Shuru
Apke Nagar Ki App…
बिहार के भोजपुर में हुए भरत तिवारी एनकाउंटर मामले में एक नया मोड़ आ गया है, जहाँ बिहार पुलिस ने स्वयं अपनी लापरवाही को स्वीकार किया है। एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में एडीजी ने इस बात को माना कि पुलिस समय पर और सही तरीके से आरोपी को अपने नियंत्रण में नहीं ले पाई। इस गंभीर चूक के चलते, एसएचओ सहित छह पुलिसकर्मियों को निलंबित कर दिया गया है। इससे पहले पुलिस ने दावा किया था कि भरत तिवारी ने फायरिंग की थी, लेकिन परिजनों का आरोप इसके बिल्कुल विपरीत है कि भरत ने आत्मसमर्पण कर दिया था और इसके बावजूद उसे गोली मार दी गई। इस घटना के बाद, 'शहीद भरत तिवारी' के लिए न्याय की लगातार माँग की जा रही है, और लोग 'बगावत दिवस 17 जून' स्मरण करते हुए इस मामले में सर्वोच्च न्यायालय के हस्तक्षेप की भी उम्मीद कर रहे हैं।
Journalist Shubham Pandey
बिहार के भोजपुर में हुए भरत तिवारी एनकाउंटर मामले में एक नया मोड़ आ गया है, जहाँ बिहार पुलिस ने स्वयं अपनी लापरवाही को स्वीकार किया है। एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में एडीजी ने इस बात को माना कि पुलिस समय पर और सही तरीके से आरोपी को अपने नियंत्रण में नहीं ले पाई। इस गंभीर चूक के चलते, एसएचओ सहित छह पुलिसकर्मियों को निलंबित कर दिया गया है। इससे पहले पुलिस ने दावा किया था कि भरत तिवारी ने फायरिंग की थी, लेकिन परिजनों का आरोप इसके बिल्कुल विपरीत है कि भरत ने आत्मसमर्पण कर दिया था और इसके बावजूद उसे गोली मार दी गई। इस घटना के बाद, 'शहीद भरत तिवारी' के लिए न्याय की लगातार माँग की जा रही है, और लोग 'बगावत दिवस 17 जून' स्मरण करते हुए इस मामले में सर्वोच्च न्यायालय के हस्तक्षेप की भी उम्मीद कर रहे हैं।
More news from उत्तर प्रदेश and nearby areas
- बिहार के भोजपुर में हुए भरत तिवारी एनकाउंटर मामले में एक नया मोड़ आ गया है, जहाँ बिहार पुलिस ने स्वयं अपनी लापरवाही को स्वीकार किया है। एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में एडीजी ने इस बात को माना कि पुलिस समय पर और सही तरीके से आरोपी को अपने नियंत्रण में नहीं ले पाई। इस गंभीर चूक के चलते, एसएचओ सहित छह पुलिसकर्मियों को निलंबित कर दिया गया है। इससे पहले पुलिस ने दावा किया था कि भरत तिवारी ने फायरिंग की थी, लेकिन परिजनों का आरोप इसके बिल्कुल विपरीत है कि भरत ने आत्मसमर्पण कर दिया था और इसके बावजूद उसे गोली मार दी गई। इस घटना के बाद, 'शहीद भरत तिवारी' के लिए न्याय की लगातार माँग की जा रही है, और लोग 'बगावत दिवस 17 जून' स्मरण करते हुए इस मामले में सर्वोच्च न्यायालय के हस्तक्षेप की भी उम्मीद कर रहे हैं।1
- दिल्ली से प्रयागराज तक चलने वाली हमसफर ट्रेन (नंबर 12276) में यात्रियों को दिए गए खाने का स्वाद बेहद लाजवाब बताया गया है। Prime 18 NEWS ने इस जानकारी को साझा किया है।1
- कौशाम्बी जिले में हुए एक दर्दनाक सड़क हादसे में मां और बेटे की मौत हो गई। महेवाघाट थाना क्षेत्र के सरसवां के पास एक एम्बुलेंस और कार के बीच जोरदार टक्कर हुई, जिसमें कार सवार एक ही परिवार के सदस्य थे। इस हादसे में कार सवार पिता और बेटी गंभीर रूप से घायल हो गए हैं, जिनका इलाज मेडिकल कॉलेज में चल रहा है। बताया जा रहा है कि कार में माता-पिता और उनके दो बच्चे सवार थे, और यह परिवार प्रतापगढ़ का निवासी है। जानकारी के अनुसार, यह दुर्घटना एम्बुलेंस चालक की लापरवाही के चलते हुई।1
- 22 जून को रात 10 बजे, '10 न्यूज़ नेशन' चैनल पर दिनभर की 10 खबरें प्रसारित की जाएँगी।1
- कौशाम्बी जिला मुख्यालय के समदा में न्यायालय में विचाराधीन एक भूमि पर दबंग द्वारा अवैध कब्जा कर निर्माण कराए जाने का मामला सामने आया है। पीड़ित का आरोप है कि इस मामले की लिखित शिकायत जिलाधिकारी कौशाम्बी से की गई है, लेकिन जिला प्रशासन ने इस संबंध में कोई कार्यवाही नहीं की है। शिकायतकर्ता शमशाद खान के मुताबिक, उनके पिता ने समदा गाँव में आराजी संख्या 21 की भूमि खरीदी थी। बाद में इस भूमि को राज्य सरकार ने ले लिया, और इस मामले में उनका राज्य सरकार के साथ मुकदमा न्यायालय में चल रहा है। शमशाद खान ने बताया कि वर्ष 2016 में कोर्ट ऑफ रेवेन्यू प्रयागराज ने आदेश दिया था कि यह भूमि किसी को भी आवंटित न की जाए। इसके बावजूद, जगदीश प्रसाद शिवहरे नामक व्यक्ति कथित तौर पर इसी आराजी संख्या 21 की जमीन पर जबरन अवैध कब्जा कर निर्माण कार्य शुरू कर रहा है, जबकि उसकी अपनी आराजी संख्या 19 और 20 है। शमशाद खान का आरोप है कि न्यायालय में वाद के दौरान हो रहे इस अवैध कब्जे और निर्माण की शिकायत जिलाधिकारी कौशाम्बी से करने के बाद भी उन्हें न्याय नहीं मिल पा रहा है और जिला प्रशासन ने कोई कार्यवाही नहीं की है।3
- कौशाम्बी के महेवाघाट थाना क्षेत्र में सोमवार को एक दर्दनाक सड़क हादसे में एंबुलेंस और एक कार की आमने-सामने की भीषण टक्कर हो गई। यह हादसा सरसवां पीएचसी के पास हुआ, जहां टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि दोनों वाहनों के परखच्चे उड़ गए। इस दुर्घटना में कार सवार एक महिला और उसके छह माह के बेटे की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि पति और पुत्री गंभीर रूप से घायल हो गए। जानकारी के अनुसार, प्रतापगढ़ जनपद के रहने वाले फैजल अपनी पत्नी सयामा फारूखी, छह माह के पुत्र अब्बास और पुत्री मनाल फारूखी के साथ कार से जा रहे थे। इसी दौरान राजापुर की ओर से आ रही एक एंबुलेंस से उनकी कार की जोरदार भिड़ंत हो गई। हादसे के बाद मौके पर चीख-पुकार मच गई। स्थानीय लोगों की सूचना पर पहुंची महेवाघाट पुलिस ने सभी घायलों को तत्काल अस्पताल पहुंचाया। उपचार के दौरान सयामा फारूखी और छह माह के मासूम अब्बास की मौत हो गई, जबकि फैजल और उनकी पुत्री मनाल फारूखी गंभीर रूप से घायल हैं और उनका इलाज चल रहा है। हादसे के बाद पुलिस ने दोनों क्षतिग्रस्त वाहनों को कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी है। प्रारंभिक तौर पर इस दुर्घटना का कारण तेज रफ्तार को माना जा रहा है। पुलिस मामले की गहन जांच कर रही है।4
- आज के व्यापक भ्रष्टाचार को लेकर एक तीखा सवाल उठाया गया है कि यदि मंगल पांडे और चंद्रशेखर तिवारी उर्फ 'आज़ाद' जैसे महान स्वतंत्रता सेनानी इसे देखते, तो उनकी क्या प्रतिक्रिया होती। यह दावा किया गया है कि वे भी वही करते जो भरत तिवारी ने किया है, क्योंकि जब देश की जनता त्राहिमाम कर रही हो और प्रशासन स्वयं उनका 'चीरहरण' कर रहा हो, तब खून का खौलना स्वाभाविक है। इस आक्रोश के बीच, #शहीद_भरत_तिवारी के लिए न्याय की सशक्त मांग की जा रही है, और 17 जून को 'बगावत दिवस' के रूप में रेखांकित किया गया है। इस संदर्भ में पत्रकार शुभम पांडे का भी उल्लेख है, जबकि हैशटैग में सुप्रीम कोर्ट और नरेंद्र मोदी का नाम भी शामिल है, जो इस मुद्दे की व्यापकता को दर्शाता है।1
- उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ के अलीगंज इलाके में सोमवार दोपहर करीब 2:15 बजे एक इमारत में भीषण आग लग गई। इस हादसे में अब तक 15 लोगों की मौत हो चुकी है, जिनमें ज्यादातर स्टूडेंट्स शामिल हैं। मृतकों में 3 महिलाएं और 12 पुरुष हैं। जिस बिल्डिंग में यह आग लगी, उसके बेसमेंट, ग्राउंड और पहले फ्लोर पर एक पेट शॉप और एक क्लीनिक मौजूद था। वहीं, दूसरे फ्लोर पर 'लर्निंग स्पेस' नाम की लाइब्रेरी (कोचिंग) और 'हेड हॉपर स्टूडियो' संचालित होता था, जहाँ 3D आर्ट प्रोडक्शन और गेम एसेट आउटसोर्सिंग का काम होता है। आशंका जताई जा रही है कि आग AC में शॉर्ट सर्किट के कारण लगी। बताया गया है कि अपनी जान बचाने के लिए कई लोग बाथरूम में छिप गए थे, लेकिन धुएं से दम घुटने के कारण उनकी मौत हो गई।1