सवाई माधोपुर जिला मुख्यालय स्थित हाउसिंग बोर्ड सेक्टर-1 के कॉलोनीवासी पिछले चार-पांच महीनों से व्याप्त भीषण पेयजल संकट से जूझ रहे हैं। इस गंभीर समस्या के स्थायी समाधान की मांग को लेकर गुरुवार को उन्होंने जिला कलेक्टर को एक ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में बताया गया कि मकान संख्या 1/336 से 1/343 तक नियमित पेयजल आपूर्ति पूरी तरह बाधित है, जिससे क्षेत्र के लोगों का जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हो रहा है। पानी की आपूर्ति बंद होने के कारण बुजुर्गों, महिलाओं और बच्चों सहित सभी परिवारों को अपनी दैनिक जरूरतों के लिए दूर-दराज स्थित हैंडपंपों और बोरवेलों से पानी लाने को मजबूर होना पड़ रहा है, जिससे उन्हें प्रतिदिन भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। भीषण गर्मी के बीच लोगों की मुश्किलें और बढ़ गई हैं। कॉलोनीवासियों ने शिकायत की है कि इस समस्या के संबंध में जलदाय विभाग के अधिकारियों एवं कर्मचारियों को कई बार मौखिक और दूरभाष के माध्यम से शिकायतें दी जा चुकी हैं, लेकिन अब तक विभाग की ओर से कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई। विभाग द्वारा टैंकरों के माध्यम से पेयजल उपलब्ध कराने का दावा तो किया जाता है, किंतु वास्तविकता यह है कि प्रभावित घरों तक नियमित रूप से टैंकर भी नहीं पहुंच रहे हैं। ज्ञापन में क्षेत्रवासियों ने मांग की है कि प्रभावित क्षेत्र में नियमित एवं पर्याप्त पेयजल आपूर्ति तत्काल बहाल की जाए। साथ ही, जब तक जलापूर्ति सामान्य नहीं होती, तब तक प्रतिदिन टैंकरों के माध्यम से प्रभावित परिवारों को पेयजल उपलब्ध कराया जाए। उन्होंने जलापूर्ति बाधित होने के कारणों की जांच कर स्थायी समाधान सुनिश्चित करने और भविष्य में ऐसी स्थिति की पुनरावृत्ति रोकने के लिए प्रभावी व्यवस्था लागू करने की भी अपील की। जिला कलेक्टर कानाराम ने ज्ञापन देने पहुंची महिलाओं को पानी की समस्या का जल्द समाधान करने का आश्वासन दिया।
सवाई माधोपुर जिला मुख्यालय स्थित हाउसिंग बोर्ड सेक्टर-1 के कॉलोनीवासी पिछले चार-पांच महीनों से व्याप्त भीषण पेयजल संकट से जूझ रहे हैं। इस गंभीर समस्या के स्थायी समाधान की मांग को लेकर गुरुवार को उन्होंने जिला कलेक्टर को एक ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में बताया गया कि मकान संख्या 1/336 से 1/343 तक नियमित पेयजल आपूर्ति पूरी तरह बाधित है, जिससे क्षेत्र के लोगों का जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हो रहा है। पानी की आपूर्ति बंद होने के कारण बुजुर्गों, महिलाओं और बच्चों सहित सभी परिवारों को अपनी दैनिक जरूरतों के लिए दूर-दराज स्थित हैंडपंपों और बोरवेलों से पानी लाने को मजबूर होना पड़ रहा है, जिससे उन्हें प्रतिदिन भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। भीषण गर्मी के बीच लोगों की मुश्किलें और बढ़ गई हैं। कॉलोनीवासियों ने शिकायत की है कि इस समस्या के संबंध में जलदाय विभाग के अधिकारियों एवं कर्मचारियों को कई बार मौखिक और दूरभाष के माध्यम से शिकायतें दी जा चुकी हैं, लेकिन अब तक विभाग की ओर से कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई। विभाग द्वारा टैंकरों के माध्यम से पेयजल उपलब्ध कराने का दावा तो किया जाता है, किंतु वास्तविकता यह है कि प्रभावित घरों तक नियमित रूप से टैंकर भी नहीं पहुंच रहे हैं। ज्ञापन में क्षेत्रवासियों ने मांग की है कि प्रभावित क्षेत्र में नियमित एवं पर्याप्त पेयजल आपूर्ति तत्काल बहाल की जाए। साथ ही, जब तक जलापूर्ति सामान्य नहीं होती, तब तक प्रतिदिन टैंकरों के माध्यम से प्रभावित परिवारों को पेयजल उपलब्ध कराया जाए। उन्होंने जलापूर्ति बाधित होने के कारणों की जांच कर स्थायी समाधान सुनिश्चित करने और भविष्य में ऐसी स्थिति की पुनरावृत्ति रोकने के लिए प्रभावी व्यवस्था लागू करने की भी अपील की। जिला कलेक्टर कानाराम ने ज्ञापन देने पहुंची महिलाओं को पानी की समस्या का जल्द समाधान करने का आश्वासन दिया।
- सवाई माधोपुर में खैरदा अंडरपास को आम जनता की सुरक्षा के मद्देनज़र बंद कर दिया गया है। हालाँकि, यह स्पष्ट नहीं है कि यह अस्थायी बंद कब तक जारी रहेगा और लोगों को यह जानने की उत्सुकता है कि आखिर यह रोक कब हटेगी।1
- करैरा पुलिस ने मानवता का उत्कृष्ट उदाहरण प्रस्तुत किया, जब उन्हें सड़क किनारे बेहोशी की हालत में पड़े एक युवक के बारे में सूचना मिली। जानकारी मिलते ही करैरा पुलिस बिना देर किए तत्काल मौके पर पहुँची। प्राथमिक जानकारी के अनुसार, युवक को मिर्गी का दौरा पड़ा था, जिसके कारण वह अचेत पड़ा था। पुलिसकर्मियों ने उस युवक को उठाया और उसे एक सुरक्षित स्थान पर बिठाकर तुरंत प्राथमिक सहायता प्रदान की।1
- लोक जनशक्ति पार्टी (रा) ने श्योपुर जिले की कमान शम्भू दयाल बैरवा को सौंपी है, उन्हें श्योपुर जिला अध्यक्ष नियुक्त किया गया है। पार्टी द्वारा जारी प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, यह नियुक्ति 5 जुलाई 2026 को हुई है। यह मनोनयन मध्यप्रदेश के वरिष्ठ प्रदेश उपाध्यक्ष, प्रदेश प्रवक्ता और ग्वालियर चंबल संभाग प्रभारी रामराज सिंह यादव की अनुशंसा पर किया गया, जबकि राष्ट्रीय सचिव और मध्यप्रदेश प्रभारी जनाब शकील तिजोरी वाला के निर्देश पर प्रदेश अध्यक्ष जनाब हाजी नुरुल्ला रंगरेज ने बैरवा को यह जिम्मेदारी प्रदान की। बताया गया है कि शम्भू दयाल बैरवा समाजवादी पार्टी छोड़कर लोक जनशक्ति पार्टी की विचारधारा से प्रभावित होकर इस दल में शामिल हुए थे। अपनी नियुक्ति के बाद, शम्भू दयाल बैरवा ने पार्टी के वरिष्ठ नेताओं का आभार व्यक्त किया। उन्होंने प्रदेश अध्यक्ष, रामराज यादव जी, राष्ट्रीय नेताओं और मध्यप्रदेश के सभी नेताओं के प्रति दिल से आभार जताया। इसके साथ ही, उन्होंने पार्टी कार्यकर्ताओं और समर्थकों का भी धन्यवाद किया। बधाई देने वालों में किशन बैरवा, घनश्याम बैरवा, गिर्राज बैरवा, पिंकी बैरवा, रामोतार बैरवा और नवल सुमन सहित कई साथी शामिल थे। बैरवा ने कहा कि वह पार्टी को श्योपुर जिले में मजबूत करने और जनहित के मुद्दों को प्रमुखता से उठाने के लिए प्रतिबद्ध होकर काम करेंगे।1
- बस का इंतज़ार कर रहे एक बेटे पर कुछ 'हैवान' टूट पड़े और उन्होंने 75 साल के उसके पिता के सामने ही उसे बेहरमी से पीटा।1
- कोटा में 9 जुलाई को आंगनबाड़ी महिला कर्मचारियों, आशा वर्कर, मिड डे मिल वर्कर्स, राजीविका की संविदा कर्मचारी महिलाओं और अन्य कार्यों में लगी संविदा कर्मी महिलाओं ने अपनी मांगों को लेकर जिला कलेक्ट्रेट के सामने एक विशाल प्रदर्शन किया। इस प्रदर्शन के माध्यम से सरकार से स्थायी नियुक्ति दिलाने, सुरक्षा की गारंटी देने, पेंशन लागू करने और न्यूनतम वेतन 26000 रुपये लागू करवाने की जोरदार मांग की गई। प्रदर्शनकारियों ने अपनी इन मांगों को लेकर जिला कलेक्टर कोटा को एक ज्ञापन भी सौंपा। इस संघर्षपूर्ण प्रदर्शन का नेतृत्व चंद्रा कुमारी चारण, ममता मीणा, रजनी दामन और पिंटू केवट ने किया। आंगनबाड़ी महिला कर्मचारियों के इस आंदोलन को सीटू कार्यकर्ताओं और जे के मजदूरों का भी समर्थन मिला। सीटू के नेताओं कामरेड हबीब खान, कामरेड उमाशंकर, कामरेड नरेंद्रसिंह और महिला मजदूर नेता कामरेड पुष्पा खींची के नेतृत्व में सीटू के सदस्य भी प्रदर्शन में शामिल हुए। आंगनबाड़ी महिला कर्मचारियों और कार्यकर्ताओं ने इस दौरान जिला कलेक्ट्रेट गेट पर पहुंचकर बकाया वेतन भुगतान की मांग को लेकर 18 फरवरी 2025 से चल रहे जे के मजदूरों के धरना स्थल को आंगनबाड़ी यूनियन की तरफ से समर्थन दिया। उन्होंने सीटू के नेताओं से एकजुटता के साथ 'आरपार की लड़ाई' लड़ने का आह्वान किया। इस सभा को कामरेड हबीब खान, कामरेड उमाशंकर, कामरेड नरेंद्रसिंह, कामरेड पुष्पा खींची, आंगनबाड़ी की महिला मजदूर नेता ममता मीणा, रजनी दामन, पिंटू केवट, चंद्रा कुमारी चारण और मदन मोहन शर्मा कामरेड अशोक सिंह सहित कई नेताओं ने संबोधित किया। इस धरने और प्रदर्शन में कामरेड अली मोहम्मद, कामरेड कालीचरण सोनी, कामरेड महावीर प्रसाद, कामरेड गुलाबशंकर, कामरेड मंगलसिंह, कामरेड शिशुपाल, कामरेड हनुमान सिंह सहित सैकड़ों की संख्या में आंगनबाड़ी महिला कर्मचारी कार्यकर्ता, सीटू की महिला मजदूर और जे के मजदूरों के परिजन, महिलाएं, बच्चे, बुजुर्ग और आमजन मौजूद रहे।2
- मध्य प्रदेश के बादगाँव में, महिलाओं ने अच्छी बारिश की कामना के साथ एक पारंपरिक इंद्र पूजन अनुष्ठान किया है।1
- कैबिनेट मंत्री और कृषि एवं ग्रामीण विकास मंत्री डॉ. किरोड़ी लाल मीणा ने पांचना बांध एवं नहरी जल प्रवाह से उत्पन्न परिस्थितियों को देखते हुए सवाई माधोपुर-करौली क्षेत्र के सभी किसान भाइयों और आमजन से शांति, संयम तथा आपसी सौहार्द बनाए रखने की महत्वपूर्ण अपील की है। डॉ. मीणा ने आग्रह किया कि कुछ लोग वातावरण को तनावपूर्ण बनाने का प्रयास कर रहे हैं, जबकि हिंसा किसी भी समस्या का समाधान नहीं है। उन्होंने सभी किसान भाइयों से किसी भी प्रकार की हिंसा, उग्र प्रदर्शन अथवा कानून-व्यवस्था प्रभावित करने वाली गतिविधियों से दूर रहने को कहा। साथ ही, उन्होंने सोशल मीडिया पर प्रसारित हो रही भ्रामक एवं भड़काऊ टिप्पणियों पर ध्यान न देने, अफवाहों और अनर्गल टिप्पणियों से बचने तथा केवल प्रशासन द्वारा जारी अधिकृत सूचनाओं पर ही विश्वास करने का आग्रह किया। मंत्री ने स्पष्ट किया कि वे कमांड क्षेत्र एवं कैचमेंट क्षेत्र दोनों के किसानों के साथ समान रूप से खड़े हैं, और राज्य सरकार सभी किसानों के हितों की रक्षा के लिए पूरी संवेदनशीलता के साथ कार्य कर रही है। उन्होंने विशेष रूप से आंदोलनरत किसान भाइयों से शांतिपूर्ण एवं लोकतांत्रिक तरीके से अपनी बात रखने का आग्रह किया, यह दोहराते हुए कि किसी भी प्रकार की हिंसा, हथियारों का प्रदर्शन अथवा कानून हाथ में लेने जैसी घटनाएं स्वीकार्य नहीं हैं। डॉ. मीणा ने सभी से प्रशासन का सहयोग करने और शांति एवं सामाजिक सौहार्द बनाए रखने की अपील की है।1
- राजस्थान के सवाई माधोपुर स्थित जिला चिकित्सालय की व्यवस्था पर सवाल उठ रहे हैं, जहाँ जानवरों को बेरोकटोक परिसर में प्रवेश करते देखा जा रहा है। अस्पताल के इस हाल को देखते हुए कहा जा रहा है कि यहाँ जानवरों की एंट्री 'फ्री' है।1
- श्योपुर शहर के बस स्टैंड पर बुधवार शाम उस समय सनसनी फैल गई, जब इंदौर जाने के लिए बस का इंतजार कर रहे पिता-पुत्र पर नकाबपोश युवकों ने जानलेवा हमला कर दिया। हमलावरों ने डंडों से दोनों के साथ जमकर मारपीट की, जिससे मौके पर अफरा-तफरी मच गई। बोहरा बाजार निवासी 75 वर्षीय मोहम्मद सज्जाद हुसैन, जो मुल्ला बदरूद्दीन के पुत्र हैं, अपने बेटे मुर्तजा दाऊदी के साथ बुधवार शाम करीब 7 बजे बस स्टैंड पर बैठे हुए थे। इसी दौरान दो नकाबपोश युवक वहां पहुंचे और बिना किसी विवाद के उन पर हमला कर दिया। आरोपियों ने डंडों से बेरहमी से मारपीट की, जिसके कारण मुर्तजा दाऊदी के सिर में गंभीर चोट आई है। घायल को तत्काल जिला अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उसका उपचार जारी है। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और मामले की जांच शुरू की। घायल की शिकायत पर कोतवाली थाना पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस अब हमलावरों की पहचान और गिरफ्तारी के प्रयास कर रही है, साथ ही घटना के पीछे के कारणों का भी पता लगाया जा रहा है।2