कारंजा में प्राकृतिक खेती को लेकर किसानों को किया जागरूक कारंजा में प्राकृतिक खेती को लेकर किसानों को किया जागरूक धान में तना छेदक व माहू की रोकथाम के लिए जैविक उपायों के साथ रासायनिक नियंत्रण की दी सलाह बालाघाट 15 सितंबर 2026। राष्ट्रीय प्राकृतिक खेती मिशन के तहत मंगलवार को विकासखंड लांजी के ग्राम कारंजा में किसानों के बीच जागरूकता अभियान आयोजित किया गया। कृषि विभाग आत्मा समिति के मार्गदर्शन में आयोजित कार्यक्रम में कृषकों को प्राकृतिक एवं पर्यावरण हितैषी खेती अपनाने के साथ फसलों में कीट-रोग नियंत्रण के विभिन्न उपायों की जानकारी दी गई। कार्यक्रम में विकासखंड तकनीकी प्रबंधक अजय बिजेवार ने किसानों को जीवामृत, घनजीवामृत तथा जैविक कीटनाशक ब्रह्मास्त्र एवं नीमास्त्र तैयार करने और इनके उपयोग की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने बताया कि इन जैविक उपायों का उपयोग धान सहित अन्य फसलों में कीट नियंत्रण के लिए किया जा सकता है। माहू एवं तना छेदक के नियंत्रण के लिए ब्रह्मास्त्र एवं नीमास्त्र का 3 से 5 लीटर प्रति एकड़ की दर से छिड़काव करने की सलाह किसानों को दी गई। सीधी बुवाई वाले धान खेत का किया निरीक्षण अभियान के दौरान कृषक हेमेंद्र उमरे के खेत में लगी धान की सीधी बुवाई वाली फसल का निरीक्षण किया गया। निरीक्षण में पाया गया कि सीधी बुवाई वाले धान में तना छेदक एवं माहू का प्रकोप अपेक्षाकृत कम है। किसानों को फसल की नियमित निगरानी करने तथा प्रारंभिक अवस्था में ही जैविक उपायों से कीट नियंत्रण करने की सलाह दी गई। तना छेदक के प्रकोप की पहचान समझाई कृषकों को बताया गया कि धान की फसल में तना छेदक का प्रकोप सामान्यतः दो अवस्थाओं में देखने को मिलता है। पहली अवस्था रोपाई के लगभग 20-25 दिन बाद तथा दूसरी अवस्था लगभग 60-65 दिन बाद आती है। अधिक प्रकोप होने पर प्रभावित पौधों की बालियां सफेद एवं पोची निकलती हैं। ऐसी बालियों को बाहर खींचने पर वे आसानी से बाहर आ जाती हैं तथा निचली सतह पर तना छेदक की इल्ली द्वारा छोड़ा गया मल दिखाई दे सकता है। ऐसी स्थिति में किसानों को तत्काल नियंत्रण उपाय अपनाने की सलाह दी गई। अधिक प्रकोप की स्थिति में कृषि विभाग द्वारा तना छेदक नियंत्रण के लिए अनुशंसित रासायनिक विकल्पों में से किसी एक का उपयोग करने की सलाह दी गई। इनमें कार्टाप हाइड्रोक्लोराइड 50 प्रतिशत एसपी 250 ग्राम प्रति एकड़, क्लोरपायरीफॉस 50 प्रतिशत ईसी 400 मिली प्रति एकड़, प्रोफेनोफॉस 50 प्रतिशत ईसी 400 मिली प्रति एकड़ अथवा इमामेक्टिन बेंजोएट 5 प्रतिशत एसजी 100 ग्राम प्रति एकड़ की दर से उपयोग की जानकारी दी गई। माहू के नियंत्रण के लिए पाइमेट्रोजिन 50 प्रतिशत डब्ल्यूजी 100-120 ग्राम प्रति एकड़, डायनोटेफ्यूरान 20 प्रतिशत एसजी 100 ग्राम प्रति एकड़ अथवा ट्राइफ्लूमेजोपाइरिम 10.6 प्रतिशत एससी 96 मिली प्रति एकड़ में से अनुशंसित विकल्प के अनुसार उपयोग की सलाह दी गई। वहीं धान में शीथ ब्लाइट रोग की स्थिति में कॉपर ऑक्सीक्लोराइड 50 प्रतिशत डब्ल्यूपी 500 ग्राम तथा स्ट्रेप्टोसाइक्लिन 6 ग्राम प्रति एकड़ के उपयोग की जानकारी किसानों को दी गई। कार्यक्रम में कृषि विभाग आत्मा समिति से विकासखंड तकनीकी प्रबंधक अजय बिजेवार, कृषि सखी भुवनेश्वरी उमरे एवं ऊषा भटेरे उपस्थित रहीं। इस दौरान किसानों ने प्राकृतिक खेती से संबंधित विभिन्न पहलुओं की जानकारी प्राप्त की तथा फसल में कीट एवं रोगों की पहचान और नियंत्रण के संबंध में मार्गदर्शन लिया।
कारंजा में प्राकृतिक खेती को लेकर किसानों को किया जागरूक कारंजा में प्राकृतिक खेती को लेकर किसानों को किया जागरूक धान में तना छेदक व माहू की रोकथाम के लिए जैविक उपायों के साथ रासायनिक नियंत्रण की दी सलाह बालाघाट 15 सितंबर 2026। राष्ट्रीय प्राकृतिक खेती मिशन के तहत मंगलवार को विकासखंड लांजी के ग्राम कारंजा में किसानों के बीच जागरूकता अभियान आयोजित किया गया। कृषि विभाग आत्मा समिति के मार्गदर्शन में आयोजित कार्यक्रम में कृषकों को प्राकृतिक एवं पर्यावरण हितैषी खेती अपनाने के साथ फसलों में कीट-रोग नियंत्रण के विभिन्न उपायों की जानकारी दी गई। कार्यक्रम में विकासखंड तकनीकी प्रबंधक अजय बिजेवार ने किसानों को जीवामृत, घनजीवामृत तथा जैविक कीटनाशक ब्रह्मास्त्र एवं नीमास्त्र तैयार करने और इनके उपयोग की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने बताया कि इन जैविक उपायों का उपयोग धान सहित अन्य फसलों
में कीट नियंत्रण के लिए किया जा सकता है। माहू एवं तना छेदक के नियंत्रण के लिए ब्रह्मास्त्र एवं नीमास्त्र का 3 से 5 लीटर प्रति एकड़ की दर से छिड़काव करने की सलाह किसानों को दी गई। सीधी बुवाई वाले धान खेत का किया निरीक्षण अभियान के दौरान कृषक हेमेंद्र उमरे के खेत में लगी धान की सीधी बुवाई वाली फसल का निरीक्षण किया गया। निरीक्षण में पाया गया कि सीधी बुवाई वाले धान में तना छेदक एवं माहू का प्रकोप अपेक्षाकृत कम है। किसानों को फसल की नियमित निगरानी करने तथा प्रारंभिक अवस्था में ही जैविक उपायों से कीट नियंत्रण करने की सलाह दी गई। तना छेदक के प्रकोप की पहचान समझाई कृषकों को बताया गया कि धान की फसल में तना छेदक का प्रकोप सामान्यतः दो अवस्थाओं में देखने को मिलता है।
पहली अवस्था रोपाई के लगभग 20-25 दिन बाद तथा दूसरी अवस्था लगभग 60-65 दिन बाद आती है। अधिक प्रकोप होने पर प्रभावित पौधों की बालियां सफेद एवं पोची निकलती हैं। ऐसी बालियों को बाहर खींचने पर वे आसानी से बाहर आ जाती हैं तथा निचली सतह पर तना छेदक की इल्ली द्वारा छोड़ा गया मल दिखाई दे सकता है। ऐसी स्थिति में किसानों को तत्काल नियंत्रण उपाय अपनाने की सलाह दी गई। अधिक प्रकोप की स्थिति में कृषि विभाग द्वारा तना छेदक नियंत्रण के लिए अनुशंसित रासायनिक विकल्पों में से किसी एक का उपयोग करने की सलाह दी गई। इनमें कार्टाप हाइड्रोक्लोराइड 50 प्रतिशत एसपी 250 ग्राम प्रति एकड़, क्लोरपायरीफॉस 50 प्रतिशत ईसी 400 मिली प्रति एकड़, प्रोफेनोफॉस 50 प्रतिशत ईसी 400 मिली प्रति एकड़ अथवा इमामेक्टिन बेंजोएट 5 प्रतिशत एसजी 100
ग्राम प्रति एकड़ की दर से उपयोग की जानकारी दी गई। माहू के नियंत्रण के लिए पाइमेट्रोजिन 50 प्रतिशत डब्ल्यूजी 100-120 ग्राम प्रति एकड़, डायनोटेफ्यूरान 20 प्रतिशत एसजी 100 ग्राम प्रति एकड़ अथवा ट्राइफ्लूमेजोपाइरिम 10.6 प्रतिशत एससी 96 मिली प्रति एकड़ में से अनुशंसित विकल्प के अनुसार उपयोग की सलाह दी गई। वहीं धान में शीथ ब्लाइट रोग की स्थिति में कॉपर ऑक्सीक्लोराइड 50 प्रतिशत डब्ल्यूपी 500 ग्राम तथा स्ट्रेप्टोसाइक्लिन 6 ग्राम प्रति एकड़ के उपयोग की जानकारी किसानों को दी गई। कार्यक्रम में कृषि विभाग आत्मा समिति से विकासखंड तकनीकी प्रबंधक अजय बिजेवार, कृषि सखी भुवनेश्वरी उमरे एवं ऊषा भटेरे उपस्थित रहीं। इस दौरान किसानों ने प्राकृतिक खेती से संबंधित विभिन्न पहलुओं की जानकारी प्राप्त की तथा फसल में कीट एवं रोगों की पहचान और नियंत्रण के संबंध में मार्गदर्शन लिया।
- नागपुर में फिल्मी अंदाज में बैंक डकैती: आँखों में मिर्च पाउडर फेंककर 4.53 लाख रुपये लूट भागा बदमाश! महाराष्ट्र के नागपुर स्थित स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (SBI) की शाखा में एक बेखौफ लुटेरे ने सनसनीखेज वारदात को अंजाम दिया। मुख्य बातें: मिर्च पाउडर से हमला: लुटेरा बैंक में दाखिल हुआ और अचानक बैंककर्मियों के चेहरे पर लाल मिर्च का पाउडर फेंक दिया। लाखों की लूट: नागपुर में फिल्मी अंदाज में बैंक डकैती: आँखों में मिर्च पाउडर फेंककर 4.53 लाख रुपये लूट भागा बदमाश! महाराष्ट्र के नागपुर स्थित स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (SBI) की शाखा में एक बेखौफ लुटेरे ने सनसनीखेज वारदात को अंजाम दिया। मुख्य बातें: मिर्च पाउडर से हमला: लुटेरा बैंक में दाखिल हुआ और अचानक बैंककर्मियों के चेहरे पर लाल मिर्च का पाउडर फेंक दिया। लाखों की लूट: कर्मचारियों के संभलने से पहले ही आरोपी काउंटर से 4.53 लाख रुपये नकद समेटकर मौके से फरार हो गया। मचा हड़कंप: घटना के बाद बैंक परिसर में अफरा-तफरी मच गई। पुलिस मामले की जांच और आरोपी की तलाश में जुट गई है।1
- जनसुनवाई बनी सहारा, दो दिव्यांगजनों को मिली ट्राइसाइकिल सिवनी। जनसुनवाई में डूंडा सिवनी निवासी मानिक लाल डहरवाल और ग्राम अरी के टील्ली टोला निवासी शरद मरावी ने आवागमन की समस्या कलेक्टर श्रीमती नेहा मीना के सामने रखी। कलेक्टर ने उनकी समस्या को गंभीरता से लेते हुए तत्काल ट्राइसाइकिल उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। निर्देश के बाद दोनों दिव्यांगजनों को ट्राइसाइकिल प्रदान की गई। इससे उनके रोजमर्रा के आवागमन में सुविधा होने के साथ दूसरों पर निर्भरता भी कम होगी। ट्राइसाइकिल मिलने पर दोनों हितग्राहियों ने जिला प्रशासन के प्रति आभार जताया। कलेक्टर ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि जनसुनवाई में आने वाले जरूरतमंद नागरिकों की समस्याओं को संवेदनशीलता से सुनते हुए पात्र हितग्राहियों को शासन की योजनाओं और सुविधाओं का लाभ समय पर दिलाया जाए।1
- गणेश पर्व में हुड़दंग और शांति भंग करने वाले तीन असामाजिक तत्व जेल भेजे गए तिल्दा-नेवरा पुलिस की कार्रवाई, विवाद और मारपीट पर प्रतिबंधात्मक धाराओं के तहत एक्शन तिल्दा-नेवरा। गणेश पर्व के दौरान क्षेत्र में शांति एवं सौहार्दपूर्ण वातावरण बनाए रखने तिल्दा-नेवरा पुलिस द्वारा असामाजिक एवं उपद्रवी तत्वों के खिलाफ लगातार कार्रवाई की जा रही है। इसी क्रम में विवाद और लड़ाई-झगड़ा कर शांति भंग करने की स्थिति पैदा करने वाले तीन लोगों को पुलिस ने गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। पुलिस के अनुसार थाना तिल्दा-नेवरा के सामने आम रोड तथा ग्राम किरना में विवाद और लड़ाई-झगड़े की सूचना मिली थी। सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची और स्थिति को नियंत्रित करने का प्रयास किया। पुलिस द्वारा संबंधित लोगों को समझाइश दी गई, लेकिन वे कथित तौर पर उग्र होकर मारपीट करने पर उतारू हो गए। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने प्रतिबंधात्मक धारा 170 बीएनएसएस के तहत तीनों को गिरफ्तार किया। इसके बाद आरोपियों को अनुविभागीय दंडाधिकारी न्यायालय, तिल्दा-नेवरा के समक्ष पेश किया गया। न्यायालय से जेल वारंट जारी होने के बाद तीनों को जेल निरुद्ध कर दिया गया। गिरफ्तार किए गए आरोपी 1. पवन कुमार ध्रुव, पिता मालिक राम ध्रुव, उम्र 31 वर्ष, निवासी वार्ड क्रमांक 15, दीनदयाल चौक, तिल्दा। 2. हीरालाल नवरंगे, पिता स्व. भागीरथी नवरंगे, उम्र 30 वर्ष, निवासी वार्ड क्रमांक 02, प्राथमिक शाला के पीछे, ग्राम सांकरा। 3. उमेश कुमार वर्मा, पिता सुरेश कुमार वर्मा, उम्र 20 वर्ष, निवासी ग्राम किरना। त्यौहार में हुड़दंग करने वालों को स्पष्ट संदेश तिल्दा-नेवरा पुलिस द्वारा गणेश पर्व एवं आगामी त्यौहारों को देखते हुए क्षेत्र में लगातार पेट्रोलिंग, संदिग्ध व्यक्तियों की निगरानी और संवेदनशील इलाकों में भ्रमण किया जा रहा है। पुलिस ने स्पष्ट किया है कि सार्वजनिक शांति भंग करने, विवाद करने अथवा कानून-व्यवस्था प्रभावित करने वाले लोगों के खिलाफ सख्त वैधानिक एवं प्रतिबंधात्मक कार्रवाई की जाएगी। पुलिस ने आम नागरिकों से अपील की है कि गणेश पर्व सहित सभी त्यौहारों को शांतिपूर्ण एवं सौहार्दपूर्ण वातावरण में मनाएं और किसी भी प्रकार के विवाद, हुड़दंग या कानून-व्यवस्था प्रभावित करने वाली गतिविधि से दूर रहें। तिल्दा-नेवरा से पवन बघेल की रिपोर्ट। PNBCG NEWS TILDA NEORA2
- ग्राम चौदस में ड्रेसिंग टेबल के नीचे छुपा बैठा था 5 फीट लंबा कोबरा सर्पमित्र ने सुरक्षित रेस्क्यू कर टाला बड़ा हादसा ग्राम चौदस में ड्रेसिंग टेबल के नीचे छुपा बैठा था 5 फीट लंबा कोबरा सर्पमित्र ने सुरक्षित रेस्क्यू कर टाला बड़ा हादसा, पलंग पर खेल रहे थे मासूम 15 सितंबर मंगलवार 12 बजे सर्पमित्र रंजीत ठाकुर ने बताया कि बबलिया मुख्यालय से 25 किमी दूर ग्राम चौदस निवासी बैजू यादव के घर उस वक्त हड़कंप मच गया, जब श्रृंगार करते समय उनकी पत्नी को ड्रेसिंग टेबल के नीचे एक इंडियन कोबरा (नाग) दिखा। पास ही पलंग पर बच्चे खेल रहे थे। महिला ने तुरंत पति को सूचना दी, जिसके बाद बैजू यादव निवास के सर्पमित्र रंजीत ठाकुर को सूचना दी और अपने साथ उन्हें मौके पर लेकर आए। सर्पमित्र रंजीत ठाकुर ने सूझबूझ से कोबरा का सुरक्षित रेस्क्यू कर उसे जंगल में छोड़ दिया। उन्होंने ग्रामीणों से अपील की कि सर्पदंश की स्थिति में झाड़-फूंक के चक्कर में समय न गंवाएं, सीधे नजदीकी सरकारी अस्पताल पहुंचकर एंटी-वेनम इंजेक्शन लगवाएं।1
- “जब टक्कर हुई ही नहीं, तो चालक नासिर खान का खून क्यों बहा? वायरल वीडियो के बावजूद आरोपियों पर कार्रवाई से प्रशासन क्यों पीछे?” *"जब टक्कर हुई ही नहीं, तो खून बहाया क्यों? सिवनी में कानून का डर खत्म या गुंडों की दबंगई? बस चालक नासिर खान पर जानलेवा हमले के आरोपियों को तुरंत सलाखों के पीछे भेजो!"* "मेहनत से गाड़ी चलाने वाले चालकों पर खुलेआम गुंडागर्दी! बिना किसी बात के बीच सड़क पर घेरकर मारना और चाकू से हमला करना कहां का न्याय है? पुलिस प्रशासन तुरंत एक्शन ले!" *"ना गाड़ी टकराई, ना प्रतिमा को खरोंच आई... फिर भी driver को लहूलुहान कर दिया! सिवनी पुलिस, वायरल वीडियो के आधार पर इन उपद्रवियों पर सख्त से सख्त कार्रवाई कब होगी?"* "गुंडागर्दी बर्दाश्त नहीं की जाएगी! दिन-दहाड़े चालक को घसीटकर पीटने वाले 10-12 हमलावरों को तुरंत गिरफ्तार करो। ड्राइवरों की सुरक्षा के साथ खिलवाड़ बंद हो!" "*सड़क पर सेवा देने वाले ड्राइवरों पर ये बर्बरता क्यों? जब ट्रैक्टर चालक खुद कह रहा है कि कोई टक्कर नहीं हुई, तो इस जानलेवा हमले का हिसाब कौन देगा? #JusticeForDriver"* *"सिवनी में कानून-व्यवस्था को ठेंगा! चालक नासिर खान के साथ हुई बर्बर मारपीट के खिलाफ ड्राइवर महासंगठन मैदान में। गुंडों पर बलवा और जानलेवा हमले का केस दर्ज हो!"* #JusticeForDriver #SeoniNews #StopMobViolence #MPPolice #StrictActionRequired #MadhyaPradeshNews #DriverSafety #SeoniCrime #LawAndOrder #Seoni#हेडलाइंस#फॉलोअर1
- गोंडवाना गणतंत्र पार्टी लखनादौन के धूमा में पार्टी का बड़ा आंदोलन वन विभाग के खिलाफ आंदोलन गोंडवाना गणतंत्र पार्टी लखनादौन के धूमा में पार्टी का बड़ा आंदोलन वन विभाग के खिलाफ आंदोलन पार्टी कार्यकर्ताओं ने 7 दिवस की चैतावनी1
- 17 सांसद न घर के रहे और न घाट के... भाजपा ने दिखाया ठेंगा। (स्वतंत्र न्यूज़ छत्तीसगढ़) पश्चिम बंगाल में 17 सांसदों के भाजपा में शामिल होने की अटकलों पर पार्टी ने विराम लगा दिया है। बंगाल भाजपा अध्यक्ष शमिक भट्टाचार्य ने साफ कहा है कि फिलहाल तृणमूल कांग्रेस या एनसीपीआई से किसी के भाजपा में शामिल होने की कोई जानकारी नहीं है। उन्होंने जोर देकर कहा कि पार्टी केवल भाजपा में आने की इच्छा जताने के आधार पर किसी को शामिल नहीं करेगी और ऐसे नेताओं के पुराने रिकॉर्ड को भी देखा जाएगा। क्या था दावा? तृणमूल कांग्रेस के बागी सांसद और कूचबिहार लोकसभा सांसद जगदीश चंद्र बर्मा बसुनिया ने 14 सितंबर 2026 को दावा किया था कि अप्रैल 2026 के विधानसभा चुनाव में ममता बनर्जी की पार्टी की हार के बाद टीएमसी छोड़कर नेशनलिस्ट सिटिजंस पार्टी ऑफ इंडिया (एनसीपीआई) में शामिल हुए 20 सांसदों में से 17 दुर्गा पूजा (अक्टूबर) से पहले या उसके तुरंत बाद भाजपा में शामिल हो जाएंगे। बसुनिया का कहना था कि ये 17 सांसद एक साथ जाएंगे ताकि दल-बदल विरोधी कानून लागू न हो (दो-तिहाई से ज्यादा होने की वजह से)। उन्होंने तीन मुस्लिम सांसदों—अबू ताहेर खान, खलीलुर रहमान और यूसुफ पठान—को छोड़कर बाकी के नाम लिए और कहा कि ये तीन बाहर से एनडीए का समर्थन करेंगे। भाजपा का रुख शमिक भट्टाचार्य ने इस दावे को सिरे से खारिज कर दिया। उन्होंने कहा: “जहां तक मुझे पता है, टीएमसी या एनसीपीआई से कोई भी भाजपा नहीं जॉइन कर रहा है।” “पार्टी किसी को महज इसलिए शामिल नहीं करेगी क्योंकि वह भाजपा में आना चाहता है।” उन्होंने व्यंग्य करते हुए पूछा कि बसुनिया जिस भाजपा की बात कर रहे हैं, क्या वह ‘मंगल ग्रह वाली भाजपा’ है? राज्य के लोग नहीं भूले हैं कि तृणमूल शासन के दौरान इन नेताओं ने किस तरह के अत्याचार किए थे। 2021 के विधानसभा चुनाव के बाद भाजपा कार्यकर्ताओं की हत्या, प्रताड़ना और महिला कार्यकर्ताओं के साथ दुर्व्यवहार करने वाले लोगों को पार्टी में जगह नहीं दी जाएगी। भाजपा प्रवक्ता देबजीत सरकार ने भी कहा कि किसी की इच्छा जताने मात्र से पार्टी में प्रवेश नहीं हो जाता। बागी गुट के अंदर भी मतभेद सांसद काकोली घोष दस्तीदार ने कोई टिप्पणी करने से इनकार किया। अबू ताहेर खान ने बसुनिया के दावे को उनका निजी बयान बताते हुए साफ कहा कि वे तीन सांसद न भाजपा में जाएंगे और न एनडीए का समर्थन करेंगे। शताब्दी रॉय जैसी अन्य सांसदों ने भी कहा कि कोई सामूहिक फैसला नहीं लिया गया है। पृष्ठभूमि अप्रैल 2026 के पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव में टीएमसी की भारी हार के बाद कई सांसद और विधायक पार्टी छोड़ चुके हैं। इनमें से 20 लोकसभा सांसद पहले एनसीपीआई में विलय हो गए थे। जुलाई 2026 में तीन पूर्व राज्यसभा सांसद (सुष्मिता देव, सुखेंदु शेखर रॉय और प्रकाश चिक बारिक) भाजपा में शामिल हो चुके हैं, लेकिन बड़े पैमाने पर बागी सांसदों को लेने पर भाजपा सतर्क रुख अपनाए हुए है। भाजपा का संदेश साफ है—पार्टी दरवाजे पूरी तरह बंद नहीं रखेगी, लेकिन पुराने रिकॉर्ड और कार्यकर्ताओं की भावनाओं का ध्यान जरूर रखेगी। फिलहाल 17 सांसद न टीएमसी के रहे, न पूरी तरह एनसीपीआई के, और भाजपा ने भी ठेंगा दिखा दिया है। स्रोत: विभिन्न समाचार रिपोर्ट्स (14-15 सितंबर 2026)।1
- तिल्दा-नेवरा में चाकू लहराकर राहगीरों को डराने वाले दो आरोपी गिरफ्तार गणेश पर्व के दौरान पुलिस की सख्त कार्रवाई, दो चाकू और बाइक जब्त तिल्दा-नेवरा। गणेश पर्व के दौरान क्षेत्र में शांति एवं कानून-व्यवस्था बनाए रखने तिल्दा-नेवरा पुलिस द्वारा असामाजिक एवं आपराधिक तत्वों के खिलाफ लगातार कार्रवाई की जा रही है। इसी अभियान के तहत सार्वजनिक स्थान पर धारदार चाकू लेकर राहगीरों को डराने-धमकाने वाले दो आरोपियों को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार ग्राम तुलसी के साईंधाम रोड एवं सिंचाई कॉलोनी तुलसी में दो युवक धारदार चाकू लेकर घूम रहे थे और राहगीरों के बीच भय का वातावरण पैदा कर रहे थे। सूचना एवं जांच के दौरान पुलिस ने दोनों आरोपियों को पकड़ लिया। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से दो धारदार चाकू और एक मोटरसाइकिल स्प्लेंडर क्रमांक CG04-PT-3328 बरामद कर जब्त की है। दोनों आरोपियों के खिलाफ आर्म्स एक्ट की धारा 25, 27 के तहत अलग-अलग अपराध दर्ज कर वैधानिक कार्रवाई की गई। गिरफ्तार आरोपी 1. साहिल ध्रुव उर्फ लक्की, पिता गैंदराम ध्रुव, उम्र 18 वर्ष, निवासी वार्ड क्रमांक 14 केवतरा, थाना खरोरा, जिला रायपुर। अपराध क्रमांक 392/2026, धारा 25, 27 आर्म्स एक्ट। 2. गणेश ध्रुव, पिता गौकरण ध्रुव, उम्र 19 वर्ष, निवासी वार्ड क्रमांक 14 केवतरा, थाना खरोरा, जिला रायपुर। अपराध क्रमांक 393/2026, धारा 25, 27 आर्म्स एक्ट। पुलिस ने बताया कि गणेश पर्व के दौरान सार्वजनिक शांति और सुरक्षा व्यवस्था को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जा रही है। अड्डेबाजी, चाकूबाजी एवं अन्य असामाजिक गतिविधियों पर लगातार निगरानी रखी जा रही है। सार्वजनिक स्थानों पर हथियार लेकर घूमने अथवा भय का माहौल बनाने वालों के खिलाफ वैधानिक एवं निरोधात्मक कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी। तिल्दा-नेवरा से पवन बघेल की रिपोर्ट। PNBCG NEWS TILDA NEORA ताजा और भरोसेमंद खबरों के लिए जुड़े रहिए PNBCG News के साथ।2
- मां एचपी गैस एजेंसी बकोरी की मनमानी, एजेंसी बंद मिलने से भड़के उपभोक्ता मां एचपी गैस एजेंसी बकोरी की मनमानी, एजेंसी बंद मिलने से भड़के उपभोक्ता एजेंसी पर नियमों की अनदेखी, सिलेंडर व ई-केवाईसी के नाम पर ग्रामीणों के शोषण का आरोप बबलिया के उपभोक्ता बकोरी स्थित मां एचपी गैस एजेंसी की मनमानी से त्रस्त हैं। बबलिया के उपभोक्ता प्रहलाद वरकड़े, बाबूलाल यादव, मिलन सिंह सहित दर्जनों उपभोक्ता 15 सितंबर मंगलवार 12 बजे से लाइन में खड़े रहे, लेकिन एजेंसी बंद मिली। यहां तक कि सिलेंडर खाली करने आए ट्रक चालक भी घंटों इंतजार करते रहे। ग्रामीणों का आरोप है कि शासन के नियमों को ताक पर रखकर घर-घर आपूर्ति के बजाय लोगों को रोज चक्कर कटवाए जा रहे हैं। मनमाने दामों पर गैस बेचने और नि:शुल्क ई-केवाईसी के नाम पर अवैध वसूली की जा रही है; पैसे न देने पर दिनभर बैठाकर परेशान किया जाता है। आदिवासी व ग्रामीण उपभोक्ताओं ने जिला प्रशासन से एजेंसी संचालक पर कड़ी कार्रवाई की मांग की है।1