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mehnat se kamaya hua paisa acha lagta hai kyon ki anand
Satyavan Chauhan
mehnat se kamaya hua paisa acha lagta hai kyon ki anand
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- Post by Satyavan Chauhan1
- Post by 24News उत्तर प्रदेश1
- आज आजमगढ़ में कांग्रेस नेता प्रवीण सिंह के नेतृत्व में एक महत्वपूर्ण ज्ञापन जिलाधिकारी को सौंपा गया। यह ज्ञापन राजन नामक युवक के म्यांमार में कथित अवैध हिरासत और जेल में बंद होने के संबंध में दिया गया, जिसमें उसकी मां शांति भी मौजूद रहीं। परिजनों का आरोप है कि राजन को गलत तरीके से म्यांमार में हिरासत में रखा गया है और उसकी सुरक्षित वापसी के लिए भारत सरकार से हस्तक्षेप की मांग की गई है। जिलाधिकारी ने मामले की गंभीरता को देखते हुए तत्काल कार्रवाई करते हुए संबंधित अधिकारी को विदेश मंत्रालय को पत्र भेजने का निर्देश दिया है, ताकि राजन की स्थिति स्पष्ट हो सके और आवश्यक कदम उठाए जा सकें। इस संवेदनशील मामले को मीडिया ने भी प्रमुखता से उठाया है, जिसके बाद सोशल मीडिया पर भी राजन की खबर तेजी से वायरल हो रही है। स्थानीय लोगों में भी इस मुद्दे को लेकर चिंता और आक्रोश देखने को मिल रहा है।1
- *गोरखपुर से दुखद खबर* *ड्यूटी के दौरान सोनू शर्मा एवं शैलेश त्रिपाठी के उत्पीड़न, धमकी और टॉर्चर से EMT विजय यादव को आया हार्ट अटैक, ब्रेन हेमरेज — मेडिकल कॉलेज गोरखपुर में भर्ती* *जनपद गोरखपुर* 102 एंबुलेंस सेवा में तैनात EMT विजय यादव की हालत गंभीर बताई जा रही है। ब्रेन हेमरेज की सूचना के बाद उन्हें तत्काल बीआरडी मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया, जहां उनका इलाज जारी है। डॉक्टरों के अनुसार उनकी स्थिति अभी नाजुक बनी हुई है। गोरखपुर के पिपरौली क्षेत्र में 102 एंबुलेंस सेवा में कार्यरत विजय यादव की अचानक तबीयत बिगड़ने से हड़कंप मच गया। बताया जा रहा है कि उन्हें पहले हार्ट अटैक आया, जिसके बाद ब्रेन हेमरेज हुआ और हालत गंभीर हो गई। घटना के बाद स्वास्थ्य विभाग और एंबुलेंस सेवा से जुड़े कर्मियों में चिंता का माहौल है। गंभीर आरोप भी सामने आए हैं प्राप्त जानकारी और पूर्व में प्रकाशित खबरों के अनुसार, आरोप लगाया जा रहा है कि पिछले लगभग एक महीने से सोनू शर्मा और शैलेश त्रिपाठी द्वारा विजय यादव पर फर्जी केस (20 से 25) और 250 किलोमीटर तक एंबुलेंस फर्जी चलाने का दबाव बनाया जा रहा था। आरोप है कि ऐसा न करने पर 300 किलोमीटर दूर ट्रांसफर या नौकरी से बर्खास्त करने की धमकी दी जा रही थी। इसके अलावा, RM दिग्विजय मौर्य के निर्देश पर काम करते हुए लगातार दबाव बनाए जाने के भी आरोप लगाए गए हैं। वहीं EME सोनू शर्मा और EME शैलेश त्रिपाठी पर मानसिक दबाव, टॉर्चर और धमकी देने के गंभीर आरोप सामने आए हैं, जिससे पूरे मामले की गंभीरता और बढ़ गई है। लगातार ड्यूटी का भी मामला बताया जा रहा है कि विजय यादव मूल रूप से गाजीपुर जनपद के निवासी हैं और पिछले डेढ़ से दो महीनों से लगातार दिन-रात (करीब 24 घंटे) ड्यूटी कर रहे थे। ऐसे में अत्यधिक कार्य दबाव और मानसिक तनाव को भी उनकी हालत बिगड़ने की संभावित वजह माना जा रहा है। पहले भी दी गई थी जानकारी दावा किया जा रहा है कि इस पूरे मामले को लेकर कई दिनों से खबरों के माध्यम से गोरखपुर प्रशासन को अवगत कराया जा रहा था, लेकिन कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। अब इस घटना के बाद मामला और गंभीर हो गया है और प्रशासन की कार्यशैली पर भी सवाल उठने लगे हैं। बड़ा सवाल क्या लगातार 24 घंटे ड्यूटी और मानसिक दबाव इस गंभीर स्थिति की वजह बना? क्या जिम्मेदार अधिकारियों पर कार्रवाई होगी? मांग तेज इस गंभीर प्रकरण को देखते हुए अब निष्पक्ष और उच्चस्तरीय जांच की मांग तेज हो गई है— पूरे मामले की उच्चस्तरीय जांच कराई जाए दोषी अधिकारियों पर सख्त कार्रवाई की जाए एंबुलेंस कर्मियों की कार्य परिस्थितियों की तत्काल समीक्षा हो लगातार 24 घंटे ड्यूटी और मानसिक उत्पीड़न जैसे मामलों पर स्पष्ट नीति बनाई जाए अब कार्रवाई जरूरी यह मामला केवल एक कर्मचारी की गंभीर हालत तक सीमित नहीं है, बल्कि पूरी एंबुलेंस सेवा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े करता है। यदि लगाए गए आरोप सही पाए जाते हैं, तो जिम्मेदार अधिकारियों पर कड़ी कार्रवाई होना बेहद जरूरी है, ताकि भविष्य में किसी भी कर्मचारी को इस तरह के दबाव और उत्पीड़न का सामना न करना पड़े। फिलहाल विजय यादव का इलाज जारी है और पूरे मामले में प्रशासन की आधिकारिक प्रतिक्रिया का इंतजार है।2
- मऊ । पुलिस अधीक्षक मऊ कमलेश बहादुर के निर्देशन में अपर पुलिस अधीक्षक अनूप कुमार के पर्यवेक्षण एवं क्षेत्राधिकारी नगर के मार्गदर्शन में विशेष टीमों का गठन कर लगातार सुरागरसी पतारसी, संदिग्ध व्यक्तियों की चेकिंग एवं मुखबिर की सूचना पर बुधवार को प्राप्त सटीक मुखबिर सूचना के आधार पर थाना दक्षिण टोला पुलिस टीम द्वारा रामपुर चकिया फ्लाई ओवर के पास से घेराबंदी कर तीन अंतर्राज्यीय शातिर अभियुक्तों गिरफ्तार किया गया। गिरफ्तार अभियुक्तों के कब्जे से कार की पिछली सीट के नीचे अवैध शराब परिवहन हेतु बनाये गये स्थान में Signature 750 ml की 78 बोतल, Signature 375 ml की 42 बोतल, Signature 180 ml की 83 बोतल व BLENDERS PRIDE की 750 ml की 64 बोतल, BLENDERS PRIDE 375 ml की 46 बोतल कुल 155 लीटर अवैध अँग्रेजी शराब बरामद हूई, जिसकी बाजारू कीमत लगभग 250000 रू0 है पूछताछ में बताये की वह यह शराब हरियाणा से लेकर आते है तथा बिहार में ले जाकर दुगने दामो पर बेच देते है, हर बार रास्ता बदल बदल कर जाते है तथा पकड़े जाने के डर से हर बार कार का नम्बर प्लेट बदल देते है । इस बार मऊ की तरफ से बिहार जाने के लिए निकले थे तथा शहर के बाहर बाहर से जाने की योजना थी । अभियुक्तगण के विरुद्ध थाना दक्षिण टोला पर मु0अ0सं0 57/2026 धारा 60/72 आबकारी अधिनियम व 318(4)/338/336(3)/340(2) बी0एन0एस0 अभियोग पंजीकृत किया गया है *गिरफ्तार अभियुक्तगण का नाम –* 1. विनीत कुमार पुत्र नरेश भगत निवासी बड़सम खपैती थाना सौर बाजार जनपद सहरसा बिहार 2. नितीश कुमार पुत्र दिलीप चौधरी निवासी मुरादपुर थाना परवत्ता जनपद खगड़िया बिहार 3. क्रान्ति कुमार पुत्र कौशल भगत निवासी श्रीपुरा थाना मधेपुरा जनपद मधेपुरा बिहार गिरफ्तारी का दिनांक समय व स्थान दिनांक- 22.04.2026 समय - 01.10 बजे स्थान - रामपुर चकिया फ्लाई ओवर के पास से बरामदगी 1. Signature 750 ml की 78 बोतल, Signature 375 ml की 42 बोतल, Signature 180 ml की 83 बोतल व BLENDERS PRIDE की 750 ml की 64 बोतल, BLENDERS PRIDE 375 ml की 46 बोतल कुल 155 लीटर अवैध अँग्रेजी शराब 2. अपराध में प्रयुक्त VOLKSWAGEN VENTO कार3
- Post by Pradeep Nishad1
- “जमीन पर दौड़ रही मौत की लाइन: उमरापुर सरायवाल में बिजली व्यवस्था बनी खतरा” ग्राम पंचायत सचिव और ग्राम प्रधान की लापरवाही पंचायत भवन पर ही खतरा अम्बेडकर नगर के विकास खंड बसखारी के ग्राम पंचायत उमरापुर सरायवाल में बिजली व्यवस्था पूरी तरह लापरवाही की भेंट चढ़ती नजर आ रही है। पंचायत भवन तक बिजली सप्लाई पहुंचाने के लिए न तो सही तरीके से खंभे लगाए गए और न ही सुरक्षा मानकों का पालन किया गया। हालात यह हैं कि बिजली के तार जमीन पर ही दूर-दूर तक फैले हुए हैं। जानकारी के अनुसार, बिजली खंभे तक सप्लाई तो उपलब्ध है, लेकिन वहां से पंचायत भवन तक तारों को सुरक्षित ऊंचाई पर ले जाने के बजाय जमीन पर ही बिछा दिया गया है। ये तार कई जगहों से कटे और जर्जर हैं, जिससे खतरा और बढ़ गया है। ग्राम पंचायत सचिव राजीव कुमार वर्मा और ग्राम प्रधान की उदासीनता भी इस मामले में साफ तौर पर सामने आ रही है। स्थानीय ग्रामीणों का आरोप है कि समस्या की जानकारी होने के बावजूद कोई सुधार कार्य नहीं कराया गया। यहां तक कि अस्थायी तौर पर लकड़ी का खंभा लगाकर तारों को ऊपर उठाने की भी कोशिश नहीं की गई। गांव में छोटे-छोटे बच्चे और जानवर खुलेआम इन तारों के आसपास घूमते रहते हैं, जिससे कभी भी कोई गंभीर दुर्घटना हो सकती है। ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि इस गंभीर समस्या को तुरंत संज्ञान में लेकर सुरक्षित बिजली व्यवस्था सुनिश्चित की जाए, ताकि किसी अनहोनी से बचा जा सके।1
- Post by RISHI RAI1