logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…
  • Latest News
  • News
  • Politics
  • Elections
  • Viral
  • Astrology
  • Horoscope in Hindi
  • Horoscope in English
  • Latest Political News
logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…

उत्तर प्रदेश के शामली के कैराना में आज मुख्यमंत्री का प्रस्तावित दौरा होना है। मुख्यमंत्री के इस दौरे को लेकर पुलिस प्रशासन पूरी तरह अलर्ट हो गया है।

11 hrs ago
user_शुभम मित्तल पत्रकार
शुभम मित्तल पत्रकार
Local News Reporter शामली, शामली, उत्तर प्रदेश•
11 hrs ago

उत्तर प्रदेश के शामली के कैराना में आज मुख्यमंत्री का प्रस्तावित दौरा होना है। मुख्यमंत्री के इस दौरे को लेकर पुलिस प्रशासन पूरी तरह अलर्ट हो गया है।

More news from उत्तर प्रदेश and nearby areas
  • उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शामली के राणा विजय सिंह पथिक महाविद्यालय में आयोजित जनसभा के दौरान समाजवादी पार्टी पर बेहद तीखा हमला बोला है। उन्होंने आरोप लगाया कि वर्ष 2017 से पहले सूबे में एक ऐसी सरकार थी जिसके लोग दोपहर 12 बजे तक सोकर उठते थे, माफियाओं के सामने नतमस्तक रहते थे और उनके पास जनता के लिए कोई समय नहीं था। मुख्यमंत्री ने गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि सपा सरकार ने शामली की सामाजिक डेमोग्राफी को बदलने का काम किया, जिसके दुष्परिणामस्वरूप कांधला और कैराना से लोगों को पलायन करना पड़ा। उन्होंने कहा कि पहले लोग शामली का नाम लेने से भी डरते थे, लेकिन आज शामली गन्ने की मिठास, चौतरफा विकास और एक्सप्रेसवे की त्रिवेणी के रूप में नई पहचान बना चुका है। विपक्ष को आड़े हाथों लेते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि जो लोग आज संविधान की बात करते हैं, वही 2017 से पहले जय श्रीराम बोलने पर लाठियां चलवाते थे, कांवड़ यात्रा पर प्रतिबंध लगाते थे, और कृष्ण जन्माष्टमी व रामनवमी की शोभायात्राओं को रोकने के साथ-साथ धार्मिक स्थलों की संपत्तियों पर कब्जा करते थे। उन्होंने साफ लहजे में कहा कि अब उत्तर प्रदेश में ऐसा कतई नहीं हो सकता। कानून-व्यवस्था पर कड़ा रुख अपनाते हुए उन्होंने चेतावनी दी कि माफियाओं की जगह अब सिर्फ जेल में है या फिर उन्हें कानून के अनुसार सख्त कार्रवाई भुगतनी पड़ेगी। उन्होंने नौकरी के नाम पर चलने वाले सिंडिकेट को खत्म करने की बात कहते हुए कहा कि आज शामली का नौजवान अपनी मेहनत से रोजगार पा रहा है। साथ ही उन्होंने आश्वस्त किया कि सरकार किसी भी कीमत पर कांवड़ यात्रा नहीं रुकने देगी। इस भव्य जनसभा के दौरान मुख्यमंत्री ने कैराना, शामली और थानाभवन विधानसभा क्षेत्रों के लिए 581 करोड़ रुपये से अधिक की लागत वाली 89 विकास परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास किया। गन्ना किसानों की स्थिति पर बोलते हुए उन्होंने कहा कि 2017 में सरकार बनने के बाद तत्कालीन कृषि मंत्री सुरेश राणा के प्रयासों से चीनी मिलों को नया जीवन मिला, जिसके चलते आज प्रदेश में 122 चीनी मिलें संचालित हैं और गन्ने का मूल्य बढ़ाकर 400 रुपये प्रति क्विंटल किया जा चुका है। भविष्य की योजनाओं का जिक्र करते हुए उन्होंने बताया कि गोरखपुर से शामली होते हुए सिलीगुड़ी तक करीब 1100 किलोमीटर का आर्थिक गलियारा विकसित किया जाएगा और शामली को अंबाला से भी जोड़ा जाएगा। दिल्ली की तर्ज पर विकास के लिए शामली में एक बड़ा टेक्सटाइल पार्क स्थापित किया जाएगा, जिससे करीब 8,000 युवाओं को रोजगार मिलने की संभावना है।
    1
    उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शामली के राणा विजय सिंह पथिक महाविद्यालय में आयोजित जनसभा के दौरान समाजवादी पार्टी पर बेहद तीखा हमला बोला है। उन्होंने आरोप लगाया कि वर्ष 2017 से पहले सूबे में एक ऐसी सरकार थी जिसके लोग दोपहर 12 बजे तक सोकर उठते थे, माफियाओं के सामने नतमस्तक रहते थे और उनके पास जनता के लिए कोई समय नहीं था। मुख्यमंत्री ने गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि सपा सरकार ने शामली की सामाजिक डेमोग्राफी को बदलने का काम किया, जिसके दुष्परिणामस्वरूप कांधला और कैराना से लोगों को पलायन करना पड़ा। उन्होंने कहा कि पहले लोग शामली का नाम लेने से भी डरते थे, लेकिन आज शामली गन्ने की मिठास, चौतरफा विकास और एक्सप्रेसवे की त्रिवेणी के रूप में नई पहचान बना चुका है।

विपक्ष को आड़े हाथों लेते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि जो लोग आज संविधान की बात करते हैं, वही 2017 से पहले जय श्रीराम बोलने पर लाठियां चलवाते थे, कांवड़ यात्रा पर प्रतिबंध लगाते थे, और कृष्ण जन्माष्टमी व रामनवमी की शोभायात्राओं को रोकने के साथ-साथ धार्मिक स्थलों की संपत्तियों पर कब्जा करते थे। उन्होंने साफ लहजे में कहा कि अब उत्तर प्रदेश में ऐसा कतई नहीं हो सकता। कानून-व्यवस्था पर कड़ा रुख अपनाते हुए उन्होंने चेतावनी दी कि माफियाओं की जगह अब सिर्फ जेल में है या फिर उन्हें कानून के अनुसार सख्त कार्रवाई भुगतनी पड़ेगी। उन्होंने नौकरी के नाम पर चलने वाले सिंडिकेट को खत्म करने की बात कहते हुए कहा कि आज शामली का नौजवान अपनी मेहनत से रोजगार पा रहा है। साथ ही उन्होंने आश्वस्त किया कि सरकार किसी भी कीमत पर कांवड़ यात्रा नहीं रुकने देगी।

इस भव्य जनसभा के दौरान मुख्यमंत्री ने कैराना, शामली और थानाभवन विधानसभा क्षेत्रों के लिए 581 करोड़ रुपये से अधिक की लागत वाली 89 विकास परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास किया। गन्ना किसानों की स्थिति पर बोलते हुए उन्होंने कहा कि 2017 में सरकार बनने के बाद तत्कालीन कृषि मंत्री सुरेश राणा के प्रयासों से चीनी मिलों को नया जीवन मिला, जिसके चलते आज प्रदेश में 122 चीनी मिलें संचालित हैं और गन्ने का मूल्य बढ़ाकर 400 रुपये प्रति क्विंटल किया जा चुका है। भविष्य की योजनाओं का जिक्र करते हुए उन्होंने बताया कि गोरखपुर से शामली होते हुए सिलीगुड़ी तक करीब 1100 किलोमीटर का आर्थिक गलियारा विकसित किया जाएगा और शामली को अंबाला से भी जोड़ा जाएगा। दिल्ली की तर्ज पर विकास के लिए शामली में एक बड़ा टेक्सटाइल पार्क स्थापित किया जाएगा, जिससे करीब 8,000 युवाओं को रोजगार मिलने की संभावना है।
    user_Avinash sharma
    Avinash sharma
    शामली, शामली, उत्तर प्रदेश•
    3 hrs ago
  • उत्तर प्रदेश के शामली जिले के कैराना में आयोजित मुख्यमंत्री की जनसभा में पूर्व मंत्री श्री सुरेश राणा सबसे अधिक चर्चा का केंद्र बने रहे। जनसभा के दौरान मुख्यमंत्री ने श्री सुरेश राणा के गन्ना मंत्री के रूप में बिताए गए कार्यकाल के दौरान किए गए कार्यों की जमकर सराहना की।
    1
    उत्तर प्रदेश के शामली जिले के कैराना में आयोजित मुख्यमंत्री की जनसभा में पूर्व मंत्री श्री सुरेश राणा सबसे अधिक चर्चा का केंद्र बने रहे। जनसभा के दौरान मुख्यमंत्री ने श्री सुरेश राणा के गन्ना मंत्री के रूप में बिताए गए कार्यकाल के दौरान किए गए कार्यों की जमकर सराहना की।
    user_P7tv
    P7tv
    शामली, शामली, उत्तर प्रदेश•
    4 hrs ago
  • शामली जनपद में श्रावण कांवड़ यात्रा-2026 को सुरक्षित एवं शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के लिए उत्तर प्रदेश के शामली और हरियाणा के पानीपत के प्रशासनिक व पुलिस अधिकारियों की एक संयुक्त समन्वय बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में सुरक्षा व्यवस्था, कानून-व्यवस्था, यातायात, कांवड़ शिविर, स्वच्छता, पेयजल, चिकित्सा सुविधाओं तथा दोनों राज्यों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने को लेकर चर्चा हुई। इस समन्वय बैठक में शामली के जिलाधिकारी आलोक कुमार, पुलिस अधीक्षक एन.पी. सिंह, पानीपत के उपायुक्त डॉ. हरीश कुमार वशिष्ठ और पुलिस अधीक्षक भूपेंद्र सिंह सहित दोनों राज्यों के अन्य अधिकारी उपस्थित रहे। अधिकारियों ने सीमावर्ती क्षेत्रों में संयुक्त निगरानी करने, संवेदनशील स्थानों पर अतिरिक्त पुलिस बल तैनात करने, निर्धारित मानकों के अनुसार ही डीजे का संचालन करने, हथियारनुमा वस्तुओं पर रोक लगाने तथा श्रद्धालुओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं।
    1
    शामली जनपद में श्रावण कांवड़ यात्रा-2026 को सुरक्षित एवं शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के लिए उत्तर प्रदेश के शामली और हरियाणा के पानीपत के प्रशासनिक व पुलिस अधिकारियों की एक संयुक्त समन्वय बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में सुरक्षा व्यवस्था, कानून-व्यवस्था, यातायात, कांवड़ शिविर, स्वच्छता, पेयजल, चिकित्सा सुविधाओं तथा दोनों राज्यों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने को लेकर चर्चा हुई।

इस समन्वय बैठक में शामली के जिलाधिकारी आलोक कुमार, पुलिस अधीक्षक एन.पी. सिंह, पानीपत के उपायुक्त डॉ. हरीश कुमार वशिष्ठ और पुलिस अधीक्षक भूपेंद्र सिंह सहित दोनों राज्यों के अन्य अधिकारी उपस्थित रहे। अधिकारियों ने सीमावर्ती क्षेत्रों में संयुक्त निगरानी करने, संवेदनशील स्थानों पर अतिरिक्त पुलिस बल तैनात करने, निर्धारित मानकों के अनुसार ही डीजे का संचालन करने, हथियारनुमा वस्तुओं पर रोक लगाने तथा श्रद्धालुओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं।
    user_Pankaj Upadhyay
    Pankaj Upadhyay
    Journalist शामली, शामली, उत्तर प्रदेश•
    10 hrs ago
  • उत्तर प्रदेश के शामली के कैराना में आज मुख्यमंत्री का प्रस्तावित दौरा होना है। मुख्यमंत्री के इस दौरे को लेकर पुलिस प्रशासन पूरी तरह अलर्ट हो गया है।
    1
    उत्तर प्रदेश के शामली के कैराना में आज मुख्यमंत्री का प्रस्तावित दौरा होना है। मुख्यमंत्री के इस दौरे को लेकर पुलिस प्रशासन पूरी तरह अलर्ट हो गया है।
    user_शुभम मित्तल पत्रकार
    शुभम मित्तल पत्रकार
    Local News Reporter शामली, शामली, उत्तर प्रदेश•
    11 hrs ago
  • अलीगढ़ में मौसम की अजीब हरकत देखने को मिली है। यहाँ एक तरफ जहाँ कुछ इलाकों में घनघोर बारिश हुई है, वहीं दूसरी तरफ कुछ स्थानों पर खिली धूप देखने को मिली।
    1
    अलीगढ़ में मौसम की अजीब हरकत देखने को मिली है। यहाँ एक तरफ जहाँ कुछ इलाकों में घनघोर बारिश हुई है, वहीं दूसरी तरफ कुछ स्थानों पर खिली धूप देखने को मिली।
    user_SAGAR HINDUSTANI
    SAGAR HINDUSTANI
    Local News Reporter Un, Shamli•
    9 hrs ago
  • शामली के ऊन विकासखंड की ग्राम पंचायत यहियापुर (आमवाली) में जल जीवन मिशन के तहत बनी पेयजल टंकी पिछले 2 वर्षों से बंद पड़ी है। इसके कारण क्षेत्र के 6 गांवों के हजारों लोग गंभीर पेयजल संकट का सामना कर रहे हैं। गुरुवार को इससे परेशान ग्रामीणों ने कैराना लोकसभा क्षेत्र की सांसद इकरा हसन से मुलाकात कर उन्हें ज्ञापन सौंपा और इस पेयजल योजना को जल्द से जल्द चालू कराने की मांग की। ग्रामीणों के अनुसार, करोड़ों रुपये की लागत से निर्मित इस पेयजल टंकी का निर्माण वर्षों पहले पूरा हो गया था, लेकिन तकनीकी खामियों और बोरवेल खराब होने के कारण इसे सुचारु रूप से संचालित नहीं किया जा सका। क्षेत्र में लगातार गिरते जलस्तर के कारण बोरवेल भी जवाब दे गया, जिसके चलते यहियापुर, आमवाली, खानपुर कला, शाहपुर, बिरालियान और खेड़ी जुनारदार सहित 6 गांवों में शुद्ध पेयजल की आपूर्ति पूरी तरह ठप पड़ी है। टंकी बंद होने से ग्रामीणों को हैंडपंप, निजी बोरवेल और अन्य वैकल्पिक जल स्रोतों पर निर्भर रहना पड़ रहा है, जिससे सबसे अधिक परेशानी महिलाओं, बुजुर्गों और बच्चों को उठानी पड़ रही है। ग्रामीणों का आरोप है कि उन्होंने कई बार संबंधित विभाग के अधिकारियों से इस समस्या की शिकायत की, लेकिन अधिकारियों द्वारा इसका कोई समाधान नहीं कराया गया। ज्ञापन में सांसद से मांग की गई है कि वे संबंधित अधिकारियों को निर्देशित कर जल जीवन मिशन की इस पेयजल योजना को तत्काल चालू कराएं। इसके साथ ही, योजना के क्रियान्वयन में हुई भारी लापरवाही की निष्पक्ष जांच कर जिम्मेदार अधिकारियों और कार्यदायी संस्था के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए। ज्ञापन सौंपने वालों में सद्दाम खान, वाजिद (बीडीसी), तासिम चौधरी, इरफान चौधरी और बल्ला समेत अन्य ग्रामीण प्रमुख रूप से शामिल रहे। वहीं, ग्रामीणों की इस गंभीर समस्या पर सांसद इकरा हसन ने संबंधित विभाग के अधिकारियों से तत्काल बात की और पेयजल टंकी को जल्द से जल्द सुचारू रूप से चलवाने का आश्वासन दिया है।
    1
    शामली के ऊन विकासखंड की ग्राम पंचायत यहियापुर (आमवाली) में जल जीवन मिशन के तहत बनी पेयजल टंकी पिछले 2 वर्षों से बंद पड़ी है। इसके कारण क्षेत्र के 6 गांवों के हजारों लोग गंभीर पेयजल संकट का सामना कर रहे हैं। गुरुवार को इससे परेशान ग्रामीणों ने कैराना लोकसभा क्षेत्र की सांसद इकरा हसन से मुलाकात कर उन्हें ज्ञापन सौंपा और इस पेयजल योजना को जल्द से जल्द चालू कराने की मांग की।

ग्रामीणों के अनुसार, करोड़ों रुपये की लागत से निर्मित इस पेयजल टंकी का निर्माण वर्षों पहले पूरा हो गया था, लेकिन तकनीकी खामियों और बोरवेल खराब होने के कारण इसे सुचारु रूप से संचालित नहीं किया जा सका। क्षेत्र में लगातार गिरते जलस्तर के कारण बोरवेल भी जवाब दे गया, जिसके चलते यहियापुर, आमवाली, खानपुर कला, शाहपुर, बिरालियान और खेड़ी जुनारदार सहित 6 गांवों में शुद्ध पेयजल की आपूर्ति पूरी तरह ठप पड़ी है। टंकी बंद होने से ग्रामीणों को हैंडपंप, निजी बोरवेल और अन्य वैकल्पिक जल स्रोतों पर निर्भर रहना पड़ रहा है, जिससे सबसे अधिक परेशानी महिलाओं, बुजुर्गों और बच्चों को उठानी पड़ रही है। ग्रामीणों का आरोप है कि उन्होंने कई बार संबंधित विभाग के अधिकारियों से इस समस्या की शिकायत की, लेकिन अधिकारियों द्वारा इसका कोई समाधान नहीं कराया गया।

ज्ञापन में सांसद से मांग की गई है कि वे संबंधित अधिकारियों को निर्देशित कर जल जीवन मिशन की इस पेयजल योजना को तत्काल चालू कराएं। इसके साथ ही, योजना के क्रियान्वयन में हुई भारी लापरवाही की निष्पक्ष जांच कर जिम्मेदार अधिकारियों और कार्यदायी संस्था के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए। ज्ञापन सौंपने वालों में सद्दाम खान, वाजिद (बीडीसी), तासिम चौधरी, इरफान चौधरी और बल्ला समेत अन्य ग्रामीण प्रमुख रूप से शामिल रहे। वहीं, ग्रामीणों की इस गंभीर समस्या पर सांसद इकरा हसन ने संबंधित विभाग के अधिकारियों से तत्काल बात की और पेयजल टंकी को जल्द से जल्द सुचारू रूप से चलवाने का आश्वासन दिया है।
    user_SADDAM KHAN
    SADDAM KHAN
    Local News Reporter ऊन, शामली, उत्तर प्रदेश•
    23 hrs ago
  • मुजफ्फरनगर के कस्बा बुढ़ाना में 16 जुलाई 2026 को एक गौमाता की मृत्यु के बाद उनके अंतिम संस्कार को लेकर गंभीर विवाद खड़ा हो गया है। एक तरफ जहां देश में गौमाता को सर्वोच्च सम्मान देने और राष्ट्रीय माता का दर्जा देने की मांग की जा रही है, वहीं दूसरी तरफ बुढ़ाना में मृत गौमाता को नगर पंचायत के ठोस अपशिष्ट निस्तारण स्थल (कूड़ा निस्तारण केंद्र) में दफनाने का मामला सामने आया है। स्थानीय लोगों के अनुसार, दोपहर लगभग 12:00 बजे गौमाता का निधन हुआ था, लेकिन मालिक को इसकी जानकारी शाम लगभग 4:00 से 5:00 बजे के बीच मिली। इस दौरान गौमाता के अंतिम संस्कार को लेकर कई तरह की लापरवाही के आरोप लगे हैं। सबसे पहले गौमाता को एक निजी भूमि में दफनाने का प्रयास किया गया था, लेकिन भूमि स्वामी की आपत्ति के बाद उन्हें वहाँ से हटा दिया गया। आरोप है कि इसके बाद नगर पंचायत के वाहन को वापस बुला लिया गया और आखिरकार रात लगभग 9:30 से 10:00 बजे गौमाता को कूड़ा निस्तारण केंद्र में दफनाया गया। इस घटनाक्रम को लेकर स्थानीय लोग प्रशासन पर सवाल उठा रहे हैं कि बंजर और सार्वजनिक भूमि उपलब्ध होने के बावजूद गौमाता को कूड़ा निस्तारण स्थल पर क्यों दफनाया गया और नगर पंचायत के वाहन को वापस बुलाने के पीछे क्या कारण था। गौमाता के अंतिम संस्कार को लेकर उपजे इस विवाद से जनभावनाएं आहत हुई हैं और यह समाज व प्रशासन दोनों के लिए चिंतन का विषय बन गया है। इस पूरे मामले में निष्पक्ष जांच कराकर जिम्मेदारी तय करने की मांग की जा रही है। इसके साथ ही यह भी मांग उठाई गई है कि भविष्य में गौवंश के सम्मानजनक अंतिम संस्कार के लिए नगर पंचायतों में एक स्थायी व उचित व्यवस्था सुनिश्चित की जानी चाहिए।
    3
    मुजफ्फरनगर के कस्बा बुढ़ाना में 16 जुलाई 2026 को एक गौमाता की मृत्यु के बाद उनके अंतिम संस्कार को लेकर गंभीर विवाद खड़ा हो गया है। एक तरफ जहां देश में गौमाता को सर्वोच्च सम्मान देने और राष्ट्रीय माता का दर्जा देने की मांग की जा रही है, वहीं दूसरी तरफ बुढ़ाना में मृत गौमाता को नगर पंचायत के ठोस अपशिष्ट निस्तारण स्थल (कूड़ा निस्तारण केंद्र) में दफनाने का मामला सामने आया है। स्थानीय लोगों के अनुसार, दोपहर लगभग 12:00 बजे गौमाता का निधन हुआ था, लेकिन मालिक को इसकी जानकारी शाम लगभग 4:00 से 5:00 बजे के बीच मिली।

इस दौरान गौमाता के अंतिम संस्कार को लेकर कई तरह की लापरवाही के आरोप लगे हैं। सबसे पहले गौमाता को एक निजी भूमि में दफनाने का प्रयास किया गया था, लेकिन भूमि स्वामी की आपत्ति के बाद उन्हें वहाँ से हटा दिया गया। आरोप है कि इसके बाद नगर पंचायत के वाहन को वापस बुला लिया गया और आखिरकार रात लगभग 9:30 से 10:00 बजे गौमाता को कूड़ा निस्तारण केंद्र में दफनाया गया। इस घटनाक्रम को लेकर स्थानीय लोग प्रशासन पर सवाल उठा रहे हैं कि बंजर और सार्वजनिक भूमि उपलब्ध होने के बावजूद गौमाता को कूड़ा निस्तारण स्थल पर क्यों दफनाया गया और नगर पंचायत के वाहन को वापस बुलाने के पीछे क्या कारण था।

गौमाता के अंतिम संस्कार को लेकर उपजे इस विवाद से जनभावनाएं आहत हुई हैं और यह समाज व प्रशासन दोनों के लिए चिंतन का विषय बन गया है। इस पूरे मामले में निष्पक्ष जांच कराकर जिम्मेदारी तय करने की मांग की जा रही है। इसके साथ ही यह भी मांग उठाई गई है कि भविष्य में गौवंश के सम्मानजनक अंतिम संस्कार के लिए नगर पंचायतों में एक स्थायी व उचित व्यवस्था सुनिश्चित की जानी चाहिए।
    user_Chhavi सहायक ब्यूरो चीफ
    Chhavi सहायक ब्यूरो चीफ
    Court reporter बुढाना, मुजफ्फरनगर, उत्तर प्रदेश•
    7 hrs ago
  • उत्तर प्रदेश के शामली जिले के कैराना में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने पीएसी कैंप कार्यालय का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने कैराना में सैकड़ों करोड़ रुपये की विकास परियोजनाओं का शिलान्यास और लोकार्पण किया। इस कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने विपक्ष पर भी जमकर हमला बोला।
    1
    उत्तर प्रदेश के शामली जिले के कैराना में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने पीएसी कैंप कार्यालय का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने कैराना में सैकड़ों करोड़ रुपये की विकास परियोजनाओं का शिलान्यास और लोकार्पण किया। इस कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने विपक्ष पर भी जमकर हमला बोला।
    user_P7tv
    P7tv
    शामली, शामली, उत्तर प्रदेश•
    4 hrs ago
View latest news on Shuru App
Download_Android
  • Terms & Conditions
  • Career
  • Privacy Policy
  • Blogs
Shuru, a product of Close App Private Limited.