बगोदर स्थित गायत्री चेतना केंद्र में गायत्री जयंती, गंगा दशहरा और युगऋषि पं. श्रीराम शर्मा आचार्य के महाप्रयाण दिवस के अवसर पर एक विशेष कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस दौरान केंद्र में हवन-यज्ञ और पूजन कार्यक्रम हुए, जिसमें बड़ी संख्या में गायत्री परिजनों ने श्रद्धापूर्वक भाग लिया। हवन-यज्ञ का संचालन केशव जी ने किया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के तौर पर मुखिया प्रतिनिधि लक्ष्मण महतो और पूर्व जिला परिषद सदस्य मनोज पांडे शामिल हुए। इस अवसर पर लक्ष्मण महतो ने गायत्री चेतना केंद्र को सोलर सिस्टम से युक्त एक जलमीनार भेंट की। वहीं, मनोज पांडे ने पं. श्रीराम शर्मा आचार्य द्वारा रचित 32 खंडों के वाङ्मय ग्रंथ केंद्र को प्रदान किए। गायत्री परिवार ने दोनों अतिथियों को गायत्री मंत्र चादर ओढ़ाकर सम्मानित किया। कार्यक्रम में जिला महिला समन्वयक पुष्पा शक्ति, प्रखंड समन्वयक संजय चौरसिया, उप समन्वयक योगेश्वर साव, अशोक चौरसिया सहित अन्य वक्ताओं ने गायत्री जयंती, गंगा दशहरा और आचार्य श्रीराम शर्मा के जीवन-दर्शन पर प्रकाश डाला। उन्होंने आचार्य के विचारों को जन-जन तक पहुंचाने का आह्वान किया, साथ ही महिला सशक्तिकरण और सप्तसूत्रीय आंदोलन को आगे बढ़ाने का संकल्प लिया गया। इस पूरे आयोजन में बड़ी संख्या में श्रद्धालु और गायत्री परिवार के सदस्य उपस्थित रहे।
बगोदर स्थित गायत्री चेतना केंद्र में गायत्री जयंती, गंगा दशहरा और युगऋषि पं. श्रीराम शर्मा आचार्य के महाप्रयाण दिवस के अवसर पर एक विशेष कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस दौरान केंद्र में हवन-यज्ञ और पूजन कार्यक्रम हुए, जिसमें बड़ी संख्या में गायत्री परिजनों ने श्रद्धापूर्वक भाग लिया। हवन-यज्ञ का संचालन केशव जी ने किया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के तौर पर मुखिया प्रतिनिधि लक्ष्मण महतो और पूर्व जिला परिषद सदस्य मनोज पांडे शामिल हुए। इस अवसर पर लक्ष्मण महतो ने गायत्री चेतना केंद्र को सोलर सिस्टम से युक्त एक जलमीनार भेंट की। वहीं, मनोज पांडे ने पं. श्रीराम शर्मा आचार्य द्वारा रचित 32 खंडों के वाङ्मय ग्रंथ केंद्र को प्रदान किए। गायत्री परिवार ने दोनों अतिथियों को गायत्री मंत्र चादर ओढ़ाकर सम्मानित किया। कार्यक्रम में जिला महिला समन्वयक पुष्पा शक्ति, प्रखंड समन्वयक संजय चौरसिया, उप समन्वयक योगेश्वर साव, अशोक चौरसिया सहित अन्य वक्ताओं ने गायत्री जयंती, गंगा दशहरा और आचार्य श्रीराम शर्मा के जीवन-दर्शन पर प्रकाश डाला। उन्होंने आचार्य के विचारों को जन-जन तक पहुंचाने का आह्वान किया, साथ ही महिला सशक्तिकरण और सप्तसूत्रीय आंदोलन को आगे बढ़ाने का संकल्प लिया गया। इस पूरे आयोजन में बड़ी संख्या में श्रद्धालु और गायत्री परिवार के सदस्य उपस्थित रहे।
- हजारीबाग शहर की जर्जर सड़कों की मरम्मत को लेकर एक बार फिर गंभीर सवाल उठे हैं। एनएच-522 के जिला मोड़ से इंद्रपुरी चौक जाने वाले मार्ग और आनंदा चौक से पानी टंकी रोड तक बने गहरे गड्ढों को भरने का काम जारी है, लेकिन इस कार्य में इस्तेमाल की जा रही सामग्री को लेकर स्थानीय लोगों ने गहरी चिंता व्यक्त की है। मौके पर मौजूद लोगों के अनुसार, गड्ढों में सड़क निर्माण के लिए आवश्यक मानक सामग्री के बजाय निर्माण कार्यों से निकला मलबा, टूटी ईंटें, सीमेंट के टुकड़े और अन्य वेस्ट मटेरियल डाला जा रहा है। जब कार्य में लगे एक वाहन चालक से इस बारे में पूछा गया तो उसने बताया कि यह काम हजारीबाग नगर निगम के निर्देशों पर किया जा रहा है। स्थानीय लोगों का तर्क है कि बरसात के मौसम में इस तरह की अस्थायी भराई ज्यादा समय तक टिकने वाली नहीं है और कुछ ही दिनों में सड़कें फिर से गड्ढों में तब्दील हो सकती हैं। शहरवासी नगर निगम और जनप्रतिनिधियों से इस मामले में स्पष्ट जवाब की मांग कर रहे हैं। उनका सवाल है कि जब सड़क मरम्मत के लिए बजट और संसाधन उपलब्ध हैं, तो फिर गड्ढों की भराई में मलबे का इस्तेमाल क्यों किया जा रहा है। अब सभी की निगाहें नगर निगम के आधिकारिक स्पष्टीकरण पर टिकी हुई हैं।1
- झरिया के चिल्ड्रन पार्क मोड़ स्थित राम जानकी मंदिर में सुबह एक अजीबोगरीब घटना सामने आई, जहाँ एक युवक ने संकट मोचन भगवान बजरंगबली की गदा चुरा ली। चोरी की यह पूरी वारदात मंदिर में लगे सीसीटीवी कैमरे में रिकॉर्ड हो गई। मामले को गंभीरता से लेते हुए, मंदिर के पुजारी ने झरिया थाना में लिखित शिकायत दर्ज कराई और पुलिस को सीसीटीवी फुटेज भी उपलब्ध कराया। पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए आरोपी युवक को पकड़ लिया है और उससे पूछताछ कर रही है। हालांकि, चोरी के बाद लोगों द्वारा शोर मचाने पर युवक मंदिर से कुछ दूरी पर ही गदा को फेंक कर भाग गया था। फिलहाल, युवक की मंशा क्या थी, यह एक सवाल बना हुआ है।1
- झारखंड के धनबाद जिले में स्थित खानुडीह फाटक पर विकास कार्य पूरी तरह से रुक गया है, जिसके चलते स्थानीय निवासियों में भारी जनाक्रोश देखने को मिल रहा है। क्षेत्र के लोग विकास की इस थम चुकी गति से बेहद नाराज हैं, और उनकी यह नाराजगी अब खुलकर सामने आ गई है। यह जनविरोध मुख्य रूप से प्रस्तावित ओवरब्रिज के निर्माण में हो रही देरी और उस पर पूरी तरह से काम रुक जाने के कारण है। लंबे समय से ओवरब्रिज के लिए की जा रही मांग के बावजूद, इस महत्वपूर्ण परियोजना पर कोई प्रगति नहीं हुई है, जिससे पूरे क्षेत्र का विकास अवरुद्ध हो गया है। खानुडीह फाटक पर ओवरब्रिज के रुके काम ने लोगों के गुस्से को और बढ़ा दिया है। जनता की यह उबलती हुई भावना दर्शाती है कि वे जल्द से जल्द ओवरब्रिज का निर्माण चाहते हैं ताकि क्षेत्र में विकास फिर से पटरी पर आ सके और उन्हें असुविधा से मुक्ति मिल सके।1
- राष्ट्रीय सुंडी समाज, झारखंड प्रदेश के प्रदेश अध्यक्ष पद पर अशोक कुमार मंडल को मनोनीत किया गया है। इस महत्वपूर्ण नियुक्ति पर उन्हें हार्दिक बधाई दी गई है और उनके उज्ज्वल कार्यकाल के लिए शुभकामनाएँ व्यक्त की गई हैं।1
- KCNTVINDIA की एक एक्सक्लूसिव रिपोर्ट के अनुसार, धनबाद में प्रतिदिन करोड़ों रुपये का कोयले का 'काला कारोबार' धड़ल्ले से चल रहा है। यह 'काला खेल' जमीन के नीचे से ऊपर तक फैला हुआ है।1
- मोहर्रम की आठवीं तारीख पर रतवे में अकीदत का एक रूहानी जलसा सजाया गया। इस अवसर पर कर्बला के शहीदों की याद में 'या हुसैन' के नारे गूंजे, जहाँ अमन और इंसानियत का पैगाम दिया गया।1
- मुहर्रम पर्व को शांतिपूर्ण, सुरक्षित और सौहार्दपूर्ण तरीके से आयोजित करने के उद्देश्य से हजारीबाग जिला प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड पर है। मंगलवार को समाहरणालय सभागार में उपायुक्त हेमंत सती की अध्यक्षता में जिला स्तरीय शांति समिति और विधि-व्यवस्था की एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक हुई, जिसमें पुलिस अधीक्षक अमन कुमार भी मौजूद रहे। उपायुक्त ने इस दौरान सभी समुदायों से आपसी एकता, भाईचारे और सामाजिक सद्भाव के साथ पर्व मनाने की अपील की और जिला प्रशासन द्वारा जारी गाइडलाइंस का अक्षरशः पालन करने तथा अनुशासन व आत्मसंयम बनाए रखने का आग्रह किया। उन्होंने स्पष्ट किया कि शांति व्यवस्था कायम रखना सामूहिक जिम्मेदारी है और इसमें आम जनता पुलिस व प्रशासनिक तंत्र का पूरा सहयोग करे। बैठक में उपायुक्त ने कटकमसांडी के छड़वा डैम में आयोजित होने वाले ऐतिहासिक मेले सहित जिले के सभी संवेदनशील स्थलों पर पुख्ता सुरक्षा और मजिस्ट्रेट की तैनाती के निर्देश दिए। उन्होंने ड्यूटी पर तैनात सभी दंडाधिकारियों और पुलिस पदाधिकारियों को सतर्कता बरतने और जिला नियंत्रण कक्ष के साथ लगातार संपर्क में रहने को कहा। त्योहार के दौरान हुड़दंग मचाने और सांप्रदायिक सौहार्द बिगाड़ने की कोशिश करने वाले असामाजिक तत्वों से निपटने के लिए जिला स्तर पर एक विशेष सोशल मीडिया मॉनिटरिंग सेल के गठन का निर्देश भी दिया गया है। उपायुक्त ने चेतावनी दी कि फेसबुक, व्हाट्सएप, इंस्टाग्राम जैसे प्लेटफॉर्म पर किसी भी तरह की आपत्तिजनक पोस्ट, वीडियो, शॉर्ट्स या भ्रामक फोटो साझा करने वालों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) और सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम की संबंधित धाराओं के तहत कठोर कानूनी कार्रवाई की जाएगी। साथ ही त्योहार के दौरान प्री-रिकॉर्डेड भड़काऊ गीतों और डीजे के इस्तेमाल पर पूरी तरह प्रतिबंध रहेगा। पुलिस अधीक्षक अमन कुमार ने आम नागरिकों से किसी भी तरह की भ्रामक और आपत्तिजनक सामग्री को सोशल मीडिया पर पोस्ट या फॉरवर्ड न करने की अपील की। उन्होंने बताया कि इंटरनेट पर पैनी नजर रखने के लिए जिले के साइबर थाना को पूरी तरह सक्रिय कर दिया गया है। एसपी ने सभी अखाड़ाधारियों और कमेटियों से निर्धारित रूट और तय समय सीमा के भीतर ही जुलूस निकालने का आग्रह किया। उन्होंने मातहत पुलिस अफसरों को संबंधित अंचल अधिकारियों (CO) के साथ मिलकर जुलूस मार्गों का भौतिक सत्यापन करने के भी निर्देश दिए। पीसीआर वाहनों को जीवन रक्षक और सुरक्षा उपकरणों से लैस रखने तथा किसी भी आपात स्थिति में क्विक रिस्पांस टीम (QRT) को त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करने का आदेश दिया गया है। पुलिस ने यह भी स्पष्ट किया कि क्षेत्र में अशांति फैलाने की कोशिश करने वाले संदिग्धों को चिन्हित कर उनके खिलाफ बीएनएस की धारा 107 और 126 के तहत निरोधात्मक कार्रवाई की जा रही है। प्रशासनिक स्तर पर नागरिक सुविधाओं को दुरुस्त करने के लिए भी कड़े निर्देश जारी किए गए। उपायुक्त और एसपी ने शांति समिति सदस्यों द्वारा उठाए गए जुलूस मार्गों की समस्याओं को गंभीरता से सुना। विद्युत विभाग को सभी जुलूस मार्गों से गुजरने वाले झूलते और जर्जर बिजली तारों को तत्काल ठीक करने का निर्देश दिया गया है। नगर निगम और पेयजल स्वच्छता प्रमंडल को सभी रूटों पर टैंकरों के जरिए स्वच्छ पानी की व्यवस्था करने को कहा गया है। स्वास्थ्य सुविधाओं के लिए सिविल सर्जन को प्रमुख और संवेदनशील जगहों पर डॉक्टरों की टीम, आवश्यक दवाओं और एम्बुलेंस के साथ मेडिकल कैंप स्थापित करने का निर्देश मिला है। आम जनता की सहूलियत के लिए आपातकालीन हेल्पलाइन नंबर भी जारी किए गए हैं: जिला नियंत्रण कक्ष के लिए 8002529348 या 8002529349, और सोशल मीडिया पर आपत्तिजनक पोस्ट की शिकायत के लिए साइबर सेल का हेल्पलाइन नंबर 9430165939। बैठक में सदर एसडीओ आदित्य पांडेय, बड़कागांव एसडीपीओ अमित आनंद, बरही एसडीओ जोहन टुडू सहित अन्य पुलिस एवं प्रशासनिक अधिकारी तथा शांति समिति के सदस्य मौजूद थे।1
- हजारीबाग के सदर प्रखंड स्थित कोर्रा चौक क्षेत्र में बुधवार को प्रशासन ने एक बड़ी कार्रवाई की, जहाँ ऑर्चर्ड लीज की जमीन पर विकसित की जा रही कथित अवैध कॉलोनी के खिलाफ बुलडोजर चलाकर कई निर्माणाधीन भवनों को ध्वस्त कर दिया गया। इस कार्रवाई से केवल ईंट-पत्थर की दीवारें ही नहीं गिरीं, बल्कि दर्जनों परिवारों के सपनों के आशियाने भी मलबे में तब्दील हो गए। जूनियर डीएवी स्कूल के समीप लगभग 2 एकड़ 2 डिसमिल ऑर्चर्ड लीज भूमि पर आवासीय निर्माण किए जा रहे थे, जबकि नियमों के अनुसार ऐसी जमीन का उपयोग केवल बागवानी और हरित विकास के लिए ही किया जा सकता है। शिकायतों के बाद प्रशासन ने जांच कर इन निर्माणों को नियमों के विरुद्ध पाया, जिसके बाद यह बुलडोजर कार्रवाई की गई। हालांकि, कार्रवाई के बाद सबसे अधिक चर्चा उन लोगों की हो रही है जिन्होंने अपनी जीवनभर की जमा-पूंजी लगाकर यहाँ जमीन खरीदी और मकान बनाए, क्योंकि स्थानीय लोगों का कहना है कि अधिकांश खरीदारों को यह जानकारी ही नहीं थी कि जमीन ऑर्चर्ड लीज की है और उस पर आवासीय निर्माण कानूनी रूप से मान्य नहीं है। अब इस मामले में कई गंभीर सवाल उठ रहे हैं: यदि यह निर्माण अवैध था, तो वर्षों तक यह सब चलता कैसे रहा? प्लॉटों की बिक्री कैसे हुई? क्या संबंधित लीजधारक अभिजीत लहरी की भूमिका की जांच की जाएगी? और क्या इतने बड़े पैमाने पर निर्माण कार्य के दौरान प्रशासनिक स्तर पर किसी लापरवाही या मिलीभगत की भी पड़ताल होगी? इन सवालों के जवाब फिलहाल लोगों को नहीं मिले हैं, हालांकि प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि नियमों के उल्लंघन पर कार्रवाई जारी रहेगी। मलबे के बीच खड़े परिवारों के लिए यह मामला केवल अवैध निर्माण का नहीं, बल्कि उनकी जीवनभर की कमाई और भविष्य की सुरक्षा से जुड़ा है। लोग अब इस बात पर नजर रखे हुए हैं कि क्या जांच की आंच केवल ध्वस्त किए गए मकानों तक सीमित रहेगी या फिर उन लोगों तक भी पहुंचेगी जिन्होंने इस पूरी व्यवस्था को संभव बनाया, और यही इस कार्रवाई की असली परीक्षा होगी।2
- ग्रिजली कॉलेज ऑफ एजुकेशन में भारत सरकार के "नशा मुक्त भारत अभियान" के अंतर्गत एक महत्वपूर्ण नशा मुक्ति जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। राष्ट्रीय सेवा योजना इकाई के तत्वावधान में हुए इस कार्यक्रम में बी.एड. सत्र 2025-27 के प्रशिक्षु मनोरंजन पाण्डेय ने महाविद्यालय के सभी सदस्यों और प्रशिक्षुओं को नशा मुक्ति हेतु शपथ दिलाई, जबकि प्रशिक्षु समीना परवीन ने अपने विचार साझा किए। इस अवसर पर महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. मोहित कुमार तिवारी ने अपने संबोधन में राष्ट्र को नशा मुक्त बनाने और युवा वर्ग को नशीले पदार्थों के सेवन से मुक्त करने के संकल्प पर जोर दिया, ताकि भारतवर्ष विकसित भारत बन सके। राष्ट्रीय सेवा योजना के जिला नोडल पदाधिकारी सौरभ शर्मा ने भी प्रशिक्षुओं को नशा मुक्ति के लिए जागरूक किया और भारत सरकार द्वारा संचालित विभिन्न क्रियाकलापों से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारी प्रदान की। कार्यक्रम में बी.एड. सत्र 2024-26 और 2025-27 के सभी प्रशिक्षु, डी.एल.एड. विभागाध्यक्ष मनीष कुमार सिंह, आई.क्यू.ए.सी. समन्वयक मनीष कुमार सिन्हा, डी.एल.एड. समन्वयक खुशबू कुमारी सिन्हा, सहायक प्राध्यापक डॉ. पूजा कुमारी, डॉ. रामकृष्ण प्रसाद सहित अन्य शिक्षक व शिक्षकेतर कर्मचारी उपस्थित रहे। प्रशिक्षु अंकित चंद्रा ने मंच संचालन किया और प्रशिक्षु लवजीत कुमार विश्वकर्मा ने धन्यवाद ज्ञापन दिया।1