जिला ब्यूरो रिपोर्टर राजेश बबेले बीना पुलिस ने अंधे कत्ल का किया खुलासा, सगा भाई निकला हत्या का आरोपी लोकेशन बीना रिपोर्टर राजेश बबेले बीना पुलिस ने अंधे कत्ल का किया खुलासा, सगा भाई निकला हत्या का आरोपी शराब पीने के विवाद में बड़े भाई की मारपीट से हुई थी मौत, घटना छिपाने के लिए आरोपी ने रची थी झूठी कहानी *राजेश बबेले* **बीना।** बीना पुलिस ने आचवल वार्ड में हुए अंधे कत्ल का खुलासा करते हुए मृतक के छोटे भाई को हत्या के आरोप में गिरफ्तार किया है। थाना प्रभारी अनूप यादव ने प्रेस वार्ता में बताया कि शराब पीने को लेकर हुए घरेलू विवाद में आरोपी ने बड़े भाई के साथ मारपीट की थी, जिससे उसकी मौत हो गई। घटना छिपाने के लिए आरोपी ने पुलिस को सूचना देने के बजाय मनगढ़ंत कहानी बनाकर स्वयं गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। *ऐसे सामने आया मामला* पुलिस के अनुसार, 24 अक्टूबर 2026 को पंकज अहिरवार (30), निवासी आचवल वार्ड, बीना ने थाने पहुंचकर रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि उसका बड़ा भाई नीरज अहिरवार 23 अक्टूबर की रात करीब 11 बजे घर से चला गया था और वापस नहीं लौटा। रात करीब 2:30 बजे मां के बताने पर उसने भाई की तलाश की। नीरज हरी मेडिकल के नीचे सड़क पर बैठा मिला। उसके शरीर पर चोटों के निशान थे। *पूछताछ में खुला हत्या का राज* परिजनों के अनुसार, नीरज को घर लाने के बाद उसकी हालत बिगड़ गई। वह न तो ठीक से बोल पा रहा था और न ही हिल-डुल रहा था। उसकी सांसें भी बंद थीं। नीरज को चोटें कैसे आईं, इस संबंध में परिजन स्पष्ट जानकारी नहीं दे सके। शिकायत के आधार पर पुलिस ने मर्ग कायम कर जांच शुरू की। *शराब पीने और घरेलू विवाद में हुई मारपीट* मर्ग जांच के दौरान पुलिस ने घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण किया। डॉग स्क्वॉड की मदद ली गई और एफएसएल सागर से प्राप्त दिशा-निर्देशों के अनुसार आवश्यक कार्रवाई की गई। घटनास्थल से जरूरी साक्ष्य जुटाकर संबंधित लोगों के बयान दर्ज किए गए। जांच में सामने आया कि मृतक नीरज अहिरवार शराब पीने का आदी था और घर पर पैसे नहीं देने को लेकर विवाद होता था। इसी बात पर पंकज अहिरवार का अपने बड़े भाई से विवाद हुआ था। आरोपी ने गुस्से में नीरज के साथ मारपीट की, जिससे उसे गंभीर चोटें आईं और उसकी मौत हो गई। *घटना छिपाने के लिए दर्ज कराई झूठी रिपोर्ट* पुलिस के मुताबिक, वारदात के बाद आरोपी ने घटना छिपाने के उद्देश्य से तत्काल पुलिस को सूचना नहीं दी और गुमशुदगी की कहानी बनाकर रिपोर्ट दर्ज करा दी। मर्ग जांच के दौरान सामने आए साक्ष्यों और पूछताछ के आधार पर पुलिस ने पंकज अहिरवार के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया। *इनकी रही सराहनीय भूमिका* अंधे कत्ल का खुलासा करने में थाना प्रभारी अनूप यादव, उपनिरीक्षक लखनराज, प्रधान आरक्षक हाकिम सिंह, आरक्षक राजेंद्र मिश्रा, विजय गौतम, प्रेमजीत सिंह, बाबूलाल, दीप सिंह भदौरिया, सूरज शर्मा, महेंद्र, महेश नामदेव, विवेक पटेल, राहुल सोलंकी, ब्रजेंद्र सिंह और भारत राज की भूमिका रही। *मृतक:** नीरज अहिरवार, निवासी आचवल वार्ड, बीना। **आरोपी:** पंकज अहिरवार, निवासी आचवल वार्ड, बीना।
जिला ब्यूरो रिपोर्टर राजेश बबेले बीना पुलिस ने अंधे कत्ल का किया खुलासा, सगा भाई निकला हत्या का आरोपी लोकेशन बीना रिपोर्टर राजेश बबेले बीना पुलिस ने अंधे कत्ल का किया खुलासा, सगा भाई निकला हत्या का आरोपी शराब पीने के विवाद में बड़े भाई की मारपीट से हुई थी मौत, घटना छिपाने के लिए आरोपी ने रची थी झूठी कहानी *राजेश बबेले* **बीना।** बीना पुलिस ने आचवल वार्ड में हुए अंधे कत्ल का खुलासा करते हुए मृतक के छोटे भाई को हत्या के आरोप में गिरफ्तार किया है। थाना प्रभारी अनूप यादव ने प्रेस वार्ता में बताया कि शराब पीने को लेकर हुए घरेलू विवाद में आरोपी ने बड़े भाई के साथ मारपीट की थी, जिससे उसकी मौत हो गई। घटना छिपाने के लिए आरोपी ने पुलिस को
सूचना देने के बजाय मनगढ़ंत कहानी बनाकर स्वयं गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। *ऐसे सामने आया मामला* पुलिस के अनुसार, 24 अक्टूबर 2026 को पंकज अहिरवार (30), निवासी आचवल वार्ड, बीना ने थाने पहुंचकर रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि उसका बड़ा भाई नीरज अहिरवार 23 अक्टूबर की रात करीब 11 बजे घर से चला गया था और वापस नहीं लौटा। रात करीब 2:30 बजे मां के बताने पर उसने भाई की तलाश की। नीरज हरी मेडिकल के नीचे सड़क पर बैठा मिला। उसके शरीर पर चोटों के निशान थे। *पूछताछ में खुला हत्या का राज* परिजनों के अनुसार, नीरज को घर लाने के बाद उसकी हालत बिगड़ गई। वह न तो ठीक से बोल पा रहा था और न ही हिल-डुल रहा था। उसकी सांसें भी बंद थीं।
नीरज को चोटें कैसे आईं, इस संबंध में परिजन स्पष्ट जानकारी नहीं दे सके। शिकायत के आधार पर पुलिस ने मर्ग कायम कर जांच शुरू की। *शराब पीने और घरेलू विवाद में हुई मारपीट* मर्ग जांच के दौरान पुलिस ने घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण किया। डॉग स्क्वॉड की मदद ली गई और एफएसएल सागर से प्राप्त दिशा-निर्देशों के अनुसार आवश्यक कार्रवाई की गई। घटनास्थल से जरूरी साक्ष्य जुटाकर संबंधित लोगों के बयान दर्ज किए गए। जांच में सामने आया कि मृतक नीरज अहिरवार शराब पीने का आदी था और घर पर पैसे नहीं देने को लेकर विवाद होता था। इसी बात पर पंकज अहिरवार का अपने बड़े भाई से विवाद हुआ था। आरोपी ने गुस्से में नीरज के साथ मारपीट की, जिससे उसे गंभीर चोटें आईं
और उसकी मौत हो गई। *घटना छिपाने के लिए दर्ज कराई झूठी रिपोर्ट* पुलिस के मुताबिक, वारदात के बाद आरोपी ने घटना छिपाने के उद्देश्य से तत्काल पुलिस को सूचना नहीं दी और गुमशुदगी की कहानी बनाकर रिपोर्ट दर्ज करा दी। मर्ग जांच के दौरान सामने आए साक्ष्यों और पूछताछ के आधार पर पुलिस ने पंकज अहिरवार के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया। *इनकी रही सराहनीय भूमिका* अंधे कत्ल का खुलासा करने में थाना प्रभारी अनूप यादव, उपनिरीक्षक लखनराज, प्रधान आरक्षक हाकिम सिंह, आरक्षक राजेंद्र मिश्रा, विजय गौतम, प्रेमजीत सिंह, बाबूलाल, दीप सिंह भदौरिया, सूरज शर्मा, महेंद्र, महेश नामदेव, विवेक पटेल, राहुल सोलंकी, ब्रजेंद्र सिंह और भारत राज की भूमिका रही। *मृतक:** नीरज अहिरवार, निवासी आचवल वार्ड, बीना। **आरोपी:** पंकज अहिरवार, निवासी आचवल वार्ड, बीना।
- जिला ब्यूरो रिपोर्टर राजेश बबेले बीना पुलिस ने अंधे कत्ल का किया खुलासा, सगा भाई निकला हत्या का आरोपी लोकेशन बीना रिपोर्टर राजेश बबेले बीना पुलिस ने अंधे कत्ल का किया खुलासा, सगा भाई निकला हत्या का आरोपी शराब पीने के विवाद में बड़े भाई की मारपीट से हुई थी मौत, घटना छिपाने के लिए आरोपी ने रची थी झूठी कहानी *राजेश बबेले* **बीना।** बीना पुलिस ने आचवल वार्ड में हुए अंधे कत्ल का खुलासा करते हुए मृतक के छोटे भाई को हत्या के आरोप में गिरफ्तार किया है। थाना प्रभारी अनूप यादव ने प्रेस वार्ता में बताया कि शराब पीने को लेकर हुए घरेलू विवाद में आरोपी ने बड़े भाई के साथ मारपीट की थी, जिससे उसकी मौत हो गई। घटना छिपाने के लिए आरोपी ने पुलिस को सूचना देने के बजाय मनगढ़ंत कहानी बनाकर स्वयं गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। *ऐसे सामने आया मामला* पुलिस के अनुसार, 24 अक्टूबर 2026 को पंकज अहिरवार (30), निवासी आचवल वार्ड, बीना ने थाने पहुंचकर रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि उसका बड़ा भाई नीरज अहिरवार 23 अक्टूबर की रात करीब 11 बजे घर से चला गया था और वापस नहीं लौटा। रात करीब 2:30 बजे मां के बताने पर उसने भाई की तलाश की। नीरज हरी मेडिकल के नीचे सड़क पर बैठा मिला। उसके शरीर पर चोटों के निशान थे। *पूछताछ में खुला हत्या का राज* परिजनों के अनुसार, नीरज को घर लाने के बाद उसकी हालत बिगड़ गई। वह न तो ठीक से बोल पा रहा था और न ही हिल-डुल रहा था। उसकी सांसें भी बंद थीं। नीरज को चोटें कैसे आईं, इस संबंध में परिजन स्पष्ट जानकारी नहीं दे सके। शिकायत के आधार पर पुलिस ने मर्ग कायम कर जांच शुरू की। *शराब पीने और घरेलू विवाद में हुई मारपीट* मर्ग जांच के दौरान पुलिस ने घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण किया। डॉग स्क्वॉड की मदद ली गई और एफएसएल सागर से प्राप्त दिशा-निर्देशों के अनुसार आवश्यक कार्रवाई की गई। घटनास्थल से जरूरी साक्ष्य जुटाकर संबंधित लोगों के बयान दर्ज किए गए। जांच में सामने आया कि मृतक नीरज अहिरवार शराब पीने का आदी था और घर पर पैसे नहीं देने को लेकर विवाद होता था। इसी बात पर पंकज अहिरवार का अपने बड़े भाई से विवाद हुआ था। आरोपी ने गुस्से में नीरज के साथ मारपीट की, जिससे उसे गंभीर चोटें आईं और उसकी मौत हो गई। *घटना छिपाने के लिए दर्ज कराई झूठी रिपोर्ट* पुलिस के मुताबिक, वारदात के बाद आरोपी ने घटना छिपाने के उद्देश्य से तत्काल पुलिस को सूचना नहीं दी और गुमशुदगी की कहानी बनाकर रिपोर्ट दर्ज करा दी। मर्ग जांच के दौरान सामने आए साक्ष्यों और पूछताछ के आधार पर पुलिस ने पंकज अहिरवार के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया। *इनकी रही सराहनीय भूमिका* अंधे कत्ल का खुलासा करने में थाना प्रभारी अनूप यादव, उपनिरीक्षक लखनराज, प्रधान आरक्षक हाकिम सिंह, आरक्षक राजेंद्र मिश्रा, विजय गौतम, प्रेमजीत सिंह, बाबूलाल, दीप सिंह भदौरिया, सूरज शर्मा, महेंद्र, महेश नामदेव, विवेक पटेल, राहुल सोलंकी, ब्रजेंद्र सिंह और भारत राज की भूमिका रही। *मृतक:** नीरज अहिरवार, निवासी आचवल वार्ड, बीना। **आरोपी:** पंकज अहिरवार, निवासी आचवल वार्ड, बीना।4
- आचवल वार्ड हत्याकांड का पुलिस ने किया खुलासा, सगा भाई ही निकला हत्यारा! बीना के आचवल वार्ड में हुई हत्या के मामले में पुलिस ने बड़ा खुलासा किया है। जांच के दौरान मृतक का सगा भाई ही हत्या का आरोपी निकला। इस खुलासे के बाद मामले में नया मोड़ आ गया है। आखिर हत्या के पीछे क्या वजह रही और कैसे पुलिस ने आरोपी तक पहुंच बनाई? इस मामले ने इलाके में सनसनी फैला दी है।1
- दिवाली आने वाली है और इसी बीच मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव का बयान चर्चा में है! “न बाप बड़ा न भैया, सबसे बड़ा रुपैया” वाली बात पर जोरदार तालियां बजाने की अपील ने लोगों का ध्यान खींचा। आखिर किस संदर्भ में दिया गया यह बयान? देखिए वायरल वीडियो।1
- राज ज्वेलर्स की दुकान में चोरी, 50 हजार रुपये के चांदी के जेवर ले उड़े चोर छत के रास्ते दुकान में दाखिल हुए अज्ञात चोर, लोहे की शटर को आग से पिघलाकर खोला रास्ता; पुलिस ने शुरू की तलाश लोकल न्यूज बीना रिपोर्ट लक्ष्मण सिंह राजपूत राज ज्वेलर्स की दुकान में चोरी, 50 हजार रुपये के चांदी के जेवर ले उड़े चोर छत के रास्ते दुकान में दाखिल हुए अज्ञात चोर, लोहे की शटर को आग से पिघलाकर खोला रास्ता; पुलिस ने शुरू की तलाश बीना, जिला सागर। बीना में चोरी की वारदातों पर अंकुश लगाने की चुनौती के बीच चोरों ने कच्चा रोड स्थित राज ज्वेलर्स की दुकान को निशाना बनाया। 26 अक्टूबर की रात अज्ञात चोर दुकान में घुसे और करीब 50 हजार रुपये कीमत के चांदी के जेवर चोरी कर ले गए। घटना की जानकारी मिलने के बाद दुकान संचालक ने पुलिस थाने में शिकायत दर्ज कराई है। पुलिस ने मामला दर्ज कर अज्ञात आरोपियों की तलाश शुरू कर दी है। छत के रास्ते दुकान में घुसे चोर दुकान संचालक निजाम खान के अनुसार, अज्ञात चोर छत के रास्ते दुकान के अंदर दाखिल हुए। इसके बाद उन्होंने आग की मदद से लोहे की शटर को पिघलाकर रास्ता बनाया और दुकान में रखे चांदी के आभूषण लेकर फरार हो गए। चोरी की इस वारदात से क्षेत्र के व्यापारियों में चिंता का माहौल है। पुलिस ने शुरू की जांच घटना के बाद दुकान संचालक निजाम खान ने बीना थाना पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने शिकायत के आधार पर मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। अब पुलिस अज्ञात चोरों की पहचान करने और चोरी गए आभूषणों की बरामदगी के प्रयास में जुटी है। व्यापारियों में सुरक्षा को लेकर चिंता ज्वेलरी की दुकान में चोरी की इस घटना ने बाजार क्षेत्र की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सवाल खड़े किए हैं। व्यापारियों को उम्मीद है कि पुलिस जल्द ही आरोपियों का पता लगाकर चोरी की वारदात का खुलासा करेगी।1
- पुलिस ने अंधे कत्ल का किया खुलासा, शिकायतकर्ता ही निकला आरोपी शराब पीने के दौरान विवाद में बड़े भाई की हत्या का आरोप, छोटे भाई को पुलिस ने किया गिरफ्तार लोकल न्यूज़ बीना रिपोर्ट लक्ष्मण सिंह राजपूत पुलिस ने अंधे कत्ल का किया खुलासा, शिकायतकर्ता ही निकला आरोपी शराब पीने के दौरान विवाद में बड़े भाई की हत्या का आरोप, छोटे भाई को पुलिस ने किया गिरफ्तार बीना थाना प्रभारी अनूप यादव ने अपनी सूझबूझ से अंधे कत्ल के एक मामले का खुलासा करते हुए मृतक के छोटे भाई को हत्या के आरोप में गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार, आरोपी ने कथित तौर पर घटना को छिपाने के उद्देश्य से पुलिस को गुमराह करने का प्रयास किया था। जांच के दौरान सामने आया कि दोनों भाइयों के बीच शराब पीने के दौरान विवाद हुआ था, जिसके बाद मारपीट में बड़े भाई की मौत हो गई। पुलिस से प्राप्त जानकारी के अनुसार, 24 अक्टूबर 2026 को पंकज अहिरवार निवासी आंचवल वार्ड, बीना ने थाने पहुंचकर अपने बड़े भाई नीरज अहिरवार के लापता होने की सूचना दी थी। शिकायत में बताया गया कि नीरज 23 अक्टूबर की रात घर से निकले थे और वापस नहीं लौटे। तलाश के दौरान उनका शव हरि मेडिकल के नीचे सड़क किनारे मिला। शव पर चोटों के निशान पाए जाने की जानकारी भी सामने आई। जांच में सामने आया विवाद मामले की गंभीरता को देखते हुए बीना पुलिस ने मर्ग कायम कर जांच शुरू की। पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण किया, साक्ष्य जुटाए और परिजनों से पूछताछ की। जांच के दौरान पुलिस को घटना से जुड़े महत्वपूर्ण तथ्य मिले। पुलिस के अनुसार, पूछताछ में सामने आया कि घटना वाली रात शराब पीने और घरेलू विवाद को लेकर दोनों भाइयों के बीच झगड़ा हुआ था। इसी दौरान हुई मारपीट में नीरज अहिरवार की मौत हो गई। पुलिस का कहना है कि शिकायतकर्ता पंकज अहिरवार ने शुरुआत में घटना के संबंध में अनभिज्ञता जताई थी। हालांकि, जांच और पूछताछ के दौरान सामने आए तथ्यों के आधार पर पुलिस ने उसे आरोपी बनाया। हत्या का प्रकरण दर्ज, आरोपी गिरफ्तार बीना पुलिस ने मामले में पंकज अहिरवार के विरुद्ध हत्या का प्रकरण दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया। पूरी कार्रवाई पुलिस अधीक्षक सागर, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक तथा अनुविभागीय पुलिस अधिकारी बीना के मार्गदर्शन में की गई। पुलिस ने घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण कर आवश्यक साक्ष्य एकत्र किए। मामले में आगे की वैधानिक कार्रवाई जारी है। नोट: आरोपी के विरुद्ध लगाए गए आरोपों पर अंतिम निर्णय न्यायालय द्वारा किया जाएगा।1
- बाल्मीकि समाज के दो पक्षों के बीच हुआ विवाद,पुलिस ने तीन लोगों को लिया हिरासत इन्द्रपाल सिंह'प्रिइन्द्र' ललितपुर। सिविल लाइन क्षेत्र में स्थित मोहल्ला झांसीपुरा में बाल्मीकि जयंती की रात्रि में दो पक्षों के बीच हुये विवाद ने मंगलवार को तूल पकड़ लिया, दोनों पक्षों ने एक दूसरे के साथ गाली गलौज कर पथराव शुरू कर दिया। जानकारी मिलते ही कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंच गयी। पुलिस को आता देख दोनो पक्षों के लोग भूमिगत हो गये। पुलिस ने एक पक्ष के तीन लोगो को हिरासत में लेकर दूसरे पक्ष के आरोपितों की तलाश शुरू कर दी है। बताया जा रहा है कि बीते सोमवार की रात्रि के समय बाल्मीकि जयंती को लेकर जहां एक पक्ष के लोग जश्र मना रहे थे, तो वहीं दूसरे पक्ष के बाल्मीकि समाज के व्यक्तियों द्वारा निजी कार्यक्रम को लेकर जश्र मनाया जा रहा था। दोनो पक्षों के बीच काफी समय से चल रहे विवाद के चलते विवाद हो गया। रात्रि के समय हुआ विवाद शांत होने के उपरांत मंगलवार की दोपहर दोनो पक्षों के बीच पुन: विवाद शुरू हो गया। दोनों पक्षों के लोग हाथों में पत्थर व लाठी डंडों सहित अन्य घातक हथियारों से लैस होकर सडक़ पर उतर आये। दोनो पक्षों के बीच पथराव के साथ गाली गलौज होने की सूचना मिलते ही कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंच गयी। पुलिस को आता देख दोनों पक्षों के लोग मौके से भागने लगे। पुलिस ने घेराबंदी कर एक पक्ष के तीन लोगो को हिरासत में ले लिया। तो वहीं पुलिस दूसरे पक्ष के आरोपितों की तलाश करने में जुट गयी है। पुलिस हिरासत में आये आरोपितों के पक्ष में हिंदू संगठन ने पैरवी करने की कवायद शुरू कर दी है। पुलिस झांसीपुरा में होने वाले बवाल को लेकर फिलहाल सख्त रूख अपनाये हुये है। फायरिंग करने के लगे आरोप मोहल्ला झांसीपुरा निवासी अंजली पुत्री राजेन्द्र ने पुलिस को शिकायती पत्र देकर पुलिस के हिरासत में लिये गये पक्ष के लोगो पर गाली गलौैज करने, विरोध करने पर मारपीट कर व फायरिंग व पथराव कर जान से मारने की धमकी देने के गंभीर आरोप लगाये है। शिकायतकर्ता ने अपने पक्ष को फर्जी फंसाने की बात कही है। घटना के बाद पुलिस ने वीडियों में बवाल करने वाले को चिन्हित कर तलाश शुरू कर दी है।2
- मड़ावरा में दो घंटे लगा रहा जाम, एंबुलेंस भी फंसी रबी की बुआई के लिए बीज-खाद खरीदने पहुंचे किसान, ट्रैक्टरों की आवक और करवा चौथ की भीड़ से बिगड़ी यातायात व्यवस्था मड़ावरा (ललितपुर)। रबी की बुआई के सीजन और करवा चौथ के त्योहार के चलते मंगलवार को मड़ावरा कस्बे में यातायात व्यवस्था चरमरा गई। बीज और खाद खरीदने के लिए बड़ी संख्या में किसानों के ट्रैक्टरों सहित अन्य वाहनों से कस्बे में पहुंचने के कारण भीषण जाम लग गया। स्थिति इतनी गंभीर हो गई कि जाम में एंबुलेंस भी फंस गई। करीब दो घंटे तक लोग जाम से जूझते रहे, जिससे राहगीरों और वाहन चालकों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा रबी की फसलों की बुआई का समय चल रहा है। ऐसे में किसान बीज, खाद और कृषि संबंधी अन्य सामग्री खरीदने के लिए मड़ावरा कस्बे पहुंच रहे हैं।1
- जिला ब्यूरो रिपोर्टर राजेश बबेले महान क्रांतिकारी पत्रकार गणेश शंकर विद्यार्थी की जयंती पर अर्पित किए श्रद्धासुमन लोकेशन बीना रिपोर्टर राजेश बबेले महान क्रांतिकारी पत्रकार गणेश शंकर विद्यार्थी की जयंती पर अर्पित किए श्रद्धासुमन मातृभूमि सेवा संस्था ने अथक पथ संग्रहालय में किया स्मरण, पत्रकारिता, साहित्य और देश की आजादी में उनके योगदान को किया याद *राजेश बबेले* बीना।देश के महान क्रांतिकारी पत्रकार एवं स्वतंत्रता सेनानी गणेश शंकर विद्यार्थी की जयंती पर मातृभूमि सेवा संस्था की ओर से अथक पथ संग्रहालय में श्रद्धांजलि कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस अवसर पर उनके साहित्य और पुस्तकों को प्रदर्शित कर उनके विचारों, राष्ट्रप्रेम, निर्भीक पत्रकारिता और मानवता के प्रति समर्पित जीवन को याद किया गया। उपस्थित लोगों ने उनके चित्र एवं साहित्य पर श्रद्धासुमन अर्पित कर उनके आदर्शों पर चलने का संकल्प लिया। *साहित्य और पत्रकारिता के माध्यम से किया स्मरण* कार्यक्रम में अथक पथ संग्रहालय के अध्यक्ष मुरारी गोस्वामी, आईसीएसटी के डायरेक्टर संजीव जैन, राम शर्मा, पत्रकार राकेश सेन, पत्रकार डॉ. राजेश बबेले, आशीष तिवारी, हरि शर्मा, प्रवीण शर्मा, भूमिका चौबे और पार्थवी शर्मा सहित अन्य लोगों ने श्रद्धांजलि अर्पित की। इस दौरान पत्रकारों को स्मृति चिह्न भेंट कर सम्मानित भी किया गया। *देश की आजादी के लिए समर्पित रहा जीवन* अथक पथ संग्रहालय के अध्यक्ष मुरारी गोस्वामी ने कहा कि गणेश शंकर विद्यार्थी ऐसे महान क्रांतिकारी पत्रकार थे, जिन्होंने देश की आजादी और मानवता की रक्षा के लिए अपना जीवन समर्पित कर दिया। वे निर्भीक पत्रकार, सशक्त लेखक और स्वतंत्रता आंदोलन के प्रमुख सेनानी थे। उनका जीवन अन्याय के विरुद्ध आवाज उठाने और समाज में सद्भाव स्थापित करने की प्रेरणा देता है। उन्होंने बताया कि विद्यार्थी जी कानपुर से प्रकाशित समाचार पत्र ‘प्रताप’ के संपादक थे। उनकी पत्रकारिता का उद्देश्य केवल समाचार प्रकाशित करना नहीं, बल्कि देश में राष्ट्रीय चेतना जगाना और आमजन की आवाज को बुलंद करना था। *सांप्रदायिक सद्भाव की रक्षा करते हुए दिया बलिदान* पत्रकार राकेश सेन ने गणेश शंकर विद्यार्थी के जीवन चरित्र पर प्रकाश डालते हुए कहा कि वे निर्भीक पत्रकारिता और क्रांतिकारी विचारों के प्रतीक थे। उन्होंने देश की स्वतंत्रता के साथ-साथ सामाजिक एकता और सांप्रदायिक सद्भाव को भी सर्वोच्च महत्व दिया। उनका जीवन आज के पत्रकारों के लिए भी प्रेरणास्रोत है। विपरीत परिस्थितियों में सच के साथ खड़े रहना और समाज के प्रति अपनी जिम्मेदारी निभाना उनसे सीखा जा सकता है। राम शर्मा ने कहा कि गणेश शंकर विद्यार्थी ने मानवता की रक्षा करते हुए अपने प्राणों का बलिदान दिया। कानपुर में वर्ष 1931 के सांप्रदायिक दंगों के दौरान लोगों को बचाने के प्रयास में उनकी हत्या कर दी गई थी। उनका जीवन इस बात का उदाहरण है कि सच्चा राष्ट्रसेवक समाज में शांति और भाईचारा कायम करने के लिए किसी भी चुनौती का सामना कर सकता है। *माखनलाल चतुर्वेदी की कालजयी कविता से भी जुड़ा योगदान* कार्यक्रम में गणेश शंकर विद्यार्थी के साहित्यिक योगदान और हिंदी साहित्यकार माखनलाल चतुर्वेदी से उनके संबंधों का भी उल्लेख किया गया। वक्ताओं ने बताया कि विद्यार्थी जी ने साहित्यकारों और स्वतंत्रता सेनानियों को राष्ट्रसेवा के लिए प्रेरित किया। माखनलाल चतुर्वेदी की प्रसिद्ध कविता ‘पुष्प की अभिलाषा’ की रचना के पीछे भी राष्ट्रप्रेम और बलिदान की यही भावना रही। *पत्रकारिता जगत के लिए सदैव प्रेरणास्रोत रहेंगे विद्यार्थी जी* कार्यक्रम के अंत में उपस्थित लोगों ने गणेश शंकर विद्यार्थी को भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की। वक्ताओं ने कहा कि उनकी निर्भीक लेखनी, राष्ट्र के प्रति समर्पण और मानवता की रक्षा का संदेश आज भी प्रासंगिक है। उनका जीवन पत्रकारिता को जनसेवा का माध्यम बनाने और समाज में सद्भाव बनाए रखने की प्रेरणा देता रहेगा।4