पुलिस अधीक्षक श्रद्धा नरेन्द्र पाण्डेय के निर्देश पर और अपर पुलिस अधीक्षक के मार्गदर्शन में कानपुर देहात में अपराध तथा अपराधियों पर प्रभावी नियंत्रण के साथ-साथ यातायात व्यवस्था को सुचारू रूप से संचालित करने के उद्देश्य से एक विशेष अभियान चलाया गया। इस व्यापक अभियान के तहत जनपद पुलिस ने सड़क सुरक्षा को मजबूत करने के लिए 242 वाहनों का चालान किया है। अभियान के दौरान उन वाहन चालकों के खिलाफ मोटर वाहन अधिनियम के तहत कठोर कार्रवाई की गई, जिन्होंने यातायात नियमों का उल्लंघन किया था। इनमें बिना नंबर प्लेट के वाहन चलाने वाले, ट्रिपल राइडिंग करने वाले, हेलमेट न पहनने वाले और बिना ड्राइविंग लाइसेंस के वाहन चलाने वाले लोग शामिल थे। जनपदीय पुलिस ने सभी वाहन चालकों से यातायात नियमों का पालन करने की अपील भी की है, ताकि जनपद में सड़क सुरक्षा को बढ़ावा दिया जा सके और सड़क दुर्घटनाओं को कम किया जा सके। यह अभियान भविष्य में भी निरंतर जारी रहेगा।
पुलिस अधीक्षक श्रद्धा नरेन्द्र पाण्डेय के निर्देश पर और अपर पुलिस अधीक्षक के मार्गदर्शन में कानपुर देहात में अपराध तथा अपराधियों पर प्रभावी नियंत्रण के साथ-साथ यातायात व्यवस्था को सुचारू रूप से संचालित करने के उद्देश्य से एक विशेष अभियान चलाया गया। इस व्यापक अभियान के तहत जनपद पुलिस ने सड़क सुरक्षा को मजबूत करने के लिए 242 वाहनों का चालान किया है। अभियान के दौरान उन वाहन चालकों के खिलाफ मोटर वाहन अधिनियम के तहत कठोर कार्रवाई की गई, जिन्होंने यातायात नियमों का उल्लंघन किया था। इनमें बिना नंबर प्लेट के वाहन चलाने वाले, ट्रिपल राइडिंग करने वाले, हेलमेट न पहनने वाले और बिना ड्राइविंग लाइसेंस के वाहन चलाने वाले लोग शामिल थे। जनपदीय पुलिस ने सभी वाहन चालकों से यातायात नियमों का पालन करने की अपील भी की है, ताकि जनपद में सड़क सुरक्षा को बढ़ावा दिया जा सके और सड़क दुर्घटनाओं को कम किया जा सके। यह अभियान भविष्य में भी निरंतर जारी रहेगा।
- पुलिस अधीक्षक श्रद्धा नरेन्द्र पाण्डेय के निर्देश पर और अपर पुलिस अधीक्षक के मार्गदर्शन में कानपुर देहात में अपराध तथा अपराधियों पर प्रभावी नियंत्रण के साथ-साथ यातायात व्यवस्था को सुचारू रूप से संचालित करने के उद्देश्य से एक विशेष अभियान चलाया गया। इस व्यापक अभियान के तहत जनपद पुलिस ने सड़क सुरक्षा को मजबूत करने के लिए 242 वाहनों का चालान किया है। अभियान के दौरान उन वाहन चालकों के खिलाफ मोटर वाहन अधिनियम के तहत कठोर कार्रवाई की गई, जिन्होंने यातायात नियमों का उल्लंघन किया था। इनमें बिना नंबर प्लेट के वाहन चलाने वाले, ट्रिपल राइडिंग करने वाले, हेलमेट न पहनने वाले और बिना ड्राइविंग लाइसेंस के वाहन चलाने वाले लोग शामिल थे। जनपदीय पुलिस ने सभी वाहन चालकों से यातायात नियमों का पालन करने की अपील भी की है, ताकि जनपद में सड़क सुरक्षा को बढ़ावा दिया जा सके और सड़क दुर्घटनाओं को कम किया जा सके। यह अभियान भविष्य में भी निरंतर जारी रहेगा।1
- उत्तर प्रदेश के मुखिया माननीय योगी आदित्यनाथ ने वृक्षारोपण को लेकर महत्वपूर्ण निर्देश जारी किए हैं। उन्होंने उत्तर प्रदेश के सभी सांसदों, विधायकों, जिला पंचायत अध्यक्षों, ब्लॉक प्रमुखों और प्रधानों सहित अन्य सभी जनप्रतिनिधियों को निर्देशित किया है कि वे आगामी दो दिनों के भीतर बैठकें आयोजित करें और अधिक से अधिक वृक्षारोपण करें। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने ये निर्देश वृक्षारोपण अभियान को देखते हुए दिए हैं।1
- जालौन जिले के तहसील क्षेत्र के ग्राम लौना में, उपजिलाधिकारी राकेश कुमार सोनी ने मंगलवार को गौशाला का औचक निरीक्षण किया। यह निरीक्षण बरसात के मौसम में गौवंश की सुरक्षा और उनकी बेहतर देखभाल सुनिश्चित करने के उद्देश्य से किया गया था। इस दौरान, उन्होंने गौशाला में भूसे के भंडारण, स्वच्छ पेयजल की उपलब्धता, परिसर की साफ-सफाई और गौवंश की देखभाल से संबंधित सभी व्यवस्थाओं का बारीकी से जायजा लिया। निरीक्षण के बाद, एसडीएम ने संबंधित अधिकारियों और कर्मचारियों को स्पष्ट निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि बारिश के दौरान गौशाला में भूसे की किसी भी प्रकार की कमी नहीं होनी चाहिए, सभी गौवंशों को समय पर स्वच्छ पेयजल मिलना चाहिए और परिसर की नियमित साफ-सफाई सुनिश्चित की जानी चाहिए। साथ ही, उन्होंने यह भी निर्देश दिया कि यदि कोई गौवंश बीमार या घायल पाया जाता है तो तत्काल पशु चिकित्सक से उसका उपचार कराया जाए। उपजिलाधिकारी सोनी ने दो टूक कहा कि गौवंश की देखभाल में किसी भी तरह की लापरवाही बिल्कुल बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने व्यवस्थाओं को और बेहतर बनाने के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश देते हुए कर्मचारियों से जिम्मेदारी और संवेदनशीलता के साथ अपने कर्तव्यों का पालन करने को कहा।1
- विधायक विनोद चतुर्वेदी ने चुरखी जुगनू महापंचायत के संबंध में क्या बयान दिए, इस पर जानकारी सामने आई है।1
- कानपुर देहात, उत्तर प्रदेश के फत्तेपुर मुसंगा नगर से जुड़े एक मामले में 38 आतंकियों की फाँसी की सज़ा को बरकरार रखा गया है। इसी के साथ, इस कार्रवाई में 11 अन्य लोगों को उम्रकैद की सज़ा सुनाई गई है, जिनमें मोहम्मद अनीश कुरैशी का नाम भी शामिल है, जो फत्तेपुर मुसंगा नगर, कानपुर देहात, उत्तर प्रदेश से संबंधित हैं।1
- मंगलवार को मुख्य विकास अधिकारी (सीडीओ) विधान जायसवाल ने स्वास्थ्य सेवाओं की जमीनी हकीकत का आकलन करने के लिए आयुष्मान आरोग्य मंदिर उपकेन्द्र, शहजादपुर का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने एचपीवी (ह्यूमन पैपिलोमावायरस) टीकाकरण अभियान की प्रगति की समीक्षा की और स्वास्थ्य केंद्र में उपलब्ध संसाधनों का गहनता से जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान, मुख्य विकास अधिकारी ने विशेष रूप से टीकाकरण रजिस्टर, दवाओं की उपलब्धता और कोल्ड चेन की स्थिति का अवलोकन किया। सीडीओ जायसवाल ने मौके पर मौजूद स्वास्थ्य कर्मियों, जिनमें एएनएम और आशा बहुएं शामिल थीं, को स्पष्ट निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि लक्षित आयु वर्ग की कोई भी बालिका इस महत्वपूर्ण टीकाकरण से वंचित न रहे, जिसके लिए 9 से 14 वर्ष तक की सभी बालिकाओं की स्कूल और ग्राम स्तर पर शत-प्रतिशत मैपिंग की जाए। मुख्य विकास अधिकारी ने स्वास्थ्य विभाग को शिक्षा विभाग के साथ मिलकर स्कूलों में विशेष कैंप आयोजित करने का निर्देश दिया, ताकि छात्राओं को आसानी से टीका लगाया जा सके। साथ ही, उन्होंने आशा बहुओं के माध्यम से उन बालिकाओं को चिन्हित कर केंद्र पर लाने की बात कही जो स्कूल नहीं जाती हैं। इसके अतिरिक्त, सीडीओ विधान जायसवाल ने ग्रामीण क्षेत्रों में इस टीके को लेकर किसी भी प्रकार की हिचक या भ्रांति को दूर करने पर जोर दिया। उन्होंने एएनएम और आशा कार्यकर्ताओं को ग्राम प्रधानों के साथ बैठकें करने और अभिभावकों की काउंसलिंग करने का निर्देश दिया। उनका उद्देश्य ग्रामीणों को जागरूक करते हुए शत-प्रतिशत टीकाकरण सुनिश्चित करना था।1
- जालौन के कुठौंद थाना क्षेत्र में एक बड़े बवाल की खबर सामने आई है, जहाँ पुलिस और प्रशासन की टीम ने ग्रामीणों की सूचना पर एक गांव में कथित तौर पर 16 वर्षीय नाबालिग लड़की की शादी रुकवा दी। दावा किया जा रहा है कि यह विवाह एक अधेड़ भाजपा नेता के साथ कराया जा रहा था। पुलिस के पहुंचते ही गांव में अफरा-तफरी मच गई और शादी की सभी तैयारियां तुरंत रोक दी गईं। स्थानीय लोगों के अनुसार, जिस व्यक्ति से नाबालिग लड़की की शादी कराए जाने का दावा किया जा रहा है, वह भाजपा किसान मोर्चा का क्षेत्रीय पदाधिकारी बताया जा रहा है। इस मामले में यह बात भी सामने आई है कि लड़की के पिता के खिलाफ पहले से ही कुठौंद अस्पताल में जच्चा-बच्चा की मौत के मामले में नामजद एफआईआर दर्ज है। आरोप है कि पुलिस टीम के सामने कुछ लोगों ने कथित तौर पर धमकी भरा व्यवहार भी किया, जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल बताया जा रहा है। फिलहाल, दोनों पक्ष कुठौंद थाने में मौजूद बताए जा रहे हैं। इस पूरे प्रकरण को लेकर कई बड़े सवाल उठ रहे हैं कि अगर लड़की नाबालिग थी तो किसकी शह पर शादी की तैयारी चल रही थी, और क्या बाल विवाह जैसी गंभीर घटना को छिपाने की कोशिश की जा रही थी। यह भी चिंता व्यक्त की जा रही है कि क्या कानून का डर खत्म हो चुका है और पुलिस के सामने कथित धमकी देने वालों पर क्या कार्रवाई होगी। मामले में अभी तक किसी भी पुलिस या प्रशासनिक अधिकारी का आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है। यह जानकारी वायरल वीडियो और स्थानीय लोगों से मिली सूचना पर आधारित है, जिसकी आधिकारिक पुष्टि होना अभी बाकी है और जांच तथा प्रशासनिक बयान के बाद ही तथ्य स्पष्ट हो पाएंगे।1