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hamare yahan sadak per Koi Kam nahin hua Hai टूटी-फूटी sadken bahut sal Se Hain hamare gaon mein kafi time se sadak ekadam kharab ho gai hai yah band nahin rahi hai nivedan hai ki sadak nali naliyan yahan ki banva di jaaye
Umesh Agrahari
hamare yahan sadak per Koi Kam nahin hua Hai टूटी-फूटी sadken bahut sal Se Hain hamare gaon mein kafi time se sadak ekadam kharab ho gai hai yah band nahin rahi hai nivedan hai ki sadak nali naliyan yahan ki banva di jaaye
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- मूसलाधार बारिश से खिले किसानों के चेहरे, धान की फसल को मिला संजीवनी जयसिंहपुर क्षेत्र में बीती सोमवार रात से शुरू हुई रिमझिम बारिश का सिलसिला मंगलवार सुबह भी जारी रहा। सुबह करीब 9:30 बजे लगभग 20 मिनट तक हुई मूसलाधार वर्षा ने किसानों के चेहरों पर खुशी लौटा दी। वहीं, कई दिनों से पड़ रही उमस भरी गर्मी से आमजन को भी बड़ी राहत मिली। क्षेत्र में हुई इस बारिश को धान की फसल के लिए बेहद लाभकारी माना जा रहा है। लंबे समय से पर्याप्त वर्षा का इंतजार कर रहे किसानों का कहना है कि समय पर हुई यह बारिश खेतों में नमी बनाए रखने के साथ ही धान की बढ़वार में सहायक सिद्ध होगी। इससे सिंचाई पर होने वाला अतिरिक्त खर्च भी कम होगा। रामपुर गांव निवासी किसान दिनेश वर्मा ने बताया कि यह बारिश धान की फसल के लिए किसी वरदान से कम नहीं है। उनके अनुसार खेतों में पर्याप्त नमी पहुंचने से फसल का विकास बेहतर होगा। वहीं, भोजापुर गांव के किसान अनुराग वर्मा ने भी लगातार लगभग 20 मिनट तक हुई तेज बारिश को किसानों के हित में बताया। उन्होंने कहा कि यदि आने वाले दिनों में भी इसी तरह संतुलित वर्षा होती रही तो धान की पैदावार पर सकारात्मक प्रभाव पड़ेगा। बारिश के बाद मौसम सुहावना हो गया, जिससे लोगों ने गर्मी और उमस से राहत महसूस की। किसानों को अब आगामी दिनों में भी अच्छी बारिश की उम्मीद है।2
- अमहट मंडी बनी बीमारी मंडी गंदे पानी में तैर रही सब्जियां सुल्तानपुर। अमहट मंडी में सफाई व्यवस्था पूरी तरह चरमराने से हालात चिंताजनक हो गए हैं। महीनों से सफाई का टेंडर लंबित होने के कारण मंडी परिसर जलभराव और गंदगी की चपेट में है। नालियों का दूषित और बदबूदार पानी पूरे परिसर में फैल गया है, जिसमें बिक्री के लिए रखी सब्जियां तैरती दिखाई दे रही हैं। स्थानीय व्यापारियों का आरोप है कि जल निकासी और सफाई व्यवस्था लंबे समय से ठप पड़ी है। पहली ही बारिश में मंडी तालाब में तब्दील हो जाती है, जबकि दूसरी ओर शासन-प्रशासन संचारी रोग नियंत्रण अभियान चलाकर स्वच्छता के दावे कर रहा है। ऐसे में गंदे पानी में बिक रही सब्जियां आम लोगों के स्वास्थ्य पर गंभीर खतरा पैदा कर रही हैं और डेंगू, मलेरिया, चिकनगुनिया व अन्य संक्रामक बीमारियों का जोखिम बढ़ गया है। व्यापारियों ने सवाल उठाया है कि जब हर महीने मंडी शुल्क और टैक्स वसूला जा रहा है, तो सफाई व्यवस्था क्यों ठप है। उन्होंने मंडी प्रशासन से तत्काल जलभराव की समस्या दूर कर नियमित सफाई कराने की मांग की है। लोगों का कहना है कि यदि जल्द प्रभावी कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन का रास्ता अपनाया जाएगा।1
- *सौंग नदी का अस्थायी सिंचाई बांध टूटा, 20 हजार बीघा खेती पर मंडराया सिंचाई संकट,* *धान की फसल पर खतरा, किसानों ने स्थायी समाधान की उठाई मांग1
- सीसीटीवी खराब मिलने पर एसपी से जवाब तलब बकरी चोरी के आरोपी की रिमांड पर सुनवाई के दौरान मामला सामने आया सुलतानपुर में बकरी चोरी के एक मामले में आरोपी की रिमांड पर बहस के दौरान यह खुलासा हुआ कि थाना और पुलिस चौकी के सीसीटीवी कैमरे खराब हैं। इस पर एसीजेएम मयूरेश श्रीवास्तव ने पुलिस अधीक्षक से स्पष्टीकरण मांगा है। मामले में रिमांड पर अगली सुनवाई सात अगस्त को होगी। यह मामला गोशाईगंज थाना क्षेत्र के इनायतपुर निवासी सलाहुद्दीन द्वारा 30 जुलाई को दर्ज कराई गई एक एफआईआर से संबंधित है। सलाहुद्दीन ने अज्ञात व्यक्ति के खिलाफ तीन दिन पहले हुई बकरी चोरी का आरोप लगाया था। पुलिस ने इस मामले में मुनव्वर नामक व्यक्ति को गांव से कुछ दूरी पर स्थित पेट्रोल पंप के पास से गिरफ्तार किया। पुलिस ने 31 जुलाई को मुनव्वर को गिरफ्तार दिखाकर कोर्ट में पेश किया, जिसकी रिमांड पर आपत्ति जताई गई। बचाव पक्ष ने तर्क दिया कि मुनव्वर को 30 जुलाई की दोपहर में गिरफ्तार किया गया था और उसे 24 घंटे से अधिक समय तक पुलिस चौकी और थाने में रखा गया, जिसके कारण उसकी रिमांड खारिज करने की मांग की गई। एसीजेएम ने मामले की गंभीरता को देखते हुए थाना और पुलिस चौकी के सीसीटीवी फुटेज तलब किए थे और मंगलवार को सुनवाई तय की थी। मंगलवार को जब विवेचक आरोपी की रिमांड लेने आए, तो उन्होंने बताया कि थाना गोशाईगंज और पुलिस चौकी द्वारिकागंज में लगे सीसीटीवी कैमरे खराब हैं। इस पर मजिस्ट्रेट ने मामले को गंभीरता से लेते हुए पुलिस अधीक्षक को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है।1
- अमहट मंडी में सफाई टेंडर लटकने से जलभराव गंदे पानी में तैर रही सब्जियां, संचारी रोग अभियान की उड़ रही धज्जियां **अमहट मंडी में सफाई टेंडर लटकने से जलभराव* *गंदे पानी में तैर रही सब्जियां, संचारी रोग अभियान की उड़ रही धज्जियां** सुल्तानपुर:अमहट एक तरफ जहां शासन-प्रशासन संचारी रोगों पर प्रभावी नियंत्रण पाने के लिए विशेष "संचारी रोग नियंत्रण अभियान" चलाकर साफ-सफाई और जागरूकता का ढिंढोरा पीट रहा है, वहीं दूसरी ओर अमहट मंडी परिसर में घोर प्रशासनिक लापरवाही का नजारा देखने को मिल रहा है। मंडी समिति की घोर अनदेखी और अनियमितताओं के चलते पूरा मंडी परिसर जलमग्न हो चुका है। नाले-नालियों की सफाई का टेंडर महीनों से अटका पड़े होने के कारण नालियों का बदबूदार और दूषित पानी अब पूरी मंडी में भर गया है। मंडी परिसर में बारिश के कारण जलभराव के बीच सब्जियां गंदे पानी में तैरती नजर आई स्थिति इतनी भयावह है कि बिक्री के लिए रखी गई सब्जियां इसी दूषित और बदबूदार पानी में तैरती नजर आ रही हैं। दूषित पानी में डूबी सब्जियों की खुलेआम बिक्री से आम जनता के स्वास्थ्य पर सीधा खतरा मंडरा रहा है, जिससे संक्रामक बीमारियों का फैलाव तय माना जा रहा है। स्थानीय व्यापारियों का आरोप है कि मंडी परिसर में जल निकासी और साफ-सफाई की व्यवस्था लंबे समय से ध्वस्त है। मंडी प्रशासन की उदासीनता का आलम यह है कि नाले-नालियों की सफाई का टेंडर कागजों में ही महीनों से लटका हुआ है। बजट और कागजी लिखापढ़ी के खेल में सफाई व्यवस्था पूरी तरह ठप पड़ी है। पहली ही बारिश या नालियों के ओवरफ्लो होने से पूरी मंडी तालाब का रूप ले लेती है। प्रदेश भर में संचारी रोगों (जैसे डेंगू, मलेरिया, चिकनगुनिया और हैजा) से बचाव के लिए अभियान चलाया जा रहा है। स्वास्थ्य विभाग और स्थानीय निकाय जलजमाव रोकने तथा साफ-सफाई के बड़े-बड़े दावे कर रहे हैं। ऐसे में अमहट मंडी की यह बदहाली प्रशासनिक दावों की पोल खोलने के लिए काफी है। मंडी जैसी जगह पर, जहां हजारों लोगों की आवाजाही होती है और पूरे क्षेत्र के लिए खान-पान की सामग्री सप्लाई होती है, वहां जमा यह दूषित पानी संक्रामक बीमारियों को सीधा आमंत्रण दे रहा है। हम हर महीने मंडी शुल्क और टैक्स देते हैं, लेकिन सुविधाओं के नाम पर हमें गंदगी और बीमारी मिल रही है। टेंडर प्रक्रिया कब पूरी होगी, इसका जवाब किसी अधिकारी के पास नहीं है। अगर जल्द ही जलभराव और गंदगी की समस्या से निजात नहीं मिली क्या जिम्मेदार अधिकारी किसी बड़ी बीमारी के फैलने का इंतजार कर रहे हैं? संचारी रोग अभियान के दौरान मंडी परिसर की यह दुर्दशा सीधे तौर पर संबंधित अधिकारियों की कार्यशैली और नीयत पर गंभीर सवाल खड़े करती है। जनता और व्यापारियों की मांग है कि तत्काल प्रभाव से वैकल्पिक व्यवस्था कर जल निकासी कराई जाए और लटके पड़े सफाई टेंडर को जल्द से जल्द हरी झंडी दी जाए।1
- स्टै को नकारते हुए धनउगाही के चक्कर में पैमाइश किया गया श्रीमान सिविल जज जु०डी० कच्छ संख्या 30 महोदय प्रतापगढ़ के न्यायालय में विचाराधीन है जिसमें स्थगन आदेश लागू एवं प्रभावी है शिव कुमारी बनाम शेर बहादुर तारीफ पेशी 4 8 20262
- 14 साल से स्कूल नहीं गया, फिर भी ले रहा वेतन: BSA मौन! चपरासी बना दलाल: स्कूल की जगह थाना में करता है ड्यूटी!* *14 साल से स्कूल नहीं गया, फिर भी ले रहा वेतन: BSA मौन! चपरासी बना दलाल: स्कूल की जगह थाना में करता है ड्यूटी!* *BSA को पेन ड्राइव+वीडियो दिया, 1 महीने बाद भी नहीं हुई कार्रवाई_सरकारी वेतन पर ऐश: चपरासी स्कूल नहीं जाता, हेडमास्टर भी चुप_डीएम के पास शिकायत, फिर भी फर्जी मुकदमे लगवा रहा चपरासी!* *सुलतानपुर: शिक्षा विभाग में बड़ा घोटाला, बिना काम वेतन उठा रहा कर्मचारी_पुलिस से मिलीभगत करके गरीबों पर फर्जी केस: लगवाने का देता है धमकी BSA साहब संज्ञान लें: 14 साल से फर्जी हाजिरी लगा रहा चपरासी* *शिक्षा विभाग शर्मसार: चपरासी की ड्यूटी स्कूल में नहीं, थाने में_ज्ञापन के बाद भी ठंडे बस्ते में फाइल, BSA साहब जवाब दें* *किसका संरक्षण? स्कूल न जाने वाले चपरासी का वेतन कैसे पास हो रहा मृतक आश्रित भर्ती का दुरुपयोग: वेतन लो और दलाली करो! BSA कार्यालय फेल: सबूत देने के बाद भी निलंबन नहीं* *प्रधान का भाई चपरासी: 14 साल से स्कूल नहीं आता, सिर्फ हाजिरी लगाकर जाता_अध्यापक का वीडियो वायरल: प्रधान प्रतिनिधि के भाई की पकड़ के आगे BSA फेल_हेडमास्टर+चपरासी की जुगलबंदी: दोनों कई सालों से एक ही स्कूल में जमे* *प्रधान के भाई को मिली सरकारी नौकरी की छूट_BSA को शिकायत के बाद भी मौन: प्रधान के भाई पर मेहरबानी क्यों सुलतानपुर: शिक्षा विभाग में भ्रष्टाचार, हेडमास्टर प्रदीप तिवारी चुप: प्रधान के भाई चपरासी को दे रहे खुली छूट_कई वर्षों से एक ही जगह पर है तैनात ट्रांसफर नीति को प्रधान के भाई ने ताक पर रखा* *वीडियो में अध्यापक ने खोली पोल: प्रधान प्रतिनिधि के भाई की मनमानी_BSA कार्यालय में फाइल धूल खा रही, प्रधान के भाई पर कार्रवाई नहीं_चपरासी की ड्यूटी नहीं, दलाली: प्रधान के भाई का दोहरा कारोबार_सरकार की मंशा पर पानी: प्रधान के भाई को मिली VIP ट्रीटमेंट* *सुलतानपुर शिक्षा विभाग: फर्जी कर्मचारी, असली वेतन थाना की दलाली स्कूल की तनख्वाह: डबल कमाई का खेल* *डीएम साहब जांच कराएं: 14 साल से स्कूल न आने वाले को वेतन क्यों?गरीबों पर अत्याचार: चपरासी पुलिस के साथ मिलकर लगवा रहा झूठे मुकदमे* *सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल, फिर भी BSA- ने आंख बंद की कार्रवाई कब? 1 महीने से DM-BSA के टेबल पर पड़ा है सबूत* *सुल्तानपुर बल्दीराय तहसील क्षेत्र ग्राम पंचायत बड़नपुर कंपोजिट विद्यालय का मामला है!*1
- *सीएचसी में नवजात कन्या की संदिग्ध मौत, शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा* पट्टी। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) पट्टी में जन्मी एक नवजात कन्या की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो जाने से क्षेत्र में चर्चाओं का दौर शुरू हो गया। सूचना मिलने पर सीएचसी प्रशासन ने पुलिस को मेमो भेजा। मौके पर पहुंची कोतवाली पुलिस ने नवजात की मां का बयान दर्ज करने के बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के वास्तविक कारणों का पता चल सकेगा। जानकारी के अनुसार, सरसतपुर गांव निवासी निशा गौतम पत्नी राजकुमार को सोमवार शाम प्रसव पीड़ा होने पर सीएचसी पट्टी में भर्ती कराया गया था। सोमवार रात 10:11 बजे उन्होंने एक पुत्री को जन्म दिया। उस समय अस्पताल में उनकी सास भी मौजूद थीं। मंगलवार दोपहर करीब 2:30 बजे पिता राजकुमार अस्पताल पहुंचे। कुछ ही देर बाद नवजात की तबीयत अचानक बिगड़ गई और उसकी मौत हो गई। घटना की जानकारी मिलते ही सीएचसी अधीक्षक डॉ. आर.पी. भारतीय ने कोतवाली पुलिस को लिखित सूचना दी। पुलिस ने अस्पताल पहुंचकर आवश्यक पूछताछ की और नवजात के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। मृतका की मां निशा गौतम ने बताया कि उनकी पहले से दो बेटियां हैं, जिनमें प्रिया (4 वर्ष) और रिया (डेढ़ वर्ष) शामिल हैं। कोतवाल आनंदपाल सिंह ने बताया कि नवजात के शव का पोस्टमार्टम कराया जा रहा है। रिपोर्ट मिलने के बाद ही मौत के कारणों की पुष्टि होगी और उसी आधार पर अग्रिम कार्रवाई की जाएगी।1