Shuru
Apke Nagar Ki App…
कांकेर में 8 लाख के इनामी माओवादी ने किया आत्मसमर्पण, AK-47 के साथ आया मुख्यधारा में
Ashish parihar Parihar
कांकेर में 8 लाख के इनामी माओवादी ने किया आत्मसमर्पण, AK-47 के साथ आया मुख्यधारा में
More news from Chhattisgarh and nearby areas
- Post by Ashish parihar Parihar1
- *✰BJP नेताओं द्वारा संत रामपाल जी महाराज जी को पगड़ी पहना के सम्मानित किया गया✰* पूरी वीडियो अवश्य देखिए *SANT RAMPAL JI MAHARAJ* YouTube Channel पर1
- राजपुर। बलरामपुर जिले के राजपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत ग्राम खोखनिया (गुरहीपारा) में शनिवार सुबह एक दर्दनाक हादसा हो गया।हादसे में 6 वर्षीय मासूम तुषार की मौत हो गई। घटना शनिवार की सुबह लगभग 8 बजे की बताई जा रही है, जब गांव में एक शादी समारोह के लिए मंडप तैयार किया जा रहा था तभी मंडप का पोल बिजली के तार में गिर गया जिससे बिजली की पोल टूटकर गिरने से मासूम उसकी चपेट में आ गया। जानकारी के अनुसार मनोहर नामक व्यक्ति के घर में शादी का कार्यक्रम था, जिसके लिए मंडप खड़ा किया गया था। मंडप के एक खुटे को पास ही स्थित बिजली के खंभे के सहारे टिकाया गया था इसी दौरान अचानक बिजली का खंभा टूट कर गिर गया। उस समय पास में खेल रहा तुषार पिता मैनेजर, निवासी ग्राम चौरा, खंभे की चपेट में आ गया और गंभीर रूप से घायल हो गया। घटना के तुरंत बाद परिजन उसे उपचार के लिए अंबिकापुर के एक निजी अस्पताल लेकर पहुंचे। वहां प्राथमिक उपचार के बाद उसकी गंभीर स्थिति को देखते हुए रायपुर रेफर किया गया, लेकिन रास्ते में ही मासूम ने दम तोड़ दिया। बाद में शव को अंबिकापुर लाकर पोस्टमार्टम कराया गया। बताया जा रहा है कि तुषार का परिवार खोखनिया में उसके ससुराल पक्ष के यहां रह रहा था वह उस परिवार में इकलौता लड़का था। हादसे में बच्चे के सिर में गंभीर चोट आई थी तथा पैर भी टूट गया था। परिजनों ने आरोप लगाया है कि बिजली का खंभा ठेकेदार द्वारा सही तरीके से स्थापित नहीं किया गया था, जिसके चलते यह हादसा हुआ। घटना के बाद गांव में गम के साथ आक्रोश का माहौल है और ग्रामीणों ने दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की हैं।3
- नारायणपुर जिला म पहली बार विशाल मेगा हेल्थ कैंप के आयोजन करे गीस, जिहां विशेषज्ञ डॉक्टर मन के टीम अबूझमाड़ जइसन दूर-दराज इलाका तक पहुंचिस। इस कैंप म सैकड़ों ग्रामीण मन ला मुफ्त इलाज, जांच अउ दवाई के सुविधा मिलिस। प्रशासन के ये पहल ले अबूझमाड़ क्षेत्र म स्वास्थ्य सुविधा मजबूत होए के उम्मीद हवय।1
- छत्तीसगढ़ के नारायणपुर जिले से एक हैरान करने वाला वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो में आग बुझाने और आपातकालीन सेवाओं के लिए इस्तेमाल होने वाली फायर ब्रिगेड की गाड़ी एक पेड़ पर पानी का छिड़काव करती नजर आ रही है। चौंकाने वाली बात यह है कि यह कार्रवाई किसी आग या आपदा के लिए नहीं, बल्कि एक पालतू तोते को पकड़ने के लिए की गई।नारायणपुर के OBC बॉयज हॉस्टल के पास स्थित एक साल वृक्ष पर बैठा एक पालतू तोता अचानक चर्चा का केंद्र बन गया। बताया जा रहा है कि तोता अपने मालिक के पिंजरे से निकलकर पेड़ की ऊंचाई पर जा बैठा। लेकिन उसकी यह “आजादी” मालिक को रास नहीं आई। इसके बाद जो हुआ, उसने पूरे प्रशासनिक सिस्टम पर सवाल खड़े कर दिए। तोते को नीचे लाने के लिए सीधे फायर ब्रिगेड की मदद ली गई। वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि फायर ब्रिगेड की गाड़ी पेड़ पर पानी का तेज छिड़काव कर रही है, ताकि तोता भीगकर नीचे आ जाए और उसे फिर से पकड़कर पिंजरे में बंद किया जा सके। यह घटना कई गंभीर सवाल खड़े करती है। जिस फायर ब्रिगेड का उपयोग आगजनी, दुर्घटनाओं और आपातकालीन स्थितियों में लोगों की जान बचाने के लिए किया जाता है, उसका इस्तेमाल एक पालतू पक्षी को पकड़ने के लिए किया जाना क्या उचित है? स्थानीय लोगों का कहना है कि कुछ साल पहले नगर सेना कार्यालय के पास स्थित पुराने मान सरोवर क्षेत्र में आग लगी थी, जहां समय पर पर्याप्त संसाधन नहीं पहुंच पाने के कारण स्थिति गंभीर हो गई थी और एक व्यक्ति की जान भी चली गई थी। ऐसे में यह सवाल उठना लाजिमी है कि क्या फायर ब्रिगेड की यही तत्परता उस समय नहीं दिखाई जानी चाहिए थी? यह भी चिंताजनक है कि यदि उसी समय किसी अन्य स्थान पर वास्तविक आपात स्थिति उत्पन्न हो जाती, तो क्या फायर ब्रिगेड उपलब्ध हो पाती? क्या एक तोते को पकड़ना इतना बड़ा “आपातकाल” था कि सरकारी मशीनरी को इस तरह झोंक दिया जाए?1
- क्षेत्र में धूमधाम से मनाया गया अक्तई तिहार, किसानों ने नई फ़सल की तैयारी को लेकर की पुजा फरसगांव :- ब्लॉक के कई ग्रामों सहित ग्राम बड़ेडोंगर में भी सोमवार को अक्षय तृतीया के शुभ दिन पर अक्तई तिहार का पर्व अत्यंत श्रद्धा, उत्साह एवं पारंपरिक रीति-रिवाजों के साथ मनाया गया। इस शुभ अवसर पर ग्रामवासियों ने अपने-अपने इष्ट एवं कुल देवी-देवताओं का स्मरण कर विधिवत पूजा-अर्चना की। पूरे गांव में भक्ति एवं आध्यात्मिक वातावरण व्याप्त रहा। ग्राम के सभी वर्गों के लोगों ने आपसी भाईचारा एवं सौहार्द का परिचय देते हुए एकजुट होकर इस पर्व को मनाया। महिलाओं, पुरुषो एवं युवाओं ने सामूहिक रूप से पूजा-पाठ मे भाग लेकर सामाजिक एकता का संदेश दिया। पर्व के अवसर पर परंपरागत मान्यताओं का पालन करते हुए घर-घर में विशेष पूजा का आयोजन किया गया। इसी क्रम में सोमवार के शुभ दिन को कृषि कार्य के लिए भी अत्यंत मंगलकारी मानते हुए किसानो द्वारा धान बीज निकालकर नई फसल की शुरुआत की गई। ग्रामीणो ने खेत-खलिहानो से जुड़ी अपनी परंपराओं का निर्वहन करते हुए समृद्धी एवं अच्छी पैदावार की कामना की। किसानो मे नई फसल को लेकर विशेष उत्साह देखा गया। ग्राम बड़ेडोंगर में अक्षय तृतीया का पर्व न केवल धार्मिक आस्था का प्रतीक रहा, बल्कि सामाजिक एकता, परंपरा एवं कृषि संस्कृति के समन्वय का भी उत्कृष्ट उदाहरण प्रस्तुत करता है।3
- दुर्ग जिले के धमधा तहसील अन्तर्गत ग्राम दानीकोकड़ी में प्रस्तावित चुना फैक्ट्री के खिलाफ ग्रामीणों का विरोध तेज हो गया है। सैकड़ों की संख्या में महिला, बुजुर्ग और बच्चे दुर्ग कलेक्टर कार्यालय पहुंचे और रैली के शक्ल में जोरदार प्रदर्शन किया। ग्रामीणों ने प्रस्तावित फैक्ट्री को अपनी जल जंगल जमीन और आजीविका के लिए खतरा बताते हुए साफ कहा कि वे किसी भी हाल में गांव को नहीं छोड़ेंगे। ग्रामीणों का आरोप है कि बिना ग्राम सभा के सहमति के बिना परियोजना लागू की जा रही है। कुछ दिन पहले कंपनी के प्रतिनिधियों से विवाद के बाद नाराजगी और बढ़ गई है। ग्रामीणों ने प्रशासन से फैक्ट्री की स्वीकृति रद्द करने की मांग की है और चेतावनी दी है कि मांगें पूरी नहीं होने पर भूख हड़ताल सहित उग्र आंदोलन किया जाएगा।1
- बलरामपुर।महुवा बिनने गई महिला पर भालु ने किया हमला, भालु के हमले से महिला गंभीर रूप से घायल,बलरामपुर जिले के सेमरसोत अभ्यारण्य रेंज के सीतारामपुर पाठ का मामला। बलरामपुर जिले के सेमर सोत अभ्यारण क्षेत्र के सीतारामपुर पाठ के जंगल में आज दिनाँक 19 अप्रेल दिन रविवार को समय तकरीबन सुबह 7 बजे महुआ बीनने गई महिला पर भालु ने हमला कर दिया।इस हमले में महिला का कंधे से हाथ टूट कर लटक गया।महिला ने किसी तरह भालु के हमले से अपनी जान बचाई जिसके बाद परिजनों ने घायल महिला को बलरामपुर जिला चिकित्सालय में इलाज हेतु भर्ती कराया है जहाँ उसकी इलाज जारी है।1