भिंड में बेजुबान पर क्रूरता,घायल सर्प का फन दबाकर बनाया तमाशा। भिंड के अटेर थाना क्षेत्र के सोनेलालपुरा से मानवता को शर्मसार करने वाला एक मामला सामने आया है। यहाँ एक भीम आर्मी नेता द्वारा एक सांप के साथ भीषण क्रूरता करने का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो सामने आने के बाद वन्यजीव प्रेमियों में भारी आक्रोश है और प्रशासन ने भी मामले को गंभीरता से लेते हुए कड़ी कार्रवाई के संकेत दिए हैं। वायरल वीडियो में भीम आर्मी के स्थानीय नेता देशराज धारिया एक सांप के साथ बर्बरता करते नजर आ रहे हैं। वीडियो में देखा जा सकता है कि नेता ने सांप को लहूलुहान हालत में पकड़ा हुआ है। बेजुबान की पूँछ से खून टपक रहा है,जो उसकी गंभीर हालत को बयां कर रहा है। रोंगटे खड़े कर देने वाले इस वीडियो में नेता अपने हाथों से सांप के मुँह को बेरहमी से कुचलते हुए पोज दे रहा है और अपना वीडियो बनवा रहा है। सर्प प्रेमियों की शिकायत पर वन विभाग के रेंजर कृतिका शुक्ला कहा है कि वीडियो उनके संज्ञान में आ चुका है और इसकी सूक्ष्मता से जाँच की जा रही है। दोषी पाए जाने पर दोषी के विरुद्ध वन्य प्राणी संरक्षण अधिनियम और पशु क्रूरता निवारण अधिनियम की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया जाएगा।
भिंड में बेजुबान पर क्रूरता,घायल सर्प का फन दबाकर बनाया तमाशा। भिंड के अटेर थाना क्षेत्र के सोनेलालपुरा से मानवता को शर्मसार करने वाला एक मामला सामने आया है। यहाँ एक भीम आर्मी नेता द्वारा एक सांप के साथ भीषण क्रूरता करने का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो सामने आने के बाद वन्यजीव प्रेमियों में भारी आक्रोश है और प्रशासन ने भी मामले को गंभीरता से लेते हुए कड़ी कार्रवाई के संकेत दिए हैं। वायरल वीडियो में भीम आर्मी के स्थानीय नेता देशराज धारिया एक सांप के साथ बर्बरता करते नजर आ रहे हैं। वीडियो में देखा जा सकता है कि नेता ने सांप को लहूलुहान हालत में पकड़ा हुआ है। बेजुबान की पूँछ से खून टपक रहा है,जो उसकी गंभीर हालत को बयां कर रहा है। रोंगटे खड़े कर देने वाले इस वीडियो में नेता अपने हाथों से सांप के मुँह को बेरहमी से कुचलते हुए पोज दे रहा है और अपना वीडियो बनवा रहा है। सर्प प्रेमियों की शिकायत पर वन विभाग के रेंजर कृतिका शुक्ला कहा है कि वीडियो उनके संज्ञान में आ चुका है और इसकी सूक्ष्मता से जाँच की जा रही है। दोषी पाए जाने पर दोषी के विरुद्ध वन्य प्राणी संरक्षण अधिनियम और पशु क्रूरता निवारण अधिनियम की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया जाएगा।
- उमरी में हुआ भीषण सड़क हादसा तीन लोगों की गई जान एक गंभीर घायल पुलिस पहुंची मौके पर1
- जसवंतनगर के बीहड़ों में भीषण आग: 400 बीघा बीहणी क्षेत्र खाक, वन्यजीवों को भारी नुकसान जसवंतनगर: बलरई थाना क्षेत्र के नगला विशुन और नगला सलहदी गांवों के बीहड़ों में रविवार को भीषण आग लग गई। अज्ञात कारणों से लगी इस आग ने लगभग 400 बीघा बीहड़ी क्षेत्र को अपनी चपेट में ले लिया, जिससे जंगली पेड़-पौधे, औषधीय वनस्पतियां और वन्यजीवों के आवास जलकर राख हो गए। आग की चपेट में आने से बड़ी संख्या में कीट-पतंगे, सर्प, बिच्छू और अन्य छोटे-बड़े जंगली जीव नष्ट हो गए। इस घटना से क्षेत्र की जैव विविधता को गंभीर क्षति पहुंची है। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, तेज गर्मी और सूखी झाड़ियों के कारण आग तेजी से फैली। धुएं के गुबार दूर-दूर तक दिखाई देने लगे, जिससे क्षेत्र में हड़कंप मच गया। ग्रामीणों ने तत्काल इसकी सूचना पुलिस को दी। सूचना मिलते ही बलरई थाना प्रभारी कृपाल सिंह पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। उनके साथ कांस्टेबल राहुल, विकास और आंशू भी मौजूद थे। आग की गंभीरता को देखते हुए चार फायर ब्रिगेड की गाड़ियां बुलाई गईं। पुलिस, फायर ब्रिगेड और ग्रामीणों ने मिलकर अलग-अलग स्थानों पर मोर्चा संभाला। करीब चार से पांच घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया जा सका, लेकिन तब तक भारी नुकसान हो चुका था। वन विभाग द्वारा नुकसान का आकलन किया जा रहा है। आग लगने के कारणों का अभी तक स्पष्ट पता नहीं चल सका है। हालांकि, प्रथम दृष्टया किसी राहगीर द्वारा जलती हुई बीड़ी या सिगरेट फेंकना, उस क्षेत्र से गुजरने वाली बिजली लाइन की चिंगारी, अत्यधिक गर्मी और सूखी घास को आग लगने की संभावित वजह माना जा रहा है।1
- जनपद इटावा के लुहिन्ना चौराहे पर स्थित ओम नवजीवन हॉस्पिटल के वायरल वीडियो के संबंध में पीड़ित महिला का बयान आया सामने, अस्पताल संचालक और स्टाफ की घिनौनी करतूत को लेकर पीड़ित महिला ने दिखाई सच्चाई, वीडियो में साफ तौर पर देखा जा सकता है कि महिला के शरीर पर किस तरीके से बेल्ट के मारने के निशान बने हुए हैं, और वायरल वीडियो में भी बेल्ट मारते हुए साफ तौर पर देखा जा रहा है... मामले में मुकदमा दर्ज हो गया है, पुलिस की जांच जारी।1
- इटावा :- दबंगों ने बाइक सर्विस कराने आए एक मजदूर दलित युवक पर मोबाइल चोरी का आरोप लगा कर पहले नाम और जाति पूछी उसके बाद बेरहमी से एजेंसी पर शटर में बंद करके जाति सूचक गालिया देते हुए बंधक बना कर लात घुसो और डंडों पीटा। पीड़ित दलित युवक चीखता चिल्लाता रहा कि मैने मोबाइल नहीं लिया आप कैमरे चेक कर तलाशी ले लो लेकिन 4 से 5 दबंगों ने एक न सुनी और बेरहमी से बंधक बना कर पीटते रहे, जब इसकी जानकारी स्थानीय लोगों को हुई तब एजेंसी पहुंच कर पीड़ित को दबंगों से बचाया और मौके से दबंग भागने में सफल रहे, वही पुलिस ने मामले को गरमाता देख ठंडा करने के लिए एजेंसी संचालक और दो स्टाफ सहित पीड़ित दलित युवक जिसे दबंगों ने बंधक बना कर मारा उसका इलाज या मेडिकल कराने की वजह शांति भंग में उल्टा कारवाही कर दी गई, गरीबी से जूझ रहा पीड़ित दलित युवक का परिवार न्याय की आश में थाने पहुंचा लेकिन पीड़ित की तहरीर लेने की वजह समझौते का दबाव बनाया जा रहा, पीड़ित दलित युवक की अभी भी हालत गंभीर इलाज जारी, थाना पुलिस के गैर जिम्मेदाराना रवैया से जा शक्ति थी दलित युवक की जान ,मारपीटाई के दौरान गंभीर चोट और नाक से निकलते खून को देख कर इलाज या मेडिकल भी नहीं कराया गया, घटना के दो दिन बीत जाने के बाद भी थाना पुलिस ने नहीं किया पीड़ित दलित युवक का मुकदमा दर्ज, उच्च अधिकारियों को थाना पुलिस द्वारा ऐसे मामलों में कर दिया जाता गुमराह, पीड़ित दलित युवक के परिवार पर कुछ छूट भैया नेता दबाव बनाने का लगातार प्रयास कर रहे, पूरी घटना दो दिन पूर्व बरालोक थाना चौबिया क्षेत्र की1
- इटावा में साइबर अपराध के खिलाफ चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। थाना बसरेहर और वैदपुरा पुलिस की संयुक्त कार्रवाई में एक संगठित साइबर ठग गिरोह का भंडाफोड़ करते हुए चार आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। सभी आरोपी आपस में सगे भाई हैं और लंबे समय से देशभर में ऑनलाइन ठगी को अंजाम दे रहे थे। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से कुल 91,18,042 रुपये बरामद किए हैं। इसमें 30,60,000 रुपये नकद और 60,58,042 रुपये विभिन्न डिजिटल खातों में निवेश के रूप में मिले, जिन्हें फ्रीज कर दिया गया है। यह रकम बैंक खातों, क्रिप्टो करेंसी और ऑनलाइन ऐप्स में छिपाई गई थी। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक के निर्देशन में 25/26 अप्रैल की रात चेकिंग के दौरान लोहिया नहर पुल के पास दो बाइक सवार संदिग्धों को रोका गया। भागने की कोशिश पर पुलिस ने चारों को पकड़ लिया। पूछताछ में खुलासा हुआ कि आरोपी ऑनलाइन गेमिंग और डिजिटल अरेस्ट के जरिए लोगों को ठगते थे और रकम को अलग-अलग खातों में ट्रांसफर कर निवेश के माध्यम से छिपाते थे। पुलिस ने 9 मोबाइल, 19 एटीएम कार्ड और कई दस्तावेज भी बरामद किए हैं। आरोपियों पर BNS और आईटी एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है।3
- Post by Urvashi singh1
- इटावा | 26 अप्रैल 2026 जनपद इटावा में साइबर अपराध के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत पुलिस को बड़ी सफलता हाथ लगी है। थाना बसरेहर और वैदपुरा पुलिस की संयुक्त टीम ने चार शातिर साइबर ठगों को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से कुल ₹91,18,042 की धनराशि बरामद की है। यह गिरोह ऑनलाइन फ्रॉड कर पैसे को अवैध गेमिंग और क्रिप्टो प्लेटफॉर्म के जरिए घुमाकर वैध दिखाने का काम करता था। क्या है पूरा मामला वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक के निर्देशन में अपराधियों की धरपकड़ के लिए चलाए जा रहे अभियान के तहत 25/26 अप्रैल की रात पुलिस टीम संदिग्ध व्यक्तियों और वाहनों की चेकिंग कर रही थी। इसी दौरान दो मोटरसाइकिलों पर सवार चार युवक पुलिस को देखकर भागने लगे। पुलिस ने पीछा कर लोहिया नहर पुल के पास चारों को पकड़ लिया। पूछताछ में चौंकाने वाला खुलासा गिरफ्तार आरोपियों ने पूछताछ में बताया कि वे चारों सगे भाई हैं और मुख्य आरोपी सतीश की संगत साइबर ठगों से पड़ने के बाद उन्होंने यह धंधा शुरू किया। ये लोग: लोगों को लालच देकर ऑनलाइन ठगी करते थे पैसे को अलग-अलग खातों में ट्रांसफर करते थे फिर उसे ऑनलाइन बेटिंग ऐप (82 लॉटरी) और क्रिप्टो प्लेटफॉर्म में निवेश करते थे बाद में रकम निकालकर आपस में बांट लेते थे इस पूरे नेटवर्क का मकसद ठगी के पैसे के स्रोत को छिपाना था। बरामदगी (रिकवरी) पुलिस ने आरोपियों के पास से: ₹30.60 लाख नकद ₹60.58 लाख विभिन्न खातों में होल्ड 9 मोबाइल फोन, 19 एटीएम कार्ड पासबुक, चेकबुक, पैन कार्ड 2 मोटरसाइकिल (सीज) बरामद किए हैं। आरोपियों की पहचान सतीश कुमार उर्फ मनीष हरिओम अखिलेश कुमार अजीत कुमार (सभी निवासी ग्राम अयारा, थाना बसरेहर) पहले से दर्ज हैं कई मामले मुख्य आरोपी सतीश के खिलाफ NCRP पोर्टल पर 20 शिकायतें दर्ज हैं, जबकि नोएडा में ₹59.5 लाख बरेली में ₹91.6 लाख की ठगी के केस भी सामने आ चुके हैं। पुलिस टीम को मिला सम्मान इस सराहनीय कार्य के लिए पुलिस टीम को ₹25,000 का इनाम और प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया। निष्कर्ष इटावा पुलिस की इस कार्रवाई ने एक संगठित साइबर गिरोह का पर्दाफाश किया है। यह मामला साफ दिखाता है कि कैसे ठग आधुनिक तकनीक और ऑनलाइन प्लेटफॉर्म का इस्तेमाल कर लोगों को निशाना बना रहे हैं।3
- *(RY) व्हाइट हाउस में गोली चलने के बाद जब ट्रंप को सीक्रेट सर्विस एजेंट्स अपने घेरे में लेकर बाहर ले गए......!!*1
- Post by Rohit Kumar1