ओलावृष्टि से किसानों की तबाही, मुआवजे की जांच पर सवालिया निशान* रिपोर्टर शुभम साहू घाटमपुर एंकर।कानपुर के घाटमपुर क्षेत्र में ओलावृष्टि से तबाह किसानों की मुश्किलें कम होने का नाम नहीं ले रही हैं। किसानों की पकी फसल तो दैवीय आपदा ने लगभग चौपट की कर दी अब मुआवजा जांच को लेकर भी गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। पतारा ब्लॉक के दतारी गांव के किसानों का आरोप है कि बिना सही और पूरी जांच के ही नुकसान की रिपोर्ट तैयार कर दी गई।जिससे उन्हें उचित मुआवजा मिलने की उम्मीद टूटती नजर आ रही है। वीओ:घाटमपुर तहसील क्षेत्र के कई गांवों में हाल ही में हुई ओलावृष्टि ने गेहूं की फसल को भारी नुकसान पहुंचाया है। किसानों के अनुसार उनकी फसल को 40 से 50 प्रतिशत से अधिक नुकसान हुआ है। लेकिन आरोप है कि क्षेत्रीय लेखपाल और तहसील कर्मचारी मौके पर पहुंचे बिना ही कागजों में जांच पूरी कर चुके हैं। किसानों का कहना है कि तहसील से जांच करने आई टीम ने केवल कुछ ही गांवों का निरीक्षण किया और वापस लौट गई। जबकि क्षेत्र के लगभग सभी गांवों में ओलावृष्टि से भारी नुकसान हुआ है। इसके बावजूद बाकी गांवों की अनदेखी कर दी गई। पीड़ित किसानों का आरोप है कि लगातार शिकायत के बाद भी नुकसान को महज 10 से 15 प्रतिशत दिखाकर मामला खत्म करने की कोशिश की जा रही है। जिससे किसानों में भारी नाराजगी है। किसानों का कहना है कि उनकी पूरी फसल बर्बाद हो चुकी है और अब सरकार से मिलने वाली सहायता ही उनकी एकमात्र उम्मीद है। लेकिन जांच में लापरवाही के चलते वह उम्मीद भी टूटती नजर आ रही है। वहीं क्षेत्र के शत्रुघ्न सिंह, कुलदीप सिंह, राजेन्द्र सिंह, गंगा प्रसाद प्रजापति, शोभा सिंह और अनूप तिवारी समेत कई किसानों ने एकजुट होकर निष्पक्ष सर्वे और उचित मुआवजे की मांग उठाई है। अब देखना होगा कि प्रशासन किसानों की शिकायतों को कितनी गंभीरता से लेता है और क्या सभी प्रभावित गांवों में दोबारा जांच कराकर उन्हें न्याय दिलाने की दिशा में कोई ठोस कदम उठाया जाता है।
ओलावृष्टि से किसानों की तबाही, मुआवजे की जांच पर सवालिया निशान* रिपोर्टर शुभम साहू घाटमपुर एंकर।कानपुर के घाटमपुर क्षेत्र में ओलावृष्टि से तबाह किसानों की मुश्किलें कम होने का नाम नहीं ले रही हैं। किसानों की पकी फसल तो दैवीय आपदा ने लगभग चौपट की कर दी अब मुआवजा जांच को लेकर भी गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। पतारा ब्लॉक के दतारी गांव के किसानों का आरोप है कि बिना सही और पूरी जांच के ही नुकसान की रिपोर्ट तैयार कर दी गई।जिससे उन्हें उचित मुआवजा मिलने की उम्मीद टूटती नजर आ रही है। वीओ:घाटमपुर तहसील क्षेत्र के कई गांवों में हाल ही में हुई ओलावृष्टि ने गेहूं की फसल को भारी नुकसान पहुंचाया है। किसानों के अनुसार उनकी फसल को 40 से 50 प्रतिशत से अधिक नुकसान हुआ है। लेकिन आरोप है कि क्षेत्रीय लेखपाल और तहसील कर्मचारी मौके पर पहुंचे बिना ही कागजों में जांच पूरी कर चुके हैं। किसानों का कहना है कि तहसील से जांच करने आई टीम ने केवल कुछ ही गांवों का निरीक्षण किया और वापस लौट गई। जबकि क्षेत्र के लगभग सभी गांवों में ओलावृष्टि से भारी नुकसान हुआ है। इसके बावजूद बाकी गांवों की अनदेखी कर दी गई। पीड़ित किसानों का आरोप है कि लगातार शिकायत के बाद भी नुकसान को महज 10 से 15 प्रतिशत दिखाकर मामला खत्म करने की कोशिश की जा रही है। जिससे किसानों में भारी नाराजगी है। किसानों का कहना है कि उनकी पूरी फसल बर्बाद हो चुकी है और अब सरकार से मिलने वाली सहायता ही उनकी एकमात्र उम्मीद है। लेकिन जांच में लापरवाही के चलते वह उम्मीद भी टूटती नजर आ रही है। वहीं क्षेत्र के शत्रुघ्न सिंह, कुलदीप सिंह, राजेन्द्र सिंह, गंगा प्रसाद प्रजापति, शोभा सिंह और अनूप तिवारी समेत कई किसानों ने एकजुट होकर निष्पक्ष सर्वे और उचित मुआवजे की मांग उठाई है। अब देखना होगा कि प्रशासन किसानों की शिकायतों को कितनी गंभीरता से लेता है और क्या सभी प्रभावित गांवों में दोबारा जांच कराकर उन्हें न्याय दिलाने की दिशा में कोई ठोस कदम उठाया जाता है।
- घाटमपुर-तहसील में बुधवार को हुए ओला और बारिश से फसल के नुकसान को लेकर उप जिला अधिकारी को करीब आधा सैकड़ा किसानों ने मिलकर ज्ञापन सोपा है। किसानों ने ज्ञापन देते हुए बताया कि बारिश और ओला के चलते उनकी खड़ी तथा काट कर रखा गया गेहूं और साथ ही अरहर तथा बोई गई मूंग और उरद की फसल का काफी नुकसान हो गया है। जिसके लिए उन्होंने मुआवजे की मांग की है,और किसानों ने यह भी कहा है कि उप जिलाधिकारी मौके पर चलकर फसल के नुकसान का निरीक्षण भी कर लें। ताकि हुए नुकसान का आकलन भी हो सके।उप जिलाधिकारी अबिचल प्रताप सिंह ने मामले को संज्ञान में लेते हुए किसानों को आश्वासन देते हुए कहा है कि हर तरीके से प्रभावित किसानों को राहत प्रदान कराने की कोशिश की जाएगी।1
- रिपोर्टर शुभम साहू घाटमपुर एंकर।कानपुर के घाटमपुर क्षेत्र में ओलावृष्टि से तबाह किसानों की मुश्किलें कम होने का नाम नहीं ले रही हैं। किसानों की पकी फसल तो दैवीय आपदा ने लगभग चौपट की कर दी अब मुआवजा जांच को लेकर भी गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। पतारा ब्लॉक के दतारी गांव के किसानों का आरोप है कि बिना सही और पूरी जांच के ही नुकसान की रिपोर्ट तैयार कर दी गई।जिससे उन्हें उचित मुआवजा मिलने की उम्मीद टूटती नजर आ रही है। वीओ:घाटमपुर तहसील क्षेत्र के कई गांवों में हाल ही में हुई ओलावृष्टि ने गेहूं की फसल को भारी नुकसान पहुंचाया है। किसानों के अनुसार उनकी फसल को 40 से 50 प्रतिशत से अधिक नुकसान हुआ है। लेकिन आरोप है कि क्षेत्रीय लेखपाल और तहसील कर्मचारी मौके पर पहुंचे बिना ही कागजों में जांच पूरी कर चुके हैं। किसानों का कहना है कि तहसील से जांच करने आई टीम ने केवल कुछ ही गांवों का निरीक्षण किया और वापस लौट गई। जबकि क्षेत्र के लगभग सभी गांवों में ओलावृष्टि से भारी नुकसान हुआ है। इसके बावजूद बाकी गांवों की अनदेखी कर दी गई। पीड़ित किसानों का आरोप है कि लगातार शिकायत के बाद भी नुकसान को महज 10 से 15 प्रतिशत दिखाकर मामला खत्म करने की कोशिश की जा रही है। जिससे किसानों में भारी नाराजगी है। किसानों का कहना है कि उनकी पूरी फसल बर्बाद हो चुकी है और अब सरकार से मिलने वाली सहायता ही उनकी एकमात्र उम्मीद है। लेकिन जांच में लापरवाही के चलते वह उम्मीद भी टूटती नजर आ रही है। वहीं क्षेत्र के शत्रुघ्न सिंह, कुलदीप सिंह, राजेन्द्र सिंह, गंगा प्रसाद प्रजापति, शोभा सिंह और अनूप तिवारी समेत कई किसानों ने एकजुट होकर निष्पक्ष सर्वे और उचित मुआवजे की मांग उठाई है। अब देखना होगा कि प्रशासन किसानों की शिकायतों को कितनी गंभीरता से लेता है और क्या सभी प्रभावित गांवों में दोबारा जांच कराकर उन्हें न्याय दिलाने की दिशा में कोई ठोस कदम उठाया जाता है।1
- हमीरपुर। सुमेरपुर क्षेत्र में मंगलवार को देर शाम आई तेज आंधी से पत्योरा के समीप हाई टेंशन लाइन का खंभा टूट जाने से आधा दर्जन गांवों के साथ गांव के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र की आपूर्ति ठप है। इससे ग्रामीण परेशान है। विद्युत विभाग ने 24 घंटे बीत जाने के बाद खंभे को नहीं बदला है। इससे ग्रामीणों में आक्रोश व्याप्त है। पत्योरा के पूर्व प्रधान विजय कुमार ने बताया कि मंगलवार को शाम करीब 6 बजे आई तेज आंधी से गांव के समीप हाई टेंशन लाइन का खंभा टूटकर गिर गया। इससे पत्योरा डांडा, शिवरामपुर, मालिहाताला, बड़ा कछार, छोटा कछार, जलाला के साथ पत्योरा के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र की आपूर्ति ठप हो गई है। सूचना देने के बाद विद्युत विभाग ने बुधवार शाम तक विद्युत पोल नहीं बदला है। इससे गुरुवार को भी आपूर्ति ठप रहने की संभावना बढ़ गई है। इससे ग्रामीण परेशान है। विद्युत विभाग के अवर अभियंता कार्तिकेय त्रिपाठी ने बताया कि पोल टूटने की जानकारी है। इसके बदलने की व्यवस्था की जा रही है। गुरुवार को आपूर्ति बहाल कर दी जाएगी।1
- आवारा सांडों ने इलाके में मचाया जमकर तांडव, दो आवारा सांडों के बीच जमकर हुई लड़ाई, लड़के-लड़ते आवारा सांड रोडवेज बस से टकराया यातायात हुआ बाधित, स्थानीय लोगों ने सांडों के ऊपर पानी डालकर उन्हें भगाया, बुल फाइट का वीडियो सोशल मीडिया पर हुआ वायरल, बुल फाइट की वजह से आएदिन होते रहते हैं हादसे प्रशासन मौन, राठ कोतवाली क्षेत्र के काजीपुरा इलाके का मामला ।4
- 🙏 राधे राधे 🙏✍️1
- कानपुर नगर: कक्षा 10 की छात्रा शिवानी की "मोतियों जैसी" लिखावट ने जिलाधिकारी जितेंद्र प्रताप सिंह का ध्यान खींचा। जनतादर्शन में प्रस्तुत एक आवेदन पत्र की लिखावट इतनी सुंदर थी कि पहले उसे कंप्यूटर प्रिंटेड समझा गया। बाद में पता चला कि यह शिवानी ने हाथ से लिखा है। जिलाधिकारी ने नरवल क्षेत्र के रामसजीवन से पूछा तो उन्होंने बताया कि यह उनकी पोती शिवानी ने लिखा है। डीएम ने लिखावट की प्रशंसा करते हुए तत्काल एसडीएम नरवल विवेक कुमार मिश्रा को पेड़ों के विवाद से संबंधित मामले का समाधान करने का निर्देश दिया। बुधवार को जिलाधिकारी ने शिवानी को पेन सेट, किताब और स्कूल बैग देकर सम्मानित किया। उन्होंने शिवानी की कॉपियों में भी सुंदर लिखावट देखकर सराहना की और उसे बड़े लक्ष्य हासिल करने के लिए प्रेरित किया। महर्षि दयानंद बब्बू लाल इंटर कॉलेज, उमरी नरवल की छात्रा शिवानी ने कैलिग्राफी का कोई प्रशिक्षण नहीं लिया है। उसके बाबा रामसजीवन ने बताया कि उसे बचपन से ही साफ और सुंदर लिखने की आदत है, जिसकी लोग हमेशा प्रशंसा करते हैं।2
- कानपुर बच्ची की हैंडराइटिंग से डीएम हुए प्रभावित ऑफिस बुलाकर बच्ची को किया सम्मानित। जमीन विवाद को लेकर डीएम कार्यालय में दी थी एप्लीकेशन। एप्लीकेशन की राइटिंग देख डीएम हुए प्रभावित। डीएम ऑफिस में बच्ची को सम्मानित कर किया उत्सवर्धन। डीएम के द्वारा सम्मानित होने पर बच्ची हुई उत्साहित1
- घाटमपुर-क्षेत्र के जगन्नाथपुर गांव के पास शाम को प्लाट से वापस लौट रहे साइकिल सवार युवक को अज्ञात वाहन ने टक्कर मार दिया जिसके चलते वह गम्भीर रूप से घायल हो गया। घाटमपुर मोहल्ले के कुष्मांडा नगर निवासी विशाल पुत्र अमिताभ के द्वारा बताया गया कि वह जगन्नाथपुर गांव के पास स्थित अपने प्लाट से वापस साइकिल से आ रहा था।तभी अचानक पीछे से किसी अज्ञात वाहन ने साइकिल में टक्कर मार दिया जिसके चलते वह गंभीर रूप से घायल हो गया। सूचना पर पहुंचे परिजनों द्वारा घायल अवस्था में युवक को घाटमपुर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र लेकर आया गया जहां उसका उपचार किया गया।1