logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…
  • Latest News
  • News
  • Politics
  • Elections
  • Viral
  • Astrology
  • Horoscope in Hindi
  • Horoscope in English
  • Latest Political News
logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…

भोपाल में कांग्रेस प्रवक्ता और पूर्व विधायक शैलेंद्र पटेल ने वेयरहाउसिंग निगम के अध्यक्ष संजय नगाइच पर गंभीर आरोप लगाते हुए कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी के वेयरहाउस की चल रही जांच पर तीखे सवाल उठाए हैं। पटेल ने पूछा कि यदि निगम वास्तव में पारदर्शिता और नियमों की चिंता करता है, तो उसकी जांच केवल 'चुनिंदा लोगों' के वेयरहाउस तक ही सीमित क्यों है, और क्या यह कार्रवाई प्रदेश के सभी वेयरहाउसों पर समान मानक लागू करेगी? शैलेंद्र पटेल ने स्पष्ट रूप से सवाल किया कि क्या यह पूरी कार्रवाई केवल राजनीतिक प्रतिशोध लेने और सुर्खियां बटोरने का एक जरिया है। उन्होंने आगे कहा कि किसी सरकारी पद का इस्तेमाल कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष की छवि खराब करने के लिए करना लोकतांत्रिक मूल्यों के खिलाफ है। पटेल ने जोर देकर कहा कि अगर किसी भी वेयरहाउस में कोई अनियमितता है, तो उसकी निष्पक्ष जांच होनी चाहिए, लेकिन जांच के नाम पर होने वाली राजनीतिक 'टारगेटिंग' स्वीकार नहीं की जाएगी। उन्होंने अपने बयान के अंत में कहा कि जनता यह जानना चाहती है कि क्या वेयरहाउसिंग निगम पूरे प्रदेश के सभी वेयरहाउसों का समान रूप से निरीक्षण करेगा, या वह सिर्फ विपक्षी नेताओं को निशाना बनाकर 'पब्लिसिटी स्टंट' करता रहेगा। पटेल के अनुसार, सत्ता के संरक्षण में की जाने वाली ऐसी चयनात्मक कार्रवाई लोकतंत्र का नहीं, बल्कि स्पष्ट रूप से राजनीतिक दुर्भावना का प्रतीक है।

6 hrs ago
user_Haseeb Khan Mansuri Journalist
Haseeb Khan Mansuri Journalist
सीहोर नगर, सीहोर, मध्य प्रदेश•
6 hrs ago

भोपाल में कांग्रेस प्रवक्ता और पूर्व विधायक शैलेंद्र पटेल ने वेयरहाउसिंग निगम के अध्यक्ष संजय नगाइच पर गंभीर आरोप लगाते हुए कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी के वेयरहाउस की चल रही जांच पर तीखे सवाल उठाए हैं। पटेल ने पूछा कि यदि निगम वास्तव में पारदर्शिता और नियमों की चिंता करता है, तो उसकी जांच केवल 'चुनिंदा लोगों' के वेयरहाउस तक ही सीमित क्यों है, और क्या यह कार्रवाई प्रदेश के सभी वेयरहाउसों पर समान मानक लागू करेगी? शैलेंद्र पटेल ने स्पष्ट रूप से सवाल किया कि क्या यह पूरी कार्रवाई केवल राजनीतिक प्रतिशोध लेने और सुर्खियां बटोरने का एक जरिया है। उन्होंने आगे कहा कि किसी सरकारी पद का इस्तेमाल कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष की छवि खराब करने के लिए करना लोकतांत्रिक मूल्यों के खिलाफ है। पटेल ने जोर देकर कहा कि अगर किसी भी वेयरहाउस में कोई अनियमितता है, तो उसकी निष्पक्ष जांच होनी चाहिए, लेकिन जांच के नाम पर होने वाली राजनीतिक 'टारगेटिंग' स्वीकार नहीं की जाएगी। उन्होंने अपने बयान के अंत में कहा कि जनता यह जानना चाहती है कि क्या वेयरहाउसिंग निगम पूरे प्रदेश के सभी वेयरहाउसों का समान रूप से निरीक्षण करेगा, या वह सिर्फ विपक्षी नेताओं को निशाना बनाकर 'पब्लिसिटी स्टंट' करता रहेगा। पटेल के अनुसार, सत्ता के संरक्षण में की जाने वाली ऐसी चयनात्मक कार्रवाई लोकतंत्र का नहीं, बल्कि स्पष्ट रूप से राजनीतिक दुर्भावना का प्रतीक है।

More news from मध्य प्रदेश and nearby areas
  • भोपाल में कांग्रेस प्रवक्ता और पूर्व विधायक शैलेंद्र पटेल ने वेयरहाउसिंग निगम के अध्यक्ष संजय नगाइच पर गंभीर आरोप लगाते हुए कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी के वेयरहाउस की चल रही जांच पर तीखे सवाल उठाए हैं। पटेल ने पूछा कि यदि निगम वास्तव में पारदर्शिता और नियमों की चिंता करता है, तो उसकी जांच केवल 'चुनिंदा लोगों' के वेयरहाउस तक ही सीमित क्यों है, और क्या यह कार्रवाई प्रदेश के सभी वेयरहाउसों पर समान मानक लागू करेगी? शैलेंद्र पटेल ने स्पष्ट रूप से सवाल किया कि क्या यह पूरी कार्रवाई केवल राजनीतिक प्रतिशोध लेने और सुर्खियां बटोरने का एक जरिया है। उन्होंने आगे कहा कि किसी सरकारी पद का इस्तेमाल कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष की छवि खराब करने के लिए करना लोकतांत्रिक मूल्यों के खिलाफ है। पटेल ने जोर देकर कहा कि अगर किसी भी वेयरहाउस में कोई अनियमितता है, तो उसकी निष्पक्ष जांच होनी चाहिए, लेकिन जांच के नाम पर होने वाली राजनीतिक 'टारगेटिंग' स्वीकार नहीं की जाएगी। उन्होंने अपने बयान के अंत में कहा कि जनता यह जानना चाहती है कि क्या वेयरहाउसिंग निगम पूरे प्रदेश के सभी वेयरहाउसों का समान रूप से निरीक्षण करेगा, या वह सिर्फ विपक्षी नेताओं को निशाना बनाकर 'पब्लिसिटी स्टंट' करता रहेगा। पटेल के अनुसार, सत्ता के संरक्षण में की जाने वाली ऐसी चयनात्मक कार्रवाई लोकतंत्र का नहीं, बल्कि स्पष्ट रूप से राजनीतिक दुर्भावना का प्रतीक है।
    1
    भोपाल में कांग्रेस प्रवक्ता और पूर्व विधायक शैलेंद्र पटेल ने वेयरहाउसिंग निगम के अध्यक्ष संजय नगाइच पर गंभीर आरोप लगाते हुए कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी के वेयरहाउस की चल रही जांच पर तीखे सवाल उठाए हैं। पटेल ने पूछा कि यदि निगम वास्तव में पारदर्शिता और नियमों की चिंता करता है, तो उसकी जांच केवल 'चुनिंदा लोगों' के वेयरहाउस तक ही सीमित क्यों है, और क्या यह कार्रवाई प्रदेश के सभी वेयरहाउसों पर समान मानक लागू करेगी?

शैलेंद्र पटेल ने स्पष्ट रूप से सवाल किया कि क्या यह पूरी कार्रवाई केवल राजनीतिक प्रतिशोध लेने और सुर्खियां बटोरने का एक जरिया है। उन्होंने आगे कहा कि किसी सरकारी पद का इस्तेमाल कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष की छवि खराब करने के लिए करना लोकतांत्रिक मूल्यों के खिलाफ है। पटेल ने जोर देकर कहा कि अगर किसी भी वेयरहाउस में कोई अनियमितता है, तो उसकी निष्पक्ष जांच होनी चाहिए, लेकिन जांच के नाम पर होने वाली राजनीतिक 'टारगेटिंग' स्वीकार नहीं की जाएगी।

उन्होंने अपने बयान के अंत में कहा कि जनता यह जानना चाहती है कि क्या वेयरहाउसिंग निगम पूरे प्रदेश के सभी वेयरहाउसों का समान रूप से निरीक्षण करेगा, या वह सिर्फ विपक्षी नेताओं को निशाना बनाकर 'पब्लिसिटी स्टंट' करता रहेगा। पटेल के अनुसार, सत्ता के संरक्षण में की जाने वाली ऐसी चयनात्मक कार्रवाई लोकतंत्र का नहीं, बल्कि स्पष्ट रूप से राजनीतिक दुर्भावना का प्रतीक है।
    user_Haseeb Khan Mansuri Journalist
    Haseeb Khan Mansuri Journalist
    सीहोर नगर, सीहोर, मध्य प्रदेश•
    6 hrs ago
  • भारत तिवारी को एक देसी क्रांतिकारी के रूप में याद किया गया है। इसी के साथ यह सवाल भी उठाया गया है कि क्या बिहार का सिस्टम इतनी बुरी तरह से खराब हो चुका है।
    1
    भारत तिवारी को एक देसी क्रांतिकारी के रूप में याद किया गया है। इसी के साथ यह सवाल भी उठाया गया है कि क्या बिहार का सिस्टम इतनी बुरी तरह से खराब हो चुका है।
    user_Kamal singh Verma
    Kamal singh Verma
    Mechanic सीहोर नगर, सीहोर, मध्य प्रदेश•
    17 hrs ago
  • विदिशा जिले के गंजबासौदा में रेलवे ट्रैक पर आत्महत्या के प्रयास का एक सनसनीखेज मामला सामने आया है। एक युवक ने पारिवारिक विवाद और मानसिक तनाव के कारण ट्रेन के आगे कूदकर अपनी जान देने की कोशिश की। हालांकि, मौके पर मौजूद एक रेलवे कर्मचारी और सतर्क राहगीरों की सूझबूझ से उसकी जान बचा ली गई।
    1
    विदिशा जिले के गंजबासौदा में रेलवे ट्रैक पर आत्महत्या के प्रयास का एक सनसनीखेज मामला सामने आया है। एक युवक ने पारिवारिक विवाद और मानसिक तनाव के कारण ट्रेन के आगे कूदकर अपनी जान देने की कोशिश की। हालांकि, मौके पर मौजूद एक रेलवे कर्मचारी और सतर्क राहगीरों की सूझबूझ से उसकी जान बचा ली गई।
    user_HIGH NEWS LIVE
    HIGH NEWS LIVE
    Media house हुजूर, भोपाल, मध्य प्रदेश•
    7 hrs ago
  • भोपाल पुलिस ने मोबाइल लूट और झपटमारी करने वाले एक शातिर गिरोह का पर्दाफाश करते हुए चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई राजधानी भोपाल के थाना अयोध्यानगर पुलिस ने जोन-2 पुलिस के निर्देशन में की। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 22 मोबाइल फोन और चार स्पोर्ट्स बाइक सहित लगभग 11 लाख रुपये का माल बरामद किया है। पुलिस के अनुसार, यह गिरोह स्पोर्ट्स बाइक पर सवार होकर शहर के सुनसान और भीड़भाड़ वाले इलाकों में घूमता था और हाथ में मोबाइल लेकर चल रहे लोगों को निशाना बनाता था। वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी पहचान छिपाने के लिए बाइक की नंबर प्लेट बदल देते थे। प्रारंभिक पूछताछ में सामने आया है कि आरोपी महंगे शौक पूरे करने और जल्दी पैसा कमाने के लिए ऐसी घटनाओं को अंजाम दे रहे थे। बरामद की गई चार बाइकों में KTM, पल्सर 200 NS, चोरी की होंडा शाइन और R15 शामिल हैं। इस सफल कार्रवाई के बाद अयोध्यानगर, पिपलानी, टीला जमालपुरा समेत शहर के विभिन्न क्षेत्रों में हुई मोबाइल लूट और झपटमारी की कई वारदातों का खुलासा हुआ है। यह बड़ी सफलता पुलिस उपायुक्त जोन-2 विकास सहवाल के निर्देशन में थाना अयोध्यानगर पुलिस की टीम ने हासिल की है। पुलिस फिलहाल गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ कर अन्य आपराधिक मामलों में उनकी संलिप्तता की भी जांच कर रही है।
    1
    भोपाल पुलिस ने मोबाइल लूट और झपटमारी करने वाले एक शातिर गिरोह का पर्दाफाश करते हुए चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई राजधानी भोपाल के थाना अयोध्यानगर पुलिस ने जोन-2 पुलिस के निर्देशन में की। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 22 मोबाइल फोन और चार स्पोर्ट्स बाइक सहित लगभग 11 लाख रुपये का माल बरामद किया है।

पुलिस के अनुसार, यह गिरोह स्पोर्ट्स बाइक पर सवार होकर शहर के सुनसान और भीड़भाड़ वाले इलाकों में घूमता था और हाथ में मोबाइल लेकर चल रहे लोगों को निशाना बनाता था। वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी पहचान छिपाने के लिए बाइक की नंबर प्लेट बदल देते थे। प्रारंभिक पूछताछ में सामने आया है कि आरोपी महंगे शौक पूरे करने और जल्दी पैसा कमाने के लिए ऐसी घटनाओं को अंजाम दे रहे थे। बरामद की गई चार बाइकों में KTM, पल्सर 200 NS, चोरी की होंडा शाइन और R15 शामिल हैं।

इस सफल कार्रवाई के बाद अयोध्यानगर, पिपलानी, टीला जमालपुरा समेत शहर के विभिन्न क्षेत्रों में हुई मोबाइल लूट और झपटमारी की कई वारदातों का खुलासा हुआ है। यह बड़ी सफलता पुलिस उपायुक्त जोन-2 विकास सहवाल के निर्देशन में थाना अयोध्यानगर पुलिस की टीम ने हासिल की है। पुलिस फिलहाल गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ कर अन्य आपराधिक मामलों में उनकी संलिप्तता की भी जांच कर रही है।
    user_K K D NEWS MP/CG
    K K D NEWS MP/CG
    TV News Anchor हुजूर, भोपाल, मध्य प्रदेश•
    8 hrs ago
  • समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय प्रवक्ता यश भारतीय ने भोपाल में आयोजित एक प्रेस वार्ता में मध्य प्रदेश सरकार के 'तबादला उद्योग' और सरकारी विभागों में व्याप्त भ्रष्टाचार के खिलाफ गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने विशेष रूप से उद्यानिकी विभाग में अधिकारियों और कर्मचारियों की स्थानांतरण नीति पर निशाना साधा। यश भारतीय ने दावा किया कि मध्य प्रदेश सरकार की 'स्थानांतरण नीति 2026' पूरी तरह से विफल रही है और भ्रष्टाचार का एक बड़ा जरिया बन गई है, जिसका उद्देश्य पारदर्शी व्यवस्था सुनिश्चित करना था, लेकिन यह केवल चहेते अधिकारियों को बचाने और भ्रष्टाचार को संरक्षण देने का माध्यम बन गई है। उन्होंने जोर दिया कि उद्यानिकी विभाग ने जानबूझकर इस नीति की खुलेआम अनदेखी की। प्रवक्ता के अनुसार, जहाँ प्रदेश के अन्य बड़े विभागों ने निर्धारित अंतिम तिथि तक अपने सभी स्थानांतरण आदेश जारी कर दिए थे, वहीं उद्यानिकी एवं खाद्य प्रसंस्करण विभाग में जानबूझकर फाइलें रोकी गईं और आदेश जारी नहीं किए गए। उन्होंने सवाल उठाया कि क्या इसका कारण सालों से एक ही पद पर जमे अधिकारियों को 'मलाईदार' पदों पर बनाए रखना या कुछ भ्रष्ट अधिकारियों को विशेष संरक्षण देना था। समाजवादी पार्टी ने यह भी बताया कि उनकी जानकारी के अनुसार, विभागीय मंत्री द्वारा स्थानांतरण नीति 2026 की अंतिम तारीख से पहले ही तबादले की सूची जॉन किंग्सली सचिव महोदय को भेजी जा चुकी थी। यश भारतीय ने इन आरोपों को पुष्ट करने के लिए कई विशिष्ट मामलों का उल्लेख किया। उन्होंने बताया कि मध्य प्रदेश के जिला धार में प्रभारी उप संचालक उद्यान श्री नीरज सांवलिया के विरुद्ध भ्रष्टाचार और अनियमितता संबंधी लोकायुक्त कार्यालय, इंदौर में कार्यवाही प्रक्रियाधीन है, फिर भी उन्हें उसी जिले और पद पर बनाए रखा गया है, जिससे साक्ष्यों में छेड़छाड़ की संभावना है। यह मध्यप्रदेश शासन, सामान्य प्रशासन विभाग की स्थानांतरण नीति – 2026 के बिंदु क्रमांक 8.4 का उल्लंघन है, जिसमें ऐसी स्थिति में जांच प्रभावित न होने के लिए स्थानांतरण का प्रावधान है। दूसरा मामला इंदौर के ग्रामीण उद्यान विस्तार अधिकारी सौरभ व्यास का है, जिनकी गोपनीय चरित्रावली (CR) में नियम विरुद्ध छेड़छाड़ की गई और 12 जनवरी 2026 को आयुक्त द्वारा कारण बताओ नोटिस जारी होने के बाद भी उन्हें पद से नहीं हटाया गया। तीसरा मामला धार जिले के प्रभारी अधिकारी भूपेंद्र सगोरे का है, जिनका एक व्हाट्सएप चैट तेजी से वायरल हो रहा है। इस चैट में भूपेंद्र सगोरे अपने मित्र को बता रहे हैं कि उनका तबादला सीधे सचिव साहब से बात करने पर हुआ है और उन्हें भोपाल आने को कहा गया। मित्र द्वारा यह पूछे जाने पर कि जॉन किंग्सली सचिव सर ने कितने रुपये लिए, भूपेंद्र सगोरे ने जवाब दिया कि भोपाल 'लूप लाइन' है, इसलिए '5 L' लगे। इस मामले में कई सवाल उठाए गए हैं कि तबादला किसके कहने से हुआ, भोपाल तबादला क्यों किया गया, 'लूप लाइन' क्या है, और '5 L' क्यों और कहाँ लगे, जिसकी जांच आवश्यक है। चौथा मामला उद्यानिकी एवं खाद्य प्रसंस्करण विभाग मंत्रालय में ओएसडी पद पर डॉ. पूजा सिंह की नियुक्ति का है, जो सवालों के घेरे में है। वह पहले कृषि विभाग में थीं, जहाँ 06 मई 2026 को उनकी सेवाएँ उनके मूल विभाग राजमाता विजयाराजे सिंधिया कृषि विश्वविद्यालय ग्वालियर को वापस कर दी गई थीं। हालांकि, 13 मई 2026 को कृषि विभाग द्वारा सचिव महोदय के अनुमोदन से आदेश में संशोधन कर उन्हें उद्यानिकी एवं खाद्य प्रसंस्करण विभाग मंत्रालय में ओएसडी पद पर कार्य करने के आदेश जारी कर दिए गए, जबकि नियमों के अनुसार एक विभाग के सचिव को दूसरे विभाग में अधिकारी पदस्थ करने का अधिकार नहीं होता। इसके बाद 03 जून 2026 को उद्यानिकी विभाग ने डॉ. पूजा सिंह को ओएसडी पद पर पदस्थ करने का आदेश निकाला, जिसमें प्रतिनियुक्ति के सामान्य नियमों का पालन नहीं किया गया। समाजवादी पार्टी ने सरकार से इस पूरे स्थानांतरण प्रकरण की उच्चस्तरीय, निष्पक्ष और समयबद्ध न्यायिक जांच कराने की मांग की है। पार्टी ने पूछा है कि शासन द्वारा स्पष्ट समय-सीमा तय किए जाने के बावजूद अंतिम तिथि तक आदेश क्यों नहीं निकाले गए, किसके दबाव में फाइलें रोकी गईं, और किसके हित में नियमों की अनदेखी की गई। उन्होंने यह भी मांग की है कि यदि किसी प्रकार का भ्रष्टाचार या पद का दुरुपयोग सामने आता है तो दोषी अधिकारियों के विरुद्ध कठोर विभागीय एवं कानूनी कार्रवाई की जाए। यश भारतीय ने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि प्रदेश सरकार ने इस 'तबादला उद्योग' को तुरंत बंद नहीं किया और दोषी अधिकारियों पर कार्रवाई नहीं की, तो समाजवादी पार्टी कड़ा रुख अपनाने के लिए बाध्य होगी।
    2
    समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय प्रवक्ता यश भारतीय ने भोपाल में आयोजित एक प्रेस वार्ता में मध्य प्रदेश सरकार के 'तबादला उद्योग' और सरकारी विभागों में व्याप्त भ्रष्टाचार के खिलाफ गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने विशेष रूप से उद्यानिकी विभाग में अधिकारियों और कर्मचारियों की स्थानांतरण नीति पर निशाना साधा। यश भारतीय ने दावा किया कि मध्य प्रदेश सरकार की 'स्थानांतरण नीति 2026' पूरी तरह से विफल रही है और भ्रष्टाचार का एक बड़ा जरिया बन गई है, जिसका उद्देश्य पारदर्शी व्यवस्था सुनिश्चित करना था, लेकिन यह केवल चहेते अधिकारियों को बचाने और भ्रष्टाचार को संरक्षण देने का माध्यम बन गई है। उन्होंने जोर दिया कि उद्यानिकी विभाग ने जानबूझकर इस नीति की खुलेआम अनदेखी की।

प्रवक्ता के अनुसार, जहाँ प्रदेश के अन्य बड़े विभागों ने निर्धारित अंतिम तिथि तक अपने सभी स्थानांतरण आदेश जारी कर दिए थे, वहीं उद्यानिकी एवं खाद्य प्रसंस्करण विभाग में जानबूझकर फाइलें रोकी गईं और आदेश जारी नहीं किए गए। उन्होंने सवाल उठाया कि क्या इसका कारण सालों से एक ही पद पर जमे अधिकारियों को 'मलाईदार' पदों पर बनाए रखना या कुछ भ्रष्ट अधिकारियों को विशेष संरक्षण देना था। समाजवादी पार्टी ने यह भी बताया कि उनकी जानकारी के अनुसार, विभागीय मंत्री द्वारा स्थानांतरण नीति 2026 की अंतिम तारीख से पहले ही तबादले की सूची जॉन किंग्सली सचिव महोदय को भेजी जा चुकी थी।

यश भारतीय ने इन आरोपों को पुष्ट करने के लिए कई विशिष्ट मामलों का उल्लेख किया। उन्होंने बताया कि मध्य प्रदेश के जिला धार में प्रभारी उप संचालक उद्यान श्री नीरज सांवलिया के विरुद्ध भ्रष्टाचार और अनियमितता संबंधी लोकायुक्त कार्यालय, इंदौर में कार्यवाही प्रक्रियाधीन है, फिर भी उन्हें उसी जिले और पद पर बनाए रखा गया है, जिससे साक्ष्यों में छेड़छाड़ की संभावना है। यह मध्यप्रदेश शासन, सामान्य प्रशासन विभाग की स्थानांतरण नीति – 2026 के बिंदु क्रमांक 8.4 का उल्लंघन है, जिसमें ऐसी स्थिति में जांच प्रभावित न होने के लिए स्थानांतरण का प्रावधान है। दूसरा मामला इंदौर के ग्रामीण उद्यान विस्तार अधिकारी सौरभ व्यास का है, जिनकी गोपनीय चरित्रावली (CR) में नियम विरुद्ध छेड़छाड़ की गई और 12 जनवरी 2026 को आयुक्त द्वारा कारण बताओ नोटिस जारी होने के बाद भी उन्हें पद से नहीं हटाया गया।

तीसरा मामला धार जिले के प्रभारी अधिकारी भूपेंद्र सगोरे का है, जिनका एक व्हाट्सएप चैट तेजी से वायरल हो रहा है। इस चैट में भूपेंद्र सगोरे अपने मित्र को बता रहे हैं कि उनका तबादला सीधे सचिव साहब से बात करने पर हुआ है और उन्हें भोपाल आने को कहा गया। मित्र द्वारा यह पूछे जाने पर कि जॉन किंग्सली सचिव सर ने कितने रुपये लिए, भूपेंद्र सगोरे ने जवाब दिया कि भोपाल 'लूप लाइन' है, इसलिए '5 L' लगे। इस मामले में कई सवाल उठाए गए हैं कि तबादला किसके कहने से हुआ, भोपाल तबादला क्यों किया गया, 'लूप लाइन' क्या है, और '5 L' क्यों और कहाँ लगे, जिसकी जांच आवश्यक है। चौथा मामला उद्यानिकी एवं खाद्य प्रसंस्करण विभाग मंत्रालय में ओएसडी पद पर डॉ. पूजा सिंह की नियुक्ति का है, जो सवालों के घेरे में है। वह पहले कृषि विभाग में थीं, जहाँ 06 मई 2026 को उनकी सेवाएँ उनके मूल विभाग राजमाता विजयाराजे सिंधिया कृषि विश्वविद्यालय ग्वालियर को वापस कर दी गई थीं। हालांकि, 13 मई 2026 को कृषि विभाग द्वारा सचिव महोदय के अनुमोदन से आदेश में संशोधन कर उन्हें उद्यानिकी एवं खाद्य प्रसंस्करण विभाग मंत्रालय में ओएसडी पद पर कार्य करने के आदेश जारी कर दिए गए, जबकि नियमों के अनुसार एक विभाग के सचिव को दूसरे विभाग में अधिकारी पदस्थ करने का अधिकार नहीं होता। इसके बाद 03 जून 2026 को उद्यानिकी विभाग ने डॉ. पूजा सिंह को ओएसडी पद पर पदस्थ करने का आदेश निकाला, जिसमें प्रतिनियुक्ति के सामान्य नियमों का पालन नहीं किया गया।

समाजवादी पार्टी ने सरकार से इस पूरे स्थानांतरण प्रकरण की उच्चस्तरीय, निष्पक्ष और समयबद्ध न्यायिक जांच कराने की मांग की है। पार्टी ने पूछा है कि शासन द्वारा स्पष्ट समय-सीमा तय किए जाने के बावजूद अंतिम तिथि तक आदेश क्यों नहीं निकाले गए, किसके दबाव में फाइलें रोकी गईं, और किसके हित में नियमों की अनदेखी की गई। उन्होंने यह भी मांग की है कि यदि किसी प्रकार का भ्रष्टाचार या पद का दुरुपयोग सामने आता है तो दोषी अधिकारियों के विरुद्ध कठोर विभागीय एवं कानूनी कार्रवाई की जाए। यश भारतीय ने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि प्रदेश सरकार ने इस 'तबादला उद्योग' को तुरंत बंद नहीं किया और दोषी अधिकारियों पर कार्रवाई नहीं की, तो समाजवादी पार्टी कड़ा रुख अपनाने के लिए बाध्य होगी।
    user_NMM NEWS
    NMM NEWS
    हुजूर, भोपाल, मध्य प्रदेश•
    8 hrs ago
  • इंदौर के झलारिया स्थित शिशुकुंज स्कूल में शनिवार को योग दिवस के अवसर पर दिए गए भोजन या पानी के सेवन के बाद के.जी. क्लास से लेकर चौथी क्लास तक के कई बच्चे बीमार पड़ गए। इस घटना के बाद अभिभावकों ने स्कूल में जमकर हंगामा किया। बीमार हुए बच्चों को पेट दर्द की शिकायत के चलते अस्पताल में भर्ती कराया गया है। यह मामला दूषित भोजन का बताया जा रहा है, जिसकी वजह से आज भी के.जी. से चौथी क्लास तक के कई बच्चे स्कूल नहीं जा पाए। अभिभावकों ने इस मामले को गंभीर बताते हुए दूषित पानी और भोजन की तत्काल जांच की मांग की है।
    1
    इंदौर के झलारिया स्थित शिशुकुंज स्कूल में शनिवार को योग दिवस के अवसर पर दिए गए भोजन या पानी के सेवन के बाद के.जी. क्लास से लेकर चौथी क्लास तक के कई बच्चे बीमार पड़ गए। इस घटना के बाद अभिभावकों ने स्कूल में जमकर हंगामा किया।

बीमार हुए बच्चों को पेट दर्द की शिकायत के चलते अस्पताल में भर्ती कराया गया है। यह मामला दूषित भोजन का बताया जा रहा है, जिसकी वजह से आज भी के.जी. से चौथी क्लास तक के कई बच्चे स्कूल नहीं जा पाए। अभिभावकों ने इस मामले को गंभीर बताते हुए दूषित पानी और भोजन की तत्काल जांच की मांग की है।
    user_Gulfam khan
    Gulfam khan
    हुजूर, भोपाल, मध्य प्रदेश•
    8 hrs ago
  • श्री हिंदू उत्सव समिति एवं संस्कृति बचाओ मंच के अध्यक्ष चंद्रशेखर तिवारी ने समान नागरिक संहिता (UCC) की उच्च स्तरीय बैठक में अपने विचार व्यक्त किए। उन्होंने लिविंग रिलेशनशिप और शरियत के कानून को मानने वालों पर अपनी राय रखी।
    1
    श्री हिंदू उत्सव समिति एवं संस्कृति बचाओ मंच के अध्यक्ष चंद्रशेखर तिवारी ने समान नागरिक संहिता (UCC) की उच्च स्तरीय बैठक में अपने विचार व्यक्त किए। उन्होंने लिविंग रिलेशनशिप और शरियत के कानून को मानने वालों पर अपनी राय रखी।
    user_Aamir Khan
    Aamir Khan
    Local News Reporter हुजूर, भोपाल, मध्य प्रदेश•
    8 hrs ago
  • संत हिरदाराम नगर (बैरागढ़) में हुई पहली हल्की बारिश ने निरंकारी रोड की जर्जर हालत को उजागर कर दिया है। इस दौरान सड़क पर जमा कीचड़ में फंसकर एक ई-रिक्शा पलट गया, हालांकि गनीमत रही कि हादसे में कोई जनहानि नहीं हुई। इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। स्थानीय व्यापारियों ने बताया कि सड़क की खराब स्थिति के कारण उनका व्यापार भी बुरी तरह प्रभावित हो रहा है। उन्होंने आरोप लगाया है कि क्षेत्र के पार्षद इस गंभीर समस्या पर बिल्कुल ध्यान नहीं दे रहे हैं। व्यापारियों ने सरकार और प्रशासन से जल्द से जल्द निरंकारी रोड के निर्माण और मरम्मत की मांग की है।
    1
    संत हिरदाराम नगर (बैरागढ़) में हुई पहली हल्की बारिश ने निरंकारी रोड की जर्जर हालत को उजागर कर दिया है। इस दौरान सड़क पर जमा कीचड़ में फंसकर एक ई-रिक्शा पलट गया, हालांकि गनीमत रही कि हादसे में कोई जनहानि नहीं हुई। इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।

स्थानीय व्यापारियों ने बताया कि सड़क की खराब स्थिति के कारण उनका व्यापार भी बुरी तरह प्रभावित हो रहा है। उन्होंने आरोप लगाया है कि क्षेत्र के पार्षद इस गंभीर समस्या पर बिल्कुल ध्यान नहीं दे रहे हैं। व्यापारियों ने सरकार और प्रशासन से जल्द से जल्द निरंकारी रोड के निर्माण और मरम्मत की मांग की है।
    user_ST NEWS
    ST NEWS
    Rajdhani bhopal Huzur, Bhopal•
    8 hrs ago
View latest news on Shuru App
Download_Android
  • Terms & Conditions
  • Career
  • Privacy Policy
  • Blogs
Shuru, a product of Close App Private Limited.