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अनूपपुर घर से घसीट कर युवती का अपहरण, एक तरफा प्रेम में युवक ने दिया घटना को अंजाम, आरोपी धराएं
Saif Khan
अनूपपुर घर से घसीट कर युवती का अपहरण, एक तरफा प्रेम में युवक ने दिया घटना को अंजाम, आरोपी धराएं
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- घर से घसीट कर युवती का अपहरण, एक तरफा प्रेम में युवक ने दिया घटना को अंजाम, आरोपी धराएं1
- अनूपपुर। घर से घसीट कर युवती का अपहरण, एक तरफा प्रेम में युवक ने दिया घटना को अंजाम, आरोपी धराएं #अनूपपुर #अनूपपुरपुलिस #anuppurcollectar#post #छत्तीसगढ़1
- अद्धभुत सांप है साथियो1
- ब्यौहारी में अवैध कब्जा हटाने पहुँची फॉरेस्ट विभाग की टीम के साथ नगर परिषद अध्यक्ष राजन गुप्ता द्वारा कथित रूप से अभद्र भाषा का प्रयोग किए जाने का मामला सामने आया है। बताया जा रहा है कि कार्रवाई के दौरान शासकीय कार्य में बाधा डालते हुए उन्होंने टीम को धमकी दी कि JCB जब्त कर नगरपालिका ले जाऊंगा। घटना को लेकर क्षेत्र में चर्चा तेज हो गई है और प्रशासनिक कार्रवाई को लेकर सवाल उठने लगे हैं।1
- Post by Manish Panndey1
- सिंगरौली। जिले के एक पावर प्लांट में मजदूर की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत के बाद शनिवार को हालात तनावपूर्ण हो गए। घटना की खबर फैलते ही बड़ी संख्या में मजदूर मौके पर इकट्ठा हो गए और प्रबंधन के खिलाफ जमकर आक्रोश जताने लगे। बताया जा रहा है कि मजदूर की मौत के बाद गुस्साए श्रमिकों ने हंगामा शुरू कर दिया। देखते ही देखते स्थिति बिगड़ गई और आक्रोशित भीड़ ने मौके पर पहुंची पुलिस की गाड़ियों में भी तोड़फोड़ कर दी। हालात काबू में करने के लिए पुलिस बल को अतिरिक्त फोर्स बुलानी पड़ी। मजदूरों का आरोप है कि प्लांट में सुरक्षा व्यवस्था और काम करने की परिस्थितियां ठीक नहीं हैं, जिसके कारण यह दर्दनाक हादसा हुआ। वहीं घटना के बाद पूरे इलाके में तनाव का माहौल बना हुआ है। पुलिस ने स्थिति को नियंत्रित करने की कोशिश शुरू कर दी है और मामले की जांच की जा रही है। प्रशासन का कहना है कि मजदूर की मौत के कारणों की जांच कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।1
- मनेन्द्रगढ़ में 'रसूख' का बोल बाला : वकील और नेताओं ने मिलकर की बेरहमी से पिटाई, क्या बार काउंसिल रद्द करेगा लाइसेंस? मनेन्द्रगढ़ (MCB): जिला मुख्यालय में कानून और व्यवस्था को ठेंगा दिखाते हुए एक रसूखदार गुट द्वारा सरेआम 'मॉब लिंचिंग' जैसी घटना को अंजाम देने का मामला गरमा गया है। सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे वीडियो में स्पष्ट देखा जा सकता है कि किस तरह वकील राजकुमार गुप्ता और आनंद अग्रवाल अपने साथियों—शासकीय कर्मचारी विवेक गुप्ता, दुकान संचालक अक्षत सोनी और भाजपा नेता अर्जुन सोनी उर्फ पोकन के साथ मिलकर एक व्यक्ति की बेरहमी से पिटाई कर रहे हैं। कानून के रखवाले बने भक्षक? सबसे बड़ा सवाल उन वकीलों पर खड़ा हो रहा है जिनका काम अदालत में न्याय दिलाना है, लेकिन वे स्वयं सड़क पर हिंसा करते नज़र आ रहे हैं। इस कृत्य ने जिला अधिवक्ता संघ और बार काउंसिल की छवि को धूमिल किया है। बार काउंसिल की संभावित कार्रवाई: कानूनी विशेषज्ञों के अनुसार, 'द एडवोकेट्स एक्ट, 1961' के तहत बार काउंसिल ऑफ इंडिया (BCI) और स्टेट बार काउंसिल ऐसे मामलों में कड़ी कार्रवाई कर सकते हैं: कदाचार (Professional Misconduct): यदि कोई वकील आपराधिक गतिविधि में लिप्त पाया जाता है, तो बार काउंसिल उसे नोटिस जारी कर जवाब तलब करती है। लाइसेंस निलंबन: दोषी पाए जाने पर वकील का 'सनद' (Practice License) अस्थायी या स्थायी रूप से रद्द किया जा सकता है। अनुशासनात्मक कार्रवाई: बार काउंसिल स्वत: संज्ञान (Suo Motu) लेकर मामले की जांच के लिए एक कमेटी गठित कर सकती है। प्रशासन की चुप्पी पर सवाल: इतने स्पष्ट साक्ष्य (वीडियो) होने के बावजूद अब तक FIR न होना प्रशासन की निष्पक्षता पर प्रश्नचिह्न लगाता है। क्या सत्ता और रसूख के दबाव में पुलिस अपने हाथ बांधे खड़ी है?1
- कोबरा सांप को सफलता पूर्वक रेस्यू किया1