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प्रयागराज जिले की मेजा तहसील के गांवों में प्रशासन के कर्मचारियों द्वारा घरौंनी बनाने का कार्य शुरू किया गया था, जो संभवतः पूरा भी हो चुका है, लेकिन अभी तक अधिकांश मकान मालिकों को उनकी घरौंनी नहीं मिल पाई है। हालांकि, कुछ लोगों को प्रशासन के माध्यम से या फिर वेबसाइट के जरिए इंटरनेट से यह मिल गई है, मगर पूरे गांव की घरौंनी बनकर तैयार हुई है या नहीं, यह स्थिति अभी तक साफ नहीं हो पाई है। जो घरौंनी बन भी चुकी हैं, वे भी अभी तक उनके मालिकों को नहीं सौंपी गई हैं, जिसे प्रशासनिक कार्य में बड़ी लापरवाही कहा जा रहा है। घरौंनी न मिलने की वजह से स्थानीय मकान मालिकों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
Ad Awadhesh Kumar
प्रयागराज जिले की मेजा तहसील के गांवों में प्रशासन के कर्मचारियों द्वारा घरौंनी बनाने का कार्य शुरू किया गया था, जो संभवतः पूरा भी हो चुका है, लेकिन अभी तक अधिकांश मकान मालिकों को उनकी घरौंनी नहीं मिल पाई है। हालांकि, कुछ लोगों को प्रशासन के माध्यम से या फिर वेबसाइट के जरिए इंटरनेट से यह मिल गई है, मगर पूरे गांव की घरौंनी बनकर तैयार हुई है या नहीं, यह स्थिति अभी तक साफ नहीं हो पाई है। जो घरौंनी बन भी चुकी हैं, वे भी अभी तक उनके मालिकों को नहीं सौंपी गई हैं, जिसे प्रशासनिक कार्य में बड़ी लापरवाही कहा जा रहा है। घरौंनी न मिलने की वजह से स्थानीय मकान मालिकों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
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- प्रयागराज जिले की मेजा तहसील के गांवों में प्रशासन के कर्मचारियों द्वारा घरौंनी बनाने का कार्य शुरू किया गया था, जो संभवतः पूरा भी हो चुका है, लेकिन अभी तक अधिकांश मकान मालिकों को उनकी घरौंनी नहीं मिल पाई है। हालांकि, कुछ लोगों को प्रशासन के माध्यम से या फिर वेबसाइट के जरिए इंटरनेट से यह मिल गई है, मगर पूरे गांव की घरौंनी बनकर तैयार हुई है या नहीं, यह स्थिति अभी तक साफ नहीं हो पाई है। जो घरौंनी बन भी चुकी हैं, वे भी अभी तक उनके मालिकों को नहीं सौंपी गई हैं, जिसे प्रशासनिक कार्य में बड़ी लापरवाही कहा जा रहा है। घरौंनी न मिलने की वजह से स्थानीय मकान मालिकों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।1
- फैजाबाद रोड स्थित बाटी चोखा रेस्टोरेंट में खुलेआम कानून की धज्जियां उड़ाई जा रही हैं, जहां ₹20 की कैंपा कोल्ड्रिंक ग्राहकों को ₹30 में बेची जा रही है। इस ओवररेटिंग के खिलाफ जब आवाज उठाई गई, तो रेस्टोरेंट मालिक ने धमकी भरे लहजे में कहा, 'लेना है तो लो, वरना जाओ! वीडियो बनाकर क्या कर लोगे?' बात सिर्फ ओवररेटिंग की ही नहीं है, बल्कि इस रेस्टोरेंट में मासूम नाबालिग बच्चों से मजदूरी भी कराई जा रही है। बाल श्रम और ओवररेटिंग का यह अवैध कारोबार पुलिस की नाक के नीचे धड़ल्ले से चल रहा है। अब यह बड़ा सवाल खड़ा हो रहा है कि आखिर इस रेस्टोरेंट पर एक्शन कब होगा और क्या ₹20 की चीज 30 में बेचना और बच्चों से काम कराना सही है?1
- प्रयागराज के यमुनानगर के बारा थाना क्षेत्र स्थित गन्ने चौकी में तैनात एक दीवान पर चोरी हुई भैंस बरामद कराने के एवज में पीड़ित परिवार से ₹4 हजार लेने का आरोप लगा है। इस मामले का एक कथित वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो में संबंधित दीवान द्वारा रुपये लेने की बात स्वीकार किए जाने का दावा किया जा रहा है। पीड़िता सिया देवी के अनुसार, पिछले महीने उनकी 5 भैंसें चोरी हो गई थीं और काफी खोजबीन के बाद भी उनका कोई सुराग नहीं मिला था। शनिवार को स्थानीय लोगों से उन्हें सूचना मिली कि उनकी भैंसें बारा थाना क्षेत्र के तेलघना गांव में रवि पटेल नामक व्यक्ति के यहां बंधी हुई हैं। जब उन्होंने इसकी शिकायत पुलिस से की, तो गन्ने चौकी में तैनात दीवान एहतेशाम खान ने भैंस दिलाने के नाम पर ₹4 हजार मांगे और ले लिए। पीड़िता का कहना है कि उन्हें पिछले 2 दिनों से लगातार चौकी बुलाया जा रहा है और इसी बीच रुपये के लेन-देन का कथित वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया। इस पूरे मामले में फिलहाल पुलिस विभाग की ओर से कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है। यदि आरोप सही पाए जाते हैं तो आरोपी पुलिसकर्मी के खिलाफ विभागीय कार्रवाई की जा सकती है। फिलहाल मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की जा रही है।1
- प्रयागराज के यमुनानगर स्थित बारा थाना क्षेत्र की गन्ने चौकी में तैनात एक दीवान पर चोरी हुई भैंस बरामद कराने के नाम पर पीड़ित परिवार से ₹4 हजार लेने का गंभीर आरोप लगा है। इस मामले का एक कथित वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें संबंधित दीवान द्वारा रुपये लेने की बात स्वीकार करने का दावा किया जा रहा है। पीड़िता सिया देवी के अनुसार, पिछले महीने उनकी पांच भैंसें चोरी हो गई थीं, जिनका काफी खोजबीन के बाद भी कोई सुराग नहीं मिला था। शनिवार को स्थानीय लोगों से मिली सूचना के आधार पर पता चला कि उनकी भैंसें बारा थाना क्षेत्र के तेलघना गांव में रवि पटेल नामक व्यक्ति के यहां बंधी हुई हैं, जिसकी शिकायत उन्होंने पुलिस से की थी। आरोप है कि गन्ने चौकी में तैनात दीवान एहतेशाम खान ने भैंस दिलाने के नाम पर ₹4 हजार की मांग की और रुपये ले लिए। इसके बाद भी पीड़िता को पिछले दो दिनों से लगातार चौकी बुलाया जा रहा है। फिलहाल इस मामले में पुलिस विभाग की ओर से कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है। लेकिन, रुपये के लेन-देन का कथित वीडियो वायरल होने के बाद मामले की निष्पक्ष जांच की मांग तेजी से उठ रही है। यदि ये आरोप सही पाए जाते हैं, तो संबंधित पुलिसकर्मी के खिलाफ विभागीय कार्रवाई की जा सकती है।1
- कौशाम्बी में अपनी प्रेमिका से मिलने गए एक युवक की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई है। इस मामले में मृतक युवक के परिजनों ने हत्या का गंभीर आरोप लगाया है।1
- प्रयागराज के मेजा क्षेत्र के किसानों के लिए एक राहत भरी खबर आई है, जहां बकरी सवारी से सिरसा पंप कैनाल की माइनर नहर की बंधी को पक्का करने का काम विभाग द्वारा शुरू करा दिया गया है। इस नहर में बार-बार होने वाले रिसाव के कारण पानी बर्बाद होता था और बंधी टूटने से किसानों की फसलों को भारी नुकसान पहुंचता था। किसानों की शिकायत पर त्वरित कार्रवाई करते हुए नहर विभाग के अधिकारियों ने सबसे संवेदनशील स्थान पर लगभग 60 मीटर नहर का पक्कीकरण कार्य शुरू करा दिया है, जिससे रिसाव रुकेगा और समय पर सिंचाई की सुविधा मिलेगी। इसके साथ ही, क्षेत्र में बरसात के मौसम में होने वाले जलभराव की समस्या का भी समाधान कर दिया गया है। निकासी की व्यवस्था न होने से बारिश का पानी लोगों के घरों में घुस जाता था, जिसे देखते हुए किसानों की मांग पर विभाग ने यहां साइफन की व्यवस्था की है ताकि अतिरिक्त पानी आसानी से बाहर निकल सके। किसानों ने नहर विभाग के इन प्रयासों की सराहना की है, वहीं विभागीय अधिकारियों का कहना है कि काम को जल्द पूरा कर लिया जाएगा ताकि अगली फसल से पहले किसानों को इसका पूरा लाभ मिल सके।2
- प्रयागराज के मेजा रोड स्थित बद्रीनाथ तिवारी इंटर कॉलेज प्रांगण में शनिवार को क्षेत्र को हरा-भरा बनाने के उद्देश्य से 51 हजार पौधरोपण अभियान का शुभारंभ किया गया। भाजपा नेता इंद्रदेव शुक्ला उर्फ ‘राजू भैया’ की पहल पर आयोजित इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में स्थानीय लोगों, युवाओं और कार्यकर्ताओं ने भाग लिया। इस अभियान के तहत कॉलेज परिसर में पौधरोपण कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया गया और लोगों को अधिक से अधिक पौधे लगाने तथा उनके संरक्षण का संकल्प दिलाया गया। इस अवसर पर इंद्रदेव शुक्ला ‘राजू भैया’ ने कहा कि बढ़ते प्रदूषण और जलवायु परिवर्तन के इस दौर में वृक्षारोपण अत्यंत आवश्यक हो गया है। उन्होंने कहा कि यदि हर व्यक्ति साल में कम से कम एक पौधा लगाकर उसकी देखभाल करे, तो क्षेत्र को हरा-भरा बनाने का सपना जल्द साकार हो सकता है। वहीं कार्यक्रम में उपस्थित मुन्नन शुक्ला ने कहा कि पर्यावरण संतुलन बनाए रखने के लिए समाज के हर वर्ग को आगे आना होगा। इंद्रदेव शुक्ला ने इस बात पर जोर दिया कि यह अभियान केवल औपचारिकता नहीं, बल्कि जनभागीदारी से जुड़ा एक व्यापक प्रयास है। आने वाले समय में पूरे क्षेत्र में चरणबद्ध तरीके से वृक्षारोपण कर हरियाली बढ़ाने का लक्ष्य रखा गया है। कार्यक्रम में पहुंचे लोगों ने बढ़-चढ़कर सहभागिता करते हुए अधिक से अधिक पौधे लगाने और उनकी देखभाल करने का संकल्प लिया।1
- इंटरनेट मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहे एक वीडियो ने व्यवस्था की पोल खोलकर रख दी है। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर घूम रहा यह वीडियो प्रयागराज के झूंसी थाने का बताया जा रहा है। इस वीडियो को लेकर तीखा तंज कसा जा रहा है कि यह सिस्टम बहुत गहरा है और जो कोई भी इस सिस्टम से टकराया, उसे सिस्टम के तहत ही चकनाचूर कर दिया गया। हालांकि, शुरू ऐप न्यूज़ ग्रुप इस वायरल वीडियो की सत्यता की पुष्टि नहीं करता है, लेकिन जिस प्रकार से यह इंटरनेट पर तैर रहा है, वह अपने आप में बहुत कुछ बयां कर रहा है। इस बीच, अधिकारी व्यवस्था पर लगाम कसने के लिए दिन-रात बैठकों का दौर जारी रखे हुए हैं और लगातार नए-नए आदेश व निर्देश देने में जुटे हुए हैं। वहीं, संबंधित थानेदारों की फौज अपराध पर काबू पाने के लिए नया जुगाड़ तंत्र अपनाने में लगी हुई है। इस ढर्रे पर तंज कसते हुए कहा गया है कि आखिरकार अधिकारी भी क्या करेंगे, उन्हें संबंधितों द्वारा जैसी रिपोर्ट प्रेषित की जाएगी, वे उसी के आधार पर जवाब देंगे।1