बिलगांव बांध का एक अतिरिक्त गेट 26 सितंबर को सुबह 7 बजे खोला जाएगा* *कैचमेंट क्षेत्र में अधिक वर्षा के चलते अतिरिक्त पानी की निकासी की जाएगी; निचले क्षेत्र के ग्रामीणों से सतर्क रहने की अपील* *डिंडौरी ** बिलगांव बांध के कैचमेंट क्षेत्र में अधिक वर्षा होने के कारण बांध में जलभराव की स्थिति को देखते हुए अतिरिक्त पानी की निकासी के लिए दिनांक 26 सितंबर 2026 को सुबह 7:00 बजे बांध का एक अतिरिक्त गेट खोला जाएगा। इस दौरान बांध से पानी की निकासी की जाएगी। *बांध से कुल 2 गेट खुले रहेंगे,* जिनमें एक गेट 60 सेंटीमीटर तथा दूसरा गेट 50 सेंटीमीटर तक खोला जाएगा। इन गेटों से लगभग 73.16 क्यूमेक (घन मीटर प्रति सेकंड) पानी का डिस्चार्ज होगा। प्रशासन द्वारा बताया गया है कि यदि बिलगांव बांध के कैचमेंट क्षेत्र में वर्षा अधिक होती है, तो जलस्तर को नियंत्रित करने के लिए बांध के गेटों को आवश्यकता के अनुसार और अधिक खोला जा सकता है। ऐसी स्थिति में बांध से निकलने वाले पानी का प्रवाह बढ़ सकता है। *प्रभावित/सतर्कता वाले ग्राम:* शहपुरा विकासखंड के अंतर्गत बिलगांव, पिपरिया, अमठेरा, बरगांव, करौंदी, इंदौरी, घुंडीसरई, डुंडीसरई, कारीगढ़हरी, चंदवाही, चांटी, फुलवाही,मेंहदवानी विकासखंड के अंतर्गत पिंडरई, कुटरई एवं फूलवाही ग्राम शामिल हैं। प्रशासन ने ग्रामीणों से अपील की है कि बांध से पानी की निकासी के दौरान नदी के किनारे, निचले क्षेत्रों एवं जल प्रवाह वाले स्थानों पर अनावश्यक रूप से न जाएं और स्थानीय प्रशासन द्वारा जारी निर्देशों का पालन करें।
बिलगांव बांध का एक अतिरिक्त गेट 26 सितंबर को सुबह 7 बजे खोला जाएगा* *कैचमेंट क्षेत्र में अधिक वर्षा के चलते अतिरिक्त पानी की निकासी की जाएगी; निचले क्षेत्र के ग्रामीणों से सतर्क रहने की अपील* *डिंडौरी ** बिलगांव बांध के कैचमेंट क्षेत्र में अधिक वर्षा होने के कारण बांध में जलभराव की स्थिति को देखते हुए अतिरिक्त पानी की निकासी के लिए दिनांक 26 सितंबर 2026 को सुबह 7:00 बजे बांध का एक अतिरिक्त गेट खोला जाएगा। इस दौरान बांध से पानी की निकासी की जाएगी। *बांध से कुल 2 गेट खुले रहेंगे,* जिनमें एक गेट 60 सेंटीमीटर तथा दूसरा गेट 50 सेंटीमीटर तक खोला जाएगा। इन गेटों से लगभग 73.16 क्यूमेक (घन मीटर प्रति सेकंड) पानी का डिस्चार्ज होगा। प्रशासन द्वारा बताया गया है कि यदि बिलगांव बांध के कैचमेंट क्षेत्र में वर्षा अधिक होती है, तो जलस्तर को नियंत्रित करने के लिए बांध के गेटों को आवश्यकता के अनुसार और अधिक खोला जा सकता है। ऐसी स्थिति में बांध से निकलने वाले पानी का प्रवाह बढ़ सकता है। *प्रभावित/सतर्कता वाले ग्राम:* शहपुरा विकासखंड के अंतर्गत बिलगांव, पिपरिया, अमठेरा, बरगांव, करौंदी, इंदौरी, घुंडीसरई, डुंडीसरई, कारीगढ़हरी, चंदवाही, चांटी, फुलवाही,मेंहदवानी विकासखंड के अंतर्गत पिंडरई, कुटरई एवं फूलवाही ग्राम शामिल हैं। प्रशासन ने ग्रामीणों से अपील की है कि बांध से पानी की निकासी के दौरान नदी के किनारे, निचले क्षेत्रों एवं जल प्रवाह वाले स्थानों पर अनावश्यक रूप से न जाएं और स्थानीय प्रशासन द्वारा जारी निर्देशों का पालन करें।
- बिलगांव बांध का एक अतिरिक्त गेट 26 सितंबर को सुबह 7 बजे खोला जाएगा* *कैचमेंट क्षेत्र में अधिक वर्षा के चलते अतिरिक्त पानी की निकासी की जाएगी; निचले क्षेत्र के ग्रामीणों से सतर्क रहने की अपील* *डिंडौरी ** बिलगांव बांध के कैचमेंट क्षेत्र में अधिक वर्षा होने के कारण बांध में जलभराव की स्थिति को देखते हुए अतिरिक्त पानी की निकासी के लिए दिनांक 26 सितंबर 2026 को सुबह 7:00 बजे बांध का एक अतिरिक्त गेट खोला जाएगा। इस दौरान बांध से पानी की निकासी की जाएगी। *बांध से कुल 2 गेट खुले रहेंगे,* जिनमें एक गेट 60 सेंटीमीटर तथा दूसरा गेट 50 सेंटीमीटर तक खोला जाएगा। इन गेटों से लगभग 73.16 क्यूमेक (घन मीटर प्रति सेकंड) पानी का डिस्चार्ज होगा। प्रशासन द्वारा बताया गया है कि यदि बिलगांव बांध के कैचमेंट क्षेत्र में वर्षा अधिक होती है, तो जलस्तर को नियंत्रित करने के लिए बांध के गेटों को आवश्यकता के अनुसार और अधिक खोला जा सकता है। ऐसी स्थिति में बांध से निकलने वाले पानी का प्रवाह बढ़ सकता है। *प्रभावित/सतर्कता वाले ग्राम:* शहपुरा विकासखंड के अंतर्गत बिलगांव, पिपरिया, अमठेरा, बरगांव, करौंदी, इंदौरी, घुंडीसरई, डुंडीसरई, कारीगढ़हरी, चंदवाही, चांटी, फुलवाही,मेंहदवानी विकासखंड के अंतर्गत पिंडरई, कुटरई एवं फूलवाही ग्राम शामिल हैं। प्रशासन ने ग्रामीणों से अपील की है कि बांध से पानी की निकासी के दौरान नदी के किनारे, निचले क्षेत्रों एवं जल प्रवाह वाले स्थानों पर अनावश्यक रूप से न जाएं और स्थानीय प्रशासन द्वारा जारी निर्देशों का पालन करें।1
- ⏩ जिले में उत्साहपूर्वक मनाया गया उमंग दिवस विद्यार्थियों को जीवन कौशल, आत्मविश्वास एवं चुनौतियों से मुकाबला करने के लिए किया गया जागरूक ⏩ । समग्र शिक्षा अभियान के तहत जिले के समस्त हाई स्कूल एवं हायर सेकेंडरी विद्यालयों में उमंग दिवस का आयोजन किया गया। कलेक्टर श्रीमती राखी सहाय एवं जिला पंचायत सीईओ अभय सिंह के निर्देशन में कार्यक्रम आयोजित किए गए । ⏩ जिले में उत्साहपूर्वक मनाया गया उमंग दिवस विद्यार्थियों को जीवन कौशल, आत्मविश्वास एवं चुनौतियों से मुकाबला करने के लिए किया गया जागरूक ⏩ । समग्र शिक्षा अभियान के तहत जिले के समस्त हाई स्कूल एवं हायर सेकेंडरी विद्यालयों में उमंग दिवस का आयोजन किया गया। कलेक्टर श्रीमती राखी सहाय एवं जिला पंचायत सीईओ अभय सिंह के निर्देशन में कार्यक्रम आयोजित किए गए । उमंग दिवस की थीम “उमंग है तो जिंदगी में रंग है, चुनौतियों से लड़कर सकारात्मकता से गढ़ेंगे भविष्य” निर्धारित की गई थी। जिले के विद्यालयों में प्राचार्यों, हेल्थ एंड वेलनेस एंबेसडर एवं विद्यालयीन स्टाफ के सहयोग से निर्धारित कार्ययोजना के अनुसार विभिन्न गतिविधियां आयोजित की गईं। इस दौरान विद्यार्थियों को जीवन की विभिन्न चुनौतियों का सकारात्मक ढंग से सामना करने, नेतृत्व क्षमता विकसित करने तथा आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया गया। ⏩ कार्यक्रम के दौरान रोल प्ले, कानाफूसी खेल, सशक्तिकरण स्टेशन सहित विभिन्न प्रतियोगिताओं एवं गतिविधियों का आयोजन किया गया। प्रतियोगिताओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को पुरस्कार प्रदान कर उनका उत्साहवर्धन किया गया। साथ ही विद्यार्थियों ने स्वयं को सशक्त बनाने का संकल्प लिया। ⏩ कलेक्टर श्रीमती राखी सहाय ने अपने संदेश मे कहा कि 10 से 19 वर्ष की आयु जीवन का ऐसा महत्वपूर्ण काल है, जिसमें किशोर-किशोरियों में तीव्र शारीरिक, मानसिक एवं भावनात्मक बदलाव आते हैं। इस दौरान उन्हें कई प्रकार के अंतर्द्वंद्व, सामाजिक दबाव, तनाव एवं शंकाओं का सामना करना पड़ता है। उमंग दिवस विद्यार्थियों को इन चुनौतियों को समझने और उनसे सकारात्मक रूप से निपटने के साथ उनके सर्वांगीण विकास के लिए मार्गदर्शन प्रदान करता है। ⏩ जिला शिक्षा अधिकारी श्री भूपेन्द्र सिंह वरकड़े ने बताया कि उमंग दिवस के माध्यम से विद्यार्थियों में 10 मूल जीवन कौशलों का विकास, उमंग टोल फ्री नंबर 14425 तथा टेली-मानस हेल्पलाइन 14416 की जानकारी, उमंग स्वास्थ्य केंद्रों तक पहुंच एवं उनके उपयोग के प्रति जागरूकता बढ़ाई जा रही है। इसके साथ ही उज्ज्वल कार्यक्रम के माध्यम से जेंडर संवेदनशीलता तथा सशक्त कार्यक्रम के माध्यम से किशोरियों में आत्मविश्वास एवं आत्मरक्षा की भावना विकसित करने पर जोर दिया गया ⏩ यह कार्यक्रम सहायक आयुक्त जन जातीय कार्य विभाग डॉ. पूजा द्विवेदी एवं जिला परियोजना समन्वयक आर.एस. मरावी के मार्गदर्शन में संपन्न हुआ। इस दौरान डॉ. संदीप सिंह ,विनीत कुमार के.वी. उपस्थित रहे।1
- बिलगांव बांध का एक अतिरिक्त गेट 26 सितंबर को सुबह 7 बजे खोला जाएगा कैचमेंट क्षेत्र में अधिक वर्षा के चलते अतिरिक्त पानी की निकासी की जाएगी; निचले क्षेत्र के ग्रामीणों से सतर्क रहने की अपील डिंडौरी। बिलगांव बांध के कैचमेंट क्षेत्र में अधिक वर्षा होने के कारण बांध में जलभराव की स्थिति को देखते हुए अतिरिक्त पानी की निकासी के लिए दिनांक 26 सितंबर 2026 को सुबह 7:00 बजे बांध का एक अतिरिक्त गेट खोला जाएगा। इस दौरान बांध से पानी की निकासी की जाएगी। *बांध से कुल 2 गेट खुले रहेंगे,* जिनमें एक गेट 60 सेंटीमीटर तथा दूसरा गेट 50 सेंटीमीटर तक खोला जाएगा। इन गेटों से लगभग 73.16 क्यूमेक (घन मीटर प्रति सेकंड) पानी का डिस्चार्ज होगा। प्रशासन द्वारा बताया गया है कि यदि बिलगांव बांध के कैचमेंट क्षेत्र में वर्षा अधिक होती है, तो जलस्तर को नियंत्रित करने के लिए बांध के गेटों को आवश्यकता के अनुसार और अधिक खोला जा सकता है। ऐसी स्थिति में बांध से निकलने वाले पानी का प्रवाह बढ़ सकता है। *प्रभावित/सतर्कता वाले ग्राम:* शहपुरा विकासखंड के अंतर्गत बिलगांव, पिपरिया, अमठेरा, बरगांव, करौंदी, इंदौरी, घुंडीसरई, डुंडीसरई, कारीगढ़हरी, चंदवाही, चांटी, फुलवाही,मेंहदवानी विकासखंड के अंतर्गत पिंडरई, कुटरई एवं फूलवाही ग्राम शामिल हैं। प्रशासन ने ग्रामीणों से अपील की है कि बांध से पानी की निकासी के दौरान नदी के किनारे, निचले क्षेत्रों एवं जल प्रवाह वाले स्थानों पर अनावश्यक रूप से न जाएं और स्थानीय प्रशासन द्वारा जारी निर्देशों का पालन करें।1
- तकनीकी स्वीकृति की फाइल में त्रुटि का पेंच 39 वार्डों का विकास ठप, शहडोल नपा के पार्षदों ने संभागायुक्त को सौंपा ज्ञापन शहडोल। शहडोल नगर पालिका में इन दिनों विकास का पहिया घोंघे की रफ्तार से भी धीमा चल रहा है, और इसका जिम्मेदार कोई और नहीं बल्कि संभागीय कार्यालय में बैठे अफसरों की वो लाल कलम है, जो हर फाइल में कोई न कोई त्रुटि निकालकर उसे कागजों के ढेर में वापस दबा देती है। पिछले दो सालों से नगर के सभी 39 वार्डों के पार्षद अपने-अपने इलाके में रोड, नाली, पेयजल और स्ट्रीट लाइट लगाने के लिए दफ्तरों के चक्कर काट-काटकर थक चुके हैं। आखिर में सब्र का बांध टूटा तो संयुक्त पार्षद मंच के बैनर तले तमाम पार्षदों ने एकजुट होकर संभागायुक्त की चौखट पर जाकर ज्ञापन का पुलिंदा सौंप दिया। 2 साल से फाइलों का पिंग-पॉन्ग खेल पार्षदों का सीधा आरोप है कि जब भी वार्ड की जनता के लिए रोड, नाली या पेयजल जैसी बुनियादी सुविधाओं का प्रस्ताव नगर पालिका स्तर से मंजूर होकर तकनीकी स्वीकृति के लिए कार्यपालन यंत्री, नगरीय प्रशासन एवं विकास संभागीय कार्यालय भेजा जाता है, तो वहां बैठे जिम्मेदार अफसर कोई न कोई कमी या त्रुटि का बहाना बनाकर फाइलों को वापस लौटा देते हैं। पिछले 2 वर्षों से फाइलों का यह पिंग-पॉन्ग खेल बदस्तूर जारी है। निकाय दफ्तर से फाइल ईई दफ्तर जाती है और वहां से तकनीकी पेंच फंसाकर वापस नगर पालिका भेज दी जाती है। इस चक्कर में 39 वार्डों का विकास कार्य पूरी तरह से ठप्प पड़ा है और जनता के चुने हुए जनप्रतिनिधि अपनी ही नगर सरकार में उपेक्षित और लाचार महसूस कर रहे हैं। 1 साल में 3 सीएमओ और 2 ईई बदले! शहडोल नगर पालिका में प्रशासनिक स्थिरता की क्या स्थिति है, इसका अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि बीते एक साल में यहां 3-3 मुख्य नगर पालिका अधिकारी बदले जा चुके हैं। संभागीय कार्यालय का हाल तो और भी हास्यास्पद है, यहां कार्यपालन यंत्री के 02 पद स्वीकृत हैं, लेकिन काम सिर्फ 01 ही अफसर के भरोसे चल रहा है। इस एक साल में यहां भी 2 बार कार्यपालन यंत्री बदले जा चुके हैं। जब दफ्तरों में अफसरों का आना-जाना ही लगा रहेगा, तो विकास की फाइलों पर दस्तखत कौन करेगा? इस तबादला उद्योग का खामियाजा सीधे तौर पर शहडोल की आम जनता भुगत रही है। बुढ़ार चौक से न्यू बस स्टैंड रोड बेहाल संयुक्त पार्षद मंच ने अपने शिकायती पत्र में नगर की दो प्रमुख और विकराल समस्याओं पर विशेष रूप से ध्यान आकर्षित कराया है। बुढ़ार चौक से न्यू बस स्टैंड मार्ग: इस बेहद व्यस्त मार्ग के निर्माण को लेकर अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है। सडक़ की खस्ताहाली और धूल-गड्ढों से जनता का गुस्सा दिन-ब-दिन फूट रहा है। सीवर परियोजना का कोराम: पिछले 2 सालों से शहडोल शहर में सीवर लाइन बिछाने के नाम पर पूरे शहर को खोदकर छोड़ दिया गया है। सीवर कंपनी अपनी मर्जी से जहां चाहे खुदाई कर देती है, न कोई समयसीमा है और न ही वार्ड पार्षदों को इसकी कोई पूर्व सूचना दी जाती है। जनता रोज दुर्घटनाओं का शिकार हो रही है और ठेकेदार बेफिक्र घूम रहा है। अव्यवस्था सुधारो, वरना होगा आंदोलन शहडोल के सभी वार्ड पार्षदों ने स्पष्ट किया है कि यदि तकनीकी स्वीकृतियों में अनावश्यक देरी का यह सिलसिला तुरंत बंद नहीं हुआ और सीवर कंपनी की मनमानी पर लगाम नहीं कसी गई, तो जनप्रतिनिधि खामोश नहीं बैठेंगे। अब देखना यह होगा कि संभागायुक्त के हस्तक्षेप के बाद संभागीय कार्यालय के कार्यपालन यंत्री और नगर पालिका प्रशासन की नींद टूटती है या फिर 39 वार्डों का विकास यूं ही फाइलों के पन्नों में दम तोड़ता रहेगा।3
- रोजगार मेले में 21 अभ्यर्थियों का प्रारंभिक चयन नगरपालिका हॉल में हुआ युवा संगम रोजगार मेले का आयोजन रोजगार मेले में 21 अभ्यर्थियों का प्रारंभिक चयन नगरपालिका हॉल में हुआ युवा संगम रोजगार मेले का आयोजन 26 सितंबर शनिवार 12 बजे जिला रोजगार अधिकारी ने बताया कि जिला रोजगार कार्यालय मंडला, आईटीआई मंडला एवं जिला व्यापार एवं उद्योग केंद्र मंडला के संयुक्त तत्वावधान में नगरपालिका मंडला के हॉल में युवा संगम रोजगार मेले का आयोजन किया गया। मेले में स्थानीय एवं निजी क्षेत्र की 5 प्रतिष्ठित कम्पनियों ने सहभागिता की। कार्यक्रम का शुभारंभ माँ सरस्वती के पूजन एवं दीप प्रज्वलन से हुआ। जिला रोजगार अधिकारी श्रीमती सुषमा विश्वकर्मा ने उपस्थित अभ्यर्थियों का मार्गदर्शन करते हुए उन्हें रोजगार के अवसरों का लाभ उठाने तथा उज्ज्वल भविष्य के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। रोजगार मेले में कुल 48 आवेदकों का पंजीयन किया गया। कंपनियों के प्रतिनिधियों द्वारा साक्षात्कार एवं चयन प्रक्रिया के बाद 21 अभ्यर्थियों का प्रारंभिक चयन किया गया, जबकि 5 अभ्यर्थियों का अप्रेंटिस शिप के लिए चयन हुआ। कार्यक्रम का संचालन प्लेसमेंट अधिकारी आनंद मरावी ने किया। इस अवसर पर जिला व्यापार एवं उद्योग केंद्र के प्रबंधक प्रदीप जायसवाल, डीके शाहू, करन मरकाम, जिला पंचायत से फेलो महिमा, आईटीआई से गोविंद पंचेश्वर, शुभम दाहिया सहित संबंधित विभागों के अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित रहे। 00000000000000000000000000000000000001
- सीतारपटन. सुरपन. नदी. का. रौद्र रूप भारी. बाढ़. 🙏🙏🌹🌹 जय श्री राम1
- बरौदी घाट में कीचड़ में फंसा ट्राला, शहपुरा-उमरिया हाईवे पर यातायात बाधित डिण्डौरी। शहपुरा-उमरिया हाईवे पर बरौदी घाट में शुक्रवार को एक ट्राला अनियंत्रित होकर सड़क किनारे कीचड़ में जा फंस गया। ट्राला के फंसने के बाद हाईवे पर यातायात प्रभावित हो गया है। बताया जा रहा है कि सड़क किनारे कीचड़ और फिसलन के कारण ट्राला अनियंत्रित हुआ और कीचड़ में फंस गया। ट्राला के चलते हाईवे पर दोनों ओर वाहनों की आवाजाही प्रभावित हो रही है और वाहनों की कतार लग गई है। अभी भी कीचड़ में फंसा है ट्राला ट्राला को निकालने की कोशिश की जा रही है, लेकिन फिलहाल वह मौके पर ही फंसा हुआ है। हाईवे से गुजरने वाले वाहन चालकों और राहगीरों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। स्थानीय स्तर पर ट्राला को हटाकर यातायात सामान्य कराने का प्रयास किया जा रहा है।4
- नैनपुर के हीरापुर में गणेश पंडाल में फैला करंट, 4 लोगों की मौत से मचा हड़कंप नैनपुर के हीरापुर में गणेश पंडाल में फैला करंट, 4 लोगों की मौत से मचा हड़कंप1