प्रतापगढ़ के कंधई थाना क्षेत्र के परान पुर गांव में एक विवादित सफेदा (यूकेलिप्टस) के पेड़ को काटे जाने के दौरान एसओ आदित्य सिंह पर एक महिला को थप्पड़ मारने का आरोप लगा है। इस घटना का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। जानकारी के अनुसार, हाल ही में आई आंधी में यह पेड़ गिर गया था, जिससे कुछ स्थानीय लोगों का आवागमन प्रभावित हो रहा था। हालांकि, पड़ोस के कुछ लोग इस पेड़ को अपना बताते हुए इसे काटने का विरोध कर रहे थे। शिकायत मिलने पर एसओ आदित्य सिंह पुलिस और राजस्व टीम के साथ मौके पर पहुंचे। जब पेड़ काटने के लिए आरा चलने लगा, तभी कुछ महिलाएं उसे पकड़ने के लिए दौड़ पड़ीं। इसी दौरान एसओ और अन्य पुलिसकर्मी उन्हें हटाने लगे और आरोप है कि इसी दौरान एसओ ने एक महिला को थप्पड़ मार दिया। हालांकि, एसओ आदित्य सिंह ने थप्पड़ मारने के आरोप को सिरे से खारिज किया है। उन्होंने बताया कि राजस्व टीम की मौजूदगी में पेड़ काटा जा रहा था और महिलाएं उस तरफ दौड़ी थीं, जिन्हें केवल मौके से हटाया गया था। वहीं, 'अवध की दुनिया समाचार पत्र' इस वायरल वीडियो की सत्यता की पुष्टि नहीं करता है।
प्रतापगढ़ के कंधई थाना क्षेत्र के परान पुर गांव में एक विवादित सफेदा (यूकेलिप्टस) के पेड़ को काटे जाने के दौरान एसओ आदित्य सिंह पर एक महिला को थप्पड़ मारने का आरोप लगा है। इस घटना का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। जानकारी के अनुसार, हाल ही में आई आंधी में यह पेड़ गिर गया था, जिससे कुछ स्थानीय लोगों का आवागमन प्रभावित हो रहा था। हालांकि, पड़ोस के कुछ लोग इस पेड़ को अपना बताते हुए इसे काटने का विरोध कर रहे थे। शिकायत मिलने पर एसओ आदित्य सिंह पुलिस और राजस्व टीम के साथ मौके पर पहुंचे। जब पेड़ काटने के लिए आरा चलने लगा, तभी कुछ महिलाएं उसे पकड़ने के लिए दौड़ पड़ीं। इसी दौरान एसओ और अन्य पुलिसकर्मी उन्हें हटाने लगे और आरोप है कि इसी दौरान एसओ ने एक महिला को थप्पड़ मार दिया। हालांकि, एसओ आदित्य सिंह ने थप्पड़ मारने के आरोप को सिरे से खारिज किया है। उन्होंने बताया कि राजस्व टीम की मौजूदगी में पेड़ काटा जा रहा था और महिलाएं उस तरफ दौड़ी थीं, जिन्हें केवल मौके से हटाया गया था। वहीं, 'अवध की दुनिया समाचार पत्र' इस वायरल वीडियो की सत्यता की पुष्टि नहीं करता है।
- टीजीटी की एक परीक्षार्थी को बस खराब होने की वजह से परीक्षा केंद्र पर देर से पहुंचने के कारण प्रवेश नहीं मिल पाया। बस में आई खराबी के चलते उम्मीदवार समय पर केंद्र के बाहर नहीं पहुंच सकी, जिसके बाद उसे परीक्षा में शामिल होने की इंट्री नहीं मिली।1
- प्रतापगढ़ जिले में संग्रामगढ़ पुलिस ने खंनवारी ग्राम प्रधान सुशील शुक्ला पर जानलेवा हमले के मामले में दो इनामिया आरोपियों को गिरफ्तार कर बड़ी सफलता हासिल की है। गिरफ्तार किए गए दोनों आरोपियों पर ₹10-10 हजार का इनाम घोषित था और वे इस मुकदमे में वांछित चल रहे थे। यह मामला 6 फरवरी 2026 को हुआ था, जब बाबागंज ब्लॉक के खंनवारी गांव के प्रधान सुशील शुक्ल, जो हरिश्चंद्र के पुत्र हैं, पर उनके ही गांव के रहने वाले आधे दर्जन से अधिक व्यक्तियों ने जानलेवा हमला किया था। पुलिस के अनुसार, यह हमला प्रधान पद के चुनाव को लेकर चली आ रही पुरानी रंजिश के कारण हुआ था। नामजद और अज्ञात हमलावरों ने सुशील शुक्ल के साथ गाली-गलौज की और लाठी-डंडों से मारपीट की, जिसमें उन्हें चोटें आईं और जान से मारने की धमकी भी दी गई थी। इस घटना के संबंध में थाना संग्रामगढ़ में मुकदमा दर्ज कर विवेचना की जा रही थी। अपराधियों के विरुद्ध चलाए जा रहे अभियान के तहत, पुलिस अधीक्षक दीपक भूकर के निर्देश पर और थाना प्रभारी मनोज कुमार तोमर के नेतृत्व में, पुलिस टीम ने मुखबिर की सूचना पर अर्रो नहर पुलिया के पास से इन दोनों वांछित इनामिया आरोपियों को धर दबोचा। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान 24 वर्षीय देव तिवारी, निवासी कालू सिंह का पुरवा, थाना संग्रामगढ़, और 19 वर्षीय अमन सरोज, निवासी खंनवारी, थाना संग्रामगढ़ के रूप में हुई है। घटना के बाद से ही इस हमले में शामिल रमाशंकर, अनूप, मेवालाल यादव, शीतला प्रसाद शुक्ल, और आर्यन उर्फ अमित शुक्ल जैसे अन्य आरोपी अभी भी पुलिस को चकमा देकर फरार चल रहे हैं। पुलिस ने फरार हमलावरों की जानकारी देने पर प्रत्येक पर दस-दस हजार रुपये का इनाम घोषित किया था, जिसमें से अब दो वांछित आरोपी गिरफ्तार हो चुके हैं।1
- आसपुर देवसरा थाना क्षेत्र के सैफाबाद बाजार स्थित एक अस्पताल को डिप्टी सीएमओ ने सोमवार देर शाम सील कर दिया। यह कार्रवाई एक प्रसूता और उसके गर्भ में पल रहे बच्चे की मौत के मामले के बाद प्रशासनिक अधिकारियों द्वारा की गई थी। हालांकि, इस सीलिंग की कार्रवाई पर गंभीर सवाल उठ रहे हैं, क्योंकि सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, अस्पताल सील होने के बावजूद भी यहाँ इलाज का कार्य जारी है। इसकी सच्चाई जानने के लिए जब मीडियाकर्मी मौके पर पहुँचे, तो वहाँ नर्स समेत अन्य स्टाफ मौजूद मिले। यह सामने आया कि अस्पताल के मुख्य गेट को भले ही प्रशासन ने सील कर दिया हो, लेकिन बगल में बनी एक गैलरी से अस्पताल के अंदर जाने का रास्ता खुला है। इस गैलरी के माध्यम से अस्पताल कर्मियों को अंदर दाखिल होने का पूरा अवसर दिया गया है, जिससे डिप्टी सीएमओ की सीलिंग की कार्रवाई की प्रभावशीलता और मंशा पर प्रश्नचिह्न लग गया है। इस दौरान, अस्पताल स्टाफ ने मीडियाकर्मियों का वीडियो बनाना शुरू कर दिया, और घटना की सूचना मिलते ही सैफाबाद चौकी इंचार्ज तुरंत मौके पर पहुँच गए। वहाँ मौजूद एक महिला, जिसे स्टाफ नर्स बताया जा रहा था, मीडियाकर्मियों को लगातार निशाना बनाने का प्रयास करती रही। मंगलवार शाम करीब 6 बजे, थाना अध्यक्ष राकेश चौरसिया ने इस संबंध में बताया कि उन्हें स्वास्थ्य विभाग से अस्पताल सील होने की कोई आधिकारिक जानकारी नहीं दी गई है, और उन्हें अस्पताल के सील होने की कोई जानकारी नहीं है। यह स्थिति अस्पताल सीलिंग की प्रशासनिक कार्रवाई की पारदर्शिता और उसकी वास्तविक प्रभावकारिता पर बड़े सवाल खड़े करती है, खास तौर पर मेडिकल लापरवाही से जुड़ी एक गंभीर घटना के बाद।1
- प्रतापगढ़ में अपराध और अपराधियों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के क्रम में, थाना कोतवाली नगर में गैंगस्टर एक्ट के तहत दर्ज मामलों से संबंधित गैंग लीडर मस्सन, गैंग सदस्य मो० इलियास और अलीम उर्फ मोनू के विरुद्ध प्रभावी कार्यवाही की गई है। इस कार्रवाई के तहत, माननीय जिला मजिस्ट्रेट प्रतापगढ़ द्वारा उत्तर प्रदेश गैंगस्टर एक्ट की धारा 14(1) के अंतर्गत इन तीनों की कुल ₹45,30,000/- (पैंतालीस लाख तीस हजार रुपये) मूल्य की अवैध चल और अचल संपत्तियों को कुर्क करने का आदेश पारित किया गया है। अपर पुलिस अधीक्षक (पूर्वी) श्री आलोक कुमार भाटी ने इस संबंध में अपनी बाइट भी दी है।1
- सुल्तानपुर के कोतवाली नगर क्षेत्र स्थित गोलाघाट के पक्के पुल पर आज, 03 जून 2026 को उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब एक महिला ने अचानक पुल से छलांग लगा दी। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, पुल से कूदते ही महिला नीचे लगे बांस-बल्ली से टकराती हुई सीधे नदी में जा गिरी। इस दर्दनाक घटना को देखते हुए मौके पर मौजूद स्थानीय लोगों में हड़कंप मच गया और उन्होंने तुरंत बचाव कार्य शुरू कर दिया। लोगों ने किसी तरह महिला को नदी से बाहर निकाला, लेकिन तब तक उसकी स्थिति को लेकर गंभीर आशंका जताई जा रही थी। घटना की सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुँची और प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, शव को कब्जे में लेकर पंचायतनामा की कार्रवाई शुरू कर दी। फिलहाल, महिला की पहचान स्पष्ट नहीं हो पाई है और पुलिस उसकी शिनाख्त के प्रयास में जुटी है, जिसके लिए आसपास के क्षेत्रों से भी जानकारी जुटाई जा रही है। घटना स्थल पर शांति व्यवस्था सामान्य बताई गई है, लेकिन इस हृदय विदारक घटना से पूरे इलाके में सनसनी फैल गई है। क्षेत्राधिकारी नगर सौरभ सामन्त ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है और महिला की पहचान के प्रयास जारी हैं, साथ ही आगे की कानूनी कार्रवाई भी प्रचलित है।1
- जौनपुर के मछलीशहर में जज सिंह अन्ना की मांगों के बाद प्रशासन ने अवैध अस्पतालों के खिलाफ जाँच अभियान चलाने की पूरी तैयारी कर ली है। उपजिलाधिकारी अजय कुमार उपाध्याय ने इस अभियान की कमान संभालने का आश्वासन दिया है। अन्ना ने प्रसूता महिला की मृत्यु पर 25 लाख रुपये और नवजात शिशु की मृत्यु पर 5 लाख रुपये के मुआवजे की मांग की है, जिसे उत्तर प्रदेश सरकार के पास लिखित में भेजा जा रहा है। डिप्टी सीएमओ डॉ प्रभात कुमार ने बताया है कि दो दिन बाद से अस्पतालों पर लगातार दस दिनों तक छापे मारे जाएंगे। एसडीएम मछलीशहर ने आश्वस्त किया है कि इस अभियान के लिए जितनी भी फोर्स की आवश्यकता होगी, वह उपलब्ध कराई जाएगी, और जरूरत पड़ने पर वे अवैध अस्पतालों को सीज करने में सीएमओ और एडिशनल सीएमओ का सहयोग करेंगे। उन्होंने चिकित्सा पद्धति को सुधारने और जाँच अभियान में हर संभव सहयोग देने की बात कही। एसडीएम मछलीशहर ने अन्ना की इन मुआवजे की मांगों को जायज बताते हुए उत्तर प्रदेश सरकार से इसे पास कराने की पूरी कोशिश करने का संकल्प लिया है। साथ ही उन्होंने प्रसूता और नवजात की मृत्यु को रोकने के लिए आज से एक सघन अभियान चलाने की घोषणा की। दूसरी ओर, जज सिंह अन्ना ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि कार्रवाई नहीं हुई, तो वे 15 दिन बाद दोबारा आंदोलन करेंगे, इसे उन्होंने 'जन-संघर्ष की एक और जीत' बताया है।1
- जनपद प्रतापगढ़ में अपराध और अपराधियों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत, पुलिस अधीक्षक श्री दीपक भूकर के निर्देशन में थाना रानीगंज पुलिस ने एक महत्वपूर्ण सफलता हासिल की है। रानीगंज पुलिस ने 1992 के एक चोरी और घर में घुसकर चोरी के मामले में लंबे समय से वांछित चल रहे एक वारंटी को गिरफ्तार किया है। थाना रानीगंज पुलिस टीम, जिसमें उपनिरीक्षक सुरेन्द्रनाथ यादव और उनके साथ रिज़र्व कांस्टेबल पृथ्वीराज चौहान शामिल थे, ने क्षेत्र में वांछित और वारंटी अपराधियों की तलाश, जांच प्रार्थना पत्रों का निस्तारण और मुखबिर से मिली सूचना के आधार पर यह कार्रवाई की। इस दौरान, भोलानाथ हरिजन, जिसकी उम्र लगभग 55 वर्ष है और जो बृजलाल का पुत्र तथा ग्राम भानेमऊ बुआपुर, थाना मऊआइमा, जनपद प्रयागराज का निवासी है, को उसके घर के पास से गिरफ्तार किया गया। यह गिरफ्तारी मुकदमा संख्या 1700378/2004, अपराध संख्या 02/1992, धारा 457/380 भादवि से संबंधित मामले में हुई है। गिरफ्तार किया गया अभियुक्त भोलानाथ हरिजन लंबे समय से न्यायालय से वांछित चल रहा था, और पुलिस द्वारा उसके खिलाफ आवश्यक विधिक कार्रवाई की जा रही है।1
- प्रतापगढ़ के कंधई थाना क्षेत्र के परान पुर गांव में एक विवादित सफेदा (यूकेलिप्टस) के पेड़ को काटे जाने के दौरान एसओ आदित्य सिंह पर एक महिला को थप्पड़ मारने का आरोप लगा है। इस घटना का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। जानकारी के अनुसार, हाल ही में आई आंधी में यह पेड़ गिर गया था, जिससे कुछ स्थानीय लोगों का आवागमन प्रभावित हो रहा था। हालांकि, पड़ोस के कुछ लोग इस पेड़ को अपना बताते हुए इसे काटने का विरोध कर रहे थे। शिकायत मिलने पर एसओ आदित्य सिंह पुलिस और राजस्व टीम के साथ मौके पर पहुंचे। जब पेड़ काटने के लिए आरा चलने लगा, तभी कुछ महिलाएं उसे पकड़ने के लिए दौड़ पड़ीं। इसी दौरान एसओ और अन्य पुलिसकर्मी उन्हें हटाने लगे और आरोप है कि इसी दौरान एसओ ने एक महिला को थप्पड़ मार दिया। हालांकि, एसओ आदित्य सिंह ने थप्पड़ मारने के आरोप को सिरे से खारिज किया है। उन्होंने बताया कि राजस्व टीम की मौजूदगी में पेड़ काटा जा रहा था और महिलाएं उस तरफ दौड़ी थीं, जिन्हें केवल मौके से हटाया गया था। वहीं, 'अवध की दुनिया समाचार पत्र' इस वायरल वीडियो की सत्यता की पुष्टि नहीं करता है।1