बेटियों के सम्मान में चिरूनी गांव ने पेश की मिसाल: घोड़ी पर बिठाकर निकाली मुक्ता की बिंदोरी सोडावास बेटियों के सम्मान में चिरूनी गांव ने पेश की मिसाल: घोड़ी पर बिठाकर निकाली मुक्ता की बिंदोरी सोडावास/चिरूनी। ग्रामीण अंचलों में अब रूढ़िवादी परंपराएं टूट रही हैं और बेटियों को बेटों के बराबर दर्जा देने की नई सोच विकसित हो रही है। इसी कड़ी में सोडावास के समीपवर्ती गांव चिरूनी में एक ऐतिहासिक दृश्य देखने को मिला, जहाँ पहली बार किसी बेटी की बिंदोरी घोड़ी पर बिठाकर निकाली गई। पिता ने पेश की समाज के सामने मिसाल चिरूनी निवासी अमलेश चौधरी ने अपनी सुपुत्री मुक्ता चौधरी की शादी के अवसर पर समाज को एक बड़ा संदेश देने का निर्णय लिया। उन्होंने पुरानी परंपराओं को पीछे छोड़ते हुए अपनी बेटी को घोड़ी पर बिठाया। पिता अमलेश चौधरी का कहना है कि आज के दौर में बेटा और बेटी एक समान हैं, दोनों को बराबर का मान-सम्मान और अवसर मिलना चाहिए। गांव में पहली बार दिखा ऐसा नजारा गांव में यह पहला मौका था जब किसी बेटी की बिंदोरी इस तरह धूमधाम से निकाली गई। महिलाओं ने गाए मंगल गीत: बिंदोरी के दौरान गांव की महिलाओं ने उत्साहपूर्वक पारंपरिक मंगल गीत गाए और नृत्य किया। खुशी का माहौल: पूरे गांव में इस अनूठी पहल की चर्चा रही और ग्रामीणों ने इस कदम की सराहना की।
बेटियों के सम्मान में चिरूनी गांव ने पेश की मिसाल: घोड़ी पर बिठाकर निकाली मुक्ता की बिंदोरी सोडावास बेटियों के सम्मान में चिरूनी गांव ने पेश की मिसाल: घोड़ी पर बिठाकर निकाली मुक्ता की बिंदोरी सोडावास/चिरूनी। ग्रामीण अंचलों में अब रूढ़िवादी परंपराएं टूट रही हैं और बेटियों को बेटों के बराबर दर्जा देने की नई सोच विकसित हो रही है। इसी कड़ी में सोडावास के समीपवर्ती गांव चिरूनी में एक ऐतिहासिक दृश्य देखने को मिला, जहाँ पहली बार किसी बेटी की बिंदोरी घोड़ी पर बिठाकर निकाली गई। पिता ने पेश की समाज के सामने मिसाल चिरूनी निवासी अमलेश चौधरी ने अपनी सुपुत्री मुक्ता चौधरी की शादी के अवसर पर समाज को एक बड़ा संदेश देने का निर्णय लिया। उन्होंने पुरानी परंपराओं को पीछे छोड़ते हुए अपनी बेटी को घोड़ी पर बिठाया। पिता अमलेश चौधरी का कहना है कि आज के दौर में बेटा और बेटी एक समान हैं, दोनों को बराबर का मान-सम्मान और अवसर मिलना चाहिए। गांव में पहली बार दिखा ऐसा नजारा गांव में यह पहला मौका था जब किसी बेटी की बिंदोरी इस तरह धूमधाम से निकाली गई। महिलाओं ने गाए मंगल गीत: बिंदोरी के दौरान गांव की महिलाओं ने उत्साहपूर्वक पारंपरिक मंगल गीत गाए और नृत्य किया। खुशी का माहौल: पूरे गांव में इस अनूठी पहल की चर्चा रही और ग्रामीणों ने इस कदम की सराहना की।
- बेटियों के सम्मान में चिरूनी गांव ने पेश की मिसाल: घोड़ी पर बिठाकर निकाली मुक्ता की बिंदोरी सोडावास/चिरूनी। ग्रामीण अंचलों में अब रूढ़िवादी परंपराएं टूट रही हैं और बेटियों को बेटों के बराबर दर्जा देने की नई सोच विकसित हो रही है। इसी कड़ी में सोडावास के समीपवर्ती गांव चिरूनी में एक ऐतिहासिक दृश्य देखने को मिला, जहाँ पहली बार किसी बेटी की बिंदोरी घोड़ी पर बिठाकर निकाली गई। पिता ने पेश की समाज के सामने मिसाल चिरूनी निवासी अमलेश चौधरी ने अपनी सुपुत्री मुक्ता चौधरी की शादी के अवसर पर समाज को एक बड़ा संदेश देने का निर्णय लिया। उन्होंने पुरानी परंपराओं को पीछे छोड़ते हुए अपनी बेटी को घोड़ी पर बिठाया। पिता अमलेश चौधरी का कहना है कि आज के दौर में बेटा और बेटी एक समान हैं, दोनों को बराबर का मान-सम्मान और अवसर मिलना चाहिए। गांव में पहली बार दिखा ऐसा नजारा गांव में यह पहला मौका था जब किसी बेटी की बिंदोरी इस तरह धूमधाम से निकाली गई। महिलाओं ने गाए मंगल गीत: बिंदोरी के दौरान गांव की महिलाओं ने उत्साहपूर्वक पारंपरिक मंगल गीत गाए और नृत्य किया। खुशी का माहौल: पूरे गांव में इस अनूठी पहल की चर्चा रही और ग्रामीणों ने इस कदम की सराहना की।1
- प्रेस विज्ञप्ति नीमराना। नारी शक्ति के सम्मान एवं सशक्तिकरण के संकल्प को आगे बढ़ाते हुए भारतीय जनता पार्टी महिला मोर्चा की प्रदेश प्रवक्ता डॉ. अंजली यादव के नेतृत्व में नीमराना कार्यालय पर “नारी शक्ति वंदन हस्ताक्षर अभियान” का हस्ताक्षर कर शुभारंभ किया गया। प्रदेश प्रवक्ता डॉ. अंजली यादव ने बताया कि यह अभियान नारी शक्ति के अधिकारों, सम्मान एवं भागीदारी को सशक्त करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है। उन्होंने कहा कि “नारी शक्ति वंदन अधिनियम” महिलाओं को सशक्त बनाने की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम है, जो उन्हें राजनीतिक एवं सामाजिक रूप से अधिक सशक्त बनाएगा। जिला अध्यक्ष महासिंह चौधरी ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में महिलाओं के उत्थान हेतु निरंतर प्रभावी प्रयास किए जा रहे हैं, जिससे देश की मातृशक्ति को नई ऊर्जा एवं अवसर प्राप्त हो रहे हैं। इस दौरान पूजनीय शीतल नाथ महाराज का भी सान्निध्य प्राप्त हुआ। इस अवसर पर रमा चौपड़ा (जिला प्रमुख, जयपुर), महासिंह चौधरी (जिला अध्यक्ष, अलवर उत्तर), गौरव यादव (सह प्रभारी, अलवर उत्तर), बलबीर छिल्लर (जिला प्रमुख), बलवान सिंह यादव (पूर्व प्रथम भाजपा जिला अध्यक्ष, अलवर), उम्मेद सिंह भाया (पूर्व जिला अध्यक्ष), अशोक गुप्ता (जिला अध्यक्ष, अलवर दक्षिण), शिवचरण यादव (जिला उपाध्यक्ष), देवेन्द्र यादव (जिला उपाध्यक्ष), पवन सिंह चौहान (जिला उपाध्यक्ष), विशेषर चौधरी (सोशल मीडिया जिला प्रभारी), राकेश खण्डेलवाल (मंडल अध्यक्ष, नीमराना), महिपाल तंवर, मनीष यादव सहित कई गणमान्यजन उपस्थित रहे। कार्यक्रम में महिला पदाधिकारीगण की भी सक्रिय भागीदारी रही, डॉ. शानू यादव (प्रदेश उपाध्यक्ष, महिला मोर्चा), सविता यादव (पूर्व प्रधान, नीमराना), चित्रा शर्मा (जिला उपाध्यक्ष, अलवर उत्तर), एडवोकेट कंचन तिवारी (जिला मंत्री), हेमलता (जिला मंत्री), नीलम त्रिपाठी (जिला मंत्री), संयोगिता, डॉ. दीपिका, सीमा सैनी (विराट नगर), हेमलता सिसोदिया सहित अन्य महिला कार्यकर्ता उपस्थित रहीं।5
- कोटपूतली बहरोड जिले के नीमराना के जापानी जोन औद्योगिक क्षेत्र की निडेक कंपनी में कर्मचारियों द्वारा विभिन्न मांगों को लेकर किया जा रहा धरना करीब 11 घंटे बाद समाप्त हो गया। सुबह 6 बजे कंपनी गेट पर शुरू हुआ यह विरोध प्रदर्शन कर्मचारी और प्रबंधन के बीच कई दौर की वार्ता के बाद शाम 5 बजे खत्म हुआ। धरने के दौरान कर्मचारियों ने वेतन वृद्धि, सैलरी कटौती नहीं करने, रविवार को साप्ताहिक अवकाश देने और रविवार को ड्यूटी बुलाने पर डबल भुगतान की मांग रखी। इसके साथ ही 12 घंटे की बजाय 8 घंटे की ड्यूटी, औसत वेतन ₹20,000 करने, 26 दिन की ड्यूटी व्यवस्था में 1 दिन कम होने पर वेतन कटौती नहीं करने, कैंटीन की खराब गुणवत्ता, छुट्टी के दिन वेतन कटौती और प्रबंधन व सुरक्षा कर्मियों के व्यवहार को लेकर भी नाराजगी जताई गई। नीमराना उपखंड अधिकारी महेंद्र सिंह यादव ने बताया कि पुलिस प्रशासन की मौजूदगी में कंपनी प्रबंधन और कर्मचारियों के बीच कई दौर की बातचीत कराई गई। शुरुआती दौर में वार्ता सफल नहीं हुई, लेकिन बाद में पुनः बातचीत शुरू होने पर प्रबंधन ने अधिकांश मांगों पर सहमति जताई। वेतन वृद्धि के मुद्दे पर कर्मचारियों को एक सप्ताह का समय दिया गया है। कंपनी के एचआर हेड विनोद कौल ने कहा कि कर्मचारियों की कई मांगों को मान लिया गया है, जबकि सैलरी बढ़ोतरी के विषय में उच्च अधिकारियों से चर्चा कर निर्णय लिया जाएगा। साथ ही, धरने के दिन किसी भी कर्मचारी की सैलरी नहीं काटी जाएगी। धरने के दौरान कुछ असामाजिक तत्वों द्वारा तीन कर्मचारियों के साथ मारपीट की घटना भी सामने आई, जिसमें एक कर्मचारी के सिर में गंभीर चोट आई और उसे बहरोड़ के अस्पताल में भर्ती कराया गया है। इसके अलावा कंपनी गेट पर सिक्योरिटी रूम के शीशे तोड़े गए और दो कर्मचारियों के वाहनों को नुकसान पहुंचाया गया। पूरे घटनाक्रम के दौरान प्रशासनिक और पुलिस अधिकारियों की मौजूदगी रही, जिनमें उपखंड अधिकारी महेंद्र सिंह यादव, तहसीलदार विक्रम सिंह, एडिशनल एसपी सुरेश कुमार खींची, डीएसपी चारुल गुप्ता, सचिन शर्मा, मेघा सहित कई अधिकारी शामिल रहे। शाम 5 बजे वार्ता सफल होने के बाद कर्मचारियों ने धरना समाप्त कर दिया, जिसके बाद पुलिस प्रशासन ने राहत की सांस ली। कर्मचारियों ने चेतावनी दी है कि यदि एक सप्ताह में वेतन वृद्धि सहित अन्य मांगों पर ठोस निर्णय नहीं हुआ तो वे दोबारा आंदोलन का रास्ता अपना सकते हैं।4
- Post by संवाददाता दैनिक कंचन केसरी1
- जयपुर मालवीय नगर में गर्भवती महिला से छेड़छाड़ करने वाला राहुल गुर्जर गिरफ्तार। पुलिस से बचने के लिए भागने के दौरान टूटे हाथ-पैर! जांच में सामने आया है कि आरोपी राहुल गुर्जर के खिलाफ आर्म्स एक्ट, लूट, चोरी और अन्य गंभीर अपराधों के 33 प्रकरण दर्ज है। बहरहाल, पुलिस ने इसे दबोचकर बढ़िया सबक सिखा दिया है ! बेलगाम घूमते अपराधियों और बहन बेटियों के प्रति कुदृष्टि रखने वाले गुंडों का समय रहते ऐसे ही इलाज होता रहे तो राजस्थान पुलिस का स्लोगन 'अपराधियों में भय आमजन में विश्वास' सार्थक होगा। जयपुर पुलिस बढ़िया काम कर रही है। सोशल मीडिया पर खबर को उपर तक पहुंचाने वाले सोशल मीडिया ऐक्टिविस्ट और अपराधी को पकड़कर इलाज करने वाले पुलिसकर्मियों का धन्यवाद।1
- भिवाड़ी: रिलेक्सो फुटवेयर कंपनी कहरानी में दूसरे दिन भी वेतन बढ़ोतरी को लेकर प्रदर्शन1
- Post by Kotputli-Behror Breaking Live1
- भुनगड़ा अहीर के लाल ने बढ़ाया मान, पहले ही प्रयास में बने भारतीय सेना में लेफ्टिनेंट सोडावास/मुंडावर। क्षेत्र के नजदीकी गांव भुनगड़ा अहीर के होनहार युवा कुमार यादव ने अपनी कड़ी मेहनत और दृढ़ संकल्प से भारतीय सेना में लेफ्टिनेंट बनकर पूरे जिले का नाम रोशन किया है। कुमार ने देश की प्रतिष्ठित संयुक्त रक्षा सेवा (CDS) परीक्षा को अपने पहले ही प्रयास में उत्तीर्ण कर यह ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल की है। विरासत में मिला है देश सेवा का जज्बा कुमार यादव की सफलता के पीछे एक अनुशासित और सेवाभावी परिवार की प्रेरणा है। वर्दी के प्रति उनका जुनून पारिवारिक विरासत का हिस्सा है: पिता: सुरेश यादव, वर्तमान में दिल्ली पुलिस में सब-इंस्पेक्टर के पद पर तैनात हैं। माता: सोनू यादव, एक शिक्षिका के रूप में बच्चों का भविष्य संवार रही हैं। दादा: उदमीराम, जो स्वयं भारतीय सेना में रहकर माँ भारती की सेवा कर चुके हैं। 17 अप्रैल से शुरू किया नया सफर पिता सुरेश यादव ने गर्व से बताया कि कुमार ने किसी कोचिंग या बाहरी दबाव के बिना, अपने पहले ही प्रयास में सफलता सुनिश्चित की। कुमार यादव ने 17 अप्रैल को चेन्नई में अपनी जॉइनिंग कर ली है और विधिवत रूप से सेना में ऑफिसर का पद संभाल लिया है। क्षेत्र में खुशी की लहर कुमार की इस उपलब्धि की खबर जैसे ही गांव भुनगड़ा अहीर और सोडावास पहुंची, ग्रामीणों में खुशी का ठिकाना नहीं रहा। स्थानीय लोगों और जनप्रतिनिधियों ने इसे युवाओं के लिए एक बड़ी प्रेरणा बताया है। सोशल मीडिया पर भी कुमार यादव को बधाई देने वालों का तांता लगा हुआ है।1