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नौरौजाबद मे सलेन्डर कि किल्लत से परेशान उपभोक्ता अब तोडी चुप्पी प्रबंधन पर गंभीर आरोप
देशबंधु समाचार पत्र आशीष कुमार
नौरौजाबद मे सलेन्डर कि किल्लत से परेशान उपभोक्ता अब तोडी चुप्पी प्रबंधन पर गंभीर आरोप
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- Post by देशबंधु समाचार पत्र आशीष कुमार1
- जबलपुर के बरगी डैम में कृज हादसे के 15 घंटे बाद रेस्क्यू के दौरान दिल दहला देने वाली तस्वीर सामने आई है, एक मा का अपने बेटे को सीने से लगाए बाँह थामे मिला है जिसने यह दृश्य देखा वाह अपनी आंख से आंसू नहीं रोक पाया.... धन्य गई दुनिया में माँ जिन्दा ईश्वर है. #bargidam #jabalpur #RIP Jabalpur MP1
- Post by RAKES PRATAP SINGH SIKARWAR6
- जबलपुर। बड़ी खबर ... जबलपुर के बरगी डैम में आंधी तूफान में डूबा क्रूज 5 यात्रियों की मौत ,15 को बचाव दल ने पानी से निकाला बरगी बाँध में पलटा क्रूज 4 की मौत 11 लापता 15 को बचाया गया क्रूज पर 29 व्यक्ति सवार थे शेष की तलाश कार्य जारी घटनास्थल में मचा कोहराम एसडीआरएफ, पुलिस, होमगार्ड की टीम द्वारा रेस्क्यू ऑपरेशन जारी कलेक्टर राघवेंद्र सिंह एवं पुलिस अधीक्षक संपत उपाध्याय दल बल के साथ मौके पर मौजूद#जबलपुर #जबलपुरपुलिस #जबलपुरकलेक्टर #post #वायरल1
- भोपाल। मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल से प्रशासनिक कार्यशैली पर गंभीर सवाल खड़े करने वाला मामला सामने आया है। आरोप है कि एसडीएम कार्यालय में पदस्थ रीडर संध्या मैडम और स्वयं एसडीएम का रवैया आम जनता के प्रति बेहद आक्रामक और दबावपूर्ण है। शिकायतकर्ताओं का कहना है कि जवाब मांगने पर कथित तौर पर गुंडों और पुलिस का सहारा लिया जाता है, जिससे फरियादियों में भय का माहौल बन रहा है। राजधानी, जहां राज्यपाल, मुख्यमंत्री, डीजीपी और कमिश्नर जैसे शीर्ष पदाधिकारियों के निवास हैं—वहीं प्रशासनिक दफ्तरों की ऐसी तस्वीर सामने आना कई सवाल खड़े कर रहा है। स्थानीय लोगों का कहना है कि अगर राजधानी में यह हाल है, तो बाकी जिलों की स्थिति का अंदाजा लगाया जा सकता है। मामले ने तूल पकड़ना शुरू कर दिया है और अब लोग उच्च अधिकारियों से निष्पक्ष जांच की मांग कर रहे हैं। सवाल साफ है—क्या अफसरशाही बेलगाम हो चुकी है, या फिर सिस्टम में जवाबदेही की कमी उजागर हो रही है? 👉 अब देखना होगा कि प्रशासन इस मामले में क्या रुख अपनाता है और क्या आम जनता को न्याय मिल पाएगा या नहीं।1
- *बरगी डैम हादसा: सीएम डॉ. मोहन ने व्यक्त किया शोक, मृतकों के परिजनों के लिए 4-4 लाख रुपये मुआवजे का ऐलान* *- जबलपुर में क्रूज डूबने से हुई जनहानि* *- रेस्क्यू टीम ने 15 को बचाया, लापता लोगों की तलाश जारी* *- प्रशासनिक अधिकारी और राहत-बचाव दल मौके पर मौजूद* भोपाल। मध्यप्रदेश के जबलपुर में 30 अप्रैल को दर्दनाक हादसा हो गया। प्रदेश की सांस्कृतिक राजधानी जबलपुर के बरगी डैम में क्रूज डूब गया। हादसे की सूचना मिलते ही रेस्क्यू टीमें मौके पर पहुंची। फिलहाल, रेस्क्यू ऑपरेशन जारी है। इस बीच मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने घटना पर शोक जताया। उन्होंने मृतकों के परिजनों के लिए 4-4 लाख रुपये की आर्थिक सहायता की घोषणा की। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार पूरी तरह संवेदनशील है। कुछ लोगों को बचा लिया गया है, लापता लोगों की तलाश जारी है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि आज जबलपुर में तेज आंधी-तूफान के कारण बरगी डैम में हुए दुखद क्रूज हादसे को लेकर स्थानीय प्रशासन एवं रेस्क्यू फोर्स का ऑपरेशन लगातार जारी है। लोक निर्माण मंत्री राकेश सिंह, पर्यटन मंत्री धर्मेंद्र सिंह लोधी और स्थानीय जनप्रतिनिधियों को मौके पर पहुंचने के निर्देश दिए हैं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि संकट की इस घड़ी में राज्य सरकार पूर्ण संवेदनशीलता के साथ प्रभावित परिवारों के साथ खड़ी है और हर संभव सहायता सुनिश्चित की जा रही है। *आर्थिक सहायता की घोषणा* मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि इस हादसे में जो जनहानि हुई है, वह अत्यंत पीड़ादायक है। शोकाकुल परिजनों के प्रति मेरी गहरी संवेदनाएं हैं। मृतकों के परिवारजनों को राज्य शासन की ओर से 4-4 लाख की आर्थिक सहायता प्रदान करने के निर्देश दिए हैं। *मौके पर मौजूद प्रशासनिक अमला* बता दें, बरगी बांध में क्रूज में कुल 29 यात्रियों के टिकट जारी किए गए थे। इनमें से 15 व्यक्तियों को सुरक्षित बचा लिया गया है। शेष व्यक्तियों की तलाश एवं बचाव कार्य युद्ध स्तर पर जारी है। जबलपुर कलेक्टर, पुलिस अधीक्षक के साथ एसडीआरएफ और अन्य बचाव दल मौके पर मौजूद हैं। घटना स्थल पर राहत एवं बचाव कार्य सतत रूप से संचालित किए जा रहे हैं।1
- डिंडोरी में हेलमेट को लेकर सख्ती, मुख्य मार्ग पर चला विशेष चेकिंग अभियान डिंडोरी — सड़क दुर्घटनाओं पर अंकुश लगाने और लोगों को जागरूक करने के उद्देश्य से यातायात पुलिस ने हेलमेट को लेकर विशेष चेकिंग अभियान चलाया। यह अभियान डिंडोरी–अमरकंटक मुख्य मार्ग पर जेल बिल्डिंग के समीप लगाया गया, जहां बड़ी संख्या में दोपहिया वाहनों की जांच की गई। यातायात थाना प्रभारी उइके ने अपनी टीम के साथ मौके पर मौजूद रहकर बिना हेलमेट वाहन चला रहे चालकों पर कार्रवाई करते हुए चालान काटे। इस दौरान पुलिस ने सख्ती के साथ-साथ समझाइश का भी सहारा लिया और वाहन चालकों को हेलमेट के महत्व के बारे में बताया। पुलिस ने स्पष्ट किया कि अधिकांश सड़क हादसों में सिर की चोट से जान जाने का खतरा अधिक रहता है, जिसे हेलमेट पहनकर काफी हद तक रोका जा सकता है। इसलिए हेलमेट पहनना केवल नियम का पालन नहीं, बल्कि जीवन की सुरक्षा का महत्वपूर्ण उपाय है। अभियान के दौरान वाहन चालकों से अपील की गई कि वे अपनी और अपने परिवार की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए हमेशा हेलमेट पहनकर ही वाहन चलाएं। यातायात पुलिस ने यह भी संकेत दिए हैं कि आने वाले दिनों में ऐसे अभियान और तेज किए जाएंगे, ताकि जिले में सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाई जा सके।1
- Post by JIYAUDDIN ANSARI1