कन्नौद के खिवनी अभ्यारण में नन्हे मेहमानों की दहाड़, खिवनी अभ्यारण्य में बाघिन मीरा और बाघ युवराज का बढ़ा कुनबा खिवनी अभ्यारण्य से नन्हें शावक का वीडियो आया सामने, 3 से 4 शावकों की होने का अनुमान, जल्द चारागाह में आएंगे नजर. कन्नौद: खिवनी अभ्यारण्य पर्यटन क्षेत्र में नन्हें मेहमानों की दहाड़ से जंगल का माहौल खुशनुमा हो गया है. जंगल में बाघिन मीरा और बाघ युवराज का कुनबा बढ़ा है. यहां लगाए गए ट्रेप कैमरे में नन्हें शावकों का वीडियो कैद हुआ. जिसमें 1 शावक रात के अंधेरे में घूमता नजर आया, जबकि कुछ अन्य शावक की हलचल भी धुंधली-धुंधली कैद हुई है. जिससे कुल 3 से 4 शावकों की होने का अनुमान लगाया जा रहा है. जल्द चारागाह में नजर आएंगे शावक खिवनी अभयारण्य रेंजर भीम सिंह ने बताया, "खिवनी अभ्यारण्य में बाघों का कुनबा एक बार फिर बढ़ता नजर आया है. मीरा बाघिन खिवनी के चारागाह में स्थित नाले की ओर विश्राम कर रही है. अनुमान है कि जल्द ही बच्चे भी चारागाह में आएंगे. इनकी साइटिंग आने वाले सप्ताहों में हो सकती है. बच्चों की संख्या अभी केवल अनुमान है जब चारागाह में पूरा परिवार दिखने लगेगा, तभी इसकी पुष्टि की जा सकती है." खिवनी अभ्यारण्य में नन्हे मेहमानों की दहाड़ वन विभाग ने बढ़ा दी है सुरक्षा कैमरा ट्रैप में नन्हे मेहमानों की मस्ती देखते ही बनती है. वन विभाग ने शावकों के साथ ही अन्य बाघों और बाघिनों की सुरक्षा बढ़ा दी है. खिवनी अभ्यारण्य लगभग 134 वर्ग किलोमीटर में फैला हुआ है. इस अभ्यारण में मौजूद ऊंचे-ऊंचे पहाड़ और वन्यजीव आमजन को अपनी और आकर्षित करते हैं. इसके साथ ही यहां 170 प्रकार के पक्षी व सैकड़ों प्रकार के वन्य जीव देखने को मिलते है. वहीं, अभ्यारण्य में अनेक प्रकार के औषधीय पौधे भी हैं. मां बाघिन ने छोड़ा तो, भगवान की शरण में पहुंचे पेंच के दो शावक, कड़ी मशक्कत से सुरक्षित रेस्क्यू मध्य प्रदेश में ब्लैक मेलेनिस्टिक टाइगर की उम्मीदें बढ़ी, व्हाइट टाइगर ने दिया 3 नन्हे शावकों को जन्म बढ़ रही है पर्यटकों की संख्या खिवनी अभ्यारण्य वर्तमान में पर्यटकों की संख्या में इजाफा हुआ व लगातार पर्यटकों का आना जाना बना हुआ है. 134 वर्ग किलोमीटर में फैला हुआ खिवनी अभ्यारण्य का लगभग 89.9 वर्ग किमी का क्षेत्र देवास जिले में आता है. इसके अलावा करीब 44.8 वर्ग किमी का क्षेत्र सीहोर जिले में आता है. देवास और सीहोर जिले की सीमा पर फैला खिवनी अभ्यारण्य मध्य प्रदेश के उन चुनिंदा प्राकृतिक स्थलों में शामिल है, जहां वन्य जीवन संरक्षण और पर्यटन के बीच अद्भुत संतुलन देखने को मिलता है. यहां पर्यटकों को आनंद से सराबोर करने प्रकृति हमेशा तैयार खड़ी है.
कन्नौद के खिवनी अभ्यारण में नन्हे मेहमानों की दहाड़, खिवनी अभ्यारण्य में बाघिन मीरा और बाघ युवराज का बढ़ा कुनबा खिवनी अभ्यारण्य से नन्हें शावक का वीडियो आया सामने, 3 से 4 शावकों की होने का अनुमान, जल्द चारागाह में आएंगे नजर. कन्नौद: खिवनी अभ्यारण्य पर्यटन क्षेत्र में नन्हें मेहमानों की दहाड़ से जंगल का माहौल खुशनुमा हो गया है. जंगल में बाघिन मीरा और बाघ युवराज का कुनबा बढ़ा है. यहां लगाए गए ट्रेप कैमरे में नन्हें शावकों का वीडियो कैद हुआ. जिसमें 1 शावक रात के अंधेरे में घूमता नजर आया, जबकि कुछ अन्य शावक की हलचल भी धुंधली-धुंधली कैद हुई है. जिससे कुल 3 से 4 शावकों की होने का अनुमान लगाया जा रहा है. जल्द चारागाह में नजर आएंगे शावक खिवनी अभयारण्य रेंजर भीम सिंह ने बताया, "खिवनी अभ्यारण्य में बाघों का कुनबा एक बार फिर बढ़ता नजर आया है. मीरा बाघिन खिवनी के चारागाह में स्थित नाले की ओर विश्राम कर रही है. अनुमान है कि जल्द ही बच्चे भी चारागाह में आएंगे. इनकी साइटिंग आने वाले सप्ताहों में हो सकती है. बच्चों की संख्या अभी केवल अनुमान है जब चारागाह में पूरा परिवार दिखने लगेगा, तभी इसकी पुष्टि की जा सकती है." खिवनी अभ्यारण्य में नन्हे मेहमानों की दहाड़ वन विभाग ने बढ़ा दी है सुरक्षा कैमरा ट्रैप में नन्हे मेहमानों की मस्ती देखते ही बनती है. वन विभाग ने शावकों के साथ ही अन्य बाघों और बाघिनों की सुरक्षा बढ़ा दी है. खिवनी अभ्यारण्य लगभग 134 वर्ग किलोमीटर में फैला हुआ है. इस अभ्यारण में मौजूद ऊंचे-ऊंचे पहाड़ और वन्यजीव आमजन को अपनी और आकर्षित करते हैं. इसके साथ ही यहां 170 प्रकार के पक्षी व सैकड़ों प्रकार के वन्य जीव देखने को मिलते है. वहीं, अभ्यारण्य में अनेक प्रकार के औषधीय पौधे भी हैं. मां बाघिन ने छोड़ा तो, भगवान की शरण में पहुंचे पेंच के दो शावक, कड़ी मशक्कत से सुरक्षित रेस्क्यू मध्य प्रदेश में ब्लैक मेलेनिस्टिक टाइगर की उम्मीदें बढ़ी, व्हाइट टाइगर ने दिया 3 नन्हे शावकों को जन्म बढ़ रही है पर्यटकों की संख्या खिवनी अभ्यारण्य वर्तमान में पर्यटकों की संख्या में इजाफा हुआ व लगातार पर्यटकों का आना जाना बना हुआ है. 134 वर्ग किलोमीटर में फैला हुआ खिवनी अभ्यारण्य का लगभग 89.9 वर्ग किमी का क्षेत्र देवास जिले में आता है. इसके अलावा करीब 44.8 वर्ग किमी का क्षेत्र सीहोर जिले में आता है. देवास और सीहोर जिले की सीमा पर फैला खिवनी अभ्यारण्य मध्य प्रदेश के उन चुनिंदा प्राकृतिक स्थलों में शामिल है, जहां वन्य जीवन संरक्षण और पर्यटन के बीच अद्भुत संतुलन देखने को मिलता है. यहां पर्यटकों को आनंद से सराबोर करने प्रकृति हमेशा तैयार खड़ी है.
- कन्नौद के खिवनी अभ्यारण में नन्हे मेहमानों की दहाड़, खिवनी अभ्यारण्य में बाघिन मीरा और बाघ युवराज का बढ़ा कुनबा खिवनी अभ्यारण्य से नन्हें शावक का वीडियो आया सामने, 3 से 4 शावकों की होने का अनुमान, जल्द चारागाह में आएंगे नजर. कन्नौद: खिवनी अभ्यारण्य पर्यटन क्षेत्र में नन्हें मेहमानों की दहाड़ से जंगल का माहौल खुशनुमा हो गया है. जंगल में बाघिन मीरा और बाघ युवराज का कुनबा बढ़ा है. यहां लगाए गए ट्रेप कैमरे में नन्हें शावकों का वीडियो कैद हुआ. जिसमें 1 शावक रात के अंधेरे में घूमता नजर आया, जबकि कुछ अन्य शावक की हलचल भी धुंधली-धुंधली कैद हुई है. जिससे कुल 3 से 4 शावकों की होने का अनुमान लगाया जा रहा है. जल्द चारागाह में नजर आएंगे शावक खिवनी अभयारण्य रेंजर भीम सिंह ने बताया, "खिवनी अभ्यारण्य में बाघों का कुनबा एक बार फिर बढ़ता नजर आया है. मीरा बाघिन खिवनी के चारागाह में स्थित नाले की ओर विश्राम कर रही है. अनुमान है कि जल्द ही बच्चे भी चारागाह में आएंगे. इनकी साइटिंग आने वाले सप्ताहों में हो सकती है. बच्चों की संख्या अभी केवल अनुमान है जब चारागाह में पूरा परिवार दिखने लगेगा, तभी इसकी पुष्टि की जा सकती है." खिवनी अभ्यारण्य में नन्हे मेहमानों की दहाड़ वन विभाग ने बढ़ा दी है सुरक्षा कैमरा ट्रैप में नन्हे मेहमानों की मस्ती देखते ही बनती है. वन विभाग ने शावकों के साथ ही अन्य बाघों और बाघिनों की सुरक्षा बढ़ा दी है. खिवनी अभ्यारण्य लगभग 134 वर्ग किलोमीटर में फैला हुआ है. इस अभ्यारण में मौजूद ऊंचे-ऊंचे पहाड़ और वन्यजीव आमजन को अपनी और आकर्षित करते हैं. इसके साथ ही यहां 170 प्रकार के पक्षी व सैकड़ों प्रकार के वन्य जीव देखने को मिलते है. वहीं, अभ्यारण्य में अनेक प्रकार के औषधीय पौधे भी हैं. मां बाघिन ने छोड़ा तो, भगवान की शरण में पहुंचे पेंच के दो शावक, कड़ी मशक्कत से सुरक्षित रेस्क्यू मध्य प्रदेश में ब्लैक मेलेनिस्टिक टाइगर की उम्मीदें बढ़ी, व्हाइट टाइगर ने दिया 3 नन्हे शावकों को जन्म बढ़ रही है पर्यटकों की संख्या खिवनी अभ्यारण्य वर्तमान में पर्यटकों की संख्या में इजाफा हुआ व लगातार पर्यटकों का आना जाना बना हुआ है. 134 वर्ग किलोमीटर में फैला हुआ खिवनी अभ्यारण्य का लगभग 89.9 वर्ग किमी का क्षेत्र देवास जिले में आता है. इसके अलावा करीब 44.8 वर्ग किमी का क्षेत्र सीहोर जिले में आता है. देवास और सीहोर जिले की सीमा पर फैला खिवनी अभ्यारण्य मध्य प्रदेश के उन चुनिंदा प्राकृतिक स्थलों में शामिल है, जहां वन्य जीवन संरक्षण और पर्यटन के बीच अद्भुत संतुलन देखने को मिलता है. यहां पर्यटकों को आनंद से सराबोर करने प्रकृति हमेशा तैयार खड़ी है.1
- भोपाल विधानसभा सत्र चौथा दिन: नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार के नेतृत्व में कांग्रेस विधायकों का सरकार के झूठे वादों पर गांधी प्रतिमा के सामने जोरदार प्रदर्शन, कांग्रेस विधायक हाथों में थाली और सरकार द्वारा उसमें जनता को बांटे जा रहे 'ख्याली पुलाव' के नारों के साथ किया सांकेतिक प्रदर्शन1
- साधनों की कमी के कारण ढूंढ रहे हैं ऑटो धाम जाने के लिए।1
- भौरासा: आगामी त्योहारों को लेकर शांति समिति की बैठक संपन्न1
- पुनासा/बीती रात मुंदी मेले में हुई निमाड़ी गम्मत कार्यक्रम के दौरान अचानक हुई बारिश ने दर्शकों का मजा किरकिरा कर दिया दर्शक बारिश से बचने के लिए इधर उधर सहारा ढूंढते नजर आए1
- Post by Mp hardaकमताड़ा गार्डन कमताड़ा1
- सीहोर जिले के जनपद पंचायत के अंतर्गत आने वाले ग्राम पंचायत सील खेडा के जुगराजपुरा से सील खेडा तक सड़क निर्माण को मंजूरी मिल चुकी है मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव जी एवं माननीय विधायक सुदेश राय जी के नेतृत्व में सीहोर जिले के जनपद पंचायत के अंतर्गत आने वाले सील खेडा पंचायत को जुगराजपुरा और सील खेडा को सड़क निर्माण की सौगात मिली है सील खेडा के सरपंच हेमराज मीना और ग्रामीण एवं जुगराजपुरा के ग्रामीणों ने मुख्यमंत्री डॉक्टर मोहन यादव जी एवं सीहोर विधायक श्रीमान सुदेश राय जी को बहुत-बहुत बधाई एवं शुभकामनाएं दी मध्य प्रदेश के सीहोर जिले से रिपोर्टर देवेंद्र सिंह मीना की विशेष रिपोर्ट1
- लोहारदा युवक मौत मामला: वन विभाग पर मारपीट के आरोप, परिजनों ने की निष्पक्ष जांच और सख्त कार्रवाई की मांग #MadhyaPradeshNews1