जन विश्वास अभियान के तहत गांवों में पहुंचा प्रशासन, कलेक्टर ने स्कूल-आंगनबाड़ी का किया निरीक्षण जन विश्वास अभियान के तहत गांवों में पहुंचा प्रशासन, कलेक्टर ने स्कूल-आंगनबाड़ी का किया निरीक्षण ग्राम बैली और कुरावर में बच्चों से संवाद, सीईओ जिला पंचायत अभय सिंह ने कक्षा में बैठकर बच्चों को पढ़ाया; व्यवस्थाओं का लिया जायजा उमरिया। मुख्यमंत्री जन विश्वास अभियान के तहत प्रशासनिक अधिकारी लगातार ग्रामीण क्षेत्रों का दौरा कर शासकीय संस्थानों की व्यवस्थाओं का जायजा ले रहे हैं। इसी क्रम में कलेक्टर श्रीमती राखी सहाय एवं जिला पंचायत सीईओ अभय सिंह ने ग्राम बैली एवं कुरावर पहुंचकर प्राथमिक शाला और आंगनबाड़ी केंद्र का निरीक्षण किया। इस दौरान अधिकारियों ने बच्चों से सीधे संवाद कर उनकी पढ़ाई, किताबों और विद्यालय में उपलब्ध सुविधाओं की जानकारी ली। ग्राम बैली की प्राथमिक शाला के निरीक्षण के दौरान कलेक्टर श्रीमती राखी सहाय ने विद्यालय की व्यवस्थाओं का जायजा लिया। उन्होंने बच्चों से उनकी पढ़ाई के बारे में बातचीत की और किताबों से संबंधित सवाल पूछे। बच्चों ने भी उत्साहपूर्वक अधिकारियों से संवाद किया। कलेक्टर ने विद्यालय में उपलब्ध संसाधनों, शिक्षण व्यवस्था तथा बच्चों के लिए संचालित गतिविधियों की जानकारी ली। कक्षा में पहुंचे सीईओ, बच्चों को पढ़ाया निरीक्षण के दौरान जिला पंचायत सीईओ अभय सिंह ने बच्चों के बीच बैठकर उनसे पढ़ाई को लेकर बातचीत की। उन्होंने बच्चों को पढ़ाया और पढ़ाई से जुड़े सवाल भी किए। सीईओ के इस सहज अंदाज से बच्चे भी उत्साहित नजर आए। उन्होंने बच्चों को नियमित रूप से स्कूल आने, मन लगाकर पढ़ाई करने तथा किताबों का नियमित अध्ययन करने के लिए प्रेरित किया। कुरावर में स्कूल और आंगनबाड़ी केंद्र का निरीक्षण अधिकारियों ने ग्राम कुरावर में भी प्राथमिक शाला एवं आंगनबाड़ी केंद्र का निरीक्षण किया। यहां उन्होंने बच्चों के लिए उपलब्ध सुविधाओं, शिक्षण व्यवस्था और आंगनबाड़ी में संचालित गतिविधियों की जानकारी ली। अधिकारियों ने मौके पर मौजूद कर्मचारियों से व्यवस्थाओं के संबंध में जानकारी प्राप्त की तथा आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। आंगनबाड़ी केंद्र में बच्चों को मिलने वाली सुविधाओं, पोषण संबंधी गतिविधियों और केंद्र की व्यवस्थाओं का भी जायजा लिया गया। अधिकारियों ने यह सुनिश्चित करने पर जोर दिया कि शासन की योजनाओं और सुविधाओं का लाभ ग्रामीण क्षेत्र के बच्चों तक प्रभावी ढंग से पहुंचे। जनता से सीधा संवाद और व्यवस्थाओं की जमीनी पड़ताल मुख्यमंत्री जन विश्वास अभियान के तहत अधिकारियों के गांवों में पहुंचने का उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्रों में शासन की योजनाओं एवं सेवाओं की वास्तविक स्थिति की जानकारी लेना भी है। निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने ग्रामीणों और बच्चों से सीधे संवाद कर उनकी समस्याओं एवं आवश्यकताओं को समझने का प्रयास किया। ग्रामीण क्षेत्रों में स्कूल और आंगनबाड़ी केंद्र जैसी संस्थाएं बच्चों की शिक्षा, पोषण और प्रारंभिक विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं। ऐसे में अधिकारियों के निरीक्षण के दौरान व्यवस्थाओं की जमीनी स्थिति सामने आती है और आवश्यक सुधार के लिए दिशा-निर्देश दिए जा सकते हैं। ग्राम बैली और कुरावर में हुए निरीक्षण के दौरान प्रशासनिक अधिकारियों की मौजूदगी ने अभियान के उस उद्देश्य को भी सामने रखा, जिसमें ग्रामीणों से सीधे जुड़कर सरकारी सेवाओं की स्थिति जानने और व्यवस्थाओं को बेहतर बनाने पर जोर दिया जा रहा है।
जन विश्वास अभियान के तहत गांवों में पहुंचा प्रशासन, कलेक्टर ने स्कूल-आंगनबाड़ी का किया निरीक्षण जन विश्वास अभियान के तहत गांवों में पहुंचा प्रशासन, कलेक्टर ने स्कूल-आंगनबाड़ी का किया निरीक्षण ग्राम बैली और कुरावर में बच्चों से संवाद, सीईओ जिला पंचायत अभय सिंह ने कक्षा में बैठकर बच्चों को पढ़ाया; व्यवस्थाओं का लिया जायजा उमरिया। मुख्यमंत्री जन विश्वास अभियान के तहत प्रशासनिक अधिकारी लगातार ग्रामीण क्षेत्रों का दौरा कर शासकीय संस्थानों की व्यवस्थाओं का जायजा ले रहे हैं। इसी क्रम में कलेक्टर श्रीमती राखी सहाय एवं जिला पंचायत सीईओ अभय सिंह ने ग्राम बैली एवं कुरावर पहुंचकर प्राथमिक शाला और आंगनबाड़ी केंद्र का निरीक्षण किया। इस दौरान अधिकारियों ने बच्चों से सीधे संवाद कर उनकी पढ़ाई, किताबों और विद्यालय में उपलब्ध सुविधाओं की जानकारी ली। ग्राम बैली की प्राथमिक शाला के निरीक्षण के दौरान कलेक्टर श्रीमती राखी सहाय ने विद्यालय की व्यवस्थाओं का जायजा लिया। उन्होंने बच्चों से उनकी पढ़ाई के बारे में बातचीत की और किताबों से संबंधित सवाल पूछे। बच्चों ने भी उत्साहपूर्वक अधिकारियों से संवाद किया। कलेक्टर ने विद्यालय में उपलब्ध संसाधनों, शिक्षण व्यवस्था तथा बच्चों के लिए संचालित गतिविधियों की जानकारी ली। कक्षा में पहुंचे सीईओ, बच्चों को पढ़ाया निरीक्षण के दौरान जिला पंचायत सीईओ अभय सिंह ने बच्चों के बीच बैठकर उनसे पढ़ाई को लेकर बातचीत की। उन्होंने बच्चों को पढ़ाया और पढ़ाई से जुड़े सवाल भी किए। सीईओ के इस सहज अंदाज से बच्चे भी उत्साहित नजर आए। उन्होंने बच्चों को नियमित रूप से स्कूल आने, मन लगाकर पढ़ाई करने तथा किताबों का नियमित अध्ययन करने
के लिए प्रेरित किया। कुरावर में स्कूल और आंगनबाड़ी केंद्र का निरीक्षण अधिकारियों ने ग्राम कुरावर में भी प्राथमिक शाला एवं आंगनबाड़ी केंद्र का निरीक्षण किया। यहां उन्होंने बच्चों के लिए उपलब्ध सुविधाओं, शिक्षण व्यवस्था और आंगनबाड़ी में संचालित गतिविधियों की जानकारी ली। अधिकारियों ने मौके पर मौजूद कर्मचारियों से व्यवस्थाओं के संबंध में जानकारी प्राप्त की तथा आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। आंगनबाड़ी केंद्र में बच्चों को मिलने वाली सुविधाओं, पोषण संबंधी गतिविधियों और केंद्र की व्यवस्थाओं का भी जायजा लिया गया। अधिकारियों ने यह सुनिश्चित करने पर जोर दिया कि शासन की योजनाओं और सुविधाओं का लाभ ग्रामीण क्षेत्र के बच्चों तक प्रभावी ढंग से पहुंचे। जनता से सीधा संवाद और व्यवस्थाओं की जमीनी पड़ताल मुख्यमंत्री जन विश्वास अभियान के तहत अधिकारियों के गांवों में पहुंचने का उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्रों में शासन की योजनाओं एवं सेवाओं की वास्तविक स्थिति की जानकारी लेना भी है। निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने ग्रामीणों और बच्चों से सीधे संवाद कर उनकी समस्याओं एवं आवश्यकताओं को समझने का प्रयास किया। ग्रामीण क्षेत्रों में स्कूल और आंगनबाड़ी केंद्र जैसी संस्थाएं बच्चों की शिक्षा, पोषण और प्रारंभिक विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं। ऐसे में अधिकारियों के निरीक्षण के दौरान व्यवस्थाओं की जमीनी स्थिति सामने आती है और आवश्यक सुधार के लिए दिशा-निर्देश दिए जा सकते हैं। ग्राम बैली और कुरावर में हुए निरीक्षण के दौरान प्रशासनिक अधिकारियों की मौजूदगी ने अभियान के उस उद्देश्य को भी सामने रखा, जिसमें ग्रामीणों से सीधे जुड़कर सरकारी सेवाओं की स्थिति जानने और व्यवस्थाओं को बेहतर बनाने पर जोर दिया जा रहा है।
- Shivkumar SahuManpur, Umariaबहुत बड़ा भ्रष्टाचारी कलेक्टर को आने की पहली सूचना दी जाती है ताकि सारी तैयारी पूरी हो जाए कलेक्टर जी का आगमन इस तरह होना चाहिए उसे पंचायत को किसी तरह की भनक नहीं लगनी चाहिए7 hrs ago
- MP PSC की परीक्षा में रुचि तिवारी ने उप कुल सचिव पद के लिए किया तीसरा स्थान हासिल, एमपीपीएससी की परीक्षा में रूचि तिवारी ने उप कुल सचिव पद के लिए किया तीसरा स्थान हासिल उमरिया जिले का नाम किया रोशन मध्य प्रदेश उमरिया । जिले के नौरोजाबाद निवासी रूचि तिवारी ने एमपीपीएससी की परीक्षा में उप कुल सचिव पद के सामान्य वर्ग की श्रेणी में तीसरा स्थान प्राप्त कर जिले का नाम रोशन किया है। सामान्य परिवार से आने वाली रूचि ने घर में ही रहकर मध्यप्रदेश लोक सेवा आयोग की परीक्षा की तैयारी की और असिस्टेंट रजिस्टार पद के लिए तीसरा स्थान प्राप्त कर जिले के साथ ही अपने परिवार का नाम रोशन किया है। रूचि बताती है कि उन्होने औसतन 6 से 7 घंटे की मेहनत की । वह मध्यप्रदेश लोक सेवा आयोग की मुख्य परीक्षा की तैयारी कर रही थी । इसी बीच असिस्टेंट रजिस्टार का पद एमपीपीएससी से ही विज्ञापित हुआ । उन्होने अपनी मेहनत और लगन से इस पद के सामान्य वर्ग की सीट में प्रथम स्थान प्राप्त किया। रूचि तिवारी की प्रारंभिक शिक्षा दीक्षा नौरोजाबाद में ही हुई। इसके बाद उन्होने जबलपुर के जवाहर लाल नेहरू कृषि विश्वविद्यालय से स्नातक एवं स्नातकोत्तर की शिक्षा प्राप्त की और घर में ही रहकर प्रतियोगी परीक्षाओ की तैयारी करने लगी। रूचि तिवारी के पिता श्री राजेंद्र तिवारी एक सामान्य परिवार से आते है । वह अपनी बेटी की मेहनत और लगन से प्राप्त की गई उपलब्धि पर आल्हादित है। रूचि की उपलब्धि पर स्व0 श्री रतन लाल मालवीय हायर सेकेण्डरी स्कूल के शिक्षकों सहित संपूर्ण नौरोजाबाद नगर में खुशी का माहौल है। रूचि की सफलता से क्षेत्र के विद्यार्थियों के लिए मेहनत से आगें बढ़ने की प्रेरणा मिलेगी।1
- जन विश्वास अभियान के तहत गांवों में पहुंचा प्रशासन, कलेक्टर ने स्कूल-आंगनबाड़ी का किया निरीक्षण जन विश्वास अभियान के तहत गांवों में पहुंचा प्रशासन, कलेक्टर ने स्कूल-आंगनबाड़ी का किया निरीक्षण ग्राम बैली और कुरावर में बच्चों से संवाद, सीईओ जिला पंचायत अभय सिंह ने कक्षा में बैठकर बच्चों को पढ़ाया; व्यवस्थाओं का लिया जायजा उमरिया। मुख्यमंत्री जन विश्वास अभियान के तहत प्रशासनिक अधिकारी लगातार ग्रामीण क्षेत्रों का दौरा कर शासकीय संस्थानों की व्यवस्थाओं का जायजा ले रहे हैं। इसी क्रम में कलेक्टर श्रीमती राखी सहाय एवं जिला पंचायत सीईओ अभय सिंह ने ग्राम बैली एवं कुरावर पहुंचकर प्राथमिक शाला और आंगनबाड़ी केंद्र का निरीक्षण किया। इस दौरान अधिकारियों ने बच्चों से सीधे संवाद कर उनकी पढ़ाई, किताबों और विद्यालय में उपलब्ध सुविधाओं की जानकारी ली। ग्राम बैली की प्राथमिक शाला के निरीक्षण के दौरान कलेक्टर श्रीमती राखी सहाय ने विद्यालय की व्यवस्थाओं का जायजा लिया। उन्होंने बच्चों से उनकी पढ़ाई के बारे में बातचीत की और किताबों से संबंधित सवाल पूछे। बच्चों ने भी उत्साहपूर्वक अधिकारियों से संवाद किया। कलेक्टर ने विद्यालय में उपलब्ध संसाधनों, शिक्षण व्यवस्था तथा बच्चों के लिए संचालित गतिविधियों की जानकारी ली। कक्षा में पहुंचे सीईओ, बच्चों को पढ़ाया निरीक्षण के दौरान जिला पंचायत सीईओ अभय सिंह ने बच्चों के बीच बैठकर उनसे पढ़ाई को लेकर बातचीत की। उन्होंने बच्चों को पढ़ाया और पढ़ाई से जुड़े सवाल भी किए। सीईओ के इस सहज अंदाज से बच्चे भी उत्साहित नजर आए। उन्होंने बच्चों को नियमित रूप से स्कूल आने, मन लगाकर पढ़ाई करने तथा किताबों का नियमित अध्ययन करने के लिए प्रेरित किया। कुरावर में स्कूल और आंगनबाड़ी केंद्र का निरीक्षण अधिकारियों ने ग्राम कुरावर में भी प्राथमिक शाला एवं आंगनबाड़ी केंद्र का निरीक्षण किया। यहां उन्होंने बच्चों के लिए उपलब्ध सुविधाओं, शिक्षण व्यवस्था और आंगनबाड़ी में संचालित गतिविधियों की जानकारी ली। अधिकारियों ने मौके पर मौजूद कर्मचारियों से व्यवस्थाओं के संबंध में जानकारी प्राप्त की तथा आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। आंगनबाड़ी केंद्र में बच्चों को मिलने वाली सुविधाओं, पोषण संबंधी गतिविधियों और केंद्र की व्यवस्थाओं का भी जायजा लिया गया। अधिकारियों ने यह सुनिश्चित करने पर जोर दिया कि शासन की योजनाओं और सुविधाओं का लाभ ग्रामीण क्षेत्र के बच्चों तक प्रभावी ढंग से पहुंचे। जनता से सीधा संवाद और व्यवस्थाओं की जमीनी पड़ताल मुख्यमंत्री जन विश्वास अभियान के तहत अधिकारियों के गांवों में पहुंचने का उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्रों में शासन की योजनाओं एवं सेवाओं की वास्तविक स्थिति की जानकारी लेना भी है। निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने ग्रामीणों और बच्चों से सीधे संवाद कर उनकी समस्याओं एवं आवश्यकताओं को समझने का प्रयास किया। ग्रामीण क्षेत्रों में स्कूल और आंगनबाड़ी केंद्र जैसी संस्थाएं बच्चों की शिक्षा, पोषण और प्रारंभिक विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं। ऐसे में अधिकारियों के निरीक्षण के दौरान व्यवस्थाओं की जमीनी स्थिति सामने आती है और आवश्यक सुधार के लिए दिशा-निर्देश दिए जा सकते हैं। ग्राम बैली और कुरावर में हुए निरीक्षण के दौरान प्रशासनिक अधिकारियों की मौजूदगी ने अभियान के उस उद्देश्य को भी सामने रखा, जिसमें ग्रामीणों से सीधे जुड़कर सरकारी सेवाओं की स्थिति जानने और व्यवस्थाओं को बेहतर बनाने पर जोर दिया जा रहा है।2
- उमरिया जिला की बेटी रूचि तिवारी ने प्रथम प्रयास मे पास की सहायक कूल सचिव का एग्जाम पास *नौरोजाबाद की बेटी रूचि तिवारी ने प्रथम प्रयास में पास की सहायक कुलसचिव परीक्षा, क्षेत्र में खुशी की लहर नौरोजाबाद // उमरिया जिले के नौरोजाबाद पाँच मे रहने वाले राजेंद्र तिवारी की होनहार बेटी रूचि तिवारी ने कड़ी मेहनत और लगन से मध्यप्रदेश लोक सेवा आयोग द्वारा आयोजित *सहायक कुलसचिव* की परीक्षा अपने *प्रथम प्रयास* में ही उत्तीर्ण कर ली है। रूचि की इस सफलता से पूरे क्षेत्र में खुशी का माहौल है। रूचि, नौरोजाबाद निवासी राजेंद्र तिवारी एवं सुनीता तिवारी की पुत्री हैं। उन्होंने कक्षा 1 से 12 तक की शिक्षा नौरोजाबाद के स्व रतन मोहन मालवीय स्कूल से और स्नातक पंडित सब शंभूनाथ विश्वविद्यालय जबलपुर से किया, रूचि ने बताया की मैंने इंदौर में रहकर एमपीपीएससी की कोचिंग की थी,इसके अलावा रोजाना 8-9 घंटे पढ़ाई करती थी। माता-पिता और शिक्षकों का सहयोग हमेशा मिला। प्रथम प्रयास में सफलता मिलेगी ये उम्मीद नहीं थी, लेकिन मेहनत रंग लाई।" परिणाम आते ही घर में बधाइयों का तांता लग गया। राजेंद्र तिवारी ने कहा बेटी ने हमारा नाम रोशन किया है। वह शुरू से ही पढ़ाई में अव्वल रही है। हमें उस पर गर्व है।"पड़ोसियों और रिश्तेदारों ने मिठाई बांटकर खुशी मनाई। शिक्षकों ने कहा कि रूचि अनुशासित और मेहनती छात्रा रही है।सफलता के बाद रूचि ने कहा - "मेरा अगला लक्ष्य एमपीएससी में चयनित होकर प्रशासनिक सेवा में जाना है। मैं उन सभी लड़कियों को संदेश देना चाहती हूं कि मेहनत और आत्मविश्वास से कोई भी लक्ष्य हासिल किया जा सकता है।4
- घुनघुटी में गूंजा जनसंवाद, अफसरों के सामने खुलकर रखी जनता ने अपनी बात 🔥 घुनघुटी में गूंजा जनसंवाद, अफसरों के सामने खुलकर रखी जनता ने अपनी बात! मुख्यमंत्री जन विश्वास अभियान के तहत घुनघुटी में आयोजित जन संवाद कार्यक्रम में कमिश्नर श्रीमती सुरभि गुप्ता, कलेक्टर श्रीमती राखी सहाय एवं सीईओ जिला पंचायत श्री अभय सिंह की मौजूदगी में ग्रामीणों से सीधा संवाद हुआ। जनता की समस्याएं सुनी गईं, स्थानीय मुद्दों पर चर्चा हुई और शासन की योजनाओं के क्रियान्वयन को लेकर भी संवाद किया गया। जनता के बीच प्रशासन—समस्याओं के समाधान की ओर बढ़ता कदम।4
- बिरसिंहपुर पाली आम जनता पस्त नगर पालिका टैक्स वसूली करने में मस्त नालीयों के ऊपर अतिक्रमण का कहर, हाईवे किनारे दुकानों से बढ़ रहे हादसे उमरिया। बिरसिंहपुर पाली नगर पालिका क्षेत्र में नालीयो के ढककन के ऊपर लग रही दुकाने एवं खड़ी गाड़ियां अतिक्रमण ने नगर की यातायात व्यवस्था और आमजन की सुरक्षा के लिए गंभीर खतरा पैदा कर दिया है। बिरसिंहपुर पाली में नालीयों के ऊपर अतिक्रमण का कहर, हाईवे किनारे दुकानों से बढ़ रहे हादसे उमरिया। बिरसिंहपुर पाली नगर पालिका क्षेत्र में नालीयो के ढककन के ऊपर लग रही दुकाने एवं खड़ी गाड़ियां अतिक्रमण ने नगर की यातायात व्यवस्था और आमजन की सुरक्षा के लिए गंभीर खतरा पैदा कर दिया है। हाईवे रोड एवं नगर के मुख्य मार्गों के किनारे बनी नालियों को ढंककर उनके ऊपर अस्थायी दुकानें, ठेले, किराना और गुमटियां लगाई जा रही हैं। इससे सड़क संकरी हो गई है और आए दिन दुर्घटनाएं हो रही हैं। स्थानीय नागरिकों ने प्रशासन से रामपुर से लेकर नया बस स्टैंड तक समस्त अतिक्रमण तत्काल हटाने की मांग की है। प्राप्त जानकारी के अनुसार नगर पालिका द्वारा जल निकासी के लिए लाखों रुपये की लागत से नालियों का निर्माण कराया गया था। उद्देश्य था कि बरसात का पानी सुगमता से निकले और सड़कें जलभराव से मुक्त रहें। तथा नालियों को ऊपर सीमेंट के स्लैब डाल दिए गए थे ताकि गंदगी ना तो दिखाई दे आऔर ना तो गंदगी फैले कीट और मच्छरों से सुरक्षा के उद्देश्य से स्लैब डाले गए थे लेकिन निर्माण के कुछ महीनों बाद ही इन नालियों पर के ऊपर रखे सीमेंट स्लैब पर कब्जा कर लिया गया। देखते ही देखते नाली के ऊपर चाय-पान, फल-सब्जी, कपड़े और फास्ट फूड की दुकानें सज गईं। स्थानीय लोगों का कहना है कि अतिक्रमण के कारण मुख्य मार्ग की चौड़ाई आधी रह गई है। हाईवे से गुजरने वाले भारी वाहनों, बसों और दोपहिया वाहनों को निकलने में भारी परेशानी होती है। दुकानों के सामने ग्राहकों के वाहन खड़े होने से जाम की स्थिति बन जाती है। पैदल चलने वालों के लिए फुटपाथ जैसी कोई जगह नहीं बची है, जिससे वे सड़क पर चलने को मजबूर हैं। यही कारण है कि नगर में आए दिन टक्कर, वाहन फिसलने और पैदल यात्रियों के घायल होने की घटनाएं सामने आ रही हैं। रामपुर से नया बस स्टैंड तक का मार्ग सबसे अधिक प्रभावित है। यह क्षेत्र नगर का व्यस्ततम व्यावसायिक क्षेत्र है। सुबह से देर रात तक यहां भीड़ रहती है। नाली पर बनी दुकानों के कारण नालियों की सफाई भी नहीं हो पा रही है। कचरा जमा होने से नालियां जाम हो गई हैं, जिससे बरसात में पानी सड़कों पर फैल जाता है और दुर्गंध फैलती है। स्वच्छता अभियान की पोल भी इस अतिक्रमण ने खोल दी है। नागरिकों का आरोप है कि अतिक्रमणकारियों को राजनीतिक संरक्षण प्राप्त है, जिसके कारण नगर पालिका और राजस्व विभाग कार्रवाई से बच रहा है। कई बार शिकायतों के बावजूद केवल औपचारिक नोटिस देकर मामला ठंडे बस्ते में डाल दिया जाता है। दूसरी ओर नगर पालिका पान टपरा गोमतीयों को रखवा कर हर महीने की वसूली की जाती है इससे अतिक्रमणकारियों के हौसले बुलंद हैं और नए लोग भी नालियों पर कब्जा करने लगे हैं। समाजसेवी ने भी इस अतिक्रमण का विरोध किया है। उनका कहना है कि वैध दुकानदारों के व्यवसाय पर भी इसका प्रतिकूल असर पड़ रहा है। अतिक्रमणकारी नगर पालिका टैक्स और किराया देकर सड़क किनारे व्यापार कर रहे हैं, जबकि नियमित दुकानदार शासन को कर चुका रहे हैं। यह उनके साथ अन्याय है। स्थानीय निवासियों ने जिला कलेक्टर उमरिया और पुलिस अधीक्षक से हस्तक्षेप की मांग की है। उन्होंने कहा कि रामपुर से नया बस स्टैंड तक विशेष अभियान चलाकर अतिक्रमण हटाया जाए और नालियों को मुक्त कराया जाए। साथ ही भविष्य में अतिक्रमण न हो, इसके लिए ठोस निगरानी व्यवस्था की जाए और दोषियों पर जुर्माना लगाया जाए। आतिक्रमण से आए दिन हो रहे स्टीडेंट यदि समय रहते कार्रवाई नहीं हुई तो किसी बड़े हादसे से इनकार नहीं किया जा सकता। नगर की जनता अब प्रशासन के ठोस कदम का इंतजार कर रही है।4
- कलेक्टर ने शिक्षक बनकर विद्यार्थियों से पूछे सवाल, दिए सकारात्मक जवाब ... कलेक्टर ने शा. पूर्व माध्यमिक विद्यालय पटासी का किया औचक निरीक्षण .... शहडोल 18 सितम्बर 2026:- कलेक्टर श्री पार्थ जायसवाल ने आज जनपद पंचायत सोहागपुर के एकीकृत शासकीय पूर्व माध्यमिक विद्यालय पटासी का औचक निरीक्षण किया। कलेक्टर ने विद्यालय में अध्ययनरत छात्र-छात्राओं से सामान्य ज्ञान, 12, 15 एवं 19 के पहाड़े तथा मध्यान्ह भोजन वितरण से संबंधित सवाल पूछे। विद्यार्थियों ने पूछे गए सवालों के सकारात्मक एवं संतोषजनक जवाब दिए। निरीक्षण के दौरान कलेक्टर ने विद्यार्थियों की उपस्थिति के संबंध में भी जानकारी प्राप्त की। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों को नियमित रूप से विद्यालय आने के लिए अभिभावकों से चर्चा कर शत-प्रतिशत उपस्थिति सुनिश्चित की जाए। उन्होंने कहा कि गांव का कोई भी बच्चा शिक्षा से वंचित न रहे। कलेक्टर ने विद्यालय में मध्यान्ह भोजन वितरण, शिक्षकों की उपस्थिति सहित अन्य व्यवस्थाओं की जानकारी भी प्राप्त की तथा आवश्यक दिशा-निर्देश प्राचार्य को दिए। निरीक्षण के दौरान मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत श्री शिवम प्रजापति, डिप्टी कलेक्टर श्री भागीरथी लहरे, सहायक आयुक्त जनजातीय कार्य विभाग श्री आनंद राय सिंहा सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।1
- #शहडोल में कल रात #बुढार चौक स्कूटी सवार #महिला की एक्सीडेंट से हुई स्पॉट पर मौत @highlight Shahdol Police1
- RVPS कॉलेज भी सामाजिक तत्वों की गुंडागर्दी, उमरिया में ABVP से जुड़े बताए जा रहे हैं कुछ यूको की लगातार मौजूदगी से कॉलेज परिसर में बवाल *RVPS कॉलेज में असामाजिक तत्वों की गुंडागर्दी* *उमरिया में ABVP से जुड़े बताए जा रहे कुछ युवकों की लगातार मौजूदगी से कॉलेज परिसर में बवाल* *छात्र-छात्राओं ने उठाए गंभीर सवाल कॉलेज प्रशासन से सवाल किसके संरक्षण में पहुंच रहे बाहरी लोग? अनुशासन और सुरक्षा को लेकर चिंता* *आज छात्र-छात्राओं ने श्रीमान कलेक्टर महोदय के नाम दिया आवेदन* मध्य प्रदेश उमरिया- शासकीय रणविजय प्रताप सिंह महाविद्यालय, उमरिया में ABVP से जुड़े बताए जा रहे कुछ युवकों की लगातार मौजूदगी को लेकर विवाद गहराता जा रहा है। छात्र-छात्राओं ने इस पर आपत्ति जताते हुए आज श्रीमान कलेक्टर महोदय, उमरिया के नाम आवेदन सौंपकर मामले में तत्काल हस्तक्षेप की मांग की है। विद्यार्थियों ने प्रशासन से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच, महाविद्यालय परिसर में अनधिकृत बाहरी व्यक्तियों के प्रवेश पर रोक तथा विद्यार्थियों के लिए सुरक्षित एवं शांतिपूर्ण शैक्षणिक वातावरण सुनिश्चित करने की मांग की है। आवेदन में उपलब्ध वीडियो, फोटो एवं कथित बातचीत की रिकॉर्डिंग सहित अन्य साक्ष्यों के आधार पर मामले की जांच कर नियमानुसार कार्रवाई की मांग की गई है। शासकीय रणविजय प्रताप सिंह महाविद्यालय, उमरिया में ABVP से जुड़े बताए जा रहे कुछ युवकों की लगातार मौजूदगी को लेकर विवाद गहराता जा रहा है। छात्र-छात्राओं ने इस पर आपत्ति जताते हुए प्रशासन से तत्काल हस्तक्षेप की मांग की है। विद्यार्थियों का कहना है कि कॉलेज के नियमित छात्र नहीं होने के बावजूद इनका लगातार परिसर में आना शैक्षणिक माहौल और अनुशासन पर सवाल खड़े करता है। छात्रों द्वारा दिए गए शिकायत पत्र के अनुसार, कुछ युवक प्रतिदिन महाविद्यालय परिसर में पहुंचते हैं। विद्यार्थियों का आरोप है कि इनका कोई स्पष्ट शैक्षणिक उद्देश्य नहीं है, फिर भी वे कॉलेज में आते-जाते हैं, जिससे पढ़ाई का वातावरण प्रभावित हो रहा है। *रोकने पर विवाद का आरोप, ABVP का नाम लेकर दबाव बनाने की बात* शिकायत में विद्यार्थियों ने आरोप लगाया है कि इन युवकों से परिसर में आने का कारण पूछने या रोकने पर विवाद किया जाता है। छात्रों के मुताबिक, संबंधित युवक स्वयं को ABVP से जुड़ा बताते हुए कथित तौर पर कहते हैं—हमारा कोई कुछ नहीं कर सकता, हम ऐसे ही आएंगे। इस मामले से संबंधित वीडियो, फोटो और कथित बातचीत की रिकॉर्डिंग भी सामने आई है, जिन्हें विद्यार्थियों द्वारा शिकायत के समर्थन में प्रस्तुत किए जाने की बात कही गई है। विद्यार्थियों का कहना है कि ऐसी स्थिति से कॉलेज में असुरक्षा का माहौल बन रहा है। उनका कहना है कि महाविद्यालय परिसर को अनावश्यक विवादों से दूर रखते हुए अध्ययन के लिए सुरक्षित वातावरण बनाया जाना चाहिए। *पहले भी दी शिकायत, फिर भी समस्या बरकरार* छात्र-छात्राओं के अनुसार, इस मामले में पहले भी प्राचार्य को शिकायत दी जा चुकी है, लेकिन स्थायी समाधान नहीं हुआ। अब विद्यार्थियों ने प्रशासन से उपलब्ध वीडियो, फोटो और रिकॉर्डिंग सहित पूरे मामले की जांच कराने, अनधिकृत प्रवेश पर रोक लगाने तथा विवाद या अनुशासनहीनता करने वालों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की मांग की है। छात्रों का कहना है कि कॉलेज शिक्षा का स्थान है, किसी संगठन की राजनीतिक गतिविधियों का केंद्र नहीं। इसलिए प्रशासन को विद्यार्थियों के लिए सुरक्षित, अनुशासित और शांतिपूर्ण शैक्षणिक वातावरण सुनिश्चित करना चाहिए।1