अपराध होने से पहले महिलाओं को सुरक्षा देगा दीपक बड़ोनी का SOS ऐप, उत्तराखंड से राष्ट्रीय महिला आयोग तक पहुंचा प्रोजेक्ट पौड़ी गढ़वाल के ग्रामीण युवक की अनूठी पहल, परिवार को मिलेगी महिला की लाइव लोकेशन और खतरे का अलर्ट उत्तराखंड के पौड़ी गढ़वाल से एक ऐसी पहल सामने आई है, जो महिला सुरक्षा के क्षेत्र में नई उम्मीद जगा सकती है। ग्रामीण क्षेत्र में रहने वाले युवा दीपक बड़ोनी ने महिलाओं की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए एक नया SOS ऐप तैयार किया है। दीपक का दावा है कि उनका यह ऐप केवल आपातकालीन स्थिति में मदद मांगने तक सीमित नहीं है, बल्कि संभावित खतरे के समय ही परिवार को सतर्क करने में मदद कर सकता है। दीपक बड़ोनी के अनुसार, इस ऐप की खासियत यह है कि इसके माध्यम से महिला की लोकेशन लगातार ट्रैक की जा सकती है और उसकी लोकेशन परिवार के सदस्यों तक पहुंचती रहती है। इसके साथ ही अलर्ट साउंड की सुविधा भी दी गई है, जिससे परिवार को महिला की स्थिति और उसके रास्ते की जानकारी मिलती रहेगी। दीपक का कहना है कि सामान्य SOS ऐप में अक्सर आपात स्थिति आने के बाद मदद के लिए अलर्ट भेजा जाता है, जबकि उनके बनाए ऐप का उद्देश्य संभावित खतरे से पहले ही परिवार को सतर्क करना और महिला की सुरक्षा सुनिश्चित करने में मदद करना है। महिला आयोग ने भी प्रोजेक्ट में दिखाई रुचि अपने इस प्रोजेक्ट को और बेहतर बनाने तथा इसे व्यापक स्तर पर लागू करने की संभावनाओं को लेकर दीपक बड़ोनी उत्तराखंड राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष कुसुम कंडवाल से मिले। दीपक के मुताबिक, कुसुम कंडवाल ने ऐप की कार्यप्रणाली की जानकारी ली और इस पहल को सराहा। इसके बाद दीपक बड़ोनी को राष्ट्रीय महिला आयोग तक भी अपना प्रोजेक्ट प्रस्तुत करने का अवसर मिला। उन्होंने राष्ट्रीय महिला आयोग की अध्यक्ष विजया रहाटकर के सामने SOS ऐप की विशेषताओं और महिला सुरक्षा में इसकी उपयोगिता के बारे में जानकारी दी। दीपक के अनुसार, राष्ट्रीय महिला आयोग की अध्यक्ष ने भी इस प्रोजेक्ट को बेहतर पहल बताया। ग्रामीण युवा की तकनीकी पहल बनी चर्चा का विषय एक ग्रामीण क्षेत्र से निकलकर महिला सुरक्षा जैसे महत्वपूर्ण विषय पर तकनीकी समाधान तैयार करने वाले दीपक बड़ोनी की यह पहल चर्चा का विषय बन रही है। अब देखना होगा कि इस ऐप को किस तरह और बेहतर बनाया जाता है तथा भविष्य में इसे कितने बड़े स्तर पर महिलाओं की सुरक्षा के लिए इस्तेमाल किया जा सकता है। महिला सुरक्षा की दिशा में दीपक बड़ोनी की यह कोशिश निश्चित रूप से एक महत्वपूर्ण पहल के रूप में देखी जा रही है।
अपराध होने से पहले महिलाओं को सुरक्षा देगा दीपक बड़ोनी का SOS ऐप, उत्तराखंड से राष्ट्रीय महिला आयोग तक पहुंचा प्रोजेक्ट पौड़ी गढ़वाल के ग्रामीण युवक की अनूठी पहल, परिवार को मिलेगी महिला की लाइव लोकेशन और खतरे का अलर्ट उत्तराखंड के पौड़ी गढ़वाल से एक ऐसी पहल सामने आई है, जो महिला सुरक्षा के क्षेत्र में नई उम्मीद जगा सकती है। ग्रामीण क्षेत्र में रहने वाले युवा दीपक बड़ोनी ने महिलाओं की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए एक नया SOS ऐप तैयार किया है। दीपक का दावा है कि उनका यह ऐप केवल आपातकालीन स्थिति में मदद मांगने तक सीमित नहीं है, बल्कि संभावित खतरे के समय ही परिवार को सतर्क करने में मदद कर सकता है। दीपक बड़ोनी के अनुसार, इस ऐप की खासियत यह है कि इसके माध्यम से महिला की लोकेशन लगातार ट्रैक की जा सकती है
और उसकी लोकेशन परिवार के सदस्यों तक पहुंचती रहती है। इसके साथ ही अलर्ट साउंड की सुविधा भी दी गई है, जिससे परिवार को महिला की स्थिति और उसके रास्ते की जानकारी मिलती रहेगी। दीपक का कहना है कि सामान्य SOS ऐप में अक्सर आपात स्थिति आने के बाद मदद के लिए अलर्ट भेजा जाता है, जबकि उनके बनाए ऐप का उद्देश्य संभावित खतरे से पहले ही परिवार को सतर्क करना और महिला की सुरक्षा सुनिश्चित करने में मदद करना है। महिला आयोग ने भी प्रोजेक्ट में दिखाई रुचि अपने इस प्रोजेक्ट को और बेहतर बनाने तथा इसे व्यापक स्तर पर लागू करने की संभावनाओं को लेकर दीपक बड़ोनी उत्तराखंड राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष कुसुम कंडवाल से मिले। दीपक के मुताबिक, कुसुम कंडवाल ने ऐप की कार्यप्रणाली की जानकारी ली और इस पहल को सराहा। इसके बाद दीपक बड़ोनी को राष्ट्रीय महिला
आयोग तक भी अपना प्रोजेक्ट प्रस्तुत करने का अवसर मिला। उन्होंने राष्ट्रीय महिला आयोग की अध्यक्ष विजया रहाटकर के सामने SOS ऐप की विशेषताओं और महिला सुरक्षा में इसकी उपयोगिता के बारे में जानकारी दी। दीपक के अनुसार, राष्ट्रीय महिला आयोग की अध्यक्ष ने भी इस प्रोजेक्ट को बेहतर पहल बताया। ग्रामीण युवा की तकनीकी पहल बनी चर्चा का विषय एक ग्रामीण क्षेत्र से निकलकर महिला सुरक्षा जैसे महत्वपूर्ण विषय पर तकनीकी समाधान तैयार करने वाले दीपक बड़ोनी की यह पहल चर्चा का विषय बन रही है। अब देखना होगा कि इस ऐप को किस तरह और बेहतर बनाया जाता है तथा भविष्य में इसे कितने बड़े स्तर पर महिलाओं की सुरक्षा के लिए इस्तेमाल किया जा सकता है। महिला सुरक्षा की दिशा में दीपक बड़ोनी की यह कोशिश निश्चित रूप से एक महत्वपूर्ण पहल के रूप में देखी जा रही है।
- अपराध होने से पहले महिलाओं को सुरक्षा देगा दीपक बड़ोनी का SOS ऐप, उत्तराखंड से राष्ट्रीय महिला आयोग तक पहुंचा प्रोजेक्ट पौड़ी गढ़वाल के ग्रामीण युवक की अनूठी पहल, परिवार को मिलेगी महिला की लाइव लोकेशन और खतरे का अलर्ट उत्तराखंड के पौड़ी गढ़वाल से एक ऐसी पहल सामने आई है, जो महिला सुरक्षा के क्षेत्र में नई उम्मीद जगा सकती है। ग्रामीण क्षेत्र में रहने वाले युवा दीपक बड़ोनी ने महिलाओं की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए एक नया SOS ऐप तैयार किया है। दीपक का दावा है कि उनका यह ऐप केवल आपातकालीन स्थिति में मदद मांगने तक सीमित नहीं है, बल्कि संभावित खतरे के समय ही परिवार को सतर्क करने में मदद कर सकता है। दीपक बड़ोनी के अनुसार, इस ऐप की खासियत यह है कि इसके माध्यम से महिला की लोकेशन लगातार ट्रैक की जा सकती है और उसकी लोकेशन परिवार के सदस्यों तक पहुंचती रहती है। इसके साथ ही अलर्ट साउंड की सुविधा भी दी गई है, जिससे परिवार को महिला की स्थिति और उसके रास्ते की जानकारी मिलती रहेगी। दीपक का कहना है कि सामान्य SOS ऐप में अक्सर आपात स्थिति आने के बाद मदद के लिए अलर्ट भेजा जाता है, जबकि उनके बनाए ऐप का उद्देश्य संभावित खतरे से पहले ही परिवार को सतर्क करना और महिला की सुरक्षा सुनिश्चित करने में मदद करना है। महिला आयोग ने भी प्रोजेक्ट में दिखाई रुचि अपने इस प्रोजेक्ट को और बेहतर बनाने तथा इसे व्यापक स्तर पर लागू करने की संभावनाओं को लेकर दीपक बड़ोनी उत्तराखंड राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष कुसुम कंडवाल से मिले। दीपक के मुताबिक, कुसुम कंडवाल ने ऐप की कार्यप्रणाली की जानकारी ली और इस पहल को सराहा। इसके बाद दीपक बड़ोनी को राष्ट्रीय महिला आयोग तक भी अपना प्रोजेक्ट प्रस्तुत करने का अवसर मिला। उन्होंने राष्ट्रीय महिला आयोग की अध्यक्ष विजया रहाटकर के सामने SOS ऐप की विशेषताओं और महिला सुरक्षा में इसकी उपयोगिता के बारे में जानकारी दी। दीपक के अनुसार, राष्ट्रीय महिला आयोग की अध्यक्ष ने भी इस प्रोजेक्ट को बेहतर पहल बताया। ग्रामीण युवा की तकनीकी पहल बनी चर्चा का विषय एक ग्रामीण क्षेत्र से निकलकर महिला सुरक्षा जैसे महत्वपूर्ण विषय पर तकनीकी समाधान तैयार करने वाले दीपक बड़ोनी की यह पहल चर्चा का विषय बन रही है। अब देखना होगा कि इस ऐप को किस तरह और बेहतर बनाया जाता है तथा भविष्य में इसे कितने बड़े स्तर पर महिलाओं की सुरक्षा के लिए इस्तेमाल किया जा सकता है। महिला सुरक्षा की दिशा में दीपक बड़ोनी की यह कोशिश निश्चित रूप से एक महत्वपूर्ण पहल के रूप में देखी जा रही है।3
- 🔥 कोटद्वार के दुर्गापुरी में कपड़ों के शोरूम में लगी भीषण आग The Aman Times 🔥 कोटद्वार के दुर्गापुरी में कपड़ों के शोरूम में लगी भीषण आग कोटद्वार के दुर्गापुरी में बीती रात एक कपड़ों के शोरूम में अचानक आग लग गई। शोरूम से धुआं निकलता देख स्थानीय लोगों ने अग्निशमन विभाग को सूचना दी। मौके पर पहुंची दमकल टीम ने कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। प्रारंभिक तौर पर आग लगने का कारण शॉर्ट सर्किट बताया जा रहा है। अग्निकांड में व्यापारी को भारी आर्थिक नुकसान हुआ है। फिलहाल नुकसान का आकलन किया जा रहा है।1
- केदारताल ट्रैक पर लापता ट्रैकर्स की तलाश तेज, 4000 मीटर की ऊंचाई पर मिला टेंट और बैग उत्तरकाशी। केदारताल ट्रैक पर लापता ट्रैकर्स की तलाश में SDRF और नेहरू पर्वतारोहण संस्थान (NIM) की टीमें विषम परिस्थितियों के बीच लगातार सर्च ऑपरेशन चला रही हैं। अभियान के दौरान करीब 4000 मीटर की ऊंचाई पर केदार खड़क के समीप लापता ट्रैकर्स का टेंट और अन्य सामान बरामद हुआ है। इसके अलावा एक बैग भी मिला है, लेकिन अब तक लापता ट्रैकर्स का कोई सुराग नहीं लग पाया है। SDRF सेनानायक अर्पण यदुवंशी के दिशा-निर्देशों में एडवांस टीम दुर्गम पहाड़ी क्षेत्र में लगातार तलाश अभियान चला रही है। इसी दौरान टीम को टेंट और अन्य सामान मिला, जिससे लापता ट्रैकर्स की तलाश में महत्वपूर्ण सुराग हाथ लगा है। वहीं, घटनास्थल से सैटेलाइट फोन के जरिए मिली जानकारी के अनुसार क्षेत्र में लगातार बर्फबारी हो रही है। अत्यधिक ऊंचाई और खराब मौसम के चलते रेस्क्यू टीम को भारी चुनौतियों का सामना करना पड़ रहा है। मौसम की प्रतिकूल परिस्थितियों को देखते हुए SDRF की टीम ने मौके पर ही सुरक्षित कैंप स्थापित कर रात्रि विश्राम का निर्णय लिया है। मौसम अनुकूल होने के बाद दोबारा सर्च ऑपरेशन शुरू किया जाएगा। SDRF और NIM के जवान आपसी समन्वय के साथ लापता ट्रैकर्स की तलाश में जुटे हुए हैं। फिलहाल सभी की नजरें सर्च ऑपरेशन के अगले चरण पर टिकी हैं।1
- मेयर की कुर्सी पर बैठकर हंगामा करने वाले युवक की जनता ने की जमकर पिटाई, पुलिस बचाती रही! मारपीट का वीडियो वायरल नगर निगम में उस समय हंगामे की स्थिति बन गई, जब एक युवक मेयर की कुर्सी पर बैठकर हंगामा करने लगा। युवक की इस हरकत से नाराज लोगों ने उसकी जमकर पिटाई कर दी। मौके पर मौजूद पुलिसकर्मी युवक को भीड़ से बचाने का प्रयास करते नजर आए, लेकिन लोग लगातार उसके साथ मारपीट करते रहे। इस पूरे घटनाक्रम का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो सामने आने के बाद यह मामला चर्चा का विषय बना हुआ है। फिलहाल घटना के पीछे की पूरी वजह और पुलिस की ओर से की गई कार्रवाई को लेकर विस्तृत जानकारी सामने आना बाकी है।1
- राय बहादुर नर्सिंग शुगर मिल्स लिमिटेड द्वारा प्राय प्रारंभ पूर्व विधायक कौन-कौन सिंह चैंपियन है श्रीमती सोनिया शर्मा द्वारा उद्घाटन किया गया कुंवर प्रणव सिंह चैंपियन ने कहा की गाने का मूल्य ₹700 पर कुंतल होना चाहिए क्योंकि जब चीनी ₹70 किलो बिक रही है तो गन्ने का दाम ₹700 होना चाहिए1
- त्यौहारी सीजन मे हरिद्वार पुलिस और प्रशासन अलर्ट, सुरक्षा व्यवस्था को लेकर SSP नवनीत सिंह ने त्योहारी सीजन में हरिद्वार पुलिस और प्रशासन अलर्ट, सुरक्षा व्यवस्था को लेकर SSP नवनीत सिंह ने दिए आवश्यक दिशा-निर्देश हरिद्वार। त्योहारी सीजन को देखते हुए हरिद्वार पुलिस और जिला प्रशासन पूरी तरह अलर्ट नजर आ रहा है। त्योहारों के दौरान शांति, सुरक्षा एवं कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। एसएसपी हरिद्वार नवनीत सिंह ने आमजन की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों को सतर्क रहने के निर्देश दिए हैं। बाजारों, भीड़भाड़ वाले इलाकों, धार्मिक स्थलों और संवेदनशील स्थानों पर सुरक्षा व्यवस्था मजबूत रखने के साथ-साथ लगातार निगरानी रखने पर जोर दिया जा रहा है। पुलिस प्रशासन का उद्देश्य है कि सभी त्योहार शांतिपूर्ण एवं सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न हों। साथ ही किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए पुलिस बल को मुस्तैद रहने के निर्देश दिए गए हैं। हरिद्वार पुलिस ने आमजन से अपील की है कि त्योहारों को आपसी भाईचारे और सौहार्द के साथ मनाएं तथा किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तत्काल पुलिस को दें। A BHARAT NEWS10 – सबसे पहले आपकी आवाज1
- पानी की नाली और हैंडपंप को लेकर दो पक्ष कर रहे थे विवाद, मौके पर पहुंची लक्सर पुलिस ने शांति भंग में दोनों पक्षों के 05 व्यक्तियों का चालान। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक जनपद हरिद्वार द्वारा जनपद में शांति व्यवस्था बनाए रखने तथा शांति व्यवस्था प्रभावित करने वाले संदिग्ध व्यक्तियों एवं असामाजिक तत्वों पर सतर्क दृष्टि रखते हुए आवश्यक कार्रवाई करने हेतु समस्त थाना प्रभारियों को निर्देशित किया गया है। उक्त निर्देशों के अनुपालन में दिनांक 02.11.2026 को कोतवाली लक्सर क्षेत्रांतर्गत पानी की नाली एवं हैंडपंप को लेकर दो पक्षों के बीच विवाद हो गया। दोनों पक्षों द्वारा आपस में लड़ाई-झगड़ा कर शांति व्यवस्था प्रभावित की जा रही थी। सूचना पर लक्सर पुलिस द्वारा त्वरित कार्रवाई करते हुए दोनों पक्षों के कुल 05 व्यक्तियों को हिरासत में लिया। सभी के विरुद्ध धारा 170 बीएनएसएस के अंतर्गत कार्रवाई की जा रही है। *नाम पता आरोपित* 1. सुन्दर पुत्र कीरत रामनिवासी दाबकी, कोतवाली लक्सर, हरिद्वार 2. आदेश पुत्र सुन्दर निवासी दाबकी, कोतवाली लक्सर, हरिद्वार। 3. हर्ष कुमार पुत्र सुन्दर लाल निवासी दाबकी, कोतवाली लक्सर, हरिद्वार। 4. श्याम कुमार पुत्र कीरत राम निवासी दाबकी कला, कोतवाली लक्सर, हरिद्वार। 5. सोनू पुत्र चमन सिंह निवासी प्रहलादपुर, थाना खानपुर, हरिद्वार। *पुलिस टीम* 1. उ0नि0 शहजाद अली 2. हे0कानि0 स्वदेश कुमार 3. कानि0 संदीप रावत 4. कानि0 सतपाल राणा1
- केदारताल ट्रैक पर लापता ट्रैकर्स की तलाश जारी, 4000 मीटर की ऊंचाई पर मिला टेंट और बैग The Aman Times केदारताल ट्रैक पर लापता ट्रैकर्स की तलाश जारी, 4000 मीटर की ऊंचाई पर मिला टेंट और बैग उत्तरकाशी। केदारताल ट्रैक पर लापता ट्रैकर्स की तलाश में SDRF और नेहरू पर्वतारोहण संस्थान (NIM) का सर्च ऑपरेशन लगातार जारी है। अभियान के दौरान करीब 4000 मीटर की ऊंचाई पर केदार खड़क के समीप लापता ट्रैकर्स का टेंट, कुछ सामान और एक बैग बरामद हुआ है। हालांकि, अभी तक ट्रैकर्स का कोई सुराग नहीं मिल पाया है। क्षेत्र में लगातार बर्फबारी और खराब मौसम के चलते रेस्क्यू अभियान प्रभावित हो रहा है। SDRF टीम ने मौके पर सुरक्षित कैंप स्थापित कर रात्रि विश्राम किया है। मौसम अनुकूल होते ही दोबारा सर्च ऑपरेशन शुरू किया जाएगा।1