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पांचना बांध और नहरी जल प्रवाह से उत्पन्न मौजूदा स्थिति के बीच, कैबिनेट मंत्री डॉ. किरोड़ी लाल मीणा ने किसानों तथा आमजन से भावुक अपील करते हुए शांति, संयम और आपसी सौहार्द बनाए रखने का आग्रह किया है। उन्होंने स्पष्ट तौर पर कहा कि हिंसा किसी भी समस्या का समाधान नहीं है। डॉ. मीणा ने सभी लोगों से अफवाहों और भ्रामक सोशल मीडिया पोस्ट से दूर रहने का भी अनुरोध किया, ताकि माहौल बिगड़ने से रोका जा सके।
Ashutosh Trivedi
पांचना बांध और नहरी जल प्रवाह से उत्पन्न मौजूदा स्थिति के बीच, कैबिनेट मंत्री डॉ. किरोड़ी लाल मीणा ने किसानों तथा आमजन से भावुक अपील करते हुए शांति, संयम और आपसी सौहार्द बनाए रखने का आग्रह किया है। उन्होंने स्पष्ट तौर पर कहा कि हिंसा किसी भी समस्या का समाधान नहीं है। डॉ. मीणा ने सभी लोगों से अफवाहों और भ्रामक सोशल मीडिया पोस्ट से दूर रहने का भी अनुरोध किया, ताकि माहौल बिगड़ने से रोका जा सके।
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- ग्राम पंचायत सारसोप के ऐतिहासिक किले पर स्थित प्राचीन चामुंडा माता मंदिर श्रद्धालुओं की आस्था का एक प्रमुख केंद्र बना हुआ है। यहां हर दिन स्थानीय भक्तों के साथ-साथ दूर-दराज के गांवों और शहरों से भी बड़ी संख्या में श्रद्धालु माता के दर्शन के लिए पहुंचते हैं। भक्त मंदिर में पूजा-अर्चना कर अपने परिवार की सुख-समृद्धि और खुशहाली की कामना करते हैं। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, चामुंडा माता के दरबार में सच्चे मन से मांगी गई सभी मनोकामनाएं पूर्ण होती हैं। मंदिर परिसर से दिखाई देने वाला आसपास का प्राकृतिक दृश्य भी भक्तों और पर्यटकों के लिए एक आकर्षण का केंद्र है। विशेष पर्वों और नवरात्रि के दौरान यहां श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ती है, जिससे पूरा क्षेत्र भक्तिमय माहौल से सराबोर हो जाता है।1
- पांचना बांध और नहरी जल प्रवाह से उत्पन्न मौजूदा स्थिति के बीच, कैबिनेट मंत्री डॉ. किरोड़ी लाल मीणा ने किसानों तथा आमजन से भावुक अपील करते हुए शांति, संयम और आपसी सौहार्द बनाए रखने का आग्रह किया है। उन्होंने स्पष्ट तौर पर कहा कि हिंसा किसी भी समस्या का समाधान नहीं है। डॉ. मीणा ने सभी लोगों से अफवाहों और भ्रामक सोशल मीडिया पोस्ट से दूर रहने का भी अनुरोध किया, ताकि माहौल बिगड़ने से रोका जा सके।1
- सवाई माधोपुर जिला मुख्यालय स्थित हाउसिंग बोर्ड सेक्टर-1 के कॉलोनीवासी पिछले चार-पांच महीनों से व्याप्त भीषण पेयजल संकट से जूझ रहे हैं। इस गंभीर समस्या के स्थायी समाधान की मांग को लेकर गुरुवार को उन्होंने जिला कलेक्टर को एक ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में बताया गया कि मकान संख्या 1/336 से 1/343 तक नियमित पेयजल आपूर्ति पूरी तरह बाधित है, जिससे क्षेत्र के लोगों का जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हो रहा है। पानी की आपूर्ति बंद होने के कारण बुजुर्गों, महिलाओं और बच्चों सहित सभी परिवारों को अपनी दैनिक जरूरतों के लिए दूर-दराज स्थित हैंडपंपों और बोरवेलों से पानी लाने को मजबूर होना पड़ रहा है, जिससे उन्हें प्रतिदिन भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। भीषण गर्मी के बीच लोगों की मुश्किलें और बढ़ गई हैं। कॉलोनीवासियों ने शिकायत की है कि इस समस्या के संबंध में जलदाय विभाग के अधिकारियों एवं कर्मचारियों को कई बार मौखिक और दूरभाष के माध्यम से शिकायतें दी जा चुकी हैं, लेकिन अब तक विभाग की ओर से कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई। विभाग द्वारा टैंकरों के माध्यम से पेयजल उपलब्ध कराने का दावा तो किया जाता है, किंतु वास्तविकता यह है कि प्रभावित घरों तक नियमित रूप से टैंकर भी नहीं पहुंच रहे हैं। ज्ञापन में क्षेत्रवासियों ने मांग की है कि प्रभावित क्षेत्र में नियमित एवं पर्याप्त पेयजल आपूर्ति तत्काल बहाल की जाए। साथ ही, जब तक जलापूर्ति सामान्य नहीं होती, तब तक प्रतिदिन टैंकरों के माध्यम से प्रभावित परिवारों को पेयजल उपलब्ध कराया जाए। उन्होंने जलापूर्ति बाधित होने के कारणों की जांच कर स्थायी समाधान सुनिश्चित करने और भविष्य में ऐसी स्थिति की पुनरावृत्ति रोकने के लिए प्रभावी व्यवस्था लागू करने की भी अपील की। जिला कलेक्टर कानाराम ने ज्ञापन देने पहुंची महिलाओं को पानी की समस्या का जल्द समाधान करने का आश्वासन दिया।1
- गुड़ला खेड़ा से सभी साथियों को राम राम कहते हुए एक विशेष संदेश साझा किया गया है। यह संदेश गुर्जर समाज और गुड़ला गढ़ की पंचायत से संबंधित है, जिसमें किसान एकता के प्रति समर्थन व्यक्त किया गया है और पांचना का भी उल्लेख किया गया है।1
- कृषि एवं ग्रामीण विकास मंत्री डॉ. किरोड़ी लाल मीणा ने सवाई माधोपुर-करौली क्षेत्र के सभी किसान भाइयों और आमजन से पांचना बांध तथा नहरी जल प्रवाह के संबंध में उत्पन्न परिस्थितियों के मद्देनजर शांति, संयम और आपसी सौहार्द बनाए रखने की महत्वपूर्ण अपील की है। डॉ. मीणा ने आगाह किया कि कुछ लोग वातावरण को तनावपूर्ण बनाने का प्रयास कर रहे हैं, जबकि हिंसा किसी भी समस्या का समाधान नहीं है। उन्होंने सभी किसान भाइयों से किसी भी प्रकार की हिंसा, उग्र प्रदर्शन अथवा कानून-व्यवस्था प्रभावित करने वाली गतिविधियों से दूर रहने का आग्रह किया। साथ ही, उन्होंने सोशल मीडिया पर प्रसारित हो रही भ्रामक एवं भड़काऊ टिप्पणियों पर ध्यान न देने तथा अफवाहों और अनर्गल टिप्पणियों से बचने की सलाह दी, केवल प्रशासन द्वारा जारी अधिकृत सूचनाओं पर ही विश्वास करने को कहा। उन्होंने स्पष्ट किया कि वे कमांड क्षेत्र और कैचमेंट क्षेत्र—दोनों क्षेत्रों के किसानों के साथ समान रूप से खड़े हैं, और सभी किसानों के हितों की रक्षा के लिए राज्य सरकार पूरी संवेदनशीलता के साथ कार्य कर रही है। डॉ. मीणा ने विशेष रूप से आंदोलनरत किसान भाइयों से आग्रह किया कि वे अपनी बात शांतिपूर्ण एवं लोकतांत्रिक तरीके से रखें। उन्होंने साफ कहा कि किसी भी प्रकार की हिंसा, हथियारों का प्रदर्शन अथवा कानून हाथ में लेने जैसी घटनाएं स्वीकार्य नहीं होंगी। अंततः, उन्होंने सभी से प्रशासन का सहयोग करने तथा शांति एवं सामाजिक सौहार्द बनाए रखने की अपील दोहराई, जैसा कि जिला प्रशासन, सवाई माधोपुर द्वारा जानकारी दी गई है।1
- सवाई माधोपुर जिले के चौथ का बरवाड़ा स्थित टापुर ग्राम पंचायत के एचेर गांव में बदहाल सड़कों और नालियों की कमी के कारण ग्रामीणों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। गांव की कई गलियों और मुख्य मार्गों पर पानी की निकासी की उचित व्यवस्था न होने से बरसात का पानी सड़कों पर ही जमा रहता है। इसके चलते हर जगह कीचड़ फैल गया है, जिससे लोगों का आवागमन बेहद मुश्किल हो गया है। ग्रामीणों ने बताया कि इस समस्या से स्कूल जाने वाले विद्यार्थियों, महिलाओं, बुजुर्गों और दोपहिया वाहन चालकों को सबसे ज्यादा परेशानी हो रही है। सड़कों पर फिसलने की घटनाएं भी लगातार सामने आती रहती हैं। जलभराव के कारण मच्छरों का प्रकोप बढ़ गया है, जिससे मौसमी बीमारियों का खतरा भी मंडरा रहा है। ग्रामवासियों का कहना है कि उन्होंने इस समस्या के बारे में कई बार पंचायत और संबंधित अधिकारियों को सूचित किया है, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई। ग्रामीणों ने प्रशासन से तत्काल गांव में नालियों का निर्माण कराने, क्षतिग्रस्त सड़कों की मरम्मत करने और जल निकासी की स्थायी व्यवस्था सुनिश्चित करने की मांग की है, ताकि आमजन और विद्यार्थियों को राहत मिल सके।1