कवर्धा और बोड़ला जनपद सीईओ को कारण बताओ नोटिस, जिला पंचायत CEO अनुपस्थित रहने पर की गई कार्रवाई जिला पंचायत सीईओ ने कवर्धा और बोड़ला जनपद सीईओ को कारण बताओ नोटिस जारी किया है.ये कार्रवाई बिना सूचना अनुपस्थित रहने पर हुई है. कवर्धा। कबीरधाम जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी अभिषेक अग्रवाल ने कर्तव्य में लापरवाही बरतने पर कड़ा रुख अपनाते हुए जनपद पंचायत कवर्धा एवं जनपद पंचायत बोड़ला के मुख्य कार्यपालन अधिकारियों को कारण बताओ नोटिस जारी किया है. ये कार्रवाई उनके बिना पूर्व सूचना एवं सक्षम अधिकारी की अनुमति के बिना मुख्यालय से अनुपस्थित रहने के मामले में की गई है. कारण बताओ नोटिस में क्या ? जारी नोटिस में उल्लेख किया गया है कि 14 अप्रैल को जिले की सभी ग्राम पंचायतों में ग्राम सभाओं के आयोजन के लिए पूर्व में ही निर्देश जारी किए गए थे. ऐसे महत्वपूर्ण प्रशासनिक कार्यक्रम के दौरान संबंधित अधिकारियों का मुख्यालय से अनुपस्थित रहना उनके पदीय दायित्वों के निर्वहन में गंभीर लापरवाही और कदाचार की श्रेणी में आता है. यह कृत्य छत्तीसगढ़ सिविल सेवा (वर्गीकरण, नियंत्रण एवं अपील) नियम 1966 छत्तीसगढ़ सिविल सेवा (आचरण) नियम 1965 के प्रावधानों के विपरीत पाया गया है. अनुशासनात्मक कार्रवाई की चेतावनी जिला पंचायत सीईओ ने दोनों अधिकारियों को निर्देशित किया गया है कि वे व्यक्तिगत रूप से उपस्थित होकर निर्धारित समयावधि में अपने कृत्य के संबंध में स्पष्ट एवं संतोषजनक जवाब प्रस्तुत करें. नोटिस में यह भी स्पष्ट किया गया है कि यदि समय सीमा के भीतर जवाब प्रस्तुत नहीं किया जाता है या प्रस्तुत जवाब संतोषजनक नहीं पाया जाता है, तो उनके विरुद्ध नियमानुसार अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी. इस कार्रवाई को प्रशासनिक अनुशासन बनाए रखने और कार्यों के प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है.
कवर्धा और बोड़ला जनपद सीईओ को कारण बताओ नोटिस, जिला पंचायत CEO अनुपस्थित रहने पर की गई कार्रवाई जिला पंचायत सीईओ ने कवर्धा और बोड़ला जनपद सीईओ को कारण बताओ नोटिस जारी किया है.ये कार्रवाई बिना सूचना अनुपस्थित रहने पर हुई है. कवर्धा। कबीरधाम जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी अभिषेक अग्रवाल ने कर्तव्य में लापरवाही बरतने पर कड़ा रुख अपनाते हुए जनपद पंचायत कवर्धा एवं जनपद पंचायत बोड़ला के मुख्य कार्यपालन अधिकारियों को कारण बताओ नोटिस जारी किया है. ये कार्रवाई उनके बिना पूर्व सूचना एवं सक्षम अधिकारी की अनुमति के बिना मुख्यालय से अनुपस्थित रहने के मामले में की गई है. कारण बताओ नोटिस में क्या ? जारी नोटिस में उल्लेख किया गया है कि 14 अप्रैल को जिले की सभी ग्राम पंचायतों में ग्राम सभाओं के आयोजन के लिए पूर्व में ही निर्देश जारी किए गए थे. ऐसे महत्वपूर्ण प्रशासनिक कार्यक्रम के दौरान संबंधित अधिकारियों का मुख्यालय से अनुपस्थित रहना उनके पदीय दायित्वों के निर्वहन में गंभीर लापरवाही और कदाचार की श्रेणी में आता है. यह कृत्य छत्तीसगढ़ सिविल सेवा (वर्गीकरण, नियंत्रण एवं अपील) नियम 1966 छत्तीसगढ़ सिविल सेवा (आचरण) नियम 1965 के प्रावधानों के विपरीत पाया गया है. अनुशासनात्मक कार्रवाई की चेतावनी जिला पंचायत सीईओ ने दोनों अधिकारियों को निर्देशित किया गया है कि वे व्यक्तिगत रूप से उपस्थित होकर निर्धारित समयावधि में अपने कृत्य के संबंध में स्पष्ट एवं संतोषजनक जवाब प्रस्तुत करें. नोटिस में यह भी स्पष्ट किया गया है कि यदि समय सीमा के भीतर जवाब प्रस्तुत नहीं किया जाता है या प्रस्तुत जवाब संतोषजनक नहीं पाया जाता है, तो उनके विरुद्ध नियमानुसार अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी. इस कार्रवाई को प्रशासनिक अनुशासन बनाए रखने और कार्यों के प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है.
- जिला कबीरधाम | दिनांक – 20.04.2026 कबीरधाम पुलिस की अपराध समीक्षा बैठक में अपराधियों के खिलाफ जीरो टॉलरेंस नीति पर सख्ती से अमल करने के निर्देश दिए गए। पुलिस अधीक्षक धर्मेन्द्र सिंह ने लंबित मामलों के शीघ्र निराकरण, फरार आरोपियों की गिरफ्तारी और अवैध गतिविधियों—शराब, नशा, जुआ-सट्टा व ऑनलाइन सट्टेबाजी—पर लगातार कार्रवाई के निर्देश दिए। सभी थाना प्रभारियों को पेट्रोलिंग बढ़ाने, रात्रि गश्त, फ्लैग मार्च और पब्लिक विजिबल पुलिसिंग मजबूत कर आमजन में सुरक्षा का विश्वास बढ़ाने तथा अपराधियों में कानून का भय स्थापित करने के निर्देश दिए गए।1
- बेमेतरा में सरकारी शराब दुकानों की मनमानी : नियमों को ताक पर रखकर हो रही थोक बिक्री, वीडियो वायरल थैले में शराब भरकर ले जाते हुए कुछ लोग बेमेतरा जिले में सहकारी शराब दुकानों से नियमों को दरकिनार कर थोक में शराब बेचे जाने का मामला सामने आया है। शराब कोचियों को बड़े बैग में सप्लाई का वीडियो वायरल। बेमेतरा। छत्तीसगढ़ के बेमेतरा जिले में संचालित सहकारी शराब दुकानों में नियमों की खुली अनदेखी का मामला सामने आया है। सरकारी नियमों के बावजूद यहां खुलेआम बड़े पैमाने पर शराब की बिक्री की जा रही है, जिससे अवैध शराब कारोबार को बढ़ावा मिलने की आशंका जताई जा रही है। बड़े-बड़े थैलों और बैग में भरकर दी जा रही शराब मिली जानकारी के अनुसार, जिले की कई सरकारी शराब दुकानों से शराब कोचियों को भारी मात्रा में शराब आसानी से उपलब्ध कराई जा रही है। बताया जा रहा है कि, दुकानों से शराब की बोतलें बड़े-बड़े थैलों और बैग में भरकर दी जा रही हैं, जो सीधे तौर पर नियमों का उल्लंघन है। बेमेतरा जिले में सहकारी शराब दुकानों से नियमों को दरकिनार कर थोक में शराब बेचे जाने का मामला सामने आया है। शराब कोचियों को बड़े बैग में सप्लाई का वीडियो वायरल।1
- छुईखदान के डोकराभाठा में साइबर सुरक्षा व बाल विवाह जागरूकता शिविर आयोजित, 21 अप्रैल मंगलवार को दोपहर 12 बजे मिली जानकारी अनुसार ग्राम पंचायत डोकराभाठा में साइबर सुरक्षा जागरूकता शिविर आयोजित किया गया, जिसमें ग्रामीणों को साइबर फ्रॉड से बचाव, फर्जी लॉटरी-इनाम से सतर्क रहने और हेल्पलाइन 1930 की जानकारी दी गई। कार्यक्रम जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के मार्गदर्शन में आयोजित हुआ, जहां पीएलव्ही सनील कुमार ने निशुल्क विधिक सहायता, बाल विवाह, घरेलू हिंसा, नशा मुक्ति और साइबर अपराध के बारे में जागरूक किया। साथ ही नालसा की योजनाओं की जानकारी देते हुए 9 मई को होने वाली नेशनल लोक अदालत में आपसी समझौते से मामलों के त्वरित निराकरण की अपील की गई1
- तिल्दा नेवरा (रायपुर ग्रामीण): आईपीएल मैच के दौरान ऑनलाइन सट्टा खेलने वाले दो आरोपियों को तिल्दा नेवरा पुलिस ने गिरफ्तार किया है। दोनों आरोपी मोबाइल के माध्यम से ऑनलाइन गेमिंग ऐप पर सट्टा लगा रहे थे। पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, 18 अप्रैल 2026 को मुखबिर से सूचना प्राप्त हुई कि वार्ड क्रमांक 05 सिंधी कैंप निवासी सोनू उर्फ हरीश नासानी अपने घर में ऑनलाइन सट्टा खेल रहा है। सूचना मिलते ही थाना प्रभारी निरीक्षक रमाकांत तिवारी के नेतृत्व में पुलिस टीम ने मौके पर दबिश दी और आरोपी को रंगे हाथ पकड़ लिया। उसके पास से एक मोबाइल फोन जब्त किया गया। इसी दौरान पुलिस को एक अन्य सूचना मिली कि विशाल बाजार के पीछे गली में एक युवक स्कूटी पर बैठकर मोबाइल से सट्टा खेल रहा है। पुलिस टीम ने तत्काल कार्रवाई करते हुए आरोपी अनीश बजाज को गिरफ्तार किया। उसके पास से मोबाइल फोन और स्कूटी जब्त की गई। जप्त सामग्री: 2 मोबाइल फोन (कीमत लगभग 25,000 रुपये) स्कूटी (कीमत लगभग 35,000 रुपये) नगदी 40,166 रुपये ➡️ कुल जब्ती लगभग 1,00,166 रुपये पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ छत्तीसगढ़ जुआ प्रतिषेध अधिनियम 2022 की धारा 7 के तहत अलग-अलग प्रकरण दर्ज कर वैधानिक कार्रवाई की है। गिरफ्तार आरोपियों को न्यायालय में पेश कर जेल भेज दिया गया है। वहीं जब्त मोबाइल फोन का तकनीकी विश्लेषण किया जा रहा है और अन्य संदिग्धों की तलाश जारी है। आरोपी: सोनू उर्फ हरीश नासानी (33 वर्ष), सिंधी कैंप तिल्दा अनीश बजाज (25 वर्ष), सिंधी कैंप तिल्दा4
- चकरभाठा में कृष्णा सोसाइटी के पास नाली में फसी गाय का छतौना के गौ सेवा धाम ने किया रेस्क्यू सोमवार की रात 10:00 बजे गौ सेवा धाम छतौना के सेवक प्रहलाद यादव जी से मिली जानकारी के अनुसार सोमवार की रात 9:28 पर गौ सेवा धाम छतौना को एक कालर से फोन से सूचना प्राप्त हुई की चकरभाठा में कृष्णा सोसाइटी के पास रूपचंद ज्वेलर्स के सामने नाली में एक गाय फस गई है जो निकल नहीं पा रही सूचना मिलते ही गौ सेवा धाम छतौना की टीम घटना स्थल पहुंची जहां जाकर गाय का रेस्क्यू कर नाली से बाहर निकाल गया एवं प्राथमिक उपचार किया गया है अब गाय की हालत सामान्य है1
- दुर्ग में राष्ट्रीय खेल खतरे में,क्या दुर्ग विधायक मंत्री गजेंद्र यादव राष्ट्रीय खेल के खिलाड़ियों को इंसाफ दिला पाएंगे।1
- इंस्टाग्राम पोस्ट पड़ा भारी, डाक्टर अंबेडकर पर टिप्पणी करने वाली युवती गिरफ्तार1
- डोमसरा में मासिक बैठक सम्पन्न, जैविक खेती और जल संरक्षण पर किसानों को किया गया जागरूक पंडरिया (कबीरधाम)। अक्षय तृतीया के पावन अवसर पर ग्राम पंचायत डोमसरा में कबीर किसान समूह द्वारा विशेष कार्यक्रम एवं मासिक बैठक का आयोजन किया गया। छत्तीसगढ़ एग्रिकान समिति के सहयोग से आयोजित इस कार्यक्रम में किसानों को सतत कृषि पद्धतियों, प्राकृतिक संसाधन प्रबंधन और बदलती कृषि परिस्थितियों के अनुरूप खेती अपनाने के लिए प्रेरित किया गया। कार्यक्रम की शुरुआत बेल वृक्ष की पूजा-अर्चना और वृक्षारोपण से हुई, जहां किसानों ने प्रकृति संरक्षण का संकल्प लिया। इस मौके पर समलिया साहू ने कहा कि अक्षय तृतीया खेती की नई शुरुआत का प्रतीक है और यह दिन समृद्धि एवं शुभ कार्यों के लिए विशेष महत्व रखता है। बैठक में रासायनिक खाद की संभावित कमी को देखते हुए किसानों को जैविक खेती अपनाने की सलाह दी गई। हरी खाद (सनई), ट्राइकोडर्मा, स्यूडोमोनास, राइजोबियम और पीएसबी जैसे बायो-इनपुट्स के उपयोग के साथ-साथ नीमास्त्र, जीवामृत और पंचपर्णी जैसे घरेलू जैविक घोलों की जानकारी दी गई। विशेषज्ञों ने बताया कि इन उपायों से खेती की लागत घटेगी और मिट्टी की उर्वरता बढ़ेगी।1