है।

अपने पत्र में, फलाहारी महाराज ने मंदिर के दान से प्राप्त धनराशि का उपयोग गरीबों के लिए एक अस्पताल बनाने का भी सुझाव दिया है। उनकी मुख्य मांग मंदिर में दान संबंधी सभी गतिविधियों में पूर्ण पारदर्शिता सुनिश्चित करना है।
    user_Pandit Rahul brijwasi
    Pandit Rahul brijwasi
    Mathura, Uttar Pradesh•
    57 min ago
  • मथुरा की राधे श्याम कॉलोनी से गौरव राजपूत ने तपन शर्मा नामक व्यक्ति के खिलाफ एक गंभीर शिकायत दर्ज कराई है। गौरव का आरोप है कि तपन सरकारी स्ट्रीट लाइट बंद करके अवैध गतिविधियों को अंजाम देता है, महिलाओं से छेड़खानी करता है, और हाल ही में उनके छोटे भाई पर हमला भी किया। गौरव और उनके परिवार ने तपन से अपनी जान का खतरा बताते हुए सख्त कार्रवाई की मांग की है। शिकायत के अनुसार, गौरव के घर के सामने मेन तिराहे पर लगी सरकारी स्ट्रीट लाइट को तपन शर्मा हर एक-दो दिन बाद बंद कर देता है। अंधेरे का फायदा उठाकर वह अपने दोस्तों के साथ गांजा व शराब का सेवन करता है और गांजे की बिक्री भी करता है। नशे की हालत में वह नग्न होकर पेशाब करता है और तिराहे पर रहने वाले लोगों की माँ-बहनों से छेड़खानी व गाली-गलौज करता है, जिससे कॉलोनी के सभी लोग बेहद परेशान हैं, लेकिन वह किसी की बात नहीं मानता। दिनांक 16/06/2026 को भी तपन ने स्ट्रीट लाइट बंद कर दी थी। जब गौरव उसे रोकने गए, तो तपन ने उनसे भी गाली-गलौज की। इसके बाद गौरव अपने घर चले गए, लेकिन तपन गौरव के छोटे भाई की कैंटीन में घुस गया और उससे पैटीज मांगने लगा। मना करने पर तपन ने गौरव के छोटे भाई को कई थप्पड़ मारे और वहां से चला गया। इसके बाद गौरव और उनका परिवार तपन के पीछे भागे, जिसके परिणामस्वरूप हाथापाई हुई, जिसमें तपन शर्मा के सिर में चोट आई। गौरव राजपूत का दावा है कि उनके परिवार में से किसी ने तपन के सिर पर वार नहीं किया; उनका मानना है कि चोट जमीन पर गिरने या तपन द्वारा खुद अपना सिर कहीं दीवार से टकराने से लगी होगी, जिसका उनके पास सबूत भी है। गौरव राजपूत ने बताया कि इन घटनाओं के बाद अब तपन शर्मा अपने दोस्तों के साथ मिलकर उन्हें और उनके परिवार को जान से मारने की साजिश रच रहा है। चूंकि गौरव और उनके बड़े भाई काम पर जाते हैं, घर पर केवल महिलाएं और छोटा भाई ही रह जाते हैं, जिससे उन्हें अपनी सुरक्षा को लेकर गंभीर खतरा महसूस हो रहा है। गौरव ने अधिकारियों से तपन शर्मा की बदतमीज़ी रोकने और उसके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है। उन्होंने स्ट्रीट लाइट बंद करने, जबरन पैटीज लेने और अन्य बदतमीज़ियों के सबूत होने का दावा भी किया है।
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    मथुरा की राधे श्याम कॉलोनी से गौरव राजपूत ने तपन शर्मा नामक व्यक्ति के खिलाफ एक गंभीर शिकायत दर्ज कराई है। गौरव का आरोप है कि तपन सरकारी स्ट्रीट लाइट बंद करके अवैध गतिविधियों को अंजाम देता है, महिलाओं से छेड़खानी करता है, और हाल ही में उनके छोटे भाई पर हमला भी किया। गौरव और उनके परिवार ने तपन से अपनी जान का खतरा बताते हुए सख्त कार्रवाई की मांग की है।

शिकायत के अनुसार, गौरव के घर के सामने मेन तिराहे पर लगी सरकारी स्ट्रीट लाइट को तपन शर्मा हर एक-दो दिन बाद बंद कर देता है। अंधेरे का फायदा उठाकर वह अपने दोस्तों के साथ गांजा व शराब का सेवन करता है और गांजे की बिक्री भी करता है। नशे की हालत में वह नग्न होकर पेशाब करता है और तिराहे पर रहने वाले लोगों की माँ-बहनों से छेड़खानी व गाली-गलौज करता है, जिससे कॉलोनी के सभी लोग बेहद परेशान हैं, लेकिन वह किसी की बात नहीं मानता।

दिनांक 16/06/2026 को भी तपन ने स्ट्रीट लाइट बंद कर दी थी। जब गौरव उसे रोकने गए, तो तपन ने उनसे भी गाली-गलौज की। इसके बाद गौरव अपने घर चले गए, लेकिन तपन गौरव के छोटे भाई की कैंटीन में घुस गया और उससे पैटीज मांगने लगा। मना करने पर तपन ने गौरव के छोटे भाई को कई थप्पड़ मारे और वहां से चला गया। इसके बाद गौरव और उनका परिवार तपन के पीछे भागे, जिसके परिणामस्वरूप हाथापाई हुई, जिसमें तपन शर्मा के सिर में चोट आई। गौरव राजपूत का दावा है कि उनके परिवार में से किसी ने तपन के सिर पर वार नहीं किया; उनका मानना है कि चोट जमीन पर गिरने या तपन द्वारा खुद अपना सिर कहीं दीवार से टकराने से लगी होगी, जिसका उनके पास सबूत भी है।

गौरव राजपूत ने बताया कि इन घटनाओं के बाद अब तपन शर्मा अपने दोस्तों के साथ मिलकर उन्हें और उनके परिवार को जान से मारने की साजिश रच रहा है। चूंकि गौरव और उनके बड़े भाई काम पर जाते हैं, घर पर केवल महिलाएं और छोटा भाई ही रह जाते हैं, जिससे उन्हें अपनी सुरक्षा को लेकर गंभीर खतरा महसूस हो रहा है। गौरव ने अधिकारियों से तपन शर्मा की बदतमीज़ी रोकने और उसके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है। उन्होंने स्ट्रीट लाइट बंद करने, जबरन पैटीज लेने और अन्य बदतमीज़ियों के सबूत होने का दावा भी किया है।
    user_GOURAV RAJPUT
    GOURAV RAJPUT
    मथुरा, मथुरा, उत्तर प्रदेश•
    7 hrs ago
  • राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री से सीधे अपील करते हुए मांग की है कि वर्ष 2010 से पहले नियुक्त शिक्षकों को टीईटी (शिक्षक पात्रता परीक्षा) की अनिवार्यता से स्थायी रूप से मुक्त किया जाए। इस मांग के पीछे हजारों शिक्षकों में गहरा असमंजस और अनिश्चितता है, खासकर उन शिक्षकों में जो सालों से अपनी सेवाएं दे रहे हैं। संगठन ने स्पष्ट किया है कि उत्तर प्रदेश में 27 जुलाई 2011 से पहले हुई सभी शिक्षकों की नियुक्तियां उस समय के नियमों और तय मानकों के अनुसार ही की गई थीं। ऐसे में, दशकों की सेवा के बाद अब नए मानदंडों को पूर्व प्रभाव से लागू करना प्राकृतिक न्याय, समानता और विधिक निश्चितता के सिद्धांतों के पूरी तरह खिलाफ है। राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ उत्तर प्रदेश की मथुरा इकाई ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री को ज्ञापन भेजकर इस मुद्दे पर हस्तक्षेप की गुहार लगाई है, विशेष रूप से उन शिक्षकों के लिए जो 2010 से पहले और उत्तर प्रदेश में टीईटी लागू होने से पहले नियुक्त हुए थे। महासंघ का तर्क है कि 23 अगस्त 2010 को एनसीटीई (राष्ट्रीय अध्यापक शिक्षा परिषद) द्वारा जारी अधिसूचना और उसके बाद आए अदालती फैसलों ने लंबे समय से कार्यरत शिक्षकों के बीच असुरक्षा और असमंजस का माहौल पैदा कर दिया है। संगठन ने जोर देकर कहा है कि यदि सरकार इस संबंध में सकारात्मक और स्पष्ट दिशानिर्देश जारी करती है, तो इससे न केवल हजारों शिक्षकों को बड़ी राहत मिलेगी, बल्कि शिक्षा व्यवस्था में भी स्थिरता आएगी। यह महत्वपूर्ण मांग केंद्रीय शिक्षा मंत्री तक पहुँचा दी गई है। अब देखना होगा कि शिक्षा मंत्रालय इस गंभीर मुद्दे पर क्या रुख अपनाता है, क्योंकि यह देश और राज्य के भविष्य को संवारने वाले हजारों शिक्षकों के करियर पर मंडरा रहे कथित संकट से जुड़ा है।
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    राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री से सीधे अपील करते हुए मांग की है कि वर्ष 2010 से पहले नियुक्त शिक्षकों को टीईटी (शिक्षक पात्रता परीक्षा) की अनिवार्यता से स्थायी रूप से मुक्त किया जाए। इस मांग के पीछे हजारों शिक्षकों में गहरा असमंजस और अनिश्चितता है, खासकर उन शिक्षकों में जो सालों से अपनी सेवाएं दे रहे हैं।

संगठन ने स्पष्ट किया है कि उत्तर प्रदेश में 27 जुलाई 2011 से पहले हुई सभी शिक्षकों की नियुक्तियां उस समय के नियमों और तय मानकों के अनुसार ही की गई थीं। ऐसे में, दशकों की सेवा के बाद अब नए मानदंडों को पूर्व प्रभाव से लागू करना प्राकृतिक न्याय, समानता और विधिक निश्चितता के सिद्धांतों के पूरी तरह खिलाफ है। राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ उत्तर प्रदेश की मथुरा इकाई ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री को ज्ञापन भेजकर इस मुद्दे पर हस्तक्षेप की गुहार लगाई है, विशेष रूप से उन शिक्षकों के लिए जो 2010 से पहले और उत्तर प्रदेश में टीईटी लागू होने से पहले नियुक्त हुए थे।

महासंघ का तर्क है कि 23 अगस्त 2010 को एनसीटीई (राष्ट्रीय अध्यापक शिक्षा परिषद) द्वारा जारी अधिसूचना और उसके बाद आए अदालती फैसलों ने लंबे समय से कार्यरत शिक्षकों के बीच असुरक्षा और असमंजस का माहौल पैदा कर दिया है। संगठन ने जोर देकर कहा है कि यदि सरकार इस संबंध में सकारात्मक और स्पष्ट दिशानिर्देश जारी करती है, तो इससे न केवल हजारों शिक्षकों को बड़ी राहत मिलेगी, बल्कि शिक्षा व्यवस्था में भी स्थिरता आएगी।

यह महत्वपूर्ण मांग केंद्रीय शिक्षा मंत्री तक पहुँचा दी गई है। अब देखना होगा कि शिक्षा मंत्रालय इस गंभीर मुद्दे पर क्या रुख अपनाता है, क्योंकि यह देश और राज्य के भविष्य को संवारने वाले हजारों शिक्षकों के करियर पर मंडरा रहे कथित संकट से जुड़ा है।
    user_Manish Sharma Anb News
    Manish Sharma Anb News
    Local News Reporter मथुरा, मथुरा, उत्तर प्रदेश•
    9 hrs ago
  • मथुरा वृन्दावन के इस्कॉन मंदिर के पीछे एक व्यक्ति की हत्या के मामले में अपर सत्र न्यायाधीश ईसी एक्ट अदालत ने मुख्य दोषी महिला और उसके भाड़े के दो हत्यारों को आजीवन कारावास तथा डेढ़-डेढ़ लाख रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई है। यह फैसला न्यायालय द्वारा बचाव पक्ष और अभियोजन पक्ष की तमाम दलीलों को सुनने के बाद सुनाया गया, जिस पर कल सजा का निर्णय सुरक्षित रख लिया गया था। अभियोजन पक्ष के अधिवक्ता मुकेश गोस्वामी ने बताया कि यह घटना 25 अक्टूबर 2023 की रात करीब 1:30 बजे हुई थी, जब गंगानहर, राजस्थान के पवन गर्ग के पुत्र विकास कुमार गर्ग की इस्कॉन मंदिर के पीछे स्थित राधाकृष्ण भवन में निर्मम हत्या कर दी गई थी। उनका चेहरा कुचल दिया गया था। इस मामले में 26 अक्टूबर को उनके भाई नितिन गर्ग द्वारा रिपोर्ट दर्ज कराई गई थी। विवेचना अधिकारी की जांच रिपोर्ट के आधार पर पूजा जोग (पत्नी राजकुमार, पूर्व पार्षद, गंगानगर), जगमीत सिंह और अमन को दोषी पाया गया। हत्या में, श्रीगंगानगर निवासी महिला पूजा जोग ने रणमीत सिंह उर्फ राजन और अमन पुंशी को बुलाकर लोहे की रॉड व अन्य हथियारों से हमला कर विकास गर्ग की पीट-पीटकर हत्या कर दी थी। विकास गर्ग वृंदावन में पूजा जोग के साथ रहकर चाय की कैंटीन चलाते थे। कारोबार को लेकर हुए विवाद के बाद महिला ने भाड़े के हत्यारों से उनकी हत्या करवा दी थी। आज, अपर सत्र न्यायाधीश ईसी एक्ट के विद्वान न्यायाधीश राजेश पाराशर ने तीनों दोषियों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई।
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    मथुरा वृन्दावन के इस्कॉन मंदिर के पीछे एक व्यक्ति की हत्या के मामले में अपर सत्र न्यायाधीश ईसी एक्ट अदालत ने मुख्य दोषी महिला और उसके भाड़े के दो हत्यारों को आजीवन कारावास तथा डेढ़-डेढ़ लाख रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई है। यह फैसला न्यायालय द्वारा बचाव पक्ष और अभियोजन पक्ष की तमाम दलीलों को सुनने के बाद सुनाया गया, जिस पर कल सजा का निर्णय सुरक्षित रख लिया गया था।

अभियोजन पक्ष के अधिवक्ता मुकेश गोस्वामी ने बताया कि यह घटना 25 अक्टूबर 2023 की रात करीब 1:30 बजे हुई थी, जब गंगानहर, राजस्थान के पवन गर्ग के पुत्र विकास कुमार गर्ग की इस्कॉन मंदिर के पीछे स्थित राधाकृष्ण भवन में निर्मम हत्या कर दी गई थी। उनका चेहरा कुचल दिया गया था। इस मामले में 26 अक्टूबर को उनके भाई नितिन गर्ग द्वारा रिपोर्ट दर्ज कराई गई थी। विवेचना अधिकारी की जांच रिपोर्ट के आधार पर पूजा जोग (पत्नी राजकुमार, पूर्व पार्षद, गंगानगर), जगमीत सिंह और अमन को दोषी पाया गया। हत्या में, श्रीगंगानगर निवासी महिला पूजा जोग ने रणमीत सिंह उर्फ राजन और अमन पुंशी को बुलाकर लोहे की रॉड व अन्य हथियारों से हमला कर विकास गर्ग की पीट-पीटकर हत्या कर दी थी।

विकास गर्ग वृंदावन में पूजा जोग के साथ रहकर चाय की कैंटीन चलाते थे। कारोबार को लेकर हुए विवाद के बाद महिला ने भाड़े के हत्यारों से उनकी हत्या करवा दी थी। आज, अपर सत्र न्यायाधीश ईसी एक्ट के विद्वान न्यायाधीश राजेश पाराशर ने तीनों दोषियों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई।
    user_Jitendra
    Jitendra
    Local News Reporter गोवर्धन, मथुरा, उत्तर प्रदेश•
    9 hrs ago
  • भरतपुर जिले के सीकरी क्षेत्र के बुडली गांव से तोड़फोड़ का एक मामला सामने आया है। इस घटना की जानकारी रिपोर्टर राजेश चौधरी ने दी है।
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    भरतपुर जिले के सीकरी क्षेत्र के बुडली गांव से तोड़फोड़ का एक मामला सामने आया है। इस घटना की जानकारी रिपोर्टर राजेश चौधरी ने दी है।
    user_Rajesh Kumar
    Rajesh Kumar
    कुम्हेर, भरतपुर, राजस्थान•
    19 hrs ago
  • अजमेर के किशनगढ़ स्थित ढाणी पुरोहितां गांव में एक महिला पर उसके देवर और देवरानी ने धारदार हथियार से जानलेवा हमला कर दिया, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गई। हमलावरों ने महिला के बेहोश होने का फायदा उठाकर उसके कान काटकर लगभग ₹2 लाख रुपये के सोने-चांदी के गहने लूट लिए और उसे अधमरी हालत में छोड़कर फरार हो गए। पीड़ित पति का आरोप है कि हमलावरों ने उसकी पत्नी का हाथ भी तोड़ दिया। परिवार ने यह भी आरोप लगाया है कि आरोपियों के खिलाफ पहले भी शिकायतें की गई थीं, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। पीड़ित महिला इस समय अस्पताल में भर्ती है, और उसके पति ने पुलिस से आरोपियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है।
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    अजमेर के किशनगढ़ स्थित ढाणी पुरोहितां गांव में एक महिला पर उसके देवर और देवरानी ने धारदार हथियार से जानलेवा हमला कर दिया, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गई। हमलावरों ने महिला के बेहोश होने का फायदा उठाकर उसके कान काटकर लगभग ₹2 लाख रुपये के सोने-चांदी के गहने लूट लिए और उसे अधमरी हालत में छोड़कर फरार हो गए।

पीड़ित पति का आरोप है कि हमलावरों ने उसकी पत्नी का हाथ भी तोड़ दिया। परिवार ने यह भी आरोप लगाया है कि आरोपियों के खिलाफ पहले भी शिकायतें की गई थीं, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई।

पीड़ित महिला इस समय अस्पताल में भर्ती है, और उसके पति ने पुलिस से आरोपियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है।
    user_Rajesh Kumar
    Rajesh Kumar
    कुम्हेर, भरतपुर, राजस्थान•
    8 hrs ago
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