केकड़ी क्षेत्र में 26 मई 2026 को हुई एक कथित असामाजिक घटना को लेकर आज, 5 जून 2026 को, सर्व समाज के प्रतिनिधियों ने एकजुट होकर प्रशासन को एक ज्ञापन सौंपा है। उन्होंने इस घटना के आरोपियों की शीघ्र गिरफ्तारी, निष्पक्ष जांच और सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग की है, जिससे क्षेत्र में व्याप्त तनाव और भय के माहौल को समाप्त किया जा सके। प्राप्त जानकारी के अनुसार, गत 26 मई 2026 की सुबह लगभग 10 बजे, आरोप है कि रामपाल रेगर, रतन रेगर, बुद्धिप्रकाश रेगर, हेमराज रेगर, सांवरा, गोपाल, मुकेश, जगदीश, दिलखुश, दिनेश, राकेश, दीपक, रामलाल, राजू सहित 20-25 अन्य महिला एवं पुरुषों के एक समूह ने बालकृष्ण सिंह शक्तावत के आवास पर पहुंचकर कथित तौर पर विवाद उत्पन्न किया। इस दौरान, समूह पर बालकृष्ण सिंह शक्तावत की पुत्री ज्योति शक्तावत को धमकाने और क्षेत्र में तनावपूर्ण स्थिति पैदा करने का आरोप है। यह भी आरोप लगाया गया है कि संख्या बल के आधार पर पूर्व में भी ऐसी घटनाएं होती रही हैं, जिससे ग्रामीणों में असंतोष और भय का माहौल बना हुआ है। हस्तक्षेप करने पहुंचे अजीत सिंह शक्तावत, अभिजीत सिंह शक्तावत, हेमेन्द्र सिंह शक्तावत, राजू कुम्हार, देवकरण कुमावत समेत कई अन्य लोगों के साथ कथित तौर पर गाली-गलौज और मारपीट की गई, जिससे स्थिति और बिगड़ गई। इस घटना से सर्व समाज के लोगों में गहरा आक्रोश है। आज बड़ी संख्या में एकत्र हुए प्रतिनिधियों ने राजू, दीपक कुम्हार, भीम, महावीर, बनवारी, कालू, देवकरण कुमावत, रामकुंवार तेली, महावीर बलाई, बजरंग जैन, विमला देवी प्रजापत, सुगना कंवर, सीमा देवी, कौशल्या प्रजापत, सोना प्रजापत, चंचल कंवर, ज्योति शक्तावत, देवेन्द्र सिंह, दुर्गा सिंह, दशरथ सिंह, नरेन्द्र सिंह, जय सिंह, प्रद्युम्न सिंह, हरिराज सिंह, शक्तिराज सिंह, भूपेन्द्र सिंह, बहादुर सिंह, पवन सिंह, श्याम सिंह, ध्रुवराज सिंह, रविराज सिंह, शैतान सिंह, यदुनाथ सिंह, विजय सिंह, भवानी सिंह, अभिजीत सिंह, बालकृष्ण सिंह, मानवेंद्र सिंह, रविन्द्र सिंह पिपलाज, दशरथ सिंह भराई, धनराज सिंह प्रान्हेड़ा, निरंजन सिंह, भूपेन्द्र सिंह सापून्दा, दिग्विजय सिंह कन्नौज, भगवान सिंह निमोद, विक्रम सिंह नयावास, शंकर सिंह निमोद, करणी प्रताप सिंह प्रान्हेडा सहित कई ग्रामीणों और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने प्रशासन से मांग की कि शांति एवं कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए तत्काल आवश्यक कदम उठाए जाएं और दोषियों के विरुद्ध कठोर कार्यवाही सुनिश्चित की जाए।
केकड़ी क्षेत्र में 26 मई 2026 को हुई एक कथित असामाजिक घटना को लेकर आज, 5 जून 2026 को, सर्व समाज के प्रतिनिधियों ने एकजुट होकर प्रशासन को एक ज्ञापन सौंपा है। उन्होंने इस घटना के आरोपियों की शीघ्र गिरफ्तारी, निष्पक्ष जांच और सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग की है, जिससे क्षेत्र में व्याप्त तनाव और भय के माहौल को समाप्त किया जा सके। प्राप्त जानकारी के अनुसार, गत 26 मई 2026 की सुबह लगभग 10 बजे, आरोप है कि रामपाल रेगर, रतन रेगर, बुद्धिप्रकाश रेगर, हेमराज रेगर, सांवरा, गोपाल, मुकेश, जगदीश, दिलखुश, दिनेश, राकेश, दीपक, रामलाल, राजू सहित 20-25 अन्य महिला एवं पुरुषों के एक समूह ने बालकृष्ण सिंह शक्तावत के आवास पर पहुंचकर कथित तौर पर विवाद उत्पन्न किया। इस दौरान, समूह पर बालकृष्ण सिंह शक्तावत की पुत्री ज्योति शक्तावत को धमकाने और क्षेत्र में तनावपूर्ण स्थिति पैदा करने का आरोप है। यह भी आरोप लगाया गया है कि संख्या बल के आधार पर पूर्व में भी ऐसी घटनाएं होती रही हैं, जिससे ग्रामीणों में असंतोष और भय का माहौल बना हुआ है। हस्तक्षेप करने पहुंचे अजीत सिंह शक्तावत, अभिजीत सिंह शक्तावत, हेमेन्द्र सिंह शक्तावत, राजू कुम्हार, देवकरण कुमावत समेत कई अन्य लोगों के साथ कथित तौर पर गाली-गलौज और मारपीट की गई, जिससे स्थिति और बिगड़ गई। इस घटना से सर्व समाज के लोगों में गहरा आक्रोश है। आज बड़ी संख्या में एकत्र हुए प्रतिनिधियों ने राजू, दीपक कुम्हार, भीम, महावीर, बनवारी, कालू, देवकरण कुमावत, रामकुंवार तेली, महावीर बलाई, बजरंग जैन, विमला देवी प्रजापत, सुगना कंवर, सीमा देवी, कौशल्या प्रजापत, सोना प्रजापत, चंचल कंवर, ज्योति शक्तावत, देवेन्द्र सिंह, दुर्गा सिंह, दशरथ सिंह, नरेन्द्र सिंह, जय सिंह, प्रद्युम्न सिंह, हरिराज सिंह, शक्तिराज सिंह, भूपेन्द्र सिंह, बहादुर सिंह, पवन सिंह, श्याम सिंह, ध्रुवराज सिंह, रविराज सिंह, शैतान सिंह, यदुनाथ सिंह, विजय सिंह, भवानी सिंह, अभिजीत सिंह, बालकृष्ण सिंह, मानवेंद्र सिंह, रविन्द्र सिंह पिपलाज, दशरथ सिंह भराई, धनराज सिंह प्रान्हेड़ा, निरंजन सिंह, भूपेन्द्र सिंह सापून्दा, दिग्विजय सिंह कन्नौज, भगवान सिंह निमोद, विक्रम सिंह नयावास, शंकर सिंह निमोद, करणी प्रताप सिंह प्रान्हेडा सहित कई ग्रामीणों और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने प्रशासन से मांग की कि शांति एवं कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए तत्काल आवश्यक कदम उठाए जाएं और दोषियों के विरुद्ध कठोर कार्यवाही सुनिश्चित की जाए।
- उत्तर पश्चिम रेलवे के अजमेर मंडल में 5 जून, 2026 को विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर कई जागरूकता कार्यक्रम और गतिविधियाँ आयोजित की गईं। इस दौरान, रेल अधिकारियों और कर्मचारियों ने पर्यावरण को स्वच्छ और सुरक्षित रखने का संकल्प लिया। मंडल रेल प्रबंधक श्री राजू भूतड़ा और महिला कल्याण संगठन की अध्यक्षा श्रीमती रिंकल भूतड़ा ने पौधारोपण करके पर्यावरण संरक्षण का महत्वपूर्ण संदेश दिया। इस अवसर पर अपर मंडल रेल प्रबंधक श्री विकास बूरा और वरिष्ठ मंडल यांत्रिक इंजिनियर श्री मनोज मीणा सहित मंडल के अन्य वरिष्ठ रेल अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने भी सामूहिक रूप से पौधे लगाए। पर्यावरण संरक्षण थीम पर आधारित एक विशेष सेल्फी पॉइंट भी बनाया गया था, जहाँ तस्वीरें क्लिक कर लोगों को जागरूक किया गया। प्लास्टिक के उपयोग को कम करने के उद्देश्य से, श्री राजू भूतड़ा और श्रीमती रिंकल भूतड़ा ने रेल अधिकारियों और कर्मचारियों को जूट के बैग भी वितरित किए। यह अभियान ब्यावर रेलवे स्टेशन और रेल कॉलोनी परिसर तक भी विस्तृत किया गया, जहाँ सघन पौधारोपण किया गया और यात्रियों व कर्मचारियों को जागरूक करने के लिए पैंफलेट तथा जूट के बैग बांटे गए। उदयपुरसिटी रेलवे स्टेशन पर भी आने-जाने वाले यात्रियों को जूट के बैग दिए गए और पर्यावरण सुरक्षा से जुड़े पंपलेट बांटे गए, ताकि वे पर्यावरण संरक्षण में अपना योगदान दे सकें। स्टेशन पर यात्रियों और सफाई कर्मचारियों को पर्यावरण को स्वच्छ रखने की सामूहिक शपथ दिलाई गई और पर्यावरण सेल्फी पॉइंट पर यात्रियों को सेल्फी लेने के लिए प्रोत्साहित किया गया। इसके अतिरिक्त, मंडल के मारवाड़ जं, भीलवाड़ा, मावली जं, और डूंगरपुर सहित अन्य स्टेशनों पर भी पर्यावरण दिवस के उपलक्ष्य में विभिन्न गतिविधियों का आयोजन किया गया।1
- केकड़ी क्षेत्र में 26 मई 2026 को हुई एक कथित असामाजिक घटना को लेकर आज, 5 जून 2026 को, सर्व समाज के प्रतिनिधियों ने एकजुट होकर प्रशासन को एक ज्ञापन सौंपा है। उन्होंने इस घटना के आरोपियों की शीघ्र गिरफ्तारी, निष्पक्ष जांच और सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग की है, जिससे क्षेत्र में व्याप्त तनाव और भय के माहौल को समाप्त किया जा सके। प्राप्त जानकारी के अनुसार, गत 26 मई 2026 की सुबह लगभग 10 बजे, आरोप है कि रामपाल रेगर, रतन रेगर, बुद्धिप्रकाश रेगर, हेमराज रेगर, सांवरा, गोपाल, मुकेश, जगदीश, दिलखुश, दिनेश, राकेश, दीपक, रामलाल, राजू सहित 20-25 अन्य महिला एवं पुरुषों के एक समूह ने बालकृष्ण सिंह शक्तावत के आवास पर पहुंचकर कथित तौर पर विवाद उत्पन्न किया। इस दौरान, समूह पर बालकृष्ण सिंह शक्तावत की पुत्री ज्योति शक्तावत को धमकाने और क्षेत्र में तनावपूर्ण स्थिति पैदा करने का आरोप है। यह भी आरोप लगाया गया है कि संख्या बल के आधार पर पूर्व में भी ऐसी घटनाएं होती रही हैं, जिससे ग्रामीणों में असंतोष और भय का माहौल बना हुआ है। हस्तक्षेप करने पहुंचे अजीत सिंह शक्तावत, अभिजीत सिंह शक्तावत, हेमेन्द्र सिंह शक्तावत, राजू कुम्हार, देवकरण कुमावत समेत कई अन्य लोगों के साथ कथित तौर पर गाली-गलौज और मारपीट की गई, जिससे स्थिति और बिगड़ गई। इस घटना से सर्व समाज के लोगों में गहरा आक्रोश है। आज बड़ी संख्या में एकत्र हुए प्रतिनिधियों ने राजू, दीपक कुम्हार, भीम, महावीर, बनवारी, कालू, देवकरण कुमावत, रामकुंवार तेली, महावीर बलाई, बजरंग जैन, विमला देवी प्रजापत, सुगना कंवर, सीमा देवी, कौशल्या प्रजापत, सोना प्रजापत, चंचल कंवर, ज्योति शक्तावत, देवेन्द्र सिंह, दुर्गा सिंह, दशरथ सिंह, नरेन्द्र सिंह, जय सिंह, प्रद्युम्न सिंह, हरिराज सिंह, शक्तिराज सिंह, भूपेन्द्र सिंह, बहादुर सिंह, पवन सिंह, श्याम सिंह, ध्रुवराज सिंह, रविराज सिंह, शैतान सिंह, यदुनाथ सिंह, विजय सिंह, भवानी सिंह, अभिजीत सिंह, बालकृष्ण सिंह, मानवेंद्र सिंह, रविन्द्र सिंह पिपलाज, दशरथ सिंह भराई, धनराज सिंह प्रान्हेड़ा, निरंजन सिंह, भूपेन्द्र सिंह सापून्दा, दिग्विजय सिंह कन्नौज, भगवान सिंह निमोद, विक्रम सिंह नयावास, शंकर सिंह निमोद, करणी प्रताप सिंह प्रान्हेडा सहित कई ग्रामीणों और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने प्रशासन से मांग की कि शांति एवं कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए तत्काल आवश्यक कदम उठाए जाएं और दोषियों के विरुद्ध कठोर कार्यवाही सुनिश्चित की जाए।1
- शुक्रवार को अजमेर जिले में शिया समुदाय ने अपनी सबसे बड़ी ईद, ईद-ए-ग़दीर को बड़े हर्षोल्लास और अकीदत के साथ मनाया। इस अवसर पर जिले के दौराई, तारागढ़, रूपनगढ़ और राजोसी में विशेष महफ़िलें आयोजित की गईं, जिनमें सैकड़ों अकीदतमंद शामिल हुए। समुदाय के लोगों ने अपने घरों में तरह-तरह के पकवान बनाकर नज़र दिलवाई। दौराई स्थित मस्जिद-ए-इमाम-ए-महदी में आयोजित मुख्य महफ़िल में मौलाना तकी जाफर ने ईद-ए-ग़दीर के विशेष आमाल करवाए और अपने बयान में ग़दीर के महत्व पर प्रकाश डाला। दरगाह हजरत अब्बास पर मौलाना इरफान हैदर ने आमाल अदा करवाए और पैगंबर-ए-इस्लाम हज़रत मोहम्मद मुस्तफा स.अ. के ऐलान-ए-ग़दीर की अहमियत बताते हुए कौम को इत्तेहाद और विलायत का पैगाम दिया। इसके अतिरिक्त, मौलाना शमीमुल हसन, मौलाना जिशान हैदर एवं मौलाना हैदर बिजनोरी ने भी खिताब किया और ईद-ए-ग़दीर की फजीलत बयान की। सभी महफ़िलों के अंत में मुल्क में अमन-ओ-अमान और आपसी भाईचारे के लिए खुसूसी दुआएं करवाई गईं। ओलेमा कमेटी के अध्यक्ष मौलाना क़ाजिम अली जैदी ने देशवासियों को ईद-ए-ग़दीर की मुबारकबाद दी और मुल्क में भाईचारे व अमन-चैन की दुआ की। राजस्थान शिया मुस्लिम महासभा के जिलाध्यक्ष सैय्यद आबिद हुसैन ने बताया कि शिया समुदाय ने देशभर में ईद-ए-ग़दीर का यह कार्यक्रम बड़े हर्षोल्लास के साथ मनाया और अमन-चैन की दुआ के साथ देशवासियों को मुबारकबाद दी। उन्होंने पुष्टि की कि दौराई, तारागढ़, रूपनगढ़ और राजोसी सहित पूरे अजमेर जिले में मोमिनीन ने अकीदत से यह पर्व मनाया, जिसमें सैकड़ों अकिदतमंद मौजूद थे।1
- Available for Rent - Car Brand : rawla Mandi to bikaner Rent : 1500 City / Locality : rawla Mandi shriganganagar Vehicle Type : Car Seating Capacity : 5 Seater car ko kiraya per de rahe hain1
- मशहूर राजस्थानी लोक गायक स्वरूप खान ने अपनी मौत से जुड़ी उन अफवाहों पर विराम लगा दिया है, जो सोशल मीडिया पर तब तेजी से फैली थीं जब गूगल ने अपने सूचना पेज पर उन्हें मृत घोषित कर दिया था। यह पहली बार नहीं है जब किसी स्टार की मौत की अफवाह उड़ी हो और इस लिस्ट में अब स्वरूप खान का नाम भी जुड़ गया है। सिंगर ने गूगल लिस्टिंग का एक स्क्रीनशॉट साझा किया है, जिसमें गलती से 2 जून, 2026 को उनकी मौत की तारीख बताई गई थी। स्वरूप खान ने अपने इंस्टाग्राम पर यह स्क्रीनशॉट पोस्ट करते हुए कैप्शन में लिखा, 'अभी हम जिंदा हैं' और इसके साथ एक हंसने वाला इमोजी तथा गूगल इंडिया को टैग भी किया। यह पोस्ट सोशल मीडिया पर तुरंत वायरल हो गया, जिससे फैंस को यह जानकर राहत मिली कि मौत की खबर गलत थी। कुछ लोगों ने उनकी कुशलता पर खुशी जताई, तो वहीं कई ने गूगल की इस लापरवाही पर सवाल भी उठाए। स्वरूप खान को अपनी मौत की अफवाहों के बारे में तब पता चला, जब उन्होंने अपने बारे में ऐसी खबरें पढ़ीं जो 2 जून को सामने आई थीं। उन खबरों में दावा किया गया था कि राजस्थान के जैसलमेर जिले में एक जबरदस्त धूल भरे तूफान के दौरान एक रिसॉर्ट की दीवार गिरने से उनकी मौत हो गई थी। पीटीआई के अनुसार, पुलिस ने बताया कि जिला मुख्यालय से लगभग 45 किलोमीटर दूर स्थित सैम टूरिस्ट इलाके के एक रिसॉर्ट की दीवार सोमवार देर रात तेज हवाओं के कारण ढह गई थी, जिससे कई लोग घायल हुए थे। पीटीआई की रिपोर्ट के मुताबिक, 25 वर्षीय गायक ने उसी शाम उस जगह पर गाना गाया था। रिसॉर्ट के मालिक बारोच खान ने बताया कि तूफान के दौरान मंच के पीछे बनी कंक्रीट की दीवार ढह गई थी, और जब यह हादसा हुआ तब शाम के सांस्कृतिक कार्यक्रम के लिए लगभग 40 मेहमान वहां मौजूद थे।1
- मांडल के समीप स्थित पाल गांव में हेडपंपों को तैयार करवाया गया है।1
- ब्यावर में 5 जून की बीती रात लगभग 2:30 बजे आए तेज आंधी-तूफान और भारी बारिश ने रीको-III औद्योगिक क्षेत्र में भारी तबाही मचाई। अनुमान लगाया जा रहा है कि तूफान की तीव्रता 80-100 किमी प्रति घंटा रही होगी, जिसके कारण एक उद्योग इकाई का सोलर प्लांट मय स्ट्रक्चर पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। इस घटना से उद्योग को लाखों रुपये का नुकसान होने का अनुमान है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, तूफान इतना तीव्र था कि सोलर प्लांट में लगी लगभग 35 सोलर प्लेटें (पैनल) क्षतिग्रस्त हो गईं, जिनमें से कई अपनी जगह से उखड़कर टूट-बिखर गईं। इसके अलावा, उद्योग परिसर में लगा टिन शेड भी तेज हवाओं और सोलर के टूटने से क्षतिग्रस्त हो गया। औद्योगिक क्षेत्र की कई अन्य इकाइयों में भी नुकसान की सूचनाएं प्राप्त हुई हैं, जबकि रातभर क्षेत्र में तेज गर्जना, बिजली चमकने और मूसलाधार बारिश का दौर जारी रहा। उद्योग प्रबंधन ने बताया है कि हुई क्षति का आकलन किया जा रहा है। सौभाग्य से, इस घटना में किसी प्रकार की जनहानि नहीं हुई। मौसम विभाग ने पूर्व में ही तेज हवाओं और तूफान की चेतावनी जारी की थी, और आगामी दिनों में भी तेज हवाओं तथा बारिश की संभावना जताई है, जिसके मद्देनजर उद्योगों और आमजन को आवश्यक सावधानी बरतने की सलाह दी गई है।1
- अजमेर नगर निगम के अस्थाई कर्मचारियों की हड़ताल आज चौथे दिन भी जारी रही, जिसके चलते कर्मचारियों ने सरकार और प्रशासन के खिलाफ अनोखा विरोध प्रदर्शन किया। अपनी विभिन्न मांगों को लेकर प्रदर्शनकारियों ने शव यात्रा निकाली और गांधी भवन पर पुतला दहन किया, साथ ही जमकर नारेबाजी भी की। कर्मचारियों की प्रमुख मांगों में स्थायीकरण और वेतन वृद्धि शामिल हैं। प्रदर्शनकारियों ने स्पष्ट किया है कि जब तक उनकी मांगें पूरी नहीं होतीं, तब तक यह आंदोलन जारी रहेगा। इस हड़ताल के कारण नगर निगम की कई सेवाएं भी बुरी तरह प्रभावित हो रही हैं। इस विरोध प्रदर्शन के दौरान बड़ी संख्या में कर्मचारी और समाज के लोग उपस्थित रहे।1